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महागामा में मिनी गन फैक्ट्री का भंडाफोड़! मुख्य आरोपी समेत 3 गिरफ्तार, जेल भेजे गए

1 day ago
user_BHOLA KUMAR
BHOLA KUMAR
Local News Reporter Kahalgaon, Jamālpur•
1 day ago

महागामा में मिनी गन फैक्ट्री का भंडाफोड़! मुख्य आरोपी समेत 3 गिरफ्तार, जेल भेजे गए

More news from बिहार and nearby areas
  • *जूतों के सोल में बिका छात्रों का भविष्य, भाजपा सरकार कटघरे में* *जूतों के सोल में महाराष्ट्र के युवाओं के भविष्य का सौदा! आगरा से लेकर ठाणे तक फैले इस भ्रष्टाचार के जाल ने साबित कर दिया है कि भाजपा राज में न परीक्षा सुरक्षित है और न युवाओं का भविष्य। महज़ 8 हजार रुपए और एक प्लॉट के लालच में मेहनतकश छात्रों के सपनों को कुचल दिया गया और परीक्षा की तारीख आते ही तारीख पर तारीख देकर युवाओं को सिर्फ छलने का काम किया गया। आखिर युवाओं के भविष्य से इस खिलवाड़ की नैतिक जिम्मेदारी कौन लेगा? जवाब दीजिए!*
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    *जूतों के सोल में बिका छात्रों का भविष्य, भाजपा सरकार कटघरे में*

*जूतों के सोल में महाराष्ट्र के युवाओं के भविष्य का सौदा! आगरा से लेकर ठाणे तक फैले इस भ्रष्टाचार के जाल ने साबित कर दिया है कि भाजपा राज में न परीक्षा सुरक्षित है और न युवाओं का भविष्य। महज़ 8 हजार रुपए और एक प्लॉट के लालच में मेहनतकश छात्रों के सपनों को कुचल दिया गया और परीक्षा की तारीख आते ही तारीख पर तारीख देकर युवाओं को सिर्फ छलने का काम किया गया। आखिर युवाओं के भविष्य से इस खिलवाड़ की नैतिक जिम्मेदारी कौन लेगा? जवाब दीजिए!*
    user_Abhishek ranjan
    Abhishek ranjan
    Court reporter कहलगाँव, भागलपुर, बिहार•
    26 min ago
  • सुशांत- दिशा के गवाहों पर हमला! सलमान खान को लेकर क्यों मचा बवाल?
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    सुशांत- दिशा के गवाहों पर हमला! सलमान खान को लेकर क्यों मचा बवाल?
    user_BHOLA KUMAR
    BHOLA KUMAR
    Local News Reporter Kahalgaon, Jamālpur•
    4 hrs ago
  • #Bhagalpur पूर्व विधायक इंजीनियर ललन कुमार ने क्या पीरपैंतीे जनता के लिए कहा खासकर बाढ़ प्रभावित लोग के बारे में क्या कहा कुछ खास बातचीत.. #viral #tranding #FacebookPage Sanjeev Kumar Carvan News #pirpainti #barahat #meharma
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    #Bhagalpur पूर्व विधायक इंजीनियर ललन कुमार ने क्या पीरपैंतीे जनता के लिए कहा खासकर बाढ़ प्रभावित लोग के बारे में क्या कहा कुछ खास बातचीत.. #viral #tranding #FacebookPage Sanjeev Kumar Carvan News #pirpainti #barahat #meharma
    user_रिपोर्टर- संजीव कुमार [ग्लोबल
    रिपोर्टर- संजीव कुमार [ग्लोबल
    Local News Reporter मेहरमा, गोड्डा, झारखंड•
    10 hrs ago
  • पूर्णिया जिला के पूर्णिया को रेलवे स्टेशन पर कैंटीन में खाना देने के नाम 250सौ से ₹200 लेकर तब सीट पर बैठने दिया जाता है पैसा नहीं देने पर मारपीट करने से उतार दिया जाता है जनरली बकाया हाल अमृतसर जनसेवा एक्सप्रेस अमृतसर जंक्शन एक्सप्रेस युवा समाज कल्याण रुपौली पूर्णिया
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    पूर्णिया जिला के पूर्णिया को रेलवे स्टेशन पर कैंटीन में खाना देने के नाम 250सौ से ₹200 लेकर तब सीट पर बैठने दिया जाता है पैसा नहीं देने पर मारपीट करने से उतार दिया जाता है जनरली बकाया हाल अमृतसर जनसेवा एक्सप्रेस
अमृतसर जंक्शन एक्सप्रेस 
युवा समाज कल्याण रुपौली पूर्णिया
    user_युवा समाज कल्याण रुपौली पूर्णि
    युवा समाज कल्याण रुपौली पूर्णि
    Youth Social Services Organisation रुपौली, पूर्णिया, बिहार•
    11 hrs ago
  • भागलपुर नाथनगर कांवरिया संघ की बहुप्रतीक्षित कांवर यात्रा का भव्य शुभारंभ हुआ यात्रा में लगभग 35 बड़े-बड़े कांवर शामिल रहे संघ के सभी पदाधिकारियों, सदस्यों एवं गणमान्य लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया *नाथनगर कांवरिया संघ की भव्य कांवर यात्रा निकली* लोकेशन सुल्तानगंज भागलपूर बिहार रिपोर्टर साहिल राज आगाज टाइम भागलपुर नाथनगर कांवरिया संघ की बहुप्रतीक्षित कांवर यात्रा का भव्य शुभारंभ हुआ यात्रा में लगभग 35 बड़े-बड़े कांवर शामिल रहे संघ के सभी पदाधिकारियों, सदस्यों एवं गणमान्य लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया कांवर यात्रा में संघ के अध्यक्ष श्री वकील साह, राजेश यादव, आशीष कुमार, अनमोल यादव, गोपाल यादव, रंजन यादव, नागौ यादव, दिलीप यादव एवं मोनू खटीक सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कांवरिया उपस्थित रहे यात्रा के दौरान पासी टोला दुर्गा स्थान में संघ के पदाधिकारियों एवं सभी कांवरियों का भव्य स्वागत एवं अभिनंदन किया गया मां दुर्गा को भोग अर्पित करने के बाद सभी श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया इसके बाद कांवरियों का जत्था के बी लाल रोड होते हुए बाबा मनसकामना नाथ मंदिर, घोसी टोला एवं बम भोकरानाथ के रास्ते सुल्तानगंज के लिए रवाना हुआ पूरे मार्ग में श्रद्धा और उत्साह का माहौल बना रहा सभी कांवरिया भाई बाबा अजगैबीनाथ धाम, सुल्तानगंज में पूजा-अर्चना कर एवं गंगाजल भरने के बाद कांवर यात्रा देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम के लिए प्रस्थान किया
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    भागलपुर नाथनगर कांवरिया संघ की बहुप्रतीक्षित कांवर यात्रा का भव्य शुभारंभ हुआ यात्रा में लगभग 35 बड़े-बड़े कांवर शामिल रहे संघ के सभी पदाधिकारियों, सदस्यों एवं गणमान्य लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया
*नाथनगर कांवरिया संघ की भव्य कांवर यात्रा निकली*
लोकेशन सुल्तानगंज भागलपूर बिहार 
रिपोर्टर साहिल राज आगाज टाइम 
भागलपुर नाथनगर कांवरिया संघ की बहुप्रतीक्षित कांवर यात्रा का भव्य शुभारंभ हुआ यात्रा में लगभग 35 बड़े-बड़े कांवर शामिल रहे संघ के सभी पदाधिकारियों, सदस्यों एवं गणमान्य लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया
कांवर यात्रा में संघ के अध्यक्ष श्री वकील साह, राजेश यादव, आशीष कुमार, अनमोल यादव, गोपाल यादव, रंजन यादव, नागौ यादव, दिलीप यादव एवं मोनू खटीक सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कांवरिया उपस्थित रहे यात्रा के दौरान पासी टोला दुर्गा स्थान में संघ के पदाधिकारियों एवं सभी कांवरियों का भव्य स्वागत एवं अभिनंदन किया गया मां दुर्गा को भोग अर्पित करने के बाद सभी श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया इसके बाद कांवरियों का जत्था के बी लाल रोड होते हुए बाबा मनसकामना नाथ मंदिर, घोसी टोला एवं बम भोकरानाथ के रास्ते सुल्तानगंज के लिए रवाना हुआ पूरे मार्ग में श्रद्धा और उत्साह का माहौल बना रहा सभी कांवरिया भाई बाबा अजगैबीनाथ धाम, सुल्तानगंज में पूजा-अर्चना कर एवं गंगाजल भरने  के बाद कांवर यात्रा  देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम के लिए प्रस्थान किया
    user_SAHIL RAJ PRESS AAGAZ TIME REP
    SAHIL RAJ PRESS AAGAZ TIME REP
    Teacher सुल्तानगंज, भागलपुर, बिहार•
    15 min ago
  • कटिहार निबंधन कार्यालय में जमीन की रजिस्ट्री का काम अब धीरे-धीरे रफ्तार पकड़ता नजर आ रहा है। रजिस्ट्री प्रक्रिया को पेपरलेस और डिजिटल बनाने की दिशा में किए गए बदलाव का असर अब साफ दिखाई देने लगा है। कटिहार निबंधन कार्यालय में जमीन की रजिस्ट्री का काम अब धीरे-धीरे रफ्तार पकड़ता नजर आ रहा है। रजिस्ट्री प्रक्रिया को पेपरलेस और डिजिटल बनाने की दिशा में किए गए बदलाव का असर अब साफ दिखाई देने लगा है। जमीन की रजिस्ट्री कराने पहुंचने वाले लोगों को पहले की तुलना में कागजी प्रक्रिया से कम जूझना पड़ रहा है। ऑनलाइन व्यवस्था के जरिए दस्तावेजों की तैयारी और सत्यापन को आसान बनाने की कोशिश की जा रही है। इससे समय की बचत के साथ रिकॉर्ड को सुरक्षित रखने में भी मदद मिल रही है। निबंधन कार्यालय में लोगों को डिजिटल प्रक्रिया की जानकारी भी दी जा रही है, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग नई व्यवस्था को समझकर इसका इस्तेमाल कर सकें। जिला अवर निबंधक हरिशंकर सुमन ने बताया कि तकनीक के इस्तेमाल से रजिस्ट्री प्रक्रिया को ज्यादा पारदर्शी और सुविधाजनक बनाने का प्रयास किया जा रहा है। लोगों को जागरूक किया जा रहा है, ताकि रजिस्ट्री के दौरान अनावश्यक परेशानी कम हो। कुल मिलाकर, कटिहार निबंधन कार्यालय अब पारंपरिक कागजी व्यवस्था से आगे बढ़ते हुए डिजिटल और पेपरलेस सिस्टम की ओर तेजी से कदम बढ़ाता नजर आ रहा है।
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    कटिहार निबंधन कार्यालय में जमीन की रजिस्ट्री का काम अब धीरे-धीरे रफ्तार पकड़ता नजर आ रहा है। रजिस्ट्री प्रक्रिया को पेपरलेस और डिजिटल बनाने की दिशा में किए गए बदलाव का असर अब साफ दिखाई देने लगा है।
कटिहार निबंधन कार्यालय में जमीन की रजिस्ट्री का काम अब धीरे-धीरे रफ्तार पकड़ता नजर आ रहा है। रजिस्ट्री प्रक्रिया को पेपरलेस और डिजिटल बनाने की दिशा में किए गए बदलाव का असर अब साफ दिखाई देने लगा है।
जमीन की रजिस्ट्री कराने पहुंचने वाले लोगों को पहले की तुलना में कागजी प्रक्रिया से कम जूझना पड़ रहा है। ऑनलाइन व्यवस्था के जरिए दस्तावेजों की तैयारी और सत्यापन को आसान बनाने की कोशिश की जा रही है। इससे समय की बचत के साथ रिकॉर्ड को सुरक्षित रखने में भी मदद मिल रही है।
निबंधन कार्यालय में लोगों को डिजिटल प्रक्रिया की जानकारी भी दी जा रही है, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग नई व्यवस्था को समझकर इसका इस्तेमाल कर सकें।
जिला अवर निबंधक हरिशंकर सुमन ने बताया कि तकनीक के इस्तेमाल से रजिस्ट्री प्रक्रिया को ज्यादा पारदर्शी और सुविधाजनक बनाने का प्रयास किया जा रहा है। लोगों को जागरूक किया जा रहा है, ताकि रजिस्ट्री के दौरान अनावश्यक परेशानी कम हो।
कुल मिलाकर, कटिहार निबंधन कार्यालय अब पारंपरिक कागजी व्यवस्था से आगे बढ़ते हुए डिजिटल और पेपरलेस सिस्टम की ओर तेजी से कदम बढ़ाता नजर आ रहा है।
    user_Asadur Rahman
    Asadur Rahman
    कटिहार, कटिहार, बिहार•
    9 hrs ago
  • पूर्णिया जिले के चौपाई गांव में युवक युवतियों का अंतरजाती विवाह होने के कारण गांव में चर्चा का विषय बना हुआ है
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    पूर्णिया जिले के चौपाई गांव में युवक युवतियों का अंतरजाती विवाह होने के कारण गांव में चर्चा का विषय बना हुआ है
    user_इंडिया पब्लिक न्यूज आज की आवाज
    इंडिया पब्लिक न्यूज आज की आवाज
    Advertising Photographer Kadwa, Katihar•
    16 hrs ago
  • 📍अपन को LoP देवता जैसा चाहिए, मुखिया तो विदूषक भी चलेगा..! अपन ने सुना है कि इंदौर में राहुल के मंच पर एक कॉमेडियन की चंद सेकंड की मौजूदगी से धरती हिल रही है। नैतिकता के ध्वजवाहकों ने कलप कलप कर महा जलप्लावन कर दिया है। तो अपन भी राहुल को लानत भेजते हैं। जी बिल्कुल ऐसी मिमिक्री और वो भी देश के मुखिया की नहीं होना चाहिए। उस कॉमेडियन ने किसी की मां का नाम लेकर भी कुछ हास परिहास किया। ये भी नहीं होना चाहिए। वैसे कॉमेडियन ने मुखिया जी की मां की बारे में कुछ नहीं कहा। ('मां के लिए कुर्सी लाओ' माननीय की आमसभा के उस स्क्रिप्टेड ड्रामा पर तंज था जिसमें माननीय एक ऐसी महिला के लिए कुर्सी लाने को कह रहे थे जिसके गले में VIP पास का पट्टा तक लटका था।) फिर भी कितना शुभ संकेत है कि हमारा समाज नैतिकता के ऐसे उच्चतम स्तर पर पहुंच गया है जहां उसे विपक्ष के नेता के मंच से बित्ते भर की घटियाई मंज़ूर नहीं। अपन भी चाहते हैं कि विपक्ष का नेता चौबीस कैरेट सोने जैसा हो, कोहिनूर जैसा हो, देवता समान हो, भले ही देश का मुखिया कीचड़युक्त कोयला हो। अपन भी चाहते हैं कि विपक्ष के नेता के मंच से सुई की नोंक के बराबर घटियापन न हो भले ही ख़ुद देश का मुखिया छिछोरियाई की मिसाल कायम करता रहे। इस नैतिकता के तकाजे पर आप सबको एक हज़ार सलाम। (देश के मुखिया की कथनी करनी पर आगे सुबूतों के साथ सब बताएंगे।) अब कुछ सवाल.. १) क्या इंदौर में राहुल गांधी ने अपने मुंह से एक भी शब्द ऐसा बोला जो अनुचित हो? २) क्या राहुल गांधी ने अपने पूरे सार्वजनिक, राजनैतिक जीवन में कभी कोई एक भी शब्द स्त्री विरोधी कहा है? अगर कहा हो तो प्लीज बताएगा। ३) क्या राहुल से पहले किसी नेता ने किसी प्रधानमंत्री की खिल्ली नहीं उड़ाई? क्या ख़ुद माननीय ने कभी किसी पूर्व प्रधानमंत्री के लिए आपत्तिजनक शब्द नहीं कहे? ▪️ आइए अब माननीय जी के स्वयं के करतब और बोल वचन याद कर लीजिए। अगर आप 'गजनी' के संजय सिंघानिया नहीं बन गए हैं तो आपको याद होगा कि... १) एक बार भरे मंच से माननीय ने एक हाथ की उंगलियां मोड़ कर छेद जैसा बनाया और उस पर दूसरे हाथ की हथेली ठोकते रहे। ये कैसा किस बात का 'शालीन' इशारा था क्या आप बता सकते हैं? इसका वीडियो आप ख़ुद ढूंढ लीजिए। २) माननीय ने संसद में विपक्ष के नेता की खिल्ली उड़ाने को दोनों हाथों की उंगलियां नचा नचा कर जो प्रहसन किया था वो क्या था? (वीडियो संलग्न है ) २) माननीय ने अपने श्रीमुख से सोनिया गांधी को जर्सी गाय कहा, पार्टी की विधवा कहा था। ३) माननीय ने अपनी पवित्र जिह्वा से किसी दिवंगत महिला को पचास करोड़ की गर्लफ्रेंड कहा था। ४) माननीय ने संसद में एक महिला सांसद को शूर्पणखा कहा था। क्या ये किसी महिला का सम्मान बढ़ाने वाला शब्द था? ५) माननीय ने संसद के भीतर विपक्ष के नेता को बाल बुद्धि कहा, बाहर खड़े होकर कहा कि मैं किसी 56 साल के युवा की बात नहीं कर रहा। क्या आज़ाद भारत के इतिहास में किसी प्रधानमंत्री ने विपक्ष के नेता पर ऐसे स्तरहीन व्यंग्य बाण चलाए हैं? ६) माननीय ने डिसलेक्सिया से पीड़ित बच्चों का मज़ाक बनाते हुए नेता प्रतिपक्ष पर निशाना साधा था और उस समय उनकी मां तक पर कटाक्ष किया था। ये किस स्तर की राजनीति थी? ७) माननीय ने डॉ मननोहन सिंह को मौन मोहन कहा, देहाती औरत कहा था। क्या ये किसी पूर्व प्रधानमंत्री का अपमान नहीं था? ८) संसद में खड़े होकर माननीय ने मनमोहन सिंह के लिए कहा था कि वे बाथरूम में रेन कोट पहन कर नहाने हैं। ये किस नैतिकता के उच्चतम स्तर की भाषा थी? ९) एक महिला मुख्यमंत्री को भरी सभा में सड़कछाप शोहदों की तरह दीदी ओ दीदी कह कर बुलाना किस भाषाई संस्कार की नुमाइश थी? आज़ाद भारत के इतिहास में पहली बार किसी प्रधानमंत्री को एक अख़बार की हैडलाइन में 'कमेंटमारा ब्यॉय' लिखा गया। मतलब सड़क पर लड़कियों पर कमेंट करने वाले लफंगा। (देखें द टेलीग्राफ) १०) अंतर्राष्ट्रीय दौरों पर माननीय के क्रियाकलाप की सूची बनाने का काम आप खुद कर लीजिए। विदूषकों जैसे करतबों की इतनी लंबी फेहरिस्त है कि आप गिनते गिनते थक जायेंगे। लेकिन इन अनगिनत स्तरहीन हरकतों और बोल वचन को हमारा नैतिकतावादी समाज अमृत समझ कर पी जाता है। कल से अब तक जितने लोग राहुल के मंच पर मिमिक्री से मचल रहे हैं उनमें से किसी ने भी माननीय के विदूषकों जैसे व्यवहार पर कभी एक शब्द नहीं लिखा। काहे...?
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    📍अपन को LoP देवता जैसा चाहिए, मुखिया तो विदूषक भी चलेगा..!

अपन ने सुना है कि इंदौर में राहुल के मंच पर एक कॉमेडियन की चंद सेकंड की मौजूदगी से धरती हिल रही है।

नैतिकता के ध्वजवाहकों ने कलप कलप कर महा जलप्लावन कर दिया है।

तो अपन भी राहुल को लानत भेजते हैं। 

जी बिल्कुल ऐसी मिमिक्री और वो भी देश के मुखिया की नहीं होना चाहिए। 

उस कॉमेडियन ने किसी की मां का नाम लेकर भी कुछ हास परिहास किया। ये भी नहीं होना चाहिए।

वैसे कॉमेडियन ने मुखिया जी की मां की बारे में कुछ नहीं कहा।

('मां के लिए कुर्सी लाओ' माननीय की आमसभा के उस स्क्रिप्टेड ड्रामा पर तंज था जिसमें माननीय एक ऐसी महिला के लिए कुर्सी लाने को कह रहे थे जिसके गले में VIP पास का पट्टा तक लटका था।)

फिर भी कितना शुभ संकेत है कि हमारा समाज नैतिकता के ऐसे उच्चतम स्तर पर पहुंच गया है जहां उसे विपक्ष के नेता के मंच से बित्ते भर की घटियाई मंज़ूर नहीं।

अपन भी चाहते हैं कि विपक्ष का नेता चौबीस कैरेट सोने जैसा हो, कोहिनूर जैसा हो, देवता समान हो, भले ही देश का मुखिया कीचड़युक्त कोयला हो।

अपन भी चाहते हैं कि विपक्ष के नेता के मंच से सुई की नोंक के बराबर घटियापन न हो भले ही ख़ुद देश का मुखिया छिछोरियाई की मिसाल कायम करता रहे।

इस नैतिकता के तकाजे पर आप सबको एक हज़ार सलाम।

(देश के मुखिया की कथनी करनी पर आगे सुबूतों के साथ सब बताएंगे।)

 
अब कुछ सवाल..
१) क्या इंदौर में राहुल गांधी ने अपने मुंह से एक भी शब्द ऐसा बोला जो अनुचित हो?

२) क्या राहुल गांधी ने अपने पूरे सार्वजनिक, राजनैतिक जीवन में कभी कोई एक भी शब्द स्त्री विरोधी कहा है?

अगर कहा हो तो प्लीज बताएगा।

३) क्या राहुल से पहले किसी नेता ने किसी प्रधानमंत्री की खिल्ली नहीं उड़ाई?
क्या ख़ुद माननीय ने कभी किसी पूर्व प्रधानमंत्री के लिए आपत्तिजनक शब्द नहीं कहे?

▪️
आइए अब माननीय जी के स्वयं के करतब और बोल वचन याद कर लीजिए।

अगर आप 'गजनी' के संजय सिंघानिया नहीं बन गए हैं तो आपको याद होगा कि...

१) एक बार भरे मंच से माननीय ने एक हाथ की उंगलियां मोड़ कर छेद जैसा बनाया और उस पर दूसरे हाथ की हथेली ठोकते रहे।
ये कैसा किस बात का 'शालीन' इशारा था क्या आप बता सकते हैं?
इसका वीडियो आप ख़ुद ढूंढ लीजिए।

२) माननीय ने संसद में विपक्ष के नेता की खिल्ली उड़ाने को दोनों हाथों की उंगलियां नचा नचा कर जो प्रहसन किया था वो क्या था?
(वीडियो संलग्न है )

२) माननीय ने अपने श्रीमुख से सोनिया गांधी को जर्सी गाय कहा, पार्टी की विधवा कहा था।

३) माननीय ने अपनी पवित्र जिह्वा से किसी दिवंगत महिला को पचास करोड़ की गर्लफ्रेंड कहा था।

४) माननीय ने संसद में एक महिला सांसद को शूर्पणखा कहा था। क्या ये किसी महिला का सम्मान बढ़ाने वाला शब्द था?

५) माननीय ने संसद के भीतर विपक्ष के नेता को बाल बुद्धि कहा, बाहर खड़े होकर कहा कि मैं किसी 56 साल के युवा की बात नहीं कर रहा।

क्या आज़ाद भारत के इतिहास में किसी प्रधानमंत्री ने विपक्ष के नेता पर ऐसे स्तरहीन व्यंग्य बाण चलाए हैं?

६) माननीय ने डिसलेक्सिया से पीड़ित बच्चों का मज़ाक बनाते हुए नेता प्रतिपक्ष पर निशाना साधा था और उस समय उनकी मां तक पर कटाक्ष किया था।
ये किस स्तर की राजनीति थी?

७) माननीय ने डॉ मननोहन सिंह को मौन मोहन कहा, देहाती औरत कहा था।
क्या ये किसी पूर्व प्रधानमंत्री का अपमान नहीं था?

८) संसद में खड़े होकर माननीय ने मनमोहन सिंह के लिए कहा था कि वे बाथरूम में रेन कोट पहन कर नहाने हैं।
ये किस नैतिकता के उच्चतम स्तर की भाषा थी?

९) एक महिला मुख्यमंत्री को भरी सभा में सड़कछाप शोहदों की तरह दीदी ओ दीदी कह कर बुलाना किस भाषाई संस्कार की नुमाइश थी?

आज़ाद भारत के इतिहास में पहली बार किसी प्रधानमंत्री को एक अख़बार की हैडलाइन में 'कमेंटमारा ब्यॉय' लिखा गया। मतलब सड़क पर लड़कियों पर कमेंट करने वाले लफंगा।
(देखें द टेलीग्राफ)

१०) अंतर्राष्ट्रीय दौरों पर माननीय के क्रियाकलाप की सूची बनाने का काम आप खुद कर लीजिए।
विदूषकों जैसे करतबों की इतनी लंबी फेहरिस्त है कि आप गिनते गिनते थक जायेंगे।

लेकिन इन अनगिनत स्तरहीन हरकतों और बोल वचन को हमारा नैतिकतावादी समाज अमृत समझ कर पी जाता है।
 
कल से अब तक जितने लोग राहुल के मंच पर मिमिक्री से मचल रहे हैं उनमें से किसी ने भी माननीय के विदूषकों जैसे व्यवहार पर कभी एक शब्द नहीं लिखा।

काहे...?
    user_Abhishek ranjan
    Abhishek ranjan
    Court reporter कहलगाँव, भागलपुर, बिहार•
    33 min ago
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