logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

हमीरपुर के सुमेरपुर क्षेत्र स्थित इंगोहटा में रेलवे लाइन के गेट संख्या 25 पर बन रहा अंडर ब्रिज स्थानीय किसानों और राहगीरों के लिए एक बड़ी मुसीबत बन चुका है। पिछले एक महीने से इस अंडर ब्रिज का निर्माण कार्य पूरी तरह बंद है, क्योंकि कार्यदायी संस्था का ठेकेदार मजदूरों समेत मौके से नदारद है। ठेकेदार की इस घोर लापरवाही को लेकर क्षेत्रीय ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त है। चार महीने पहले फरवरी में शुरू हुए इस प्रोजेक्ट का अब तक केवल आधा काम ही पूरा हो पाया है। ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार एक साथ कई परियोजनाओं पर काम कर रहा है और योजनाबद्ध तरीके से काम करने के बजाय दबाव बनने पर ही मजदूरों को भेजता है, जिससे अन्य स्थानों का काम अधूरा छूट जाता है। ग्रामीणों को आशंका है कि यदि मानसून आने से पहले अंडर ब्रिज का निर्माण पूरा नहीं हुआ, तो खुदाई वाले स्थान पर पानी भर जाएगा और अगले चार महीनों तक काम पूरी तरह ठप रहेगा। इंगोहटा में मुख्य पक्का रास्ता बंद होने के बाद अब केवल एक कच्चा रास्ता ही बचा है, जो हल्की बारिश में ही दलदल बन जाता है, जिससे ट्रैक्टर और अन्य गाड़ियां फंस जाती हैं। यह रास्ता बंद होने पर अरतरा और परछछ समेत आधा दर्जन गांवों के लोगों को अपने घर पहुंचने के लिए 15 किलोमीटर का लंबा चक्कर काटना पड़ेगा। गांव की लगभग एक हजार बीघे कृषि भूमि रेलवे पटरी के दूसरी तरफ है, और रास्ता बाधित होने के कारण खरीफ फसल की जुताई-बुवाई के लिए खेतों तक आने-जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। अशोक मिश्र, राम अवतार साहू, राजू अनुरागी, राघवेंद्र सिंह, रमेश सिंह, सज्जन तिवारी समेत दर्जनों ग्रामीणों ने अपनी निराशा व्यक्त करते हुए कहा कि ठेकेदार के रवैये ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया है। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही काम दोबारा शुरू नहीं हुआ तो वे आंदोलन के लिए मजबूर होंगे। वहीं, रेलवे के सहायक मण्डल अधिकारी बांदा ने आश्वासन दिया है कि अगले दो-चार दिनों के भीतर हर हाल में काम शुरू करा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि उनकी पूरी कोशिश है कि बरसात शुरू होने से पहले अंडर ब्रिज का निर्माण कार्य पूरा कर लिया जाए ताकि ग्रामीणों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।

3 hrs ago
user_संतोष कुमार चक्रवर्ती
संतोष कुमार चक्रवर्ती
Journalist हमीरपुर, हमीरपुर, उत्तर प्रदेश•
3 hrs ago
db2e3bce-a501-45e7-b265-b33ea90f28b2

हमीरपुर के सुमेरपुर क्षेत्र स्थित इंगोहटा में रेलवे लाइन के गेट संख्या 25 पर बन रहा अंडर ब्रिज स्थानीय किसानों और राहगीरों के लिए एक बड़ी मुसीबत बन चुका है। पिछले एक महीने से इस अंडर ब्रिज का निर्माण कार्य पूरी तरह बंद है, क्योंकि कार्यदायी संस्था का ठेकेदार मजदूरों समेत मौके से नदारद है। ठेकेदार की इस घोर लापरवाही को लेकर क्षेत्रीय ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त है। चार महीने पहले फरवरी में शुरू हुए इस प्रोजेक्ट का अब तक केवल आधा काम ही पूरा हो पाया है। ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार

e34c9f4c-9e96-416a-a4c8-60c9606a6d7b

एक साथ कई परियोजनाओं पर काम कर रहा है और योजनाबद्ध तरीके से काम करने के बजाय दबाव बनने पर ही मजदूरों को भेजता है, जिससे अन्य स्थानों का काम अधूरा छूट जाता है। ग्रामीणों को आशंका है कि यदि मानसून आने से पहले अंडर ब्रिज का निर्माण पूरा नहीं हुआ, तो खुदाई वाले स्थान पर पानी भर जाएगा और अगले चार महीनों तक काम पूरी तरह ठप रहेगा। इंगोहटा में मुख्य पक्का रास्ता बंद होने के बाद अब केवल एक कच्चा रास्ता ही बचा है, जो हल्की बारिश में ही दलदल बन जाता

4f532be5-6f40-46d3-9e67-a4aa7865c13e

है, जिससे ट्रैक्टर और अन्य गाड़ियां फंस जाती हैं। यह रास्ता बंद होने पर अरतरा और परछछ समेत आधा दर्जन गांवों के लोगों को अपने घर पहुंचने के लिए 15 किलोमीटर का लंबा चक्कर काटना पड़ेगा। गांव की लगभग एक हजार बीघे कृषि भूमि रेलवे पटरी के दूसरी तरफ है, और रास्ता बाधित होने के कारण खरीफ फसल की जुताई-बुवाई के लिए खेतों तक आने-जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। अशोक मिश्र, राम अवतार साहू, राजू अनुरागी, राघवेंद्र सिंह, रमेश सिंह, सज्जन तिवारी समेत दर्जनों ग्रामीणों ने अपनी निराशा व्यक्त

837b96fc-578f-4630-90f3-0179538c6e00

करते हुए कहा कि ठेकेदार के रवैये ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया है। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही काम दोबारा शुरू नहीं हुआ तो वे आंदोलन के लिए मजबूर होंगे। वहीं, रेलवे के सहायक मण्डल अधिकारी बांदा ने आश्वासन दिया है कि अगले दो-चार दिनों के भीतर हर हाल में काम शुरू करा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि उनकी पूरी कोशिश है कि बरसात शुरू होने से पहले अंडर ब्रिज का निर्माण कार्य पूरा कर लिया जाए ताकि ग्रामीणों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।

More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
  • हमीरपुर में समाजवादी पार्टी (सपा) के कार्यकर्ताओं ने बेतवा नदी पर बन रहे पुल हादसे में जान गंवाने वाले मजदूरों के परिवारों को आर्थिक सहायता और अन्य सुविधाएँ देने की मांग को लेकर कलेक्ट्रेट पर विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने राज्यपाल को संबोधित एक ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा, जिसमें मृतकों के परिवारों के लिए न्याय सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया है। ज्ञापन में प्रमुख मांगों में से एक यह है कि हादसे में मृत प्रत्येक मजदूर के परिजनों को ₹50-50 लाख का मुआवजा दिया जाए। इसके अतिरिक्त, परिवारों के एक सदस्य को सरकारी नौकरी, आवास की सुविधा और मृतकों के बच्चों को निःशुल्क शिक्षा प्रदान करने की भी मांग की गई है। सपा के जिलाध्यक्ष इदरीस खान ने इस घटना पर गंभीर सवाल उठाते हुए पुल की गुणवत्ता पर प्रश्नचिह्न लगाया है, क्योंकि निर्माणाधीन पुल का एक हिस्सा गिर गया। उन्होंने आरोप लगाया कि पुल के गिरे हुए हिस्से में सरिया की मात्रा मानकों के अनुरूप नहीं थी, और चेताया कि यदि यह पुल पूरी तरह बनकर यातायात के लिए खुल जाता, तो भविष्य में एक बड़ा हादसा हो सकता था। खान ने पुल निर्माण में हुई अनियमितताओं और भ्रष्टाचार की निष्पक्ष जांच कराने के साथ-साथ दोषी अधिकारियों और संबंधित कार्यदायी संस्था के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने प्रभावित परिवारों को तत्काल समुचित मुआवजा और अन्य सुविधाएँ उपलब्ध कराने पर भी विशेष जोर दिया। इस मौके पर पूर्व ब्लाक प्रमुख शुभकरन सिंह परिहार, रामप्रकाश प्रजापति, ओमप्रकाश सोनकर, मानसिंह यादव, रिजवान खान, मैयादीन श्रीवास, सुनील यादव, अभय प्रताप सिंह, जगमोहन यादव, मुसाहिद बेग, हरनरायन निषाद सहित अनेक सपा कार्यकर्ता मौजूद रहे।
    2
    हमीरपुर में समाजवादी पार्टी (सपा) के कार्यकर्ताओं ने बेतवा नदी पर बन रहे पुल हादसे में जान गंवाने वाले मजदूरों के परिवारों को आर्थिक सहायता और अन्य सुविधाएँ देने की मांग को लेकर कलेक्ट्रेट पर विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने राज्यपाल को संबोधित एक ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा, जिसमें मृतकों के परिवारों के लिए न्याय सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया है।

ज्ञापन में प्रमुख मांगों में से एक यह है कि हादसे में मृत प्रत्येक मजदूर के परिजनों को ₹50-50 लाख का मुआवजा दिया जाए। इसके अतिरिक्त, परिवारों के एक सदस्य को सरकारी नौकरी, आवास की सुविधा और मृतकों के बच्चों को निःशुल्क शिक्षा प्रदान करने की भी मांग की गई है।

सपा के जिलाध्यक्ष इदरीस खान ने इस घटना पर गंभीर सवाल उठाते हुए पुल की गुणवत्ता पर प्रश्नचिह्न लगाया है, क्योंकि निर्माणाधीन पुल का एक हिस्सा गिर गया। उन्होंने आरोप लगाया कि पुल के गिरे हुए हिस्से में सरिया की मात्रा मानकों के अनुरूप नहीं थी, और चेताया कि यदि यह पुल पूरी तरह बनकर यातायात के लिए खुल जाता, तो भविष्य में एक बड़ा हादसा हो सकता था। खान ने पुल निर्माण में हुई अनियमितताओं और भ्रष्टाचार की निष्पक्ष जांच कराने के साथ-साथ दोषी अधिकारियों और संबंधित कार्यदायी संस्था के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने प्रभावित परिवारों को तत्काल समुचित मुआवजा और अन्य सुविधाएँ उपलब्ध कराने पर भी विशेष जोर दिया। इस मौके पर पूर्व ब्लाक प्रमुख शुभकरन सिंह परिहार, रामप्रकाश प्रजापति, ओमप्रकाश सोनकर, मानसिंह यादव, रिजवान खान, मैयादीन श्रीवास, सुनील यादव, अभय प्रताप सिंह, जगमोहन यादव, मुसाहिद बेग, हरनरायन निषाद सहित अनेक सपा कार्यकर्ता मौजूद रहे।
    user_संतोष कुमार चक्रवर्ती
    संतोष कुमार चक्रवर्ती
    Journalist हमीरपुर, हमीरपुर, उत्तर प्रदेश•
    3 hrs ago
  • कानपुर के घाटमपुर-साढ़ थाना क्षेत्र के हिरनी गांव में सांड के हमले से एक किसान की मौत हो गई है। मृतक की पहचान 62 वर्षीय राम रतन पाल, पुत्र स्वर्गीय भागीरथ के रूप में हुई है। परिजनों ने बताया कि राम रतन पाल अपने खेत में जानवर चरा रहे थे, तभी एक सांड ने उन पर हमला कर दिया। हमले के बाद वे खेतों में लगे ब्लेड वाले तारों पर गिर गए, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं। घायल अवस्था में राम रतन पाल को घाटमपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने के बावजूद, खबर लिखे जाने तक पुलिस मौके पर नहीं पहुँची थी। मृतक का शव अभी भी घाटमपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में रखा हुआ है और परिजन कई घंटों से पुलिस के आने तथा आगे की कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं। इस संबंध में जब साढ़ थाना प्रभारी अवनीश कुमार से संपर्क किया गया, तो उन्होंने बताया कि उन्हें इस घटना के बारे में अभी कोई जानकारी नहीं है। सांड के इस हमले से किसान की हुई मौत के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
    1
    कानपुर के घाटमपुर-साढ़ थाना क्षेत्र के हिरनी गांव में सांड के हमले से एक किसान की मौत हो गई है। मृतक की पहचान 62 वर्षीय राम रतन पाल, पुत्र स्वर्गीय भागीरथ के रूप में हुई है।

परिजनों ने बताया कि राम रतन पाल अपने खेत में जानवर चरा रहे थे, तभी एक सांड ने उन पर हमला कर दिया। हमले के बाद वे खेतों में लगे ब्लेड वाले तारों पर गिर गए, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं। घायल अवस्था में राम रतन पाल को घाटमपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

सूचना मिलने के बावजूद, खबर लिखे जाने तक पुलिस मौके पर नहीं पहुँची थी। मृतक का शव अभी भी घाटमपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में रखा हुआ है और परिजन कई घंटों से पुलिस के आने तथा आगे की कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं। इस संबंध में जब साढ़ थाना प्रभारी अवनीश कुमार से संपर्क किया गया, तो उन्होंने बताया कि उन्हें इस घटना के बारे में अभी कोई जानकारी नहीं है।

सांड के इस हमले से किसान की हुई मौत के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
    user_Satish Kumar,9648888580
    Satish Kumar,9648888580
    Journalist Ghatampur, Kanpur Nagar•
    15 hrs ago
  • हमीरपुर जिले की मौदहा तहसील में बीते 28-29 मई की रात आई तेज आंधी, तूफान और बारिश ने बिजली व्यवस्था को बुरी तरह प्रभावित किया है। इस दैवीय आपदा के कारण ग्राम मांचा, सिलौली और कम्हरिया सहित कई गांवों में करीब 45 से 50 विद्युत पोल क्षतिग्रस्त हो गए हैं, जिससे पिछले दो दिनों से इन क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप पड़ी है। बिजली न होने से ग्रामीणों को पेयजल और अन्य आवश्यक सुविधाओं के लिए गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मांचा निवासी ग्रामीण जीशान अली के अनुसार, गांवों के भीतर और बाहर कई बिजली खंभे टूटकर गिर गए हैं, जिससे पूरे ग्रामीण फीडर की आपूर्ति बाधित हो गई है। भीषण गर्मी के बीच बिजली की अनुपलब्धता ने पेयजल संकट को गहरा दिया है और लोगों का जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। इस विकट स्थिति के मद्देनजर, शनिवार को ग्रामीणों ने नायब तहसीलदार महेन्द्र गुप्ता को एक शिकायती पत्र सौंपा। उन्होंने प्रशासन से तत्काल क्षतिग्रस्त विद्युत पोलों को बदलवाने और क्षेत्र में बिजली आपूर्ति बहाल करने की पुरजोर मांग की। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि लंबे समय से बिजली न मिलने के कारण घरेलू कार्यों के साथ-साथ पशुपालकों और किसानों को भी भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इस दौरान जीशान अली, इमरान, आरिफ अली, नाजिम अली, कमर उद्दीन और मुजझीर अली सहित अन्य ग्रामीणों ने शीघ्र प्रशासनिक कार्रवाई कर राहत प्रदान करने का आग्रह किया।
    1
    हमीरपुर जिले की मौदहा तहसील में बीते 28-29 मई की रात आई तेज आंधी, तूफान और बारिश ने बिजली व्यवस्था को बुरी तरह प्रभावित किया है। इस दैवीय आपदा के कारण ग्राम मांचा, सिलौली और कम्हरिया सहित कई गांवों में करीब 45 से 50 विद्युत पोल क्षतिग्रस्त हो गए हैं, जिससे पिछले दो दिनों से इन क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप पड़ी है।

बिजली न होने से ग्रामीणों को पेयजल और अन्य आवश्यक सुविधाओं के लिए गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मांचा निवासी ग्रामीण जीशान अली के अनुसार, गांवों के भीतर और बाहर कई बिजली खंभे टूटकर गिर गए हैं, जिससे पूरे ग्रामीण फीडर की आपूर्ति बाधित हो गई है। भीषण गर्मी के बीच बिजली की अनुपलब्धता ने पेयजल संकट को गहरा दिया है और लोगों का जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।

इस विकट स्थिति के मद्देनजर, शनिवार को ग्रामीणों ने नायब तहसीलदार महेन्द्र गुप्ता को एक शिकायती पत्र सौंपा। उन्होंने प्रशासन से तत्काल क्षतिग्रस्त विद्युत पोलों को बदलवाने और क्षेत्र में बिजली आपूर्ति बहाल करने की पुरजोर मांग की। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि लंबे समय से बिजली न मिलने के कारण घरेलू कार्यों के साथ-साथ पशुपालकों और किसानों को भी भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इस दौरान जीशान अली, इमरान, आरिफ अली, नाजिम अली, कमर उद्दीन और मुजझीर अली सहित अन्य ग्रामीणों ने शीघ्र प्रशासनिक कार्रवाई कर राहत प्रदान करने का आग्रह किया।
    user_Raj kumar जिला ब्यूरो चीफ
    Raj kumar जिला ब्यूरो चीफ
    मौदहा, हमीरपुर, उत्तर प्रदेश•
    3 hrs ago
  • कानपुर देहात के माती सभागार कक्ष कलेक्ट्रेट में जिलाधिकारी कपिल सिंह की अध्यक्षता और मुख्य विकास अधिकारी विधान जायसवाल की उपस्थिति में जिला उद्योग एवं व्यापार बन्धु की मासिक बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में जनपद के उद्यमियों और व्यापारी बंधुओं द्वारा प्रस्तुत की गई विभिन्न समस्याओं, सुझावों और मांगों पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने इन सभी मुद्दों के त्वरित और प्रभावी निस्तारण हेतु संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए।
    1
    कानपुर देहात के माती सभागार कक्ष कलेक्ट्रेट में जिलाधिकारी कपिल सिंह की अध्यक्षता और मुख्य विकास अधिकारी विधान जायसवाल की उपस्थिति में जिला उद्योग एवं व्यापार बन्धु की मासिक बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में जनपद के उद्यमियों और व्यापारी बंधुओं द्वारा प्रस्तुत की गई विभिन्न समस्याओं, सुझावों और मांगों पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने इन सभी मुद्दों के त्वरित और प्रभावी निस्तारण हेतु संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए।
    user_Arvind sharma kanpur dehat
    Arvind sharma kanpur dehat
    Local News Reporter अकबरपुर, कानपुर देहात, उत्तर प्रदेश•
    6 hrs ago
  • उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात स्थित फतेहपुर मुशांगन से मोहम्मद अनीश कुरैशी ने यह सवाल उठाया है कि 'कौन जनबरी के कितने दाँत होते हैं?'
    1
    उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात स्थित फतेहपुर मुशांगन से मोहम्मद अनीश कुरैशी ने यह सवाल उठाया है कि 'कौन जनबरी के कितने दाँत होते हैं?'
    user_MD ANISH KURAISHI
    MD ANISH KURAISHI
    Mechanic भोगनीपुर, कानपुर देहात, उत्तर प्रदेश•
    11 hrs ago
  • शनिवार को कालपी रेलवे स्टेशन पर एक दर्दनाक हादसा हो गया, जहाँ एक अधेड़ व्यक्ति की ट्रेन की चपेट में आने से मौके पर ही मृत्यु हो गई। इस घटना के बाद स्टेशन परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और मौके पर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए। मृतक की पहचान कालपी कस्बे के मोहल्ला मिर्जा मंडी निवासी चुन्ना पुत्र महबूब के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, दोपहर के समय वह रेलवे ट्रैक के पास मौजूद थे तभी ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसे की सूचना मिलने पर जीआरपी चौकी प्रभारी संजना सिंह अपनी टीम के साथ तुरंत मौके पर पहुँचीं। पुलिस ने आवश्यक कानूनी कार्रवाई करते हुए शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरा और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। जैसे ही मृतक के परिजनों, जिनमें उनकी पत्नी और तीन बच्चे शामिल हैं, को इस दुखद खबर का पता चला, उनके घर में कोहराम मच गया। परिजन रो-रोकर बेहाल हैं और स्थानीय लोगों के अनुसार, इस घटना से परिवार पर दुखों का बड़ा पहाड़ टूट पड़ा है। पुलिस इस पूरे मामले की जाँच कर रही है। यह घटना एक बार फिर रेलवे ट्रैक के आसपास सुरक्षा और सतर्कता की अहमियत को रेखांकित करती है, क्योंकि रेलवे अधिकारियों द्वारा लगातार यात्रियों और आम नागरिकों से ट्रैक पार न करने और सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन करने की अपील की जाती रही है। थोड़ी सी लापरवाही भी गंभीर दुर्घटना का कारण बन सकती है, इसलिए नागरिकों को सतर्क रहते हुए सुरक्षा नियमों का पालन करना चाहिए ताकि ऐसी दुखद घटनाओं से बचा जा सके।
    1
    शनिवार को कालपी रेलवे स्टेशन पर एक दर्दनाक हादसा हो गया, जहाँ एक अधेड़ व्यक्ति की ट्रेन की चपेट में आने से मौके पर ही मृत्यु हो गई। इस घटना के बाद स्टेशन परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और मौके पर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए।

मृतक की पहचान कालपी कस्बे के मोहल्ला मिर्जा मंडी निवासी चुन्ना पुत्र महबूब के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, दोपहर के समय वह रेलवे ट्रैक के पास मौजूद थे तभी ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसे की सूचना मिलने पर जीआरपी चौकी प्रभारी संजना सिंह अपनी टीम के साथ तुरंत मौके पर पहुँचीं। पुलिस ने आवश्यक कानूनी कार्रवाई करते हुए शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरा और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

जैसे ही मृतक के परिजनों, जिनमें उनकी पत्नी और तीन बच्चे शामिल हैं, को इस दुखद खबर का पता चला, उनके घर में कोहराम मच गया। परिजन रो-रोकर बेहाल हैं और स्थानीय लोगों के अनुसार, इस घटना से परिवार पर दुखों का बड़ा पहाड़ टूट पड़ा है।

पुलिस इस पूरे मामले की जाँच कर रही है। यह घटना एक बार फिर रेलवे ट्रैक के आसपास सुरक्षा और सतर्कता की अहमियत को रेखांकित करती है, क्योंकि रेलवे अधिकारियों द्वारा लगातार यात्रियों और आम नागरिकों से ट्रैक पार न करने और सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन करने की अपील की जाती रही है। थोड़ी सी लापरवाही भी गंभीर दुर्घटना का कारण बन सकती है, इसलिए नागरिकों को सतर्क रहते हुए सुरक्षा नियमों का पालन करना चाहिए ताकि ऐसी दुखद घटनाओं से बचा जा सके।
    user_पत्रकार विकाश सिंह
    पत्रकार विकाश सिंह
    कालपी, जालौन, उत्तर प्रदेश•
    2 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.