हाईकोर्ट: 6 महीने में पंचायत चुनाव कराना बाध्य, सरकार से मांगा रिकॉर्ड लखनऊ इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने 5 अगस्त को अहम टिप्पणी करते हुए कहा कि राज्य सरकार 6 महीने के अंदर पंचायत चुनाव कराने के लिए बाध्य है। कोर्ट ने यह भी कहा कि यह 6 महीने की अवधि नवंबर, 2026 में समाप्त हो रही है। कोर्ट ने सरकार से इस संबंध में रिकॉर्ड तलब किया है। कोर्ट जानना चाहता है कि पंचायत चुनाव में देरी की वजह सरकार के नियंत्रण से बाहर की कोई परिस्थिति थी या फिर सरकार ने समय पर चुनाव कराने के दायित्व का निर्वहन नहीं किया।इस टिप्पणी के बाद अब सवाल उठ रहे हैं कि क्या सरकार ने जानबूझकर पंचायत चुनाव समय पर नहीं कराए? क्या पंचायत चुनाव यूपी विधानसभा चुनाव से पहले हो सकते हैं? *सवाल: पंचायत चुनाव समय पर क्यों नहीं हुए?* इसके पीछे राजनीतिक और प्रशासनिक दोनों कारण बताए जा रहे हैं। यूपी सरकार ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में पंचायत चुनाव न होने की दो प्रशासनिक वजहें बताई हैं। पहली वजह राज्य निर्वाचन आयोग से जुड़ी है। आयोग ने पंचायत चुनाव के लिए अंतिम मतदाता सूची 10 जून, 2026 को प्रकाशित की। नियमों के अनुसार मतदाता सूची प्रकाशित होने के बाद ही चुनाव प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। इसी कारण 26 मई 2026 से पहले पंचायत चुनाव कराना संभव नहीं था। दूसरी ओर विपक्ष का आरोप है कि सरकार ने जानबूझकर चुनाव टाले हैं ताकि प्रशासनिक पकड़ मजबूत की जा सके। वहीं सरकार का कहना है कि परिसीमन और मतदाता सूची के काम में समय लगा। अब हाईकोर्ट द्वारा रिकॉर्ड मांगे जाने के बाद स्पष्ट होगा कि देरी के पीछे वास्तविक कारण क्या थे। नवंबर 2026 तक 6 महीने की समय-सीमा पूरी हो रही है, ऐसे में माना जा रहा है कि इसके पहले पंचायत चुनाव की प्रक्रिया शुरू हो सकती है।
हाईकोर्ट: 6 महीने में पंचायत चुनाव कराना बाध्य, सरकार से मांगा रिकॉर्ड लखनऊ इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने 5 अगस्त को अहम टिप्पणी करते हुए कहा कि राज्य सरकार 6 महीने के अंदर पंचायत चुनाव कराने के लिए बाध्य है। कोर्ट ने यह भी कहा कि यह 6 महीने की अवधि नवंबर, 2026 में समाप्त हो रही है। कोर्ट ने सरकार से इस संबंध में रिकॉर्ड तलब किया है। कोर्ट जानना चाहता है कि पंचायत चुनाव में देरी की वजह सरकार के नियंत्रण से बाहर की कोई परिस्थिति थी या फिर सरकार ने समय पर चुनाव कराने के दायित्व का निर्वहन नहीं किया।इस टिप्पणी के बाद अब सवाल उठ रहे हैं कि क्या सरकार ने जानबूझकर पंचायत चुनाव समय पर नहीं कराए? क्या पंचायत चुनाव यूपी विधानसभा चुनाव से पहले हो सकते हैं? *सवाल: पंचायत चुनाव समय पर क्यों नहीं हुए?* इसके पीछे राजनीतिक और प्रशासनिक दोनों कारण बताए जा रहे हैं। यूपी सरकार ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में पंचायत चुनाव न होने की दो प्रशासनिक वजहें बताई हैं। पहली वजह राज्य निर्वाचन आयोग से जुड़ी है। आयोग ने पंचायत चुनाव के लिए अंतिम मतदाता सूची 10 जून, 2026 को प्रकाशित की। नियमों के अनुसार मतदाता सूची प्रकाशित होने के बाद ही चुनाव प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। इसी कारण 26 मई 2026 से पहले पंचायत चुनाव कराना संभव नहीं था। दूसरी ओर विपक्ष का आरोप है कि सरकार ने जानबूझकर चुनाव टाले हैं ताकि प्रशासनिक पकड़ मजबूत की जा सके। वहीं सरकार का कहना है कि परिसीमन और मतदाता सूची के काम में समय लगा। अब हाईकोर्ट द्वारा रिकॉर्ड मांगे जाने के बाद स्पष्ट होगा कि देरी के पीछे वास्तविक कारण क्या थे। नवंबर 2026 तक 6 महीने की समय-सीमा पूरी हो रही है, ऐसे में माना जा रहा है कि इसके पहले पंचायत चुनाव की प्रक्रिया शुरू हो सकती है।
- राष्ट्रीय कर्मी मुक्ति दिवस को लेकर जिलाधिकारी महराजगंज ने जनपदवासियों से खास अपील की है। राष्ट्रीय कर्मी मुक्ति दिवस को लेकर जिलाधिकारी महराजगंज ने जनपदवासियों से खास अपील की है। जिलाधिकारी महराजगंज ने कहा कि 10 और 14 अगस्त को राष्ट्रीय कर्मी मुक्ति दिवस के अवसर पर जिले में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। उन्होंने जनपदवासियों से इन कार्यक्रमों में बढ़-चढ़कर सहभागिता करने और जागरूकता फैलाने की अपील की। जिलाधिकारी ने कहा कि ऐसे दिवस हमें अपने अधिकारों, कर्तव्यों और सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक करते हैं। उन्होंने सभी जनपदवासियों से अपील की कि 10 और 14 अगस्त को आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में शामिल होकर राष्ट्रीय कर्मी मुक्ति दिवस के संदेश को जन-जन तक पहुंचाएं। महराजगंज से बड़ी खबर, जिलाधिकारी की जनपदवासियों से खास अपील।1
- महराजगंज ब्रेकिंग अमृत सरोवर में डूबने से तीन मासूम बच्चों की मौ*त के बाद जांच टीम के सामने फुटा परिजनों और स्थानीय लोगों का गुस्सा अवर अभियंता को खरी-खोटी सुनाते हुए आक्रोशित लोगों ने जमकर लगाई लताड़ तीखी नोकझोक और गहमा-गहमी का माहौल, लापरवाह जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों पर कार्यवाही की मांग सामाजिक कार्यकर्ता रोशन मद्धेशिया ने निर्माण कार्य में भारी अनियमितता और जेई पर कागजी आगणन का लगाया आरोप महराजगंज के सिसवां बाजार नगर पालिका क्षेत्र के वार्ड नं 25 मीराबाई नगर में तीन मासूम बच्चों की मौ*त के मामले में डीएम द्वारा गठित जांच टीम मौके पर करने गई थी स्थलीय जांच! #Maharajganj #DM #sisava #protest #government #apply #death1
- महराजगंज की महिला सुरक्षा मुहिम को बड़ी पहचान | SI लक्की पटेल को DM और SP ने किया सम्मानित | Mission Shakti महराजगंज में महिला सुरक्षा और जागरूकता के क्षेत्र में सराहनीय कार्य करने पर थाना कोठीभार में तैनात उपनिरीक्षक (SI) लक्की पटेल को जिलाधिकारी गौरव कुमार सोगरवाल एवं पुलिस अधीक्षक शक्ति मोहन अवस्थी ने प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। इस कार्यक्रम में महिला सुरक्षा, मिशन शक्ति, एंटी-रोमियो स्क्वाड और महिला हेल्प डेस्क के माध्यम से चलाए जा रहे जागरूकता अभियानों पर भी प्रकाश डाला गया।1
- अगर आप भी चाहते हैं बुढ़ापे में बीमारियों की मार न झेलना पड़े तो बिना देर किए शुरू करें योग अभ्यास। पिछले 8 वर्षों से लगातार लोगों को योग गुरु धर्मेंद्र द्वारा गोरखपुर के अनेक पार्कों में निशुल्क सिखाया जा रहा है योग के आसन। यदि आप भी चाहते हैं बीमारियों से मुक्ति और डॉक्टर से छुटकारा तो आज ही शुरू करें योग करना। जितना जल्दी हो जाग जाए उतना ही आपके हित में होगा।1
- न्यू आलोक हॉस्पिटल में 24 घंटे निशुल्क एंबुलेंस सेवा शुरू महराजगंज। पनियरा विकासखंड के गागी बाजार के पास भवानीपुर चौराहे के समीप स्थित न्यू आलोक हॉस्पिटल ने मरीजों की सुविधा के लिए एक सराहनीय पहल की है। अस्पताल में अब जरूरतमंद मरीजों के लिए 24 घंटे निशुल्क एंबुलेंस सेवा शुरू कर दी गई है। इस सेवा के तहत किसी भी मरीज को घर से अस्पताल लाने और अस्पताल से घर ले जाने की सुविधा पूरी तरह मुफ्त दी जाएगी। अस्पताल के संचालक योगेंद्र यादव ने जानकारी देते हुए बताया कि ग्रामीण क्षेत्र के मरीजों को समय पर इलाज के लिए अस्पताल तक पहुंचने में होने वाली परेशानी को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि "मरीज की जान बचाना हमारी प्राथमिकता है। पैसों के अभाव में कोई भी मरीज इलाज से वंचित न रहे, इसलिए हमने निशुल्क एंबुलेंस सेवा शुरू की है।" योगेंद्र यादव ने बताया कि न्यू आलोक हॉस्पिटल में सभी प्रकार की आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध हैं। अस्पताल में डॉक्टर आलमिंन जनरल फिजिशियन व स्त्री रोग विशेषज्ञ एवं बांझपन रोग विशेषज्ञ के साथ-साथ डॉक्टर आर के वैश्य एमडी मेडिसिन 24 घंटे सेवाएं दे रहे हैं। अस्पताल में सभी प्रकार की सर्जरी और पैथोलॉजी जांच की सुविधा भी मौजूद है। नवजात और गंभीर बच्चों के इलाज के लिए आईसीयू और एनआईसीयू वार्ड की भी व्यवस्था की गई है। इसके अलावा अस्पताल में अनुभवी डॉक्टर, प्रशिक्षित नर्सिंग स्टाफ और फार्मासिस्ट की टीम 24 घंटे मरीजों की सेवा में तैनात रहती है। अस्पताल संचालक ने बताया कि आपातकालीन स्थिति में मरीज या उनके परिजन किसी भी समय अस्पताल के हेल्पलाइन नंबरों 9415715630, 9005862713 और 9198117602 पर कॉल कर सकते हैं। कॉल मिलते ही एंबुलेंस मरीज को लेने के लिए तुरंत रवाना कर दी जाएगी। स्थानीय लोगों ने अस्पताल प्रबंधन की इस पहल की सराहना की है। उनका कहना है कि पनियरा क्षेत्र में निशुल्क एंबुलेंस सेवा शुरू होने से गरीब और जरूरतमंद मरीजों को बड़ी राहत मिलेगी। समय पर इलाज मिलने से कई लोगों की जान बच सकेगी। न्यू आलोक हॉस्पिटल प्रबंधन ने आमजन से अपील की है कि आपातकाल में इस सेवा का लाभ उठाएं और जरूरत पड़ने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क करें।2
- सिसवा के नए BEO का बड़ा एक्शन! स्कूलों में बढ़ेगी सख्ती, शिक्षा व्यवस्था में होगा सुधार महराजगंज के सिसवा विकास खंड में नए खंड शिक्षा अधिकारी आनंद कुमार मिश्र ने पदभार संभालते ही शिक्षा व्यवस्था में सुधार, स्कूलों की नियमित निगरानी, शिक्षकों की समय पर उपस्थिति, गुणवत्तापूर्ण पढ़ाई और निपुण भारत मिशन को प्राथमिकता देने की बात कही।1
- ब्रेकिंग न्यूज़ | वनकर्मी पर धारदार हथियार से हमला 📍 फरेंदा/कैम्पियरगंज, महराजगंज गश्त के दौरान वनकर्मी राजेन्द्र पर धारदार हथियार और लाठी-डंडों से हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया गया। 🚨 ब्रेकिंग न्यूज़ | वनकर्मी पर धारदार हथियार से हमला 📍 फरेंदा/कैम्पियरगंज, महराजगंज गश्त के दौरान वनकर्मी राजेन्द्र पर धारदार हथियार और लाठी-डंडों से हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया गया। घटना भारी वैसी वनटांगिया क्षेत्र की बताई जा रही है। घायल राजेन्द्र का मेडिकल कॉलेज गोरखपुर में इलाज चल रहा है। मामले में चार नामजद आरोपियों के खिलाफ फरेंदा पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। #Maharajganj #Farenda #Campierganj #BreakingNews #UPNews #ForestDepartment #PublicMaharajganjNews1