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टीकमगढ़ जिले में अवैध रेत खनन के खिलाफ तहसीलदार ने बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान, अवैध खनन में लिप्त रेत माफिया मौके से भाग निकले। प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए पांचवी पोकलेन मशीन को जब्त कर लिया है। कार्रवाई के बाद, जब्त की गई पोकलेन मशीन के मालिकों को सामने लाने के लिए इश्तिहार (सार्वजनिक सूचना) भी जारी किया गया। हालांकि, इन इश्तिहारों के बावजूद अभी तक कोई भी मालिक सामने नहीं आया है।
Manish Yadav
टीकमगढ़ जिले में अवैध रेत खनन के खिलाफ तहसीलदार ने बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान, अवैध खनन में लिप्त रेत माफिया मौके से भाग निकले। प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए पांचवी पोकलेन मशीन को जब्त कर लिया है। कार्रवाई के बाद, जब्त की गई पोकलेन मशीन के मालिकों को सामने लाने के लिए इश्तिहार (सार्वजनिक सूचना) भी जारी किया गया। हालांकि, इन इश्तिहारों के बावजूद अभी तक कोई भी मालिक सामने नहीं आया है।
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- टीकमगढ़ जिले में अवैध खनन माफियाओं पर प्रशासन का बड़ा प्रहार जारी है, जिसके चलते अवैध कारोबारियों में हड़कंप मचा हुआ है। कलेक्टर विवेक श्रोत्रिय के नेतृत्व में लागू 'जीरो टॉलरेंस' नीति ने अवैध खनन कारोबारियों की कमर तोड़ दी है। एक समय अवैध रेत खनन के लिए चर्चा में रहने वाला टीकमगढ़ जिला अब प्रशासन की सख्ती का गवाह बन रहा है, जहाँ यह स्पष्ट संदेश दिया गया है कि अवैध खनन किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जिले में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन पर लगाम कसने के लिए राजस्व, पुलिस और खनिज विभाग की संयुक्त टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं। जहां भी अवैध खनन की सूचना मिलती है, वहां तत्काल कार्रवाई की जा रही है। प्रशासन की इस ताबड़तोड़ कार्रवाई का असर अब जमीन पर साफ दिखाई दे रहा है; जिन क्षेत्रों में कभी दिन-रात अवैध खनन का खेल चलता था, वहां अब सन्नाटा पसरा हुआ है और कार्रवाई के डर से कई अवैध कारोबारियों ने अपने वाहन तथा मशीनें तक बंद कर दी हैं। कलेक्टर विवेक श्रोत्रिय ने दोहराया है कि "जिले में अवैध खनन, परिवहन और भंडारण के विरुद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है। हमारी जीरो टॉलरेंस नीति है। प्राकृतिक संसाधनों के अवैध दोहन को किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।" प्रशासन का कहना है कि यह मुहिम केवल कार्रवाई नहीं, बल्कि प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और कानून व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है। अवैध खनन करने वालों के लिए अब टीकमगढ़ में कोई जगह नहीं बची है और प्रशासन का यह अभियान लगातार जारी रहेगा, जिसमें आने वाले दिनों में कार्रवाई और तेज होने के संकेत हैं।4
- मध्य प्रदेश में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन जी ने महत्वपूर्ण ऑन द स्पॉट फैसले लिए हैं, जिनके परिणामस्वरूप हर गरीब और असहाय व्यक्ति के चेहरे पर मुस्कान आई है। इन त्वरित निर्णयों से जनता में सकारात्मक प्रभाव देखा जा रहा है, जिससे उनकी समस्याओं का तत्काल समाधान हो सका है।1
- छतरपुर कलेक्टर पार्थ जैसवाल ने आज, 6 जून को सुबह करीब 11:30 बजे पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की समीक्षा बैठक में जल गंगा संवर्धन अभियान के कार्यों की प्रगति पर गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इस दिशा में, ग्राम पंचायत सरसेड़ में खेत तालाब का कार्य शुरू न होने के कारण सचिव को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने और सरपंच के विरुद्ध धारा 40 के तहत कार्रवाई करने के आदेश दिए गए। नौगांव के उपयंत्री अमित तिवारी का तीन दिन का वेतन काटने तथा तत्कालीन उपयंत्री आकांक्षा तिवारी पर विभागीय कार्रवाई के निर्देश भी जारी किए गए। कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि उपयंत्रियों की संविदा अवधि का विस्तार अब उनके कार्य प्रदर्शन और प्रगति रिपोर्ट के आधार पर ही किया जाएगा। बैठक के दौरान पीएम आवास योजना, लखपति दीदी अभियान, स्व-सहायता समूहों के बैंक खाते, वृक्षारोपण और पर्यावरण संरक्षण गतिविधियों की भी समीक्षा की गई। साथ ही, कमजोर प्रगति वाले अधिकारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश भी दिए गए।1
- छतरपुर के ऊजरा गांव में नेशनल हाईवे के निर्माण कार्य के दौरान ब्रिज नहीं दिए जाने से नाराज ग्रामीणों ने हाईवे पर जाम लगा दिया। ग्रामीणों का स्पष्ट कहना है कि ब्रिज के अभाव में उन्हें आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ेगा, जिसके कारण बड़ी संख्या में ग्रामीण सड़क पर उतर आए और यातायात को रोक दिया। इस प्रदर्शन के चलते हाईवे पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे घंटों तक यातायात बुरी तरह प्रभावित रहा। ग्रामीणों ने साफ कर दिया है कि जब तक ब्रिज निर्माण को लेकर कोई ठोस आश्वासन नहीं मिलता, तब तक उनका यह आंदोलन जारी रहेगा।1
- छतरपुर पुलिस ने थाना गौरिहार क्षेत्र के सिजहरी तिगड्डे में हुई लूट की घटना के दो आरोपियों को मात्र 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया है। गौरिहार पुलिस ने ट्रक चालक सुमित सिंह राजपूत की रिपोर्ट पर भारतीय न्याय संहिता और आयुध अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था, जिसमें ट्रक के केबिन से पैसे हड़पने और ऑनलाइन लेनदेन का आरोप था। पुलिस अधीक्षक छतरपुर, श्री रजत सकलेचा के निर्देश पर गठित पुलिस टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए ग्राम बरहा निवासी सचिन सिंह पिता कालका सिंह सेंगर और ग्राम कितपुरा निवासी देवप्रकाश उर्फ अमर लखेरा पिता दिनेश लखेरा को गिरफ्तार किया। अभियुक्तों के पास से लूटी गई नगद राशि, घटना में इस्तेमाल किया गया 315 बोर का देशी कट्टा और लगभग 1 लाख रुपये कीमत की अपाचे मोटरसाइकिल जब्त की गई है। आरोपी सचिन सिंह पर मारपीट, आबकारी और एससी एसटी जैसे 6 आपराधिक मामले पहले से दर्ज हैं, जबकि अमर लखेरा भी मारपीट और अवैध हथियार के 2 मामलों में लिप्त रहा है। इस त्वरित कार्रवाई में एसडीओपी लवकुश नगर श्री नवीन दुबे के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी गौरिहार निरीक्षक आर एन पटेरिया, चौकी प्रभारी पहरा उप निरीक्षक देवेंद्र यादव, तथा अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे। अभियुक्तों को न्यायालय में पेश किया गया है।1
- टीकमगढ़ में एक पॉलिटेक्निक छात्र को निर्वस्त्र कर बंधक बनाने, मारपीट करने और रुपये मांगने का गंभीर मामला सामने आया है। पुलिस ने इस संबंध में प्रकरण दर्ज कर लिया है, लेकिन पीड़ित छात्र के पिता ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। छात्र के पिता का आरोप है कि उन्होंने पुलिस को जो आवेदन दिया था, उसमें कई गंभीर आरोप शामिल थे, लेकिन पुलिस ने अपनी प्राथमिकी में उन सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं को शामिल नहीं किया। वहीं, टीकमगढ़ पुलिस कोतवाली के प्रभारी रवि भूषण पाठक का कहना है कि घटना में जो तथ्य पाए गए हैं, उसी के हिसाब से मामला दर्ज किया गया है। इस पूरे प्रकरण के बाद अब पुलिस की कार्रवाई भी सवालों के घेरे में आ गई है।2
- मध्य प्रदेश के छतरपुर में टोरिया मोहल्ला बवाल मामले को लेकर सर्व हिंदू समाज ने एक ज्ञापन सौंपा है। समाज ने इस मामले के आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई और बुलडोजर चलाए जाने की मांग की है।1
- छतरपुर जिले को अपराध अनुसंधान के लिए एक अत्याधुनिक मोबाइल फॉरेंसिक वैन प्राप्त हुई है। पुलिस अधीक्षक रजत सकलेचा ने आज, 6 जून को दोपहर करीब 4:00 बजे पुलिस अधीक्षक कार्यालय से इस वैन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह वैन घटनास्थल पर ही वैज्ञानिक जांच और साक्ष्य संकलन की सुविधा उपलब्ध कराएगी, जिससे अपराधों के खुलासे और दोषसिद्धि दर में सुधार की उम्मीद है। इस आधुनिक वैन में डीएसएलआर कैमरा, फिंगरप्रिंट किट, डीएनए सैंपल कलेक्शन किट, थर्मल प्रिंटर, बॉडी-वॉर्न कैमरा, विस्फोटक एवं मादक पदार्थ पहचान किट सहित कई उन्नत उपकरण लगाए गए हैं। पुलिस के अनुसार, यह नई सुविधा जांच प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, त्वरित और प्रभावी बनाएगी।1
- दिल्ली में 'कॉकरोच जनता पार्टी' को जंतर मंतर पर धरना-प्रदर्शन करने की अनुमति मिल गई है। पार्टी के मुखिया अभिजीत दिप्के के अमेरिका से दिल्ली पहुंचने पर, दिल्ली पुलिस के अधिकारियों ने हवाई अड्डे पर ही उनसे मुलाकात की। अधिकारियों ने अभिजीत को वहीं सूचित किया कि धरने की अनुमति दे दी गई है और वे सीधे जंतर मंतर जा सकते हैं, पुलिस थाने जाने की आवश्यकता नहीं है। यह अनुमति ऐसे समय में मिली है जब दिल्ली पुलिस ने पिछले कुछ वर्षों में जंतर मंतर पर कई अन्य समूहों को धरने की इजाजत नहीं दी थी। इनमें विपक्ष, महिला पहलवान, किसान और बलात्कार पीड़ित शामिल रहे हैं। किसानों को रोकने के लिए सड़कों पर कंटीले तार और सीमेंट के अवरोधक लगाए गए थे, और महिला पहलवानों को सड़कों पर घसीटने जैसी कार्रवाई भी की गई थी, जिसकी याद दिलाई गई है। फिलहाल जंतर मंतर पर युवाओं का पहुंचना जारी है। एक वीडियो भी सामने आया है जो अभिजीत दिप्के के दिल्ली हवाई अड्डे पहुंचने के अवसर का है।1