मंगलवार को मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) विधान जायसवाल ने स्वास्थ्य सेवाओं की जमीनी हकीकत का आकलन करने के लिए आयुष्मान आरोग्य मंदिर उपकेन्द्र, शहजादपुर का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमावायरस) टीकाकरण अभियान की प्रगति की समीक्षा की और स्वास्थ्य केंद्र में उपलब्ध संसाधनों का गहनता से जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान, मुख्य विकास अधिकारी ने विशेष रूप से टीकाकरण रजिस्टर, दवाओं की उपलब्धता और कोल्ड चेन की स्थिति का अवलोकन किया। सीडीओ जायसवाल ने मौके पर मौजूद स्वास्थ्य कर्मियों, जिनमें एएनएम और आशा बहुएं शामिल थीं, को स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लक्षित आयु वर्ग की कोई भी बालिका इस महत्वपूर्ण टीकाकरण से वंचित न रहे, जिसके लिए 9 से 14 वर्ष तक की सभी बालिकाओं की स्कूल और ग्राम स्तर पर शत-प्रतिशत मैपिंग की जाए। मुख्य विकास अधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग को शिक्षा विभाग के साथ मिलकर स्कूलों में विशेष कैंप आयोजित करने का निर्देश दिया, ताकि छात्राओं को आसानी से टीका लगाया जा सके। साथ ही, उन्होंने आशा बहुओं के माध्यम से उन बालिकाओं को चिन्हित कर केंद्र पर लाने की बात कही जो स्कूल नहीं जाती हैं। इसके अतिरिक्त, सीडीओ विधान जायसवाल ने ग्रामीण क्षेत्रों में इस टीके को लेकर किसी भी प्रकार की हिचक या भ्रांति को दूर करने पर जोर दिया। उन्होंने एएनएम और आशा कार्यकर्ताओं को ग्राम प्रधानों के साथ बैठकें करने और अभिभावकों की काउंसलिंग करने का निर्देश दिया। उनका उद्देश्य ग्रामीणों को जागरूक करते हुए शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित करना था।
मंगलवार को मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) विधान जायसवाल ने स्वास्थ्य सेवाओं की जमीनी हकीकत का आकलन करने के लिए आयुष्मान आरोग्य मंदिर उपकेन्द्र, शहजादपुर का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमावायरस) टीकाकरण अभियान की प्रगति की समीक्षा की और स्वास्थ्य केंद्र में उपलब्ध संसाधनों का गहनता से जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान, मुख्य विकास अधिकारी ने विशेष रूप से टीकाकरण रजिस्टर, दवाओं की उपलब्धता और कोल्ड चेन की स्थिति का अवलोकन किया। सीडीओ जायसवाल ने मौके पर मौजूद स्वास्थ्य कर्मियों, जिनमें एएनएम और आशा बहुएं शामिल थीं, को स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लक्षित आयु वर्ग की कोई भी बालिका इस महत्वपूर्ण टीकाकरण से वंचित न रहे, जिसके लिए 9 से 14 वर्ष तक की सभी बालिकाओं की स्कूल और ग्राम स्तर पर शत-प्रतिशत मैपिंग की जाए। मुख्य विकास अधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग को शिक्षा विभाग के साथ मिलकर स्कूलों में विशेष कैंप आयोजित करने का निर्देश दिया, ताकि छात्राओं को आसानी से टीका लगाया जा सके। साथ ही, उन्होंने आशा बहुओं के माध्यम से उन बालिकाओं को चिन्हित कर केंद्र पर लाने की बात कही जो स्कूल नहीं जाती हैं। इसके अतिरिक्त, सीडीओ विधान जायसवाल ने ग्रामीण क्षेत्रों में इस टीके को लेकर किसी भी प्रकार की हिचक या भ्रांति को दूर करने पर जोर दिया। उन्होंने एएनएम और आशा कार्यकर्ताओं को ग्राम प्रधानों के साथ बैठकें करने और अभिभावकों की काउंसलिंग करने का निर्देश दिया। उनका उद्देश्य ग्रामीणों को जागरूक करते हुए शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित करना था।
- उरई शहर के मैकेनिक नगर क्षेत्र से एक वीडियो और कुछ तस्वीरें सामने आने के बाद एक गंभीर मामला चर्चा का विषय बन गया है। सोशल मीडिया पर किए जा रहे दावों के अनुसार, केंद्र की अमृत योजना 2.0 के तहत चल रहे निर्माण कार्य में एक नाबालिग बच्ची को कथित रूप से मजदूरी करते हुए देखा गया है। हालांकि, इन दावों की अभी तक स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। यदि वायरल वीडियो में दिख रहे दृश्यों और लगाए जा रहे आरोपों की जांच में सच्चाई पाई जाती है, तो यह मामला बाल श्रम से संबंधित कानूनों और सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर कई गंभीर सवाल खड़े करेगा। इन प्रश्नों में शामिल हैं कि क्या कार्यस्थल पर मजदूरों का उचित सत्यापन किया गया था, क्या संबंधित ठेकेदार और एजेंसी ने सभी नियमों का पालन किया, क्या मौके पर विभागीय निगरानी नियमित रूप से की जा रही थी, और यदि बच्ची वास्तव में नाबालिग है, तो वह निर्माण कार्यस्थल तक कैसे पहुंची। इस पूरे मामले पर फिलहाल संबंधित विभाग या कार्यदायी संस्था की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। स्थानीय निवासियों ने इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है ताकि वास्तविक तथ्य सार्वजनिक हो सकें। अपेक्षा है कि यदि जांच में किसी भी स्तर पर नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है, तो संबंधित अधिकारियों और जिम्मेदार पक्षों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। वहीं, यदि आरोप निराधार पाए जाते हैं, तो उन तथ्यों को भी सार्वजनिक करना आवश्यक होगा। यह समाचार स्थानीय स्तर पर प्राप्त वीडियो, तस्वीरों और लगाए जा रहे आरोपों के आधार पर प्रकाशित किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य किसी व्यक्ति, संस्था, विभाग या ठेकेदार को दोषी ठहराना नहीं है, बल्कि जनहित से जुड़े इस महत्वपूर्ण मुद्दे की ओर संबंधित अधिकारियों का ध्यान आकर्षित करना है। समाचार में उल्लिखित सभी आरोप जांच और आधिकारिक पुष्टि के अधीन हैं। यदि संबंधित विभाग, कार्यदायी संस्था, ठेकेदार या किसी अन्य पक्ष का स्पष्टीकरण प्राप्त होता है, तो उसे प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा, क्योंकि हमारा लक्ष्य निष्पक्ष, तथ्यपरक और संतुलित पत्रकारिता करना है।1
- जालौन के उरई जिला अस्पताल में भीड़ का फायदा उठाकर एक महिला का पर्स चोरी कर रहे एक युवक को लोगों ने रंगे हाथ पकड़ लिया। चोरी की कोशिश करते हुए पकड़े जाने पर गुस्साए लोगों ने आरोपी की मौके पर ही जमकर पिटाई कर दी, जिससे वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया। घटना की सूचना मिलने पर चौकी पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी को भीड़ के चंगुल से छुड़ाकर हिरासत में ले लिया। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है और पकड़े गए युवक से गहनता से पूछताछ की जा रही है।1
- आम आदमी पार्टी के नेता केजरीवाल जी ने प्रधानमंत्री मोदी जी से E20 और E85 इथेनॉल पेट्रोल नीति के संबंध में हाथ जोड़कर विनती की है। उन्होंने गंभीर चिंता व्यक्त की कि देश में 22 करोड़ मोटरसाइकिलें और 8 करोड़ कारें ऐसी हैं जो विशेष रूप से E20 पेट्रोल के लिए डिज़ाइन नहीं की गई हैं। केजरीवाल जी का कहना है कि सरकार की 'ज़बरदस्ती' के कारण ये सभी गाड़ियाँ कबाड़ में बदल जाएंगी। उन्होंने आग्रह किया कि जनता को पेट्रोल के विकल्प दिए जाने चाहिए और देश के सभी पेट्रोल पंपों पर E10, E20 और E0 जैसे सभी प्रकार के पेट्रोल उपलब्ध होने चाहिए। केजरीवाल जी ने स्पष्ट किया कि यह फैसला जनता का होना चाहिए कि वे अपनी गाड़ी में कौन सा पेट्रोल डलवाना चाहते हैं, न कि सरकार का।1
- कालपी विधायक विनोद चतुर्वेदी ने चुरखी की जुगनू महापंचायत की वास्तविकता पर प्रकाश डाला है। उन्होंने इस महापंचायत से जुड़ी सच्चाई को लोगों के सामने प्रस्तुत किया।1
- सदर विधायक गौरी शंकर वर्मा ने मड़ौरा में पंचायत उत्सव भवन का शिलान्यास किया है। इस आयोजन के साथ ही मड़ौरा क्षेत्र में विकास को नई रफ्तार मिली है।1
- कानपुर देहात के रुरा थाना क्षेत्र अंतर्गत बलेथा गाँव निवासी शमशेर सिंह नामक युवक ने कुछ अज्ञात लोगों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। युवक का कहना है कि इन लोगों ने उसके साथ गाली-गलौज की, मारपीट की और जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़ित युवक ने इस पूरे मामले की जानकारी संबंधित अधिकारियों को दे दी है।1
- उरई (जालौन) के नया रामनगर (बारह बीघा) क्षेत्र में नगर पालिका परिषद की घोर लापरवाही के कारण लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्र की मुख्य सड़क लंबे समय से जलभराव और कीचड़ की समस्या से ग्रस्त है, जिससे यह पूरी तरह दलदल में बदल चुकी है। स्थिति इतनी खराब है कि पैदल चलना तो दूर, दोपहिया वाहन निकालना भी अत्यंत कठिन हो गया है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि सड़क पर भरे गंदे पानी और कीचड़ के कारण रोजाना फिसलकर चोटिल होने का खतरा बना रहता है, जिससे बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को सबसे अधिक परेशानी हो रही है। जलभराव के चलते क्षेत्र में मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ गया है, जिससे डेंगू, मलेरिया और अन्य संक्रामक बीमारियों का खतरा लगातार बना हुआ है। मोहल्लेवासियों का आरोप है कि इस गंभीर समस्या को लेकर नगर पालिका में कई बार शिकायतें की जा चुकी हैं, लेकिन नगर पालिका के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है और न ही इस ओर ध्यान दिया है, जिससे क्षेत्रवासियों में भारी नाराजगी है। स्थानीय नागरिकों ने नगर पालिका प्रशासन से तत्काल जलनिकासी की उचित व्यवस्था करने और सड़क की मरम्मत कराने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि इस समस्या का शीघ्र समाधान नहीं किया गया तो उन्हें आंदोलन करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।1