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किसानों को खेत तक रास्ता देने के लिए सरकारी जमीन की पट्टी का सस्ती दर पर आवंटन होगा
Ram Mishra
किसानों को खेत तक रास्ता देने के लिए सरकारी जमीन की पट्टी का सस्ती दर पर आवंटन होगा
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- Post by Public Power मजदूर की आवाज1
- भिवाड़ी में प्रशासन की सख्ती, जांच के दौरान दो अवैध पटाखा फैक्ट्री पकड़ी मंगलवार को संयुक्त दल ने 315 औद्योगिक इकाइयों का किया निरीक्षण जयबीर सिंह ब्यूरो रिपोर्ट खैरथल तिजारा। खैरथल-तिजारा, 17 फरवरी। कारौली-भिवाड़ी स्थित रीको औद्योगिक क्षेत्र में हाल ही में हुई आगजनी की गंभीर घटना के बाद जिला प्रशासन द्वारा शुरू किए गए व्यापक जांच अभियान के तहत मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए जांच टीम ने दो अवैध पटाखा निर्माण फैक्ट्री को सीज किया। यह मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक और लक्ष्मी एलॉयज के नाम पर संचालित की जा रही थी, जबकि अंदर बड़े पैमाने पर पटाखों का निर्माण और भंडारण किया जा रहा था। सीज कि गई औद्योगिक प्लॉट का आईजी रेंज जयपुर एच.जी. राघवेंद्र सुहास ने निरीक्षण कर पुलिस अधिकारियों को जब्ती प्रक्रिया को नियमानुसार पूर्ण करने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों से की गई कार्रवाई की जानकारी भी ली। जिला कलेक्टर डॉ. आर्तिका शुक्ला के निर्देशानुसार गठित जांच दल जब रीको प्लॉट संख्या जी-1/682 एंव जी 1- 538ए पर पहुंचा तो दोनों फैक्ट्री बंद मिली और मालिक मौके से फरार था। टीम द्वारा कई बार संपर्क करने के बावजूद मालिक के नहीं पहुंचने पर प्रशासन, पुलिस एवं रीको अधिकारियों की मौजूदगी में फैक्ट्री का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया गया। निरीक्षण के दौरान परिसर से भारी मात्रा में पटाखे, कच्चा माल एवं निर्माण में प्रयुक्त उपकरण बरामद किए गए। अतिरिक्त जिला कलेक्टर सुमित्रा मिश्र ने बताया कि सूचना मिलने पर टीम तुरंत मौके पर पहुंची और नियमानुसार कार्रवाई करते हुए दोनों फैक्ट्री की जांच की गई। प्रथम दृष्टया फैक्ट्री में विस्फोटक सामग्री का अवैध निर्माण एवं भंडारण पाया गया है, जो सुरक्षा मानकों का गंभीर उल्लंघन है। एहतियातन फैक्ट्री की बिजली आपूर्ति भी तत्काल प्रभाव से काट दी गई है, ताकि किसी भी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके। पहली कार्रवाई में खुशखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र के भूखण्ड संख्या G1-682 पर अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं तहसीलदार टपूकड़ा की टीम ने निरीक्षण किया। यह भूखण्ड मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक के नाम आवंटित है, लेकिन मौके पर फैक्ट्री बंद मिली। प्रशासन द्वारा निर्देश देने के बाद जब गेट नहीं खोला गया, तो अधिकारियों ने अंदर प्रवेश कर निरीक्षण किया, जहां जिप्सम, सिलिका सैंड, नाइट्रिक एसिड, पत्थर, रेशा सहित पटाखा निर्माण से संबंधित मशीनें और रासायनिक पदार्थ पाए गए। पुलिस द्वारा मौके पर सामग्री जब्त करने की कार्रवाई की जा रही है तथा मामले में FIR दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। फैक्ट्री संचालक ने बताया कि इकाई को मैसर्स शिवशक्ति इंडस्ट्रीज को किराये पर दिया गया था। प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को अपने-अपने स्तर पर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। जांच में उक्त भूखण्ड को बिना रीको की अनुमति किराये पर दिया गया था, जो रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का उल्लंघन है। इस पर रीको द्वारा 45 दिवस का कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए भूखण्ड निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई। दुसरी कार्रवाई में रीको क्षेत्र स्थित एक भूखण्ड, जो वर्तमान में मैसर्स लक्ष्मी अलॉयज के नाम दर्ज है, पर प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर फैक्ट्री को बंद और ताला लगा हुआ पाया। प्रोपराइटर कृष्ण कुमार के अनुपस्थित होने पर प्रशासन की उपस्थिति में ताला तोड़कर निरीक्षण किया गया, जहां बड़ी मात्रा में पटाखे निर्माण से संबंधित सामग्री बरामद हुई। जांच में उक्त भूखण्ड को बिना रीको की अनुमति किराये पर दिया गया था, जो रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का उल्लंघन है। इस पर रीको द्वारा 90 दिवस का कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए भूखण्ड निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। जांच के दौरान मौके पर पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अतुल साहू, उपखंड अधिकारी टपूकडा लाखन सिंह गुर्जर, तिजारा डीएसपी शिवराज सिंह, तहसीलदार, नगर परिषद, फायर विभाग एवं रीको के अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन द्वारा पूरे परिसर की गहन जांच की गई तथा संबंधित फैक्ट्री संचालक के विरुद्ध विस्फोटक अधिनियम सहित अन्य प्रासंगिक धाराओं में कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भिवाड़ी, खुशखेड़ा, टपूकड़ा, चौपानकी एवं फेज-3 सहित सभी औद्योगिक क्षेत्रों में संचालित इकाइयों की सघन जांच जारी रहेगी। जांच दल द्वारा मंगलवार को रीको यूनिट प्रथम ने 170 एवं रीको यूनिट द्वितीय ने 145 इकाइयों के निरीक्षण कर सुरक्षा मानकों कि जांच सुनिश्चित की गई।4
- महोबा (उत्तर प्रदेश) में बनी एक पानी की टंकी से पानी गिरने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जानकारी के अनुसार, इस टंकी के निर्माण पर लगभग 65 लाख रुपये खर्च किए गए थे। बताया जा रहा है कि टेस्टिंग के एक दिन बाद ही टंकी से झरने की तरह पानी गिरने लगा, जिससे निर्माण गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो गए हैं। यह टंकी केंद्र सरकार की जल जीवन मिशन योजना के तहत बनाई गई थी। इस घटना को लेकर विपक्ष ने केंद्र की भारतीय जनता पार्टी सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं। राहुल गांधी ने इस मामले को लेकर केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि इस तरह की घटनाएं सरकारी योजनाओं में भ्रष्टाचार और लापरवाही को दर्शाती हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि योजनाओं के तहत दिए गए ठेकों में पारदर्शिता की कमी है और जनता के पैसे का दुरुपयोग हो रहा है। हालांकि, इस मामले में स्थानीय प्रशासन या संबंधित विभाग की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। प्रशासन द्वारा जांच के बाद ही निर्माण में हुई संभावित लापरवाही या तकनीकी खामी की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।1
- *भिवाड़ी में प्रशासन की सख्ती, जांच के दौरान दो अवैध पटाखा फैक्ट्री पकड़ी* *मंगलवार को संयुक्त दल ने 315 औद्योगिक इकाइयों का किया निरीक्षण* खैरथल / हीरालाल भूरानी कारौली-भिवाड़ी स्थित रीको औद्योगिक क्षेत्र में हाल ही में हुई आगजनी की गंभीर घटना के बाद जिला प्रशासन द्वारा शुरू किए गए व्यापक जांच अभियान के तहत मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए जांच टीम ने दो अवैध पटाखा निर्माण फैक्ट्री को सीज किया। यह मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक और लक्ष्मी एलॉयज के नाम पर संचालित की जा रही थी, जबकि अंदर बड़े पैमाने पर पटाखों का निर्माण और भंडारण किया जा रहा था। सीज कि गई औद्योगिक प्लॉट का आईजी रेंज जयपुर एच.जी. राघवेंद्र सुहास ने निरीक्षण कर पुलिस अधिकारियों को जब्ती प्रक्रिया को नियमानुसार पूर्ण करने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों से की गई कार्रवाई की जानकारी भी ली। जिला कलेक्टर डॉ. आर्तिका शुक्ला के निर्देशानुसार गठित जांच दल जब रीको प्लॉट संख्या जी-1/682 एंव जी 1- 538ए पर पहुंचा तो दोनों फैक्ट्री बंद मिली और मालिक मौके से फरार था। टीम द्वारा कई बार संपर्क करने के बावजूद मालिक के नहीं पहुंचने पर प्रशासन, पुलिस एवं रीको अधिकारियों की मौजूदगी में फैक्ट्री का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया गया। निरीक्षण के दौरान परिसर से भारी मात्रा में पटाखे, कच्चा माल एवं निर्माण में प्रयुक्त उपकरण बरामद किए गए। अतिरिक्त जिला कलेक्टर सुमित्रा मिश्र ने बताया कि सूचना मिलने पर टीम तुरंत मौके पर पहुंची और नियमानुसार कार्रवाई करते हुए दोनों फैक्ट्री की जांच की गई। प्रथम दृष्टया फैक्ट्री में विस्फोटक सामग्री का अवैध निर्माण एवं भंडारण पाया गया है, जो सुरक्षा मानकों का गंभीर उल्लंघन है। एहतियातन फैक्ट्री की बिजली आपूर्ति भी तत्काल प्रभाव से काट दी गई है, ताकि किसी भी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके। पहली कार्रवाई में खुशखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र के भूखण्ड संख्या G1-682 पर अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं तहसीलदार टपूकड़ा की टीम ने निरीक्षण किया। यह भूखण्ड मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक के नाम आवंटित है, लेकिन मौके पर फैक्ट्री बंद मिली। प्रशासन द्वारा निर्देश देने के बाद जब गेट नहीं खोला गया, तो अधिकारियों ने अंदर प्रवेश कर निरीक्षण किया, जहां जिप्सम, सिलिका सैंड, नाइट्रिक एसिड, पत्थर, रेशा सहित पटाखा निर्माण से संबंधित मशीनें और रासायनिक पदार्थ पाए गए। पुलिस द्वारा मौके पर सामग्री जब्त करने की कार्रवाई की जा रही है तथा मामले में FIR दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। फैक्ट्री संचालक ने बताया कि इकाई को मैसर्स शिवशक्ति इंडस्ट्रीज को किराये पर दिया गया था। प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को अपने-अपने स्तर पर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। जांच में उक्त भूखण्ड को बिना रीको की अनुमति किराये पर दिया गया था, जो रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का उल्लंघन है। इस पर रीको द्वारा 45 दिवस का कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए भूखण्ड निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई। दुसरी कार्रवाई में रीको क्षेत्र स्थित एक भूखण्ड, जो वर्तमान में मैसर्स लक्ष्मी अलॉयज के नाम दर्ज है, पर प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर फैक्ट्री को बंद और ताला लगा हुआ पाया। प्रोपराइटर श्री कृष्ण कुमार के अनुपस्थित होने पर प्रशासन की उपस्थिति में ताला तोड़कर निरीक्षण किया गया, जहां बड़ी मात्रा में पटाखे निर्माण से संबंधित सामग्री बरामद हुई। जांच में उक्त भूखण्ड को बिना रीको की अनुमति किराये पर दिया गया था, जो रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का उल्लंघन है। इस पर रीको द्वारा 90 दिवस का कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए भूखण्ड निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। जांच के दौरान मौके पर पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अतुल साहू, उपखंड अधिकारी टपूकडा लाखन सिंह गुर्जर, तिजारा डीएसपी शिवराज सिंह, तहसीलदार, नगर परिषद, फायर विभाग एवं रीको के अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन द्वारा पूरे परिसर की गहन जांच की गई तथा संबंधित फैक्ट्री संचालक के विरुद्ध विस्फोटक अधिनियम सहित अन्य प्रासंगिक धाराओं में कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भिवाड़ी, खुशखेड़ा, टपूकड़ा, चौपानकी एवं फेज-3 सहित सभी औद्योगिक क्षेत्रों में संचालित इकाइयों की सघन जांच जारी रहेगी। जांच दल द्वारा मंगलवार को रीको यूनिट प्रथम ने 170 एवं रीको यूनिट द्वितीय ने 145 इकाइयों के निरीक्षण कर सुरक्षा मानकों कि जांच सुनिश्चित की गई।4
- Post by Dk rajput Rajput1
- खुशखेड़ा इंडस्ट्रीज एरिया में आगजनी की एक गंभीर घटना सामने आई थी। घटना के तुरंत बाद पुलिस के द्वारा 108 एंबुलेंस के कर्मचारियों को सूचना दी गई घटना स्थल पर 108 पहुंचने वाली पहले रिस्पांस टीम थी । खैरथल तिजारा राजस्थान एम्बुलेंस 108 यूनियन के जिला अध्यक्ष अंसार खान बताया कि घटना की जैसे ही सूचना मिली हमारी टीम मौके पर मौजूद घायल एक व्यक्ति को अस्पताल पहुंचाया एवं पूरी घटना के समय 108 की 8 सदस्य नर्सिंग ऑफिसर निशांत यादव, पायलट मनोज चौधरी ,नर्सिंग ऑफिसर मक्खन लाल,पायलट जब्बार खान ,नर्सिंग ऑफिसर गोविंद शर्मा,पायलट अजय कुमार,नर्सिंग ऑफिसर राकेश गुर्जर,पायलट पवन सैनी पुरी टीम डेड बॉडी रिकवर करने में लगी रही जो कि उनके कार्य क्षेत्र से बाहर का काम था हमारी टीम ने मौके पर मौजूद अधिकारियों के निर्देश पर प्रत्येक डेड बॉडी को रिकवर कर के 108 के माध्यम से अस्पताल पहुंचाने का काम किया । इन 8 नर्सिंग कर्मचारी का कार्य भी है सम्मान के योग।3
- किशनगढ़बास में अवैध पेट्रोल भंडारण पर पुलिस का बड़ा शिकंजा दो पिकअप से 3520 लीटर ज्वलनशील पदार्थ जब्त, मालिक गिरफ्तार1
- आज के भाव अलवर मंडी1