जिले में एक बार फिर राधानगर थाना गाजीपुर थाना ओवर लोडिंग की सुर्खियों पर 🚨 *बांदा–फतेहपुर में खनन माफिया बेखौफ, प्रशासन मौन* ⚠️*लोकेटरों की फौज के सहारे धड़ल्ले से चल रहा अवैध खनन और ओवरलोडिंग का खेल* ✍️ बांदा जिले से लेकर फतेहपुर जनपद तक अवैध खनन और ओवरलोडिंग का कारोबार इस कदर संगठित हो चुका है कि अब यह केवल खनन माफियाओं तक सीमित नहीं रह गया, बल्कि इसके पीछे एक पूरी “लोकेटरों की फौज” सक्रिय भूमिका निभा रही है। बांदा जिले के *मर्का घाट खंड संख्या 3 में खुलेआम अवैध खनन जारी है,* जबकि फतेहपुर की सड़कों पर मोरम से लदे ओवरलोड वाहन दिन-रात बेखौफ दौड़ते नजर आ रहे हैं। एसटीएफ की कार्रवाई, जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक के सख्त निर्देश—सब कुछ कागज़ों तक सिमटा हुआ प्रतीत होता है। जमीनी हकीकत यह है कि खनन माफिया निडर होकर कानून को चुनौती दे रहा है और जिम्मेदार अधिकारी मौन साधे बैठे हैं। 🕵️♂️ *लोकेटरों की फौज बना रही है माफियाओं के लिए रास्ता साफ* सूत्रों के अनुसार अवैध खनन और परिवहन के इस पूरे नेटवर्क में लोकेटरों की एक संगठित फौज तैनात है। 🚴♂️ बाइक सवार लोकेटर, 📞 मोबाइल कॉल और 📲 व्हाट्सएप नेटवर्क के जरिए पुलिस चेकिंग, प्रशासनिक मूवमेंट और संभावित दबिश की पल-पल की जानकारी माफियाओं तक पहुंचाते हैं। नतीजा यह होता है कि कार्रवाई से पहले ही ओवरलोड वाहन सुरक्षित रूट बदल लेते हैं और प्रशासन खाली हाथ रह जाता है। 🌾 *कृषि परमिट की आड़ में सरकारी राजस्व की खुली लूट* कृषि कार्यों के लिए जारी सीमित परमिटों को ढाल बनाकर सैकड़ों ट्रैक्टरों से मोरम का अवैध परिवहन कराया जा रहा है। ⏰ *लोकेटरों के निर्देश पर दिन और रात का समय तय किया जाता है।* इसका सीधा नुकसान सरकारी खजाने को हो रहा है, जबकि ग्रामीण सड़कें, पुल और संपर्क मार्ग भारी वाहनों के दबाव से टूटने की कगार पर हैं। 🌉 *रामनगर कौहन यमुना पुल बना अवैध नेटवर्क का सुरक्षित कॉरिडोर* रामनगर कौहन स्थित यमुना पुल अब अवैध परिवहन का स्थायी कॉरिडोर बन चुका है। 🌙 देर रात बांदा जिले से निकलने वाले ओवरलोड वाहन, 👁️🗨️ लोकेटरों की निगरानी में, ➡️ इसी पुल के जरिए फतेहपुर जनपद में प्रवेश करते हैं। यह साफ संकेत देता है कि यह खेल बिना मजबूत नेटवर्क और अंदरूनी संरक्षण के संभव नहीं। 🏛️ *मुख्यमंत्री के सख्त निर्देशों के बावजूद क्यों जारी है अवैध कारोबार?* प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा अवैध खनन और ओवरलोडिंग पर शून्य सहनशीलता नीति के बावजूद यह अवैध कारोबार जारी है। मुख्यमंत्री के स्पष्ट निर्देश हैं कि अवैध खनन में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा न जाए, फिर भी जिम्मेदार अधिकारी आखिर क्यों मौन बैठे हैं—यह बड़ा सवाल है। 🚔 *एसडीएम और पुलिस की सख्ती लोकेटर नेटवर्क के आगे फेल* रामनगर कौहन, सिंघुतारा और मुराईन डेरा नगर पंचायत असोथर प्रताप नगर झाल क्षेत्र से प्रतिदिन और प्रति रात्रि लोकेशन-आधारित परिवहन यह दर्शाता है कि अवैध नेटवर्क पूरी तरह सक्रिय है और कार्रवाई सिर्फ औपचारिकता बनकर रह गई है। 📸 *तस्वीरें और वीडियो उजागर कर रहे हैं सिस्टम की पोल* मौके से सामने आई लाइव तस्वीरें और वीडियो प्रशासनिक दावों की पोल खोलने के लिए काफी हैं। इन साक्ष्यों के बावजूद यदि ठोस कार्रवाई नहीं होती, तो यह लापरवाही ही नहीं बल्कि मिलीभगत की आशंका को भी मजबूत करता है। ❓ *कब टूटेगा माफिया–लोकेटर गठजोड़* अब सवाल सिर्फ अवैध खनन का नहीं, बल्कि यह भी है कि माननीय मुख्यमंत्री के स्पष्ट आदेशों के बावजूद इस खुलेआम चल रहे अवैध कारोबार पर कब निर्णायक प्रहार होगा। जब तक लोकेटरों की इस फौज और उन्हें संरक्षण देने वालों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक खनन माफिया यूं ही कानून को चुनौती देता रहेगे।
जिले में एक बार फिर राधानगर थाना गाजीपुर थाना ओवर लोडिंग की सुर्खियों पर 🚨 *बांदा–फतेहपुर में खनन माफिया बेखौफ, प्रशासन मौन* ⚠️*लोकेटरों की फौज के सहारे धड़ल्ले से चल रहा अवैध खनन और ओवरलोडिंग का खेल* ✍️ बांदा जिले से लेकर फतेहपुर जनपद तक अवैध खनन और ओवरलोडिंग का कारोबार इस कदर संगठित हो चुका है कि अब यह केवल खनन माफियाओं तक सीमित नहीं रह गया, बल्कि इसके पीछे एक पूरी “लोकेटरों की फौज” सक्रिय भूमिका निभा रही है। बांदा जिले के *मर्का घाट खंड संख्या 3 में खुलेआम अवैध खनन जारी है,* जबकि फतेहपुर की सड़कों पर मोरम से लदे ओवरलोड वाहन दिन-रात बेखौफ दौड़ते नजर आ रहे हैं। एसटीएफ की कार्रवाई, जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक के सख्त निर्देश—सब कुछ कागज़ों तक सिमटा हुआ प्रतीत होता है। जमीनी हकीकत यह है कि खनन माफिया निडर होकर कानून को चुनौती दे रहा है और जिम्मेदार अधिकारी मौन साधे बैठे हैं। 🕵️♂️ *लोकेटरों की फौज बना रही है माफियाओं के लिए रास्ता साफ* सूत्रों के अनुसार अवैध खनन और परिवहन के इस पूरे नेटवर्क में लोकेटरों की एक संगठित फौज तैनात है। 🚴♂️ बाइक सवार लोकेटर, 📞 मोबाइल कॉल और 📲 व्हाट्सएप नेटवर्क के जरिए पुलिस चेकिंग, प्रशासनिक मूवमेंट और संभावित दबिश की पल-पल की जानकारी माफियाओं तक पहुंचाते हैं। नतीजा यह होता है कि कार्रवाई से पहले ही ओवरलोड वाहन सुरक्षित रूट बदल लेते हैं और प्रशासन खाली हाथ रह जाता है। 🌾 *कृषि परमिट की आड़ में सरकारी राजस्व की खुली लूट* कृषि कार्यों के लिए जारी सीमित परमिटों को ढाल बनाकर सैकड़ों ट्रैक्टरों से मोरम का अवैध परिवहन कराया जा रहा है। ⏰ *लोकेटरों के निर्देश पर दिन और रात का समय तय किया जाता है।* इसका सीधा नुकसान सरकारी खजाने को हो रहा है, जबकि ग्रामीण सड़कें, पुल और संपर्क मार्ग भारी वाहनों के दबाव से टूटने की कगार पर हैं। 🌉 *रामनगर कौहन यमुना पुल बना अवैध नेटवर्क का सुरक्षित कॉरिडोर* रामनगर कौहन स्थित यमुना पुल अब अवैध परिवहन का स्थायी कॉरिडोर बन चुका है। 🌙 देर रात बांदा जिले से निकलने वाले ओवरलोड वाहन, 👁️🗨️ लोकेटरों की निगरानी में, ➡️ इसी पुल के जरिए फतेहपुर जनपद में प्रवेश करते हैं। यह साफ संकेत देता है कि यह खेल बिना मजबूत नेटवर्क और अंदरूनी संरक्षण के संभव नहीं। 🏛️ *मुख्यमंत्री के सख्त निर्देशों के बावजूद क्यों जारी है अवैध कारोबार?* प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा अवैध खनन और ओवरलोडिंग पर शून्य सहनशीलता नीति के बावजूद यह अवैध कारोबार जारी है। मुख्यमंत्री के स्पष्ट निर्देश हैं कि अवैध खनन में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा न जाए, फिर भी जिम्मेदार अधिकारी आखिर क्यों मौन बैठे हैं—यह बड़ा सवाल है। 🚔 *एसडीएम और पुलिस की सख्ती लोकेटर नेटवर्क के आगे फेल* रामनगर कौहन, सिंघुतारा और मुराईन डेरा नगर पंचायत असोथर प्रताप नगर झाल क्षेत्र से प्रतिदिन और प्रति रात्रि लोकेशन-आधारित परिवहन यह दर्शाता है कि अवैध नेटवर्क पूरी तरह सक्रिय है और कार्रवाई सिर्फ औपचारिकता बनकर रह गई है। 📸 *तस्वीरें और वीडियो उजागर कर रहे हैं सिस्टम की पोल* मौके से सामने आई लाइव तस्वीरें और वीडियो प्रशासनिक दावों की पोल खोलने के लिए काफी हैं। इन साक्ष्यों के बावजूद यदि ठोस कार्रवाई नहीं होती, तो यह लापरवाही ही नहीं बल्कि मिलीभगत की आशंका को भी मजबूत करता है। ❓ *कब टूटेगा माफिया–लोकेटर गठजोड़* अब सवाल सिर्फ अवैध खनन का नहीं, बल्कि यह भी है कि माननीय मुख्यमंत्री के स्पष्ट आदेशों के बावजूद इस खुलेआम चल रहे अवैध कारोबार पर कब निर्णायक प्रहार होगा। जब तक लोकेटरों की इस फौज और उन्हें संरक्षण देने वालों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक खनन माफिया यूं ही कानून को चुनौती देता रहेगे।
- फ़तेहपुर सदर क्षेत्र में तेहरे हत्या कांड से फैली सनसनी से मचा कोहराम,2की मौके पर हुई मौत 1को जिला अस्पताल में किया डॉ0 ने म्रत शव मर्चरी भेजा गया,डॉ0 की माने तो गले गम्भीर धार दार हथियार से वार किया गया है,और हाथ मे भी धार दार हथियार से काट गया है,मामला सदर कोतवाली के चौफेरवा का ।1
- *ब्रेकिंग फतेहपुर* *योगी सरकार में बनाए गए नियम जब अधिकारी ही तोड़ेंगे आम जनता क्या करेगी* *डिप्टी सीएमओ पीके सिंह ने पर्सनल गाड़ी में नीली बत्ती को किया चार दिवारी में कैद* *जिला अस्पताल के पूर्व सीएमएस रहे पीके सिंह की गाड़ी का वीडियो हुआ वायरल* *पर्सनल गाड़ी में नीली बत्ती लगाकर घर में खड़ी करने का वीडियो हुआ वायरल* *इस संबंध में जब पीके सिंह से बात की गई तो उन्होंने बताया कि उनके भाई भाजपा में है इसलिए लगाई है नीली बत्ती और फोन उठाना किया बंद* *लोगों का कहना है कि सत्ता और पावर की हनक में डिप्टी सीएमओ पीके सिंह दिखाते है रिवाब* *जो जिला अस्पताल में भ्रष्टाचार नहीं संभाल पाए वह क्या संभालेंगे प्राइवेट हॉस्पिटलों की कमान* *नियमानुसार जो खुद गलत है वह क्या सुधरेंगे प्राइवेट हॉस्पिटलों के कमान* *जब इस संबंध में सीएमओ को कॉल किया गया उन्होंने कर लिया फोन स्विच ऑफ* *जब अधिकारी ही तोड़ेंगे नियम तो आम जनता से क्या रखेंगे उम्मीद और गलत करने वालों के खिलाफ फिर क्या करेंगे ही कार्रवाई* *वायरल वीडियो जिला अस्पताल के इमरजेंसी के पास का बताया जा रहा है*1
- Post by Sandeep tvnews1
- Post by डॉक्टर साहिल1
- फतेहपुर के लाल ने CA की परीक्षा में आल इंडिया में 19 वी रैंक प्राप्त कर जिले का नाम किया रोशन फतेहपुर जनपद के लिए अत्यंत गर्व और प्रेरणा का क्षण है कि मानस अग्रहरि पुत्र श्री महेंद्र कुमार गुप्ता एवं श्रीमती गुंजन गुप्ता ने वर्ष 2026 की चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) परीक्षा में ऑल इंडिया 19वीं रैंक प्राप्त कर जिले का नाम पूरे देश में गौरवान्वित किया है। मानस के पिता श्री महेंद्र कुमार गुप्ता CMI, रेलवे स्टेशन फतेहपुर में कार्यरत हैं तथा माता श्रीमती गुंजन गुप्ता एक सरकारी अध्यापिका के रूप में शिक्षा क्षेत्र में सेवा दे रही हैं। माता-पिता के संस्कार, मार्गदर्शन और मानस की कड़ी मेहनत का ही परिणाम है कि उन्होंने यह उत्कृष्ट उपलब्धि हासिल की। मानस ने SRCC यूनिवर्सिटी, नई दिल्ली से बी.कॉम फाइनल की पढ़ाई पूरी करते हुए अपनी प्रतिभा और परिश्रम का परिचय दिया। उनकी यह सफलता न केवल उनके परिवार के लिए बल्कि पूरे फतेहपुर जनपद के लिए गर्व का विषय है। मानस अग्रहरि की यह उपलब्धि आज के युवाओं के लिए प्रेरणा है कि लगन, अनुशासन और निरंतर परिश्रम से कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं होता। फतेहपुर की धरती से निकली यह सफलता निश्चित ही आने वाली पीढ़ियों को बड़े सपने देखने और उन्हें पूरा करने का हौसला देगी। मानस को इस ऐतिहासिक सफलता के लिए हार्दिक बधाई एवं उज्ज्वल भविष्य के लिए अनंत शुभकामनाएं।1
- *विद्यालय में गूंजा नशा मुक्ति का संकल्प, बच्चों ने लिया नशे से दूर रहने की शपथ* बकेवर, फतेहपुर। जनपद में बढ़ते नशे के दुष्प्रभावों के खिलाफ जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से विकासखंड देवमई क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय जोगापुर में धूम्रपान निषेध दिवस के अवसर पर नशा मुक्ति अभियान चलाया गया। विद्यालय परिसर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान बच्चों को नशे के खिलाफ शपथ दिलाई गई और उन्हें जीवनभर नशे से दूर रहने का संकल्प कराया गया। कार्यक्रम में विद्यालय की प्रधानाध्यापिका पूनम अवस्थी ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि नशा समाज के लिए घातक जहर है, जो न केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को बर्बाद करता है बल्कि पूरे परिवार और समाज को भी प्रभावित करता है। उन्होंने बच्चों से आह्वान किया कि वे स्वयं नशे से दूर रहें और अपने परिवार तथा आसपास के लोगों को भी इसके दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करें। इस दौरान बच्चों ने हाथ उठाकर सामूहिक रूप से शपथ ली कि वे कभी भी तंबाकू, गुटखा, सिगरेट, शराब जैसे नशीले पदार्थों का सेवन नहीं करेंगे और दूसरों को भी इससे दूर रहने के लिए प्रेरित करेंगे। विद्यालय परिसर में “नशा छोड़ो, जीवन संवारो” और “स्वस्थ समाज का आधार – नशामुक्त परिवार” जैसे नारों से माहौल गूंज उठा। कार्यक्रम में सहायक अध्यापिका कल्पना, शालिनी देवी, शिक्षामित्र सतीश कुमार वर्मा के साथ ही ग्राम प्रधान अनुज कुमार भी मौजूद रहे। सभी ने बच्चों के इस संकल्प की सराहना करते हुए कहा कि यदि नई पीढ़ी नशे के खिलाफ जागरूक होगी तो समाज को नशा मुक्त बनाने की राह आसान होगी। विद्यालय में आयोजित इस अभियान ने बच्चों के साथ-साथ ग्रामीणों को भी नशे के खिलाफ जागरूक होने का सशक्त संदेश दिया।1
- आपको विधित है कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद छात्र हितों की चिंता करने वाला विश्व का सबसे बड़ा विद्यार्थी संगठन है जो कि अपने स्थापना कल से ही रचनात्मक व आंदोलनात्मक गतिविधियों के माध्यम से छात्रों के व्यक्तित्व निर्माण के ध्येय को लेकर वर्ष भर छात्रहित एवं राष्ट्रहित में कार्य करता है। जागरूकता, आत्मबल कि कमी के कारणों से कई मेधावी छात्र छात्राओं द्वारा आत्महत्या कर चुके हैं जिसकी सूक्ष्म जांच करना, जांच रिपोर्ट को परिजनों को अवगत करना, सार्वजनिक करना अनिवार्य है तथा मेधावी छात्र छात्राओं में आत्महत्या जैसा अपराध के प्रति जागरूकता अभियान चलाना अनिवार्य है दिनांक 05/मार्च 2026 को, एस जे एस कालेज जैसे नामचीन विद्यालय के कक्षा 11 के छात्र राम तिवारी द्वारा फांसी लगाकर आत्म हत्या कर लिया, जिंसके मृत्यु के कारणों का जांच होना अनिवार्य है पढाई का दबाव, सोशल मीडिया का प्रभाव, या किसी प्रकार का डर, या1
- उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में एक बार फिर बच्चा चोर समझकर ग्रामीणों ने एक महिला का हाथ दुप्पटा से बांधकर पिटाई किया।स्थानीय लोगों के सूचना पर पहुची पुलिस ने भीड़ के चंगुल से छुड़ाकर महिला को ई रिक्शा में बैठाकर ले गई।यह मामले मंगलवार की देर रात 9 बजे के आस पास का है। जिले के सदर कोतवाली क्षेत्र के भिटौरा रोड बिसौली गांव के पास एक महिला जिसकी उम्र करीब 30 साल के आस पास जीन्स शूट पहने हुए घूम रही थी।जिसको गांव के लोगों ने संदिग्ध देखते हुए बच्चा चोर की आशंका पर पकड़कर हाथ बांधकर बैठा लिया और पिटाई करने के साथ नाम पता पूछने लगे।इस बीच किसी व्यक्ति ने पुलिस को सूचना दे दिया।मौके पर पहुची पुलिस ने महिला को भीड़ के चंगुल से छुड़ाकर ई रिक्शा में बैठाकर साथ ले गई।पूछताछ में महिला कौशाम्बी जिले के सिराथू और पिता का नाम अनूप बता रही थी। जब महिला से उसका नाम पूछा गया तो कुछ बता नही रही थी।गांव के रहने वाले राम बरन,कमल ने बताया कि महिला संदिग्ध रूप से घूम रही थी।जब हम लोग निकले तो कुछ लोगों ने महिला को घेर रखा था और बच्चा चोर बता रहे थे। इस मामले में कोतवाली प्रभारी ने बताया कि महिला का मानसिक हालत ठीक नही है महिला को भीड़ से छुड़ाकर उसके गांव घर का पता लगाया जा रहा है।1