आगरा के थाना खंदौली क्षेत्र स्थित खंदौली पुलिस चौकी के सामने प्यास लगने पर पानी की टंकी में घुसा एक बंदर हादसे का शिकार हो गया। अचानक टंकी का भारी ढक्कन बंद होने से बंदर अंदर फंस गया और उसके दोनों पैर ढक्कन की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गए। आवाज सुनकर पहुंचे ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद उसे बाहर निकाला, लेकिन दोनों पैर बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो जाने के कारण वह चलने-फिरने में पूरी तरह असमर्थ हो गया। हादसे के बाद स्थानीय ग्रामीणों और समाजसेवियों ने कई दिनों तक अपने स्तर पर घायल बंदर का इलाज कराने का प्रयास किया, लेकिन उसकी हालत में सुधार नहीं हुआ और वह आज भी उसी स्थान पर पड़ा तड़प रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि सूचना देने के बावजूद उत्तर प्रदेश वन विभाग का कोई भी अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा है। लोगों ने वन विभाग के वन्यजीव प्रकोष्ठ से बंदर को तत्काल संरक्षण में लेकर पशु चिकित्सालय में समुचित इलाज कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि वन विभाग की ओर से समय पर सहायता न मिलने के कारण बेजुबान जीवों की जान लगातार खतरे में पड़ रही है।
आगरा के थाना खंदौली क्षेत्र स्थित खंदौली पुलिस चौकी के सामने प्यास लगने पर पानी की टंकी में घुसा एक बंदर हादसे का शिकार हो गया। अचानक टंकी का भारी ढक्कन बंद होने से बंदर अंदर फंस गया और उसके दोनों पैर ढक्कन की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गए। आवाज सुनकर पहुंचे ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद उसे बाहर निकाला, लेकिन दोनों पैर बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो जाने के कारण वह चलने-फिरने में पूरी तरह असमर्थ हो गया। हादसे के बाद स्थानीय ग्रामीणों और समाजसेवियों ने कई दिनों तक अपने स्तर पर घायल बंदर का इलाज कराने का प्रयास किया, लेकिन उसकी हालत में सुधार नहीं हुआ और वह आज भी उसी स्थान पर पड़ा तड़प रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि सूचना देने के बावजूद उत्तर प्रदेश वन विभाग का कोई भी अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा है। लोगों ने वन विभाग के वन्यजीव प्रकोष्ठ से बंदर को तत्काल संरक्षण में लेकर पशु चिकित्सालय में समुचित इलाज कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि वन विभाग की ओर से समय पर सहायता न मिलने के कारण बेजुबान जीवों की जान लगातार खतरे में पड़ रही है।
- उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी ने आगरा स्थित डॉ. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय के खंदारी परिसर (शिवाजी मंडपम) में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान "मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना" का विधिवत शुभारंभ किया है। इस योजना के तहत राज्य के उच्च शिक्षा विभाग के 7.50 लाख शिक्षकों और उनके आश्रितों को कैशलेस स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिलेगा। कार्यक्रम के दौरान एंकर अनूप चौहान द्वारा शुरुआत किए जाने के बाद सीएम योगी ने योजना का शुभारंभ किया, शिक्षकों को कार्ड का वितरण किया और अपना संबोधन दिया। योजना के नियमों के तहत सूचिबद्ध निजी अस्पतालों में ₹5 लाख तक का मुफ़्त व कैशलेस इलाज उपलब्ध कराया जाएगा, जबकि सरकारी अस्पतालों में इलाज के खर्च पर कोई ऊपरी सीमा तय नहीं की गई है। इस सुविधा के लिए राज्य विश्वविद्यालय, अशासकीय सहायता प्राप्त महाविद्यालय और स्ववित्त पोषित कॉलेजों के शिक्षक एवं उनके आश्रित परिवार पात्र होंगे। इस योजना को प्रभावी बनाने के लिए उच्च शिक्षा विभाग और पंजाब नेशनल बैंक (PNB) के बीच एमओयू (MoU) भी किया गया है।1
- आगरा के सूर सदन में 2 अगस्त 2026 को दावत-ए-इस्लामी इंडिया के सामाजिक सेवा विभाग गरीब नवाज़ रिलीफ फाउंडेशन (GNRF) द्वारा पर्यावरण संरक्षण और देशभक्ति पर आधारित एक विशेष जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस आयोजन के जरिए संस्था देश की आज़ादी और हरियाली का संदेश जन-जन तक पहुँचाने का काम करेगी। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पौधारोपण को बढ़ावा देना और लोगों को देश की आज़ादी के महत्व के प्रति जागरूक करना है। इसके साथ ही, GNRF इस मंच से देश और पर्यावरण संरक्षण के प्रति लोगों को अपनी जिम्मेदारी निभाने के लिए प्रेरित करेगा।1
- बृज राज रियल एस्टेट एंड प्रॉपर्टीज़ की ओर से कुसुम सरोवर, गोवर्धन खंभा 501 पर विशाल भंडारे का आयोजन किया जा रहा है।1
- मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को 'मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस इलाज योजना' की शुरुआत कर दी है। आगरा ब्यूरो रिपोर्ट के अनुसार, रविवार को सीएम योगी आदित्यनाथ द्वारा इस योजना का शुभारंभ किया गया।1
- एक व्यक्ति द्वारा तीन सगी बहनों से शादी करने का मामला सामने आया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस व्यक्ति ने जिन तीन लड़कियों से शादी रचाई है, वे आपस में सगी बहनें थीं। इतना ही नहीं, शादी करने वाली इन तीनों बहनों में से एक लड़की नाबालिग थी।1
- राजस्थान के बालोतरा जिले के एक स्कूल में दो शिक्षिकाओं के बीच जमकर मारपीट का मामला सामने आया है। यह पूरी घटना स्कूल के बच्चों और ग्रामीणों की मौजूदगी में हुई, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में दोनों शिक्षिकाएं एक-दूसरे के साथ हाथापाई करती हुई दिखाई दे रही हैं। किसी शिक्षण संस्थान में इस तरह का हंगामा होने पर स्थानीय लोगों ने भारी नाराजगी जताई है। ग्रामीणों ने घटना का विरोध करते हुए दोनों शिक्षिकाओं के खिलाफ उचित कार्रवाई की मांग की है। इस मामले में अब शिक्षा विभाग की ओर से जांच और आगे की कार्रवाई का इंतजार किया जा रहा है।1