मध्य प्रदेश सरकार द्वारा मंडी शुल्क में की गई बढ़ोतरी के खिलाफ प्रदेश भर के अनाज व्यापारियों में भारी आक्रोश देखा जा रहा है। इसी कड़ी में, गुना के ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन ने भी आगामी 23 जून को एक दिवसीय पूर्ण व्यापार बंद रखने की घोषणा की है। एसोसिएशन के अध्यक्ष मनोज गोयल और सचिव सूरज जैन ने कृषि उपज मंडी समिति गुना के भारसाधक अधिकारी व सचिव को एक औपचारिक पत्र सौंपकर इस निर्णय से अवगत कराया है। व्यापारियों ने स्पष्ट किया है कि शुल्क वृद्धि के विरोध स्वरूप 23 जून को सभी व्यापारी अपनी दुकानें बंद रखेंगे और मंडी में होने वाली किसी भी प्रकार की नीलामी प्रक्रिया में भाग नहीं लेंगे। व्यापारियों के अनुसार, सकल अनाज दलहन तिलहन व्यापारी महासंघ समिति इंदौर के एक प्रतिनिधिमंडल ने बीती 11 जून को प्रदेश के मुख्यमंत्री से मुलाकात कर मंडी शुल्क में प्रस्तावित बढ़ोतरी के संबंध में एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा था। व्यापारियों को उम्मीद थी कि सरकार उनकी व्यावहारिक समस्याओं पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करेगी, लेकिन इसके ठीक उलट 16 जून 2026 को शासकीय गजट में अधिसूचना प्रकाशित कर मंडी शुल्क को 1 प्रतिशत से बढ़ाकर सीधे 1.50 प्रतिशत कर दिया गया। सरकार के इस अचानक और एकतरफा फैसले का पूरे मध्य प्रदेश की कृषि मंडियों में तीखा विरोध शुरू हो गया है, क्योंकि इससे व्यापार पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा, जिसका सीधा असर किसान और उपभोक्ता पर भी दिखेगा। व्यापारिक संगठनों का कहना है कि सरकार के सामने बार-बार गुहार लगाने के बाद भी जब इस गंभीर समस्या का कोई तर्कसंगत समाधान नहीं निकला, तो महासंघ को मजबूरन आंदोलन का रास्ता चुनना पड़ा। महासंघ के निर्णय के अनुसार, पहले चरण में 23 जून को पूरे प्रदेश की मंडियों को बंद रखकर सरकार की इस नीति के खिलाफ कड़ा विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। गुना के ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने स्थानीय स्तर पर बंद को पूरी तरह सफल बनाने की रणनीति तैयार कर ली है। व्यापारियों ने चेतावनी दी है कि यदि इस एक दिवसीय सांकेतिक बंद के बाद भी सरकार ने बढ़े हुए टैक्स को वापस नहीं लिया, तो आगामी रणनीति बनाकर अनिश्चितकालीन आंदोलन की घोषणा की जा सकती है।
मध्य प्रदेश सरकार द्वारा मंडी शुल्क में की गई बढ़ोतरी के खिलाफ प्रदेश भर के अनाज व्यापारियों में भारी आक्रोश देखा जा रहा है। इसी कड़ी में, गुना के ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन ने भी आगामी 23 जून को एक दिवसीय पूर्ण व्यापार बंद रखने की घोषणा की है। एसोसिएशन के अध्यक्ष मनोज गोयल और सचिव सूरज जैन ने कृषि उपज मंडी समिति गुना के भारसाधक अधिकारी व सचिव को एक औपचारिक पत्र सौंपकर इस निर्णय से अवगत कराया है। व्यापारियों ने स्पष्ट किया है कि शुल्क वृद्धि के विरोध स्वरूप 23 जून को सभी व्यापारी अपनी दुकानें बंद रखेंगे और मंडी में होने वाली किसी भी प्रकार की नीलामी प्रक्रिया में भाग नहीं लेंगे। व्यापारियों के अनुसार, सकल अनाज दलहन तिलहन व्यापारी महासंघ समिति इंदौर के एक प्रतिनिधिमंडल ने बीती 11 जून को प्रदेश के मुख्यमंत्री से मुलाकात कर मंडी शुल्क में प्रस्तावित बढ़ोतरी के संबंध में एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा था। व्यापारियों को उम्मीद थी कि सरकार उनकी व्यावहारिक समस्याओं पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करेगी, लेकिन इसके ठीक उलट 16 जून 2026 को शासकीय गजट में अधिसूचना प्रकाशित कर मंडी शुल्क को 1 प्रतिशत से बढ़ाकर सीधे 1.50 प्रतिशत कर दिया गया। सरकार के इस अचानक और एकतरफा फैसले का पूरे मध्य प्रदेश की कृषि मंडियों में तीखा विरोध शुरू हो गया है, क्योंकि इससे व्यापार पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा, जिसका सीधा असर किसान और उपभोक्ता पर भी दिखेगा। व्यापारिक संगठनों का कहना है कि सरकार के सामने बार-बार गुहार लगाने के बाद भी जब इस गंभीर समस्या का कोई तर्कसंगत समाधान नहीं निकला, तो महासंघ को मजबूरन आंदोलन का रास्ता चुनना पड़ा। महासंघ के निर्णय के अनुसार, पहले चरण में 23 जून को पूरे प्रदेश की मंडियों को बंद रखकर सरकार की इस नीति के खिलाफ कड़ा विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। गुना के ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने स्थानीय स्तर पर बंद को पूरी तरह सफल बनाने की रणनीति तैयार कर ली है। व्यापारियों ने चेतावनी दी है कि यदि इस एक दिवसीय सांकेतिक बंद के बाद भी सरकार ने बढ़े हुए टैक्स को वापस नहीं लिया, तो आगामी रणनीति बनाकर अनिश्चितकालीन आंदोलन की घोषणा की जा सकती है।
- गुना जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ चल रहे अभियान के तहत म्याना थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने राजस्थान से मध्य प्रदेश लाई जा रही डोडाचूरा की एक बड़ी खेप को पकड़ते हुए अंतरराज्यीय तस्करी नेटवर्क को झटका दिया है। इस कार्रवाई में एक आरोपी को गिरफ्तार कर करीब 70 लाख रुपये मूल्य का मादक पदार्थ और तस्करी में प्रयुक्त वाहन जब्त किया गया है। जब्त किए गए डोडाचूरा की कुल मात्रा 106.460 किलोग्राम है, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 55 लाख रुपये है, जबकि सफेद रंग की फोर्स ट्रैक्स गाड़ी की कीमत करीब 15 लाख रुपये आंकी गई है। गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान देव सिंह पुत्र मोहनलाल बंजारा (32 वर्ष) निवासी मदनाखेड़ी, थाना बापचा, जिला बारां (राजस्थान) के रूप में हुई है। पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि फतेहगढ़-बमोरी क्षेत्र से भारी मात्रा में डोडाचूरा एक सफेद फोर्स ट्रैक्स गाड़ी में भरकर पाटई हाईवे की ओर ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही म्याना थाना पुलिस ने एक विशेष टीम गठित कर ऊमरी-पाटई रोड पर नाकाबंदी की। कुछ समय बाद संदिग्ध वाहन दिखाई देने पर पुलिस ने उसे रोकने का प्रयास किया, लेकिन चालक वाहन को जंगल की ओर मोड़कर भागने लगा। पुलिस टीम ने पीछा करते हुए घेराबंदी कर आरोपी को मौके पर ही दबोच लिया। मामले में म्याना थाने में अपराध क्रमांक 158/26 दर्ज कर आरोपी के खिलाफ धारा 8/15 और 29 एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण पंजीबद्ध किया गया है। प्रारंभिक जांच में इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के नाम भी सामने आए हैं, जिनकी तलाश और भूमिका की जांच अभी जारी है। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में हुई इस कार्रवाई में म्याना थाना प्रभारी निरीक्षक बृजमोहन सिंह भदौरिया और ऊमरी चौकी प्रभारी बुंदेल सिंह सुनेरिया सहित पुलिस टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जिले में नशे के अवैध कारोबार में लिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और ऐसे तत्वों के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा।2
- अशोकनगर में 'डसटोन' कार्यक्रम से जुड़े एक पुराने विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच झड़प हो गई, जिसमें चार लोग घायल हो गए। इस घटना के बाद, पुलिस ने दोनों ही पक्षों की शिकायत के आधार पर संबंधित मामले दर्ज कर लिए हैं।1
- छीपाबड़ौद न्यूज द्वारा उठाई गई एक बड़ी समस्या का सुखद परिणाम सामने आया है, जहाँ सेतकोलू में एक जर्जर पुलिया की मरम्मत का काम प्रशासन ने शुरू कर दिया है। इससे पहले, छीपाबड़ौद न्यूज ने उस पुलिया की तस्वीरें साझा की थीं, जो बनने के महज चार महीने बाद ही खस्ताहाल हो गई थी। इस खबर का असर यह हुआ कि प्रशासन ने आखिरकार इस मामले में संज्ञान लिया और युद्ध स्तर पर पुलिया की मरम्मत का काम शुरू कर दिया है। इस घटना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि जन-हित की पत्रकारिता में कितनी ताकत होती है।1
- यह सलाह दी गई है कि व्यक्तियों को प्रतिदिन योग और प्राणायाम का अभ्यास करना चाहिए।2
- आज विदिशा शहर के चार परीक्षा केंद्रों पर आयोजित री-नीट परीक्षा में गर्ल्स कॉलेज स्थित एक केंद्र पर तीन छात्राएं शामिल नहीं हो सकीं, जिसके कारण उनके परिजनों ने कॉलेज गेट पर हंगामा किया। परीक्षा से वंचित रहीं छात्राओं में स्नेहा दुबे निवासी आरएमपी नगर विदिशा और रागिनी विश्वकर्मा ग्राम कूड़ा तहसील कुरवाई शामिल हैं, जो निर्धारित समय पर कॉलेज में प्रवेश नहीं कर पाईं। प्रवेश का समय सुबह 11 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक था, लेकिन ये दोनों छात्राएं 1:30 बजे के 2 मिनट बाद पहुंची थीं। जानकारी मिलने पर परीक्षा की नोडल अधिकारी और केंद्रीय विद्यालय की प्राचार्य गीता भदौरिया मौके पर पहुंचीं और दोनों छात्राओं को अंदर ले गईं। हालांकि, अंदर जाने के बाद भी उनका बायोमेट्रिक थंब सफल नहीं हो सका, जिसके चलते उन्हें परीक्षा से बाहर आना पड़ा। इसी केंद्र पर, विदिशा की ही निवासी एक तीसरी छात्रा अक्षिता श्रीवास्तव को भी परीक्षा देने से रोक दिया गया। अक्षिता ने कुछ दिन पूर्व हुई परीक्षा का ही प्रवेश फार्म निकाला था, जिसे इस री-नीट परीक्षा के लिए मान्य नहीं किया गया। इस प्रकार, तीनों छात्राओं को री-नीट परीक्षा में बैठने की अनुमति नहीं मिल सकी।4
- अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर अशोकनगर जिले के मुंगावली स्थित माँ कॉन्वेंट स्कूल में एक सामूहिक योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों ने विभिन्न योगासन और प्राणायाम का अभ्यास किया। कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों को योग के महत्व तथा इसके शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर पड़ने वाले सकारात्मक प्रभावों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। साथ ही, सभी प्रतिभागियों को नियमित रूप से योग करने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित भी किया गया।1
- अशोकनगर जिले के दो केंद्रों पर री-नीट परीक्षा का आयोजन किया गया, जिसमें कुल 865 अभ्यर्थियों ने भाग लिया। परीक्षा का संचालन कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और गहन जांच के बीच हुआ। इस दौरान अभ्यर्थियों के लिए कलावा से लेकर पेन तक कई वस्तुएं प्रतिबंधित की गईं।1
- सोमवार सुबह बारां जिले के भंवरगढ़ क्षेत्र में गेहूं से भरा एक ट्रक हादसे का शिकार हो गया। यह घटना भंवरगढ़ हाईवे पर उस समय हुई जब ट्रक पिछोर से बारां की ओर जा रहा था। जानकारी के अनुसार, अचानक एक गाय के सामने आ जाने पर चालक ने उसे बचाने की कोशिश की, जिससे ट्रक अनियंत्रित होकर पलट गया। इस दुर्घटना की सूचना सुबह 11 बजे मिली। इस भीषण हादसे में ट्रक बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें लदा सारा गेहूं सड़क किनारे बिखर गया। गनीमत रही कि दुर्घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। सूचना मिलते ही स्थानीय लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और स्थिति को संभाला।1