चेवाड़ा प्रखंड क्षेत्र में आस्था और श्रद्धा का महापर्व चैती छठ पूरे भक्तिभाव के साथ मनाया जा रहा है। चेवाड़ा प्रखंड क्षेत्र में आस्था और श्रद्धा का महापर्व चैती छठ पूरे भक्तिभाव के साथ मनाया जा रहा है। सोमवार को खरना के अवसर पर व्रतधारियों ने पूरे विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर प्रसाद तैयार किया, जिसे देर रात तक श्रद्धालुओं के बीच वितरित किया गया। प्रखंड के विभिन्न गांवों और शहरी इलाकों में श्रद्धालु रात्रि 9:00 बजे तक खरना का प्रसाद ग्रहण करते नजर आए। खरना के दिन व्रतधारी पूरे दिन निर्जला उपवास रखकर शाम के समय गंगा जल या शुद्ध जल से स्नान कर भगवान सूर्य और छठी मैया की पूजा करते हैं। इसके बाद गुड़ की खीर, रोटी और फल का प्रसाद बनाकर अर्घ्य अर्पित किया जाता है। पूजा के पश्चात व्रती सबसे पहले प्रसाद ग्रहण करते हैं और फिर इसे परिवार एवं आसपास के लोगों में बांटा जाता है। चेवाड़ा प्रखंड के कई इलाकों में लोगों ने सामूहिक रूप से खरना का आयोजन किया, जिससे आपसी भाईचारा और सामाजिक एकता का संदेश भी देखने को मिला। घर-घर में भक्ति गीतों की गूंज और प्रसाद वितरण का माहौल उत्सव को और भी खास बना रहा था। स्थानीय प्रशासन भी पर्व को लेकर पूरी तरह सतर्क है। घाटों की साफ-सफाई, सुरक्षा व्यवस्था और प्रकाश की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो। अब श्रद्धालु मंगलवार को होने वाले संध्या अर्घ्य की तैयारी में जुट गए हैं, जहां डूबते सूर्य को अर्घ्य अर्पित किया जाएगा।
चेवाड़ा प्रखंड क्षेत्र में आस्था और श्रद्धा का महापर्व चैती छठ पूरे भक्तिभाव के साथ मनाया जा रहा है। चेवाड़ा प्रखंड क्षेत्र में आस्था और श्रद्धा का महापर्व चैती छठ पूरे भक्तिभाव के साथ मनाया जा रहा है। सोमवार को खरना के अवसर पर व्रतधारियों ने पूरे विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर प्रसाद तैयार किया, जिसे देर रात तक श्रद्धालुओं के बीच वितरित किया गया। प्रखंड के विभिन्न गांवों और शहरी इलाकों में श्रद्धालु रात्रि 9:00 बजे तक खरना का प्रसाद ग्रहण करते नजर आए। खरना के दिन व्रतधारी पूरे दिन निर्जला उपवास रखकर शाम के समय गंगा जल या शुद्ध जल से स्नान कर भगवान सूर्य और छठी मैया की पूजा करते हैं। इसके बाद गुड़ की खीर, रोटी और फल का प्रसाद बनाकर अर्घ्य अर्पित किया जाता है। पूजा के पश्चात व्रती सबसे पहले प्रसाद ग्रहण करते हैं और फिर इसे परिवार एवं आसपास के लोगों में बांटा जाता है। चेवाड़ा प्रखंड के कई इलाकों में लोगों ने सामूहिक रूप से खरना का आयोजन किया, जिससे आपसी भाईचारा और सामाजिक एकता का संदेश भी देखने को मिला। घर-घर में भक्ति गीतों की गूंज और प्रसाद वितरण का माहौल उत्सव को और भी खास बना रहा था। स्थानीय प्रशासन भी पर्व को लेकर पूरी तरह सतर्क है। घाटों की साफ-सफाई, सुरक्षा व्यवस्था और प्रकाश की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो। अब श्रद्धालु मंगलवार को होने वाले संध्या अर्घ्य की तैयारी में जुट गए हैं, जहां डूबते सूर्य को अर्घ्य अर्पित किया जाएगा।
- शेखपुरा - आज 23 मार्च 2026 को श्री शेखर आनंद, जिला पदाधिकारी शेखपुरा द्वारा अपने कार्यालय प्रकोष्ठ में 'सबका सम्मान जीवन आसान' कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम के माध्यम से जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए आम नागरिकों की समस्याओं को बारी-बारी से सुना गया और उनके त्वरित समाधान कराने की दिशा में पहल की गई। जिला पदाधिकारी महोदय के समक्ष कुल 16 आवेदन प्राप्त हुए। जिसमें किसान पंजीकरण कराने, पैर कट जाने के बाद जूता दिलाने की मांग, रोजगार हेतु लोन दिलाने, जमीन अधिग्रहण का मुआवजा दिलाने, रसीद कटवाने, कटारी में खेल मैदान का निर्माण कराने, राशन कार्ड बनवाने, जमीन का नामांतरण रदद कराने, बिल में सुधार, विद्युत लाइसेंस दिलाने, धोखा, दाखिल खारिज, परिमार्जन प्लस, जमाबंदी में सुधार कराने से संबंधित आवेदन प्राप्त हुआ। जिला पदाधिकारी महोदय ने संवेदनशीलता का परिचय देते हुए सभी आवेदकों को एक-एक कर अपने पास बुलाया और उनकी समस्याओं को बेहद ध्यानपूर्वक सुना। उन्होंने प्राप्त आवेदनों पर विचार करते हुए जिला पदाधिकारी महोदय ने सभी फरियादियों को भरोसा दिलाया कि उनके मामलों का समाधान संबंधित पदाधिकारियों के माध्यम से यथाशीघ्र सुनिश्चित कराया जाएगा। उन्होंने मौके पर ही संबंधित विभागों के अधिकारियों को आवेदनों के निष्पादन हेतु कड़े निर्देश दिए गए ताकि आम जनता को बार-बार कार्यालयों के चक्कर न काटने पड़ें। "प्रशासन का मुख्य उद्देश्य है कि हर नागरिक को सम्मान मिले और उनकी समस्याओं का निराकरण कर उनका जीवन आसान बनाया जाए। 'सबका सम्मान जीवन आसान' कार्यक्रम इसी दिशा में एक प्रतिबद्ध कदम है।" — श्री शेखर आनंद, जिलाधिकारी, शेखपुरा पूरे जिले में अभियान जारी गौरतलब है कि शेखपुरा जिले के सभी सरकारी कार्यालयों में 'सबका सम्मान जीवन आसान' कार्यक्रम का प्रभावी ढंग से संचालन किया जा रहा है। इस पहल का उद्देश्य प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता लाना और जनता व प्रशासन के बीच की दूरी को कम करना है। जिला प्रशासन की इस सक्रियता से स्थानीय लोगों में काफी सकारात्मक माहौल देखा जा रहा है और लंबित समस्याओं का समाधान भी तेजी से हो रहा है। डी॰पी॰आर॰ओ॰, शेखपुरा।1
- SAMRAT ASHOK MAHAN का जयंती मनाने के बाद SSD सेना, दिल्ली के लिए रवाना, होगा,1
- बिहार की मिट्टी में फिर से ज्ञान और सम्मान की खेती हो, हमारा बस यही संकल्प है!!1
- लखीसराय जिले के ब्राह्मण स्वाभिमान संघ के द्वारा सामूहिक रूप से बड़हिया नगर परिषद स्थित स्वर्गीय नवीन झा के पीड़ित परिवार को भोजन वस्त्र एवं आर्थिक सहायता दी गई मौके पर संघ के नेतृत्व करता निर्मल झा साकेत पांडे अमलेश पांडे आदि दर्जनों लोग उपस्थित थे। साकेत पांडे ने बताया कि संगठन के लिए हम लोग सदैव तैयार हैं हम अपने समाज के लोगों को बढ़ाने के लिए जो भी कदम उठाना पड़ेगा वह उठाएंगे एवं अपनी आवाज को सरकार तक पहुंचाएंगे।1
- मोरा तालाब, बड़गांव और औंगारी धाम में लाखों श्रद्धालु, 36 घंटे का निर्जला उपवास, खरना का प्रसाद ग्रहण, एंकर, नालंदा जिला के रहूई प्रखंड अंतर्गत मोरा तालाब में चैती छठ महापर्व के दूसरे दिन खरना पूजा को लेकर व्रतियों में भारी उत्साह देखने को मिला, जहां व्रतियों ने खरना का प्रसाद बनाकर भगवान भास्कर को भोग लगाया और प्रसाद ग्रहण किया। चैती छठ महापर्व के दूसरे दिन खरना के अवसर पर व्रतियों ने खीर, मीठा, चावल, दाल और पीठा का प्रसाद बनाकर भगवान सूर्य को अर्पित किया। इसके बाद व्रतियों ने प्रसाद ग्रहण कर अपने परिजनों, मोहल्ला, गांव और मित्रों के बीच प्रसाद वितरित किया। व्रती पूजा कुमारी, सरिता देवी, जुली कुमारी, जयंती देवी, अंशु सिन्हा, दिव्या देवी ने बताया कि छठ महापर्व के दूसरे दिन से 36 घंटे का निर्जला उपवास रखा जाता है, जिसके बाद तीसरे दिन संध्या अर्घ्य और चौथे दिन उदीयमान सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा। छठ महापर्व को लेकर सबसे ज्यादा भीड़ नालंदा के बड़गांव, औंगारी धाम और मोरा तालाब में देखने को मिल, जहां 4 दिनों तक व्रती भगवान सूर्य की आराधना करते हैं। बड़गांव छठ घाट की एक विशेष मान्यता है। कहा जाता है कि भगवान श्री कृष्ण के पौत्र राजा शाम्य को कुष्ठ रोग हो गया था। उन्होंने बड़गांव तालाब में स्नान कर भगवान सूर्य की आराधना की थी, जिससे वे कुष्ठ रोग से मुक्त हो गए थे। तभी से यहां छठ महापर्व पूजा की परंपरा चली आ रही है। मान्यता है कि यहां छठ महापर्व पूजा करने से हर मन्नत पूरी होती है। हालांकि चैती छठ पर्व को लेकर जिला प्रशासन द्वारा समुचित व्यवस्था नहीं किए जाने से कुछ छठव्रती नाराज भी दिखे। वहीं किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए एसडीआरएफ की टीम और नाव की व्यवस्था की गई है। दूर-दराज से आने वाले व्रतियों की सुविधा के लिए कई जगहों पर पंडाल की व्यवस्था की गई है और सीसीटीवी कैमरे से पूरे इलाके पर नजर रखी जा रही है। इस मौके पर श्रद्धालु राजवीर सिंह, राजन सिंह, भवानी सिंह, डॉ आशुतोष, कुंदन कुमार, मुखिया रंजीत यादव, अरुण उर्फ कल्लू मुखिया, अंकित कुमार के अलावे सैकड़ो की संख्या में श्रद्धालु ने प्रसाद ग्रहण किया ।1
- अखबार बांटने वाली की बेटी ने किया बिहार में कॉमर्स टॉप।गरीबी नहीं बना बाधा वैशाली1
- आगामी रामनवमी, चैती छठ एवं चैती दुर्गा पूजा 2026 के मद्देनजर बरबीघा थाना परिसर में शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता थानाध्यक्ष गौरव कुमार ने की, जिसमें स्थानीय जनप्रतिनिधियों, बुद्धिजीवियों एवं आम नागरिकों ने भाग लिया। बैठक के दौरान सभी पर्व-त्योहारों को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाने पर विशेष जोर दिया गया। थानाध्यक्ष ने उपस्थित लोगों से अपील की कि वे आपसी भाईचारा बनाए रखें तथा किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर भ्रामक या भड़काऊ पोस्ट से बचें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत प्रशासन को दें। प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। संवेदनशील स्थलों की पहचान कर वहां अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की जाएगी। साथ ही, त्योहारों के दौरान विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए गश्ती बढ़ाने का भी निर्णय लिया गया है। बैठक में मौजूद लोगों ने प्रशासन को पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया और अपने-अपने क्षेत्रों में शांति बनाए रखने की अपील करने की बात कही। यह बैठक सोमवार की शाम 5 बजे संपन्न हुई।1
- जेई का घेराव कर जमकर विरोध, शट डाउन लिया अचानक दें दिया लाईन पोल से सीधे जमीन पर गिरा मौक़े पर मौत - मानव बल शेखपुरा - घटना से आक्रोशित मानव बलों का प्रदर्शन शेखपुरा में बिजली मिस्त्री की मौत के बाद मानव बलों में भारी आक्रोश देखने को मिला। दर्जनों मानव बल बिजली सब स्टेशन पहुंचकर शहरी क्षेत्र के जूनियर इंजीनियर (जेई) का घेराव किया और उन्हें जमकर खरी-खोटी सुनाई। लापरवाही से गई जान का आरोप. मानव बल संघ के अध्यक्ष संजय कुमार सिंह ने मीडिया से बातचीत में बताया कि मृतक मानव बल कुदन कुमार शटडाउन लेकर शहर के बाइपास रोड स्थित रेल पोल पर बिजली मरम्मति कार्य कर रहा था। इसी दौरान बिना सूचना के बिजली चालू कर दी गई, जिससे उसे जोरदार करंट लगा और वह खंभे से नीचे गिर गया, जिससे उसकी मौत हो गई। सुरक्षा नियमों की अनदेखी का आरोप.अध्यक्ष ने कहा कि जिस पोल पर कार्य हो रहा था, वह रेल पोल है और उस पर बिना शटडाउन के चढ़ना पूरी तरह प्रतिबंधित है। इसके बावजूद बिजली चालू कर देना विभागीय लापरवाही को दर्शाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि अधिकारी अपनी जिम्मेदारी से बचने के लिए झूठे बयान दे रहे हैं। सुरक्षा उपकरण नहीं मिलने की शिकायत. मानव बल रामानंद यादव ने बताया कि कंपनी द्वारा कागजों पर सुरक्षा उपकरण और वर्दी वितरण दिखाया जाता है, लेकिन वास्तविकता में मानव बलों को न तो वर्दी दी जाती है और न ही कोई सुरक्षा उपकरण। उन्होंने आरोप लगाया कि अधिकारियों और कंपनी की मिलीभगत से राशि का दुरुपयोग किया जा रहा है। दलालों के जरिए काम कराने का आरोप. मानव बलों ने आरोप लगाया कि जेई अपने दो कथित दलालों के माध्यम से काम कराते हैं, जिससे मानव बलों की सुरक्षा से खिलवाड़ होता है और उन्हें जोखिम भरे हालात में काम करना पड़ता है। मुआवजा और नौकरी की मांग जिले में कार्यरत सैकड़ों मानव बलों में इस घटना को लेकर रोष है। प्रदर्शन कर रहे मानव बलों ने कार्यपालक अभियंता से मृतक के परिजनों को सरकारी नौकरी, उचित मुआवजा और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। चेतावनी मानव बलों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो वे आंदोलन को और उग्र करेंगे। बाईट -संजय कुमार सिंह मानव बल संघ ज़िला अध्यक्ष बाईट - राजीव कुमार सिन्हा. जेई बिजली विभाग शेखपुरा1
- अनिरुद्ध bhante जी, सम्राट अशोक महान के बारे में, जागरूक करते हुए,1