भीलवाड़ा जिले के हमीरगढ़ थाना क्षेत्र में गुरुवार देर रात पुलिस और एक बदमाश के बीच फिल्मी अंदाज में एक हाई-वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। रिवॉल्वर लेकर किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में घूम रहे बदमाश कम्मू उर्फ कमलेश गुर्जर (29) पुत्र भंवरलाल गुर्जर ने पुलिस को देखते ही फायरिंग कर दी, और गिरफ्तारी से बचने के लिए करीब 9 फीट ऊंची पुलिया से बनास नदी में छलांग लगा दी। हालांकि, घायल होने के बावजूद पुलिस ने घेराबंदी कर उसे दबोच लिया। जिला पुलिस अधीक्षक सागर राणा को मुखबिर से गुरुवार रात करीब एक बजे सूचना मिली थी कि बिलिया कलां निवासी कम्मू उर्फ कमलेश गुर्जर रीको क्षेत्र में रिवॉल्वर लेकर संदिग्ध हालत में घूम रहा है और किसी बड़ी आपराधिक वारदात की तैयारी में है। इस सूचना पर हमीरगढ़ थाना प्रभारी सुनील बेड़ा पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस टीम जब रीको क्षेत्र स्थित बनास नदी की छोटी पुलिया के पास पहुंची, तो आरोपी बाइक पर आता दिखाई दिया। पुलिस वाहन देखते ही वह घबरा गया, बाइक मोड़कर भागने लगा, और खुद को घिरता देख पुलिस टीम पर अचानक फायरिंग कर दी, जिससे कुछ देर के लिए तनावपूर्ण स्थिति बन गई। बदमाश के नदी में छलांग लगाने के बाद, पुलिस टीम ने साहस दिखाते हुए तुरंत नीचे उतरकर उसे चारों तरफ से घेरकर गिरफ्तार कर लिया। आरोपी नीचे पत्थरों और चट्टानों पर गिरने से गंभीर रूप से घायल हो गया था, जिसे पुलिस सुरक्षा में महात्मा गांधी अस्पताल पहुंचाया गया, जहाँ उसका उपचार जारी है। घटना के बाद पूरे इलाके में सुरक्षा घेरा बनाकर सर्च अभियान चलाया गया और शुक्रवार सुबह एफएसएल टीम ने मौके से एक जिंदा कारतूस तथा फायरिंग के बाद का खोल बरामद किया। पुलिस अब इस बात की जांच में जुटी है कि आरोपी किस बड़ी वारदात को अंजाम देने की तैयारी में था और उसके नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं। प्रारंभिक जांच में आरोपी के आपराधिक गतिविधियों से जुड़े होने की आशंका जताई जा रही है। इस पूरे घटनाक्रम के बाद जिलेभर में पुलिस अलर्ट मोड पर आ गई है। वहीं, शहर में यह चर्चा भी जोर पकड़ रही है कि निवर्तमान पुलिस अधीक्षक धर्मेन्द्र सिंह के जाते ही और पुलिस प्रशासन में बदलाव के बाद अपराधी तत्व फिर से बिलों से बाहर निकलने लगे हैं, जिससे कानून व्यवस्था को लेकर आमजन में चिंता बढ़ती दिखाई दे रही है, जबकि पुलिस लगातार सख्ती बरतने का दावा कर रही है।
भीलवाड़ा जिले के हमीरगढ़ थाना क्षेत्र में गुरुवार देर रात पुलिस और एक बदमाश के बीच फिल्मी अंदाज में एक हाई-वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। रिवॉल्वर लेकर किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में घूम रहे बदमाश कम्मू उर्फ कमलेश गुर्जर (29) पुत्र भंवरलाल गुर्जर ने पुलिस को देखते ही फायरिंग कर दी, और गिरफ्तारी से बचने के लिए करीब 9 फीट ऊंची पुलिया से बनास नदी में छलांग लगा दी। हालांकि, घायल होने के बावजूद पुलिस ने घेराबंदी कर उसे दबोच लिया। जिला पुलिस अधीक्षक सागर राणा को मुखबिर से गुरुवार रात करीब एक बजे सूचना मिली थी कि बिलिया कलां निवासी कम्मू उर्फ कमलेश गुर्जर रीको क्षेत्र में रिवॉल्वर लेकर संदिग्ध हालत में घूम रहा है और किसी बड़ी आपराधिक वारदात की तैयारी में है। इस सूचना पर हमीरगढ़ थाना प्रभारी सुनील बेड़ा पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस टीम जब रीको क्षेत्र स्थित बनास नदी की छोटी पुलिया के पास पहुंची, तो आरोपी बाइक पर आता दिखाई दिया। पुलिस वाहन देखते ही वह घबरा गया, बाइक मोड़कर भागने लगा, और खुद को घिरता देख पुलिस टीम पर अचानक फायरिंग कर दी, जिससे कुछ देर के लिए तनावपूर्ण स्थिति बन गई। बदमाश के नदी में छलांग लगाने के बाद, पुलिस टीम ने साहस दिखाते हुए तुरंत नीचे उतरकर उसे चारों तरफ से घेरकर गिरफ्तार कर लिया। आरोपी नीचे पत्थरों और चट्टानों पर गिरने से गंभीर रूप से घायल हो गया था, जिसे पुलिस सुरक्षा में महात्मा गांधी अस्पताल पहुंचाया गया, जहाँ उसका उपचार जारी है। घटना के बाद पूरे इलाके में सुरक्षा घेरा बनाकर सर्च अभियान चलाया गया और शुक्रवार सुबह एफएसएल टीम ने मौके से एक जिंदा कारतूस तथा फायरिंग के बाद का खोल बरामद किया। पुलिस अब इस बात की जांच में जुटी है कि आरोपी किस बड़ी वारदात को अंजाम देने की तैयारी में था और उसके नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं। प्रारंभिक जांच में आरोपी के आपराधिक गतिविधियों से जुड़े होने की आशंका जताई जा रही है। इस पूरे घटनाक्रम के बाद जिलेभर में पुलिस अलर्ट मोड पर आ गई है। वहीं, शहर में यह चर्चा भी जोर पकड़ रही है कि निवर्तमान पुलिस अधीक्षक धर्मेन्द्र सिंह के जाते ही और पुलिस प्रशासन में बदलाव के बाद अपराधी तत्व फिर से बिलों से बाहर निकलने लगे हैं, जिससे कानून व्यवस्था को लेकर आमजन में चिंता बढ़ती दिखाई दे रही है, जबकि पुलिस लगातार सख्ती बरतने का दावा कर रही है।
- भीलवाड़ा शहर में दिनभर की तेज धूप और उमस भरी गर्मी के बाद शाम को मौसम ने अचानक करवट ले ली। तेज आंधी के साथ हुई जोरदार बारिश से लोगों को भीषण गर्मी से तुरंत राहत मिली और तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई, जिससे मौसम सुहाना हो गया। शाम के समय आसमान में अचानक काले बादल छा गए और तेज हवाओं के साथ बारिश का दौर शुरू हो गया। कई इलाकों में हुई तेज बारिश से सड़कें जलमग्न हो गईं, वहीं तेज हवा के कारण लोगों को कुछ परेशानी का सामना भी करना पड़ा। लगातार पड़ रही गर्मी से परेशान शहरवासियों ने बारिश के बाद राहत महसूस की और मौसम ठंडा होने से उनके चेहरों पर खुशी दिखाई दी। मौसम विभाग ने अगले तीन घंटे में तेज बारिश की चेतावनी भी जारी की है।2
- भीलवाड़ा विधायक अशोक कुमार कोठारी ने 30 मई को अपने कार्यालय में जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग (पीएचईडी) और चंबल परियोजना के अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य भीलवाड़ा विधानसभा क्षेत्र में भीषण गर्मी के दौरान पेयजल आपूर्ति की स्थिति की समीक्षा करना था। विधायक कोठारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शहर और आसपास के क्षेत्रों में पर्याप्त और नियमित जलापूर्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि इस प्रचंड गर्मी में आम जनता को किसी भी तरह की असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने जल वितरण व्यवस्था की लगातार निगरानी करने और किसी भी क्षेत्र में जल संकट उत्पन्न होने पर तत्काल उसका समाधान करने के आदेश दिए। इसके अतिरिक्त, उन्होंने 'वंदे गंगा जल जन अभियान' के तहत प्राचीन जलाशयों, बावड़ियों और कुओं के जल को जनता के लिए उपयोगी बनाने हेतु एक कार्ययोजना तैयार कर नागरिकों को राहत प्रदान करने को भी कहा। बैठक में अधीक्षण अभियंता चंबल विनोद गर्ग, अधिशाषी अभियंता चंबल महेश नरानिया, अधीक्षण अभियंता किशन खोईवाल, सहायक अभियंता दिलराज मीणा, कनिष्ठ अभियंता श्रीराम मीणा, सहायक अभियंता प्रेम जीनगर, कनिष्ठ अभियंता हरीश मीणा, सौभाग्य राज सिंह, सुरेश सालवी, संदीप मीणा, विजय सिंह खटाना और नरेश गुर्जर सहित विभिन्न विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे। उनके साथ एडवोकेट अर्पित कोठारी, गजेंद्र सिंह राठौड़, बाबूलाल टाक, सुंदरलाल बंबोरा, संजय राठी, चेतन मानसिहका, कमल कोठारी, केदार जागेटिया, प्रिंस जैन, अजय पाराशर और पृथ्वीराज सिंह सहित अन्य कार्यकर्ता भी मौजूद थे।2
- भीलवाड़ा में नौतपा के अवसर पर भेरुनाथ मंदिर में पंच धुना अग्नि तप का आरंभ हो गया है। इस धार्मिक अनुष्ठान के शुरू होते ही मंदिर परिसर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी है।1
- 30 मई 2026 को कई राज्यों में भारी बारिश और तूफान की आशंका जताई गई है, जिसके चलते व्यापक स्तर पर समस्याएँ उत्पन्न हो सकती हैं। इस मौसमी आपदा के कारण कई जगहों पर बिजली गुल होने की संभावना है, साथ ही पेड़-पौधों को भी नुकसान पहुँच सकता है। तूफान की वर्तमान स्थिति और उसकी तीव्रता को देखते हुए, यह संभावना नहीं दिख रही कि यह शांतिपूर्वक थम जाएगा। इसी बीच, राजस्थान के भीलवाड़ा में भी बारिश के साथ तेज तूफान आया है, जिसने राज्य के कुछ जिलों को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है।1
- साड़ास क्षेत्र में आई तेज़ आंधी और तूफान ने स्थानीय लोगों में भय और दहशत का माहौल बना दिया है। इस प्राकृतिक आपदा के कारण कई मकानों के चदर (छत) उड़ने की खबरें मिली हैं, जिससे लोगों को काफी नुकसान हुआ है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए सभी निवासियों से अपील की गई है कि वे अपने घरों में रहें और सुरक्षित स्थान पर रहकर सावधानी बरतें।1