पूर्णिया जिले के अमरौर प्रखंड में स्थित उच्च माध्यमिक विद्यालय तालबाड़ी को उसकी हरियाली, विशाल मैदान और शिक्षा के पवित्र वातावरण के लिए पहचान मिली है। यह विद्यालय विद्यार्थियों को अनुशासन, संस्कार और ज्ञान की सीख प्रदान करता है, जिसे केवल पढ़ाई का स्थान नहीं बल्कि सपनों को नई उड़ान देने वाला मंदिर बताया गया है। यहाँ की हर कक्षा, प्रत्येक पेड़ और हर याद छात्रों के भविष्य की नींव को मजबूत बनाती है। एक प्रेरणादायक कहानी के माध्यम से बताया गया है कि जिस प्रकार एक छोटा पौधा सही देखभाल पाकर एक दिन विशाल वृक्ष बन जाता है और सबको छाया देता है, उसी तरह एक विद्यार्थी भी विद्यालय में मेहनत, अनुशासन और अच्छे संस्कार सीखकर जीवन में बड़ी सफलता प्राप्त कर सकता है। यह उच्च माध्यमिक विद्यालय तालबाड़ी विद्यार्थियों को केवल किताबी ज्ञान ही नहीं, बल्कि एक अच्छा इंसान बनना भी सिखाता है।
पूर्णिया जिले के अमरौर प्रखंड में स्थित उच्च माध्यमिक विद्यालय तालबाड़ी को उसकी हरियाली, विशाल मैदान और शिक्षा के पवित्र वातावरण के लिए पहचान मिली है। यह विद्यालय विद्यार्थियों को अनुशासन, संस्कार और ज्ञान की सीख प्रदान करता है, जिसे केवल पढ़ाई का स्थान नहीं बल्कि सपनों को नई उड़ान देने वाला मंदिर बताया गया है। यहाँ की हर कक्षा, प्रत्येक पेड़ और हर याद छात्रों के भविष्य की नींव को मजबूत बनाती है। एक प्रेरणादायक कहानी के माध्यम से बताया गया है कि जिस प्रकार एक छोटा पौधा सही देखभाल पाकर एक दिन विशाल वृक्ष बन जाता है और सबको छाया देता है, उसी तरह एक विद्यार्थी भी विद्यालय में मेहनत, अनुशासन और अच्छे संस्कार सीखकर जीवन में बड़ी सफलता प्राप्त कर सकता है। यह उच्च माध्यमिक विद्यालय तालबाड़ी विद्यार्थियों को केवल किताबी ज्ञान ही नहीं, बल्कि एक अच्छा इंसान बनना भी सिखाता है।
- शनिवार को टेढ़ागाछ अंचल कार्यालय में एक जनता दरबार का आयोजन किया गया, जिसमें भूमि, रास्ता और राजस्व से संबंधित मामलों की सुनवाई की गई। अंचल अधिकारी शशि कुमार की अध्यक्षता में आयोजित इस दरबार में कई मामलों का सफलतापूर्वक निष्पादन किया गया, जबकि जांच और आवश्यक दस्तावेजों की अनुपलब्धता के कारण कुछ मामलों को लंबित रखा गया। इस दौरान नए आवेदन भी प्राप्त हुए। अधिकारियों ने लंबित मामलों के त्वरित निपटारे और भूमि विवादों के शांतिपूर्ण समाधान पर विशेष जोर दिया। अपनी समस्याओं को लेकर विभिन्न पंचायतों से ग्रामीण इस जनता दरबार में पहुँचे।1
- आज एक व्यक्ति बाढ़ का जायजा लेने के लिए गया, जहाँ उसने देखा कि उसके अपने आदमियों ने भारी मात्रा में तांबा तोड़ दिया है। इस घटना से उसे बहुत दुख हुआ और इसी कारण उसे उदास होकर घर वापस लौटना पड़ा।1
- एक महिला ने गहरे दुख और सदमे के साथ अपनी आपबीती साझा की है, जिसमें उसने बताया कि जिसे उसने स्वयं पाल-पोसकर बड़ा किया, उसी के पति ने उसका सुहाग उजाड़ दिया। महिला के इस बयान से स्पष्ट होता है कि वह इस अकल्पनीय विश्वासघात से स्तब्ध है, जहाँ उसके द्वारा पाले गए व्यक्ति के पति ने ही उसे ऐसा गहरा आघात दिया जिससे उसके विवाहित जीवन पर संकट आ गया है।1
- मनीष एसके झा की ओर से 'पोंडती खान सर' को बिहार से बाहर भगाने की इच्छा व्यक्त किए जाने के चौंकाने वाले दावे सामने आए हैं। इन दावों पर, खान सर की टीम ने तत्काल और करारा जवाब दिया है।1
- santosh Kalki Shiv Baba suandaranath dham sarakar 🏴☠️🧿🦴🦁🐯🏹🪈🔱🪓🇮🇳🪡🌺🌹🌿🐁☕🐒🐕🦺🚨🚓🕋🚔✝️🪯🕉️🐉🐢🐊🎡🪔🎠 me antim avatar hu.(kalki avatar.?) panchayat. sankarpur.wad n. (2)gangakalideviji mandir sansari +Durgadeviji k .?1
- चंदवारा प्रखंड के पुराने थाना के समीप शनिवार सुबह 9 बजे एक भीषण सड़क हादसा होते-होते टल गया, जहाँ एक तेज रफ्तार कार एक बाइक सवार को बचाने के प्रयास में अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। यह टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार हवा में करीब 20 फीट तक उछलकर सड़क पर पलट गई। इस दुर्घटना में कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई, लेकिन हैरतअंगेज़ रूप से उसमें सवार सभी लोग सुरक्षित बच गए, जिसे प्रत्यक्षदर्शियों ने किसी चमत्कार से कम नहीं बताया। घटना के तुरंत बाद मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई, और स्थानीय लोगों के साथ पुलिस भी राहत कार्यों के लिए मौके पर पहुँची। हादसे के बाद कुछ देर के लिए सड़क पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया था। इस भीषण दुर्घटना में किसी की जान न जाने को लेकर क्षेत्र में दिनभर चर्चा होती रही, और लोग इसे 'जाको राखे साइयां मार सके न कोय' कहकर भगवान की कृपा मान रहे थे।2
- पूर्णिया जिले की तालबारी पंचायत के कोहबारा घाट क्षेत्र में 19 जून 2026 को नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। मिली तस्वीरों के अनुसार, नदी का पानी आसपास के निचले इलाकों और खेतों तक फैल गया है, जिससे क्षेत्र में बाढ़ आने की आशंका गहरी हो गई है। यदि लगातार बारिश जारी रहती है, तो आने वाले दिनों में बाढ़ की स्थिति उत्पन्न होने से इनकार नहीं किया जा सकता है। स्थानीय ग्रामीणों ने बताया है कि बरसात के मौसम में हर साल नदी का जलस्तर बढ़ने से आवागमन के साथ-साथ खेती-बाड़ी भी प्रभावित होती है। इसे देखते हुए ग्रामीणों ने प्रशासन से समय रहते आवश्यक तैयारियां करने और निगरानी बढ़ाने की मांग की है। इस स्थिति के मद्देनजर, नदी किनारे रहने वाले लोगों से सतर्क रहने, प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करने और किसी भी आपात स्थिति की सूचना तुरंत संबंधित अधिकारियों को देने की अपील की गई है।1
- दिनांक 20 जून 2026 को तलबाड़ी पंचायत के अंतर्गत स्थित कोहबारा घाट क्षेत्र में नदी का जलस्तर लगातार बढ़ता हुआ दिख रहा है। नदी के किनारे का बड़ा हिस्सा पानी से भर चुका है और आसपास के निचले इलाकों में भी जलभराव की स्थिति बनने लगी है, जिससे क्षेत्र में बाढ़ की आशंका बढ़ गई है। स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से पानी का बहाव तेज हुआ है। इस स्थिति पर प्रशासन और ग्रामीण लगातार नजर बनाए हुए हैं। लोगों से अपील की गई है कि वे नदी के किनारे जाने से बचें तथा किसी भी आपात स्थिति में सुरक्षित स्थानों की ओर जाने के लिए तैयार रहें। पशुपालकों और किसानों को भी विशेष रूप से सतर्क रहने की सलाह दी गई है। यदि क्षेत्र में लगातार वर्षा जारी रहती है, तो आने वाले दिनों में जलस्तर और अधिक बढ़ सकता है। फिलहाल, स्थिति चिंताजनक बनी हुई है, लेकिन प्रशासनिक निगरानी लगातार जारी है।1