दौसा मुख्यालय स्थित प्रसिद्ध ढखोड़ वाले बालाजी मंदिर में शनिवार को धार्मिक और आध्यात्मिक माहौल के बीच बालाजी महाराज की भव्य एवं आकर्षक झांकी सजाई गई। इस अवसर पर मंदिर परिसर को फूलों और विशेष सजावट से सुसज्जित किया गया, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। बालाजी महाराज के दर्शनों के लिए सुबह से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी और देर शाम तक भक्तों का आना-जाना जारी रहा। इस दौरान श्रद्धालुओं ने सामूहिक रूप से सुंदरकांड पाठ और हनुमान चालीसा का पाठ किया। सुंदरकांड की प्रत्येक चौपाई और दोहे के साथ पूरा मंदिर परिसर भगवान श्रीराम और हनुमानजी के जयकारों से गूंज उठा। भजन-कीर्तन और धार्मिक स्तुतियों से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय बना रहा, जहाँ श्रद्धालुओं ने सुंदरकांड पाठ के माध्यम से क्षेत्र की सुख-समृद्धि, खुशहाली और जनकल्याण की कामना की। वीनू जोशी ने बताया कि ढखोड़ वाले बालाजी मंदिर में समय-समय पर ऐसे धार्मिक आयोजनों का आयोजन किया जाता है, जिसका उद्देश्य युवाओं और नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति एवं धार्मिक परंपराओं से जोड़ना है। उन्होंने यह भी बताया कि सुंदरकांड पाठ के आयोजन से भक्तों को आध्यात्मिक शांति प्राप्त होती है तथा भगवान हनुमान की कृपा से जीवन के संकट दूर होते हैं। मंदिर में सजी बालाजी महाराज की मनोहारी झांकी श्रद्धालुओं के आकर्षण का मुख्य केंद्र रही, जिसके दर्शन कर भक्तों ने परिवार की सुख-समृद्धि और मंगलमय जीवन की कामना की। महिलाओं, पुरुषों और युवाओं ने बड़ी संख्या में इस आयोजन में भाग लेकर अपनी गहरी धार्मिक आस्था का परिचय दिया। उपस्थित श्रद्धालुओं ने दीप प्रज्वलित कर बालाजी महाराज की आराधना की, जिसके बाद उन्हें प्रसाद वितरित किया गया। इस पूरे आयोजन में मंदिर परिसर में भक्तिभाव और उत्साह का एक अनूठा संगम देखने को मिला।
दौसा मुख्यालय स्थित प्रसिद्ध ढखोड़ वाले बालाजी मंदिर में शनिवार को धार्मिक और आध्यात्मिक माहौल के बीच बालाजी महाराज की भव्य एवं आकर्षक झांकी सजाई गई। इस अवसर पर मंदिर परिसर को फूलों और विशेष सजावट से सुसज्जित किया गया, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। बालाजी महाराज के दर्शनों के लिए सुबह से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी और देर शाम तक भक्तों का आना-जाना जारी रहा। इस दौरान श्रद्धालुओं ने सामूहिक रूप से सुंदरकांड पाठ और हनुमान चालीसा का पाठ किया। सुंदरकांड की प्रत्येक चौपाई और दोहे के साथ पूरा मंदिर परिसर भगवान श्रीराम और हनुमानजी के जयकारों से गूंज उठा। भजन-कीर्तन और धार्मिक स्तुतियों से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय बना रहा, जहाँ श्रद्धालुओं ने सुंदरकांड पाठ के माध्यम से क्षेत्र की सुख-समृद्धि, खुशहाली और जनकल्याण की कामना की। वीनू जोशी ने बताया कि ढखोड़ वाले बालाजी
मंदिर में समय-समय पर ऐसे धार्मिक आयोजनों का आयोजन किया जाता है, जिसका उद्देश्य युवाओं और नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति एवं धार्मिक परंपराओं से जोड़ना है। उन्होंने यह भी बताया कि सुंदरकांड पाठ के आयोजन से भक्तों को आध्यात्मिक शांति प्राप्त होती है तथा भगवान हनुमान की कृपा से जीवन के संकट दूर होते हैं। मंदिर में सजी बालाजी महाराज की मनोहारी झांकी श्रद्धालुओं के आकर्षण का मुख्य केंद्र रही, जिसके दर्शन कर भक्तों ने परिवार की सुख-समृद्धि और मंगलमय जीवन की कामना की। महिलाओं, पुरुषों और युवाओं ने बड़ी संख्या में इस आयोजन में भाग लेकर अपनी गहरी धार्मिक आस्था का परिचय दिया। उपस्थित श्रद्धालुओं ने दीप प्रज्वलित कर बालाजी महाराज की आराधना की, जिसके बाद उन्हें प्रसाद वितरित किया गया। इस पूरे आयोजन में मंदिर परिसर में भक्तिभाव और उत्साह का एक अनूठा संगम देखने को मिला।
- जयपुर स्थित श्री अमरापुर स्थान में सफलतापूर्वक एक बाल संस्कार शिविर का समापन हुआ है।1
- पहलवान विनेश फोगाट ने देश के लिए खेलने वाले खिलाड़ियों की संघर्षपूर्ण परिस्थितियों पर अपनी गहरी पीड़ा व्यक्त की है, जहाँ उन्हें खेल के मैदान में उतरने से पहले अदालतों में भी लंबी लड़ाई लड़नी पड़ती है। उन्होंने कहा कि खेल में हार-जीत तो होती ही रहती है, लेकिन जब कोई खिलाड़ी देश का प्रतिनिधित्व करने के लिए अदालती लड़ाई लड़ने के बाद मैदान पर आता है, तो वह केवल एक खेल नहीं रह जाता। फोगाट ने इस बात पर जोर दिया कि ऐसे खिलाड़ी जब गोल्ड मेडल जीतते हैं, तो वे पूरे देश का नाम रोशन करते हैं। उन्होंने तल्ख़ लहजे में कहा कि पहले यह देखा जाना चाहिए कि ये खिलाड़ी किस तरह 'शोषित होकर' अपने खेल का प्रदर्शन कर रहे हैं। अपनी बात समाप्त करते हुए, उन्होंने 'जय हो लोकतंत्र की' कहकर अपने इरादे साफ किए और आत्मविश्वास के साथ घोषणा की कि 'मैं फिर से आऊंगी और जीत कर जाऊंगी'।1
- जयपुर में एक 11 साल की नाबालिग बच्ची के साथ दुष्कर्म का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि बच्ची जब पड़ोस में खेलने जाती थी, तो 46 साल के एक पड़ोसी ने उसकी नीयत बिगड़ जाने पर उसे डरा-धमका कर इस वारदात को अंजाम दिया। यह घटना अप्रैल-2026 के पहले हफ्ते में हुई बताई जा रही है। पीड़िता के परिजनों की शिकायत के अनुसार, उनकी 11 साल की बच्ची घर के बाहर खेल रही थी और खेलते-खेलते आरोपी पड़ोसी के घर चली गई। घर में बच्ची को अकेला पाकर पड़ोसी ने उसके साथ दुष्कर्म किया और किसी को भी बताने पर गाली-गलौच कर डराया-धमकाया। इस घटना के बाद बच्ची काफी दिनों तक गुमसुम और डरी-सहमी रही। परिजनों द्वारा दबाव बनाने और पूछने पर, मासूम ने पड़ोसी अंकल द्वारा की गई दरिंदगी के बारे में बताया। नाबालिग बच्ची की बात सुनकर गुस्साए परिजन उसे लेकर थाने पहुंचे और आरोपी पड़ोसी के खिलाफ मामला दर्ज करवाया। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए नाबालिग पीड़िता का मेडिकल करवाया और उसके बयान दर्ज किए। इसके बाद पुलिस ने 46 साल के आरोपी पड़ोसी को दुष्कर्म और पोक्सो एक्ट की धाराओं के तहत गिरफ्तार कर लिया।1
- खटवा में संयुक्त कर्मचारी संघ खटवा द्वारा नव चयनित कर्मचारी एवं प्रतिभा सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में शिक्षा और राजकीय सेवा में उत्कृष्ट उपलब्धि हासिल करने वाले विद्यार्थियों और युवाओं को सम्मानित किया गया, साथ ही नव नियुक्त कर्मचारियों को भी सराहा गया। समारोह के दौरान, संरक्षक धर्मेंद्र मीणा (पायलट) ने क्षेत्र के 10वीं और 12वीं कक्षा के टॉपर्स को जयपुर से दिल्ली तक हवाई यात्रा कराने की महत्वपूर्ण घोषणा की। वहीं, मुख्य अतिथि आईएएस विजय प्रकाश मीना ने विद्यार्थियों के लिए करियर काउंसलिंग और मेंटरशिप कार्यक्रम शुरू करने का ऐलान किया। इस अवसर पर कुल 38 मेधावी विद्यार्थियों और 10 नव चयनित कर्मचारियों को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। इस आयोजन में कई प्रशासनिक, शैक्षणिक और जनप्रतिनिधि भी उपस्थित रहे, जिन्होंने समारोह की शोभा बढ़ाई।2
- शिव विधायक रविन्द्र सिंह भाटी ने श्रमिकों के अधिकारों के लिए चल रहे आंदोलन के संबंध में मीडिया से बातचीत की। उन्होंने इस आंदोलन से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर अपने विचार साझा किए।1
- पूर्व चिकित्सा मंत्री रघु शर्मा ने केकड़ी को दोबारा जिला बनाए जाने को लेकर एक भावुक बयान दिया है। उन्होंने कहा कि उन्होंने जिस क्षेत्र को जिला बनाया था, उसे बाद में भाजपा सरकार ने समाप्त कर दिया था। अब वे उसे फिर से जिला का दर्जा दिलाने के लिए अपना संघर्ष जारी रखेंगे। रघु शर्मा ने बेहद दृढ़ और भावुक लहजे में कहा, "यही मेरी कसम है कि जिसको मैंने जिला बनाया और इन बेईमानों ने हटाया, बीजेपी की सरकार ने हटाया, उसको वापस जिले का दर्जा रघु शर्मा दिला के रहेगा और मेरी सांस रहेगी, तो यह जिला बनेगा।" इस बयान के दौरान रघु शर्मा भावुक नजर आए और उन्होंने केकड़ी की जिला पुनर्स्थापना को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता बताया। उनके इस संकल्प को केकड़ी के जिला दर्जे की बहाली के लिए चल रहे कांग्रेस के राजनीतिक अभियान और स्थानीय लोगों की लगातार मांग से जोड़कर देखा जा रहा है।1
- जयपुर जिले के शाहपुरा विधायक मनीष यादव ने नायन गाँव में एक भव्य सम्मान समारोह का आयोजन किया। इस अवसर पर, कक्षा 10वीं और 12वीं में उत्कृष्ट अंक प्राप्त करने वाले मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। यह समारोह विद्यार्थियों की कड़ी मेहनत की मिसाल बना और इसे एक 'ऐतिहासिक सम्मान समारोह' बताया गया, जो इस बात पर जोर देता है कि 'शाहपुरा के सितारे कमाल कर रहे हैं'।1
- नेपाल की अस्मिता तमांग नाम की कक्षा 9 की एक छात्रा बेहद चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में अपनी पढ़ाई जारी रख रही है। अपनी माँ के निधन के बाद, अस्मिता को अपने डेढ़ साल के छोटे भाई और अन्य छोटे भाई-बहनों की जिम्मेदारी संभालनी पड़ रही है। चूंकि उनके पिता काम पर चले जाते हैं और घर पर बच्चों की देखभाल के लिए कोई अन्य व्यक्ति नहीं होता, अस्मिता को अपने छोटे भाई को गोद में लेकर ही स्कूल जाना पड़ता है। इसी वजह से, वह कक्षा में भी अपने छोटे भाई को गोद में बैठाकर पढ़ती है। जब शिक्षक ने उससे इस स्थिति के बारे में पूछा, तो अस्मिता अपनी व्यथा व्यक्त करते हुए कक्षा में ही रो पड़ी। यह वीडियो अस्मिता के इस अनकहे संघर्ष और जुदाई की कहानी को दर्शाता है।1
- लालसोट में ब्राह्मण समाज और श्री परशुराम सेना संघ के संयुक्त तत्वावधान में भगवान श्री परशुराम मंदिर परिसर में तृतीय विप्र बालक संस्कार शिविर का शुभारंभ हुआ है। शिविर के पहले दिन बालकों को सनातन संस्कृति, नित्यकर्म, पूजा-पाठ, योग, प्राणायाम, सूर्य नमस्कार और गायत्री मंत्र जप का गहन प्रशिक्षण प्रदान किया गया। इस दौरान, आचार्यों ने ब्राह्मण धर्म, संस्कारों और नैतिक मूल्यों की महत्ता पर प्रकाश डाला, साथ ही बच्चों को सदाचार और अनुशासन को अपने जीवन में अपनाने के लिए प्रेरित किया। इस महत्वपूर्ण शिविर में बड़ी संख्या में बालकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया, और समाज के कई गणमान्य व्यक्ति भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।2