युवा मोर्चा ने दिव्यांग स्कूल के बच्चों के साथ मनाई बाबा साहब की जयंती सारंगढ़-बिलाईगढ़। भारतीय जनता युवा मोर्चा द्वारा भारत रत्न भीमराव आंबेडकर की जयंती के अवसर पर एक प्रेरणादायी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने दिव्यांग बच्चों के साथ मिलकर उनका जन्मोत्सव मनाया और समाज के प्रति संवेदनशीलता का संदेश दिया। कार्यक्रम में युवा मोर्चा के सदस्यों ने बच्चों को कॉपी, पेन सहित मिष्ठान भेंट कर उनके चेहरों पर मुस्कान बिखेरी। इस पहल ने न केवल बच्चों को प्रोत्साहित किया, बल्कि उनके भीतर आत्मविश्वास भी बढ़ाया। इस अवसर पर युवा मोर्चा के पदाधिकारी व कार्यकर्ताओं ने विद्यालय के छात्रों, शिक्षकों एवं सहायकों के समर्पण की सराहना की, जो विशेष बच्चों के उज्ज्वल भविष्य को संवारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयास समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। कार्यक्रम के दौरान बाबा साहब अंबेडकर के जीवन और उनके विचारों पर भी प्रकाश डाला गया। उनके संघर्ष, शिक्षा के प्रति समर्पण और समानता के सिद्धांतों को याद करते हुए उपस्थित लोगों को उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प दिलाया गया। युवा मोर्चा के जिला अध्यक्ष हितेश अजगल्ले ने कहा कि बाबा साहब का जीवन हमें यह सिखाता है कि शिक्षा और समान अवसर के माध्यम से समाज के हर वर्ग को आगे बढ़ाया जा सकता है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से जरूरतमंद बच्चों के जीवन में खुशियां लाने का प्रयास निरंतर जारी रहेगा। कार्यक्रम में उपस्थित रहे खिलेश साहू जिला उपाध्यक्ष,गुणसागर साहू जिला कोषाध्यक्ष,डोरीलाल चंद्रा जिला मीडिया प्रभारी,अक्षत स्वर्णकार नगर मंडल अध्यक्ष,मोक्ष यादव सोशल मीडिया प्रभारी,आशुतोष गोस्वामी,भविष्य नामदेव,नानू चौहान,अभिनव ठाकुर, ताशू यादव, जिन्होंने इस पहल की सराहना की।
युवा मोर्चा ने दिव्यांग स्कूल के बच्चों के साथ मनाई बाबा साहब की जयंती सारंगढ़-बिलाईगढ़। भारतीय जनता युवा मोर्चा द्वारा भारत रत्न भीमराव आंबेडकर की जयंती के अवसर पर एक प्रेरणादायी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने दिव्यांग बच्चों के साथ मिलकर उनका जन्मोत्सव मनाया और समाज के प्रति संवेदनशीलता का संदेश दिया। कार्यक्रम में युवा मोर्चा के सदस्यों ने बच्चों को कॉपी, पेन सहित मिष्ठान भेंट कर उनके चेहरों पर मुस्कान बिखेरी। इस पहल ने न केवल बच्चों को प्रोत्साहित किया, बल्कि उनके भीतर आत्मविश्वास भी बढ़ाया। इस अवसर पर युवा मोर्चा के पदाधिकारी व कार्यकर्ताओं ने विद्यालय के छात्रों, शिक्षकों एवं सहायकों के समर्पण की सराहना की, जो विशेष बच्चों के उज्ज्वल भविष्य को संवारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयास समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। कार्यक्रम के दौरान बाबा साहब अंबेडकर के जीवन और उनके विचारों पर भी प्रकाश डाला गया। उनके संघर्ष, शिक्षा के प्रति समर्पण और समानता के सिद्धांतों को याद करते हुए उपस्थित लोगों को उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प दिलाया गया। युवा मोर्चा के जिला अध्यक्ष हितेश अजगल्ले ने कहा कि बाबा साहब का जीवन हमें यह सिखाता है कि शिक्षा और समान अवसर के माध्यम से समाज के हर वर्ग को आगे बढ़ाया जा सकता है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से जरूरतमंद बच्चों के जीवन में खुशियां लाने का प्रयास निरंतर जारी रहेगा। कार्यक्रम में उपस्थित रहे खिलेश साहू जिला उपाध्यक्ष,गुणसागर साहू जिला कोषाध्यक्ष,डोरीलाल चंद्रा जिला मीडिया प्रभारी,अक्षत स्वर्णकार नगर मंडल अध्यक्ष,मोक्ष यादव सोशल मीडिया प्रभारी,आशुतोष गोस्वामी,भविष्य नामदेव,नानू चौहान,अभिनव ठाकुर, ताशू यादव, जिन्होंने इस पहल की सराहना की।
- Post by पत्रकारिकता1
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- Post by Gautam karsh1
- Post by द कहर न्यूज़ एजेंसी1
- ride Mili X girlfriend...1
- Post by SK Kashyapपत्रकार रींवापार1
- धरमजयगढ़ वनमंडल क्षेत्र इन दिनों हाथियों की लगातार बढ़ती सक्रियता से जूझ रहा है। जंगल से निकलकर गांवों और सड़कों तक पहुंच रहे हाथी जहां किसानों की मेहनत पर पानी फेर रहे हैं, वहीं आम लोगों के बीच भय और असुरक्षा का माहौल गहरा रहा है। बीते दिनों क्रौंधा मार्ग पर हाथियों का एक झुंड सड़क पार करते देखा गया था, जिससे कुछ देर के लिए यातायात पूरी तरह प्रभावित हुआ। वहीं आज सुबह करीब 10 बजे रायगढ़ रोड पर एक अकेला हाथी कंपार्टमेंट 67 से 68 के जंगल की ओर सड़क पार करता नजर आया। हाथी के अचानक सड़क पर आने से दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई और लोग सहम गए। हालांकि मौके पर तैनात फॉरेस्ट अमला सतर्क रहा और स्थिति को संभाला। जानकारी के अनुसार, धरमजयगढ़ रेंज में वर्तमान में लगभग 48 हाथी (नर, मादा व शावक सहित) विचरण कर रहे हैं, जबकि पूरे वनमंडल में इनकी संख्या करीब 120 बताई जा रही है। हाथियों की यह बढ़ती मौजूदगी अब केवल वन क्षेत्र तक सीमित नहीं रह गई है, बल्कि यह सीधे जनजीवन को प्रभावित कर रही है। ग्रामीणों का कहना है कि लगातार फसलों को हो रहे नुकसान और सड़कों पर हाथियों की मौजूदगी से वे दहशत में हैं। ऐसे में लोगों ने वन विभाग से ठोस और स्थायी समाधान की मांग की है, ताकि जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।2
- Post by पत्रकारिकता1