बलिया के बिल्थरारोड स्थित नगर के वार्ड नंबर 11 में विनायक इंटरप्राइजेज के संचालक अरुण कुमार गुप्ता ने एक युवक पर गंभीर आरोप लगाया है। गुप्ता के अनुसार, उस युवक ने स्वयं को खाद्य विभाग का कर्मचारी बताकर उनकी दुकान से लगभग 12 हजार रुपये का सामान लिया और फिर उसका भुगतान करने से इनकार कर दिया। यह घटना रविवार को लगभग 11:30 बजे हुई, जब युवक दुकान पर पहुंचा और खाद्य सामग्री खरीदकर चला गया। जब अरुण कुमार गुप्ता ने युवक से सामान के भुगतान की मांग की, तो उसने अपना नाम पीयूष सिंह बताया और खुद को खाद्य विभाग का कर्मचारी बताते हुए पैसे देने में आनाकानी करने लगा। आरोप है कि युवक ने व्यापारी को धमकाते हुए कहा कि वह उसकी दुकान सील करा देगा और शाम तक व्यापारी को उसके पैर पड़ने की नौबत आ जाएगी। इस घटना के बाद, पीड़ित व्यापारी अरुण कुमार गुप्ता ने उभांव थाने में तहरीर देकर मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष निलेश दीपू ने भी इस मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। पुलिस फिलहाल इस पूरे मामले की जांच में जुट गई है।
बलिया के बिल्थरारोड स्थित नगर के वार्ड नंबर 11 में विनायक इंटरप्राइजेज के संचालक अरुण कुमार गुप्ता ने एक युवक पर गंभीर आरोप लगाया है। गुप्ता के अनुसार, उस युवक ने स्वयं को खाद्य विभाग का कर्मचारी बताकर उनकी दुकान से लगभग 12 हजार रुपये का सामान लिया और फिर
उसका भुगतान करने से इनकार कर दिया। यह घटना रविवार को लगभग 11:30 बजे हुई, जब युवक दुकान पर पहुंचा और खाद्य सामग्री खरीदकर चला गया। जब अरुण कुमार गुप्ता ने युवक से सामान के भुगतान की मांग की, तो उसने अपना नाम पीयूष सिंह बताया और खुद को खाद्य विभाग
का कर्मचारी बताते हुए पैसे देने में आनाकानी करने लगा। आरोप है कि युवक ने व्यापारी को धमकाते हुए कहा कि वह उसकी दुकान सील करा देगा और शाम तक व्यापारी को उसके पैर पड़ने की नौबत आ जाएगी। इस घटना के बाद, पीड़ित व्यापारी अरुण कुमार गुप्ता ने उभांव थाने
में तहरीर देकर मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष निलेश दीपू ने भी इस मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। पुलिस फिलहाल इस पूरे मामले की जांच में जुट गई है।
- बलिया जिले के बिल्थरारोड स्थित सीयर विकासखंड के प्राथमिक विद्यालय तारनपुर परिसर में बिना अनुमति एक शादी समारोह आयोजित किए जाने का मामला सामने आया है। बताया गया है कि विद्यालय में गेट न होने का फायदा उठाकर बाहरी लोगों ने परिसर का उपयोग एक कार्यक्रम स्थल के रूप में किया। इस मामले की जानकारी मिलने पर शिक्षा विभाग ने तुरंत संज्ञान लिया। खंड शिक्षा अधिकारी सुनील कुमार चौबे ने बताया कि बिना अनुमति विद्यालय परिसर में शादी समारोह आयोजित कराने के आरोप में संबंधित लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया गया है। साथ ही, शिक्षा विभाग इस मामले की जांच कर आगे की कार्रवाई कर रहा है।1
- देवरिया जिले के बनकटा थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक 'ढोंगी सोखा' व्यासमुनि पाण्डेय को गिरफ्तार किया है, जिस पर झाड़-फूंक के नाम पर एक महिला से दुष्कर्म करने का आरोप है। बनकटा पुलिस द्वारा थाना स्थानीय पर पंजीकृत मु0अ0सं0 144/2026 धारा 64(1) बीएनएस से संबंधित नामजद अभियुक्त व्यासमुनि पाण्डेय पुत्र स्व0 रामचन्द्र पाण्डेय, निवासी जगनचक, थाना बनकटा, जनपद देवरिया, जिसकी उम्र करीब 55 वर्ष बताई गई है, को 08.06.2026 को पकड़ा गया। पुलिस को अवगत कराया गया कि यह घटना 07.06.2026 को हुई थी। एक महिला अपने बच्चे को ठीक कराने के लिए जगनचक निवासी व्यासमुनि पाण्डेय के पास झाड़-फूंक के लिए गई थी। आरोप है कि व्यासमुनि पाण्डेय ने बच्चे को पूरी तरह ठीक करने का झांसा देकर महिला के साथ गलत संबंध बनाए। इस मामले में पीड़िता के पति की तहरीर पर बनकटा थाने में मु0अ0सं0 144/2026 धारा 64(1) बीएनएस के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया था। पुलिस अब गिरफ्तार अभियुक्त के विरुद्ध नियमानुसार विधिक कार्यवाही कर रही है और मामले की विवेचना जारी है।2
- बलिया पुलिस ने अपराध नियंत्रण और वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह के कुशल निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक संजय वर्मा के निकट पर्यवेक्षण, और क्षेत्राधिकारी नगर मो. उस्मान व थानाध्यक्ष हितेश कुमार के नेतृत्व में, गड़वार पुलिस टीम ने 08 जून 2026 को झगड़ा-फसाद तथा वाद-विवाद कर शांति भंग करने वाले 15 लोगों को गिरफ्तार किया है। इन गिरफ्तार किए गए लोगों में 10 पुरुष अभियुक्त और 5 महिला अभियुक्ता शामिल हैं। सभी को भारतीय न्याय संहिता (बीएनएसएस) की धारा 170, 126, और 135 के तहत चालान कर माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए सभी व्यक्ति बलिया जिले के गड़वार थाना क्षेत्र के बहादुरपुर कारी, पड़वार और कुरेजी गाँवों के निवासी हैं। इस गिरफ्तारी अभियान में गड़वार थाना की पुलिस टीम में महिला उपनिरीक्षक सोनाली सिंह, कांस्टेबल नागेन्द्र कुमार, महिला पीआरडी पूनमलता, कांस्टेबल अशोक यादव, कांस्टेबल विशाल यादव और रिजर्व कांस्टेबल चन्द्रकान्त वर्मा शामिल थे।1
- देवरिया जिले के भाटपार रानी क्षेत्र में व्यापार मंडल के जिला संगठन मंत्री ने खान सर को लेकर अपनी बात खुलकर रखी। उन्होंने इस संबंध में सार्वजनिक रूप से अपनी राय व्यक्त की है।1
- बलिया जिले के नगरा विकास खंड के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत नरही मेहराव में नहर मार्ग की हालत कई वर्षों से खराब है। यह नहर मार्ग पंडितपुर देवरिया वीरपुर मेहराव से नरही मेहराव तक जाता है, जिससे कम से कम 20,000 लोग सीधे तौर पर प्रभावित हो रहे हैं।1
- यह घोषणा की गई है कि अयोध्या में अब सिर्फ राम भक्त ही प्रवेश कर पाएंगे, और रामद्रोही माने जाने वाले किसी भी व्यक्ति को यहाँ घुसने नहीं दिया जाएगा। इस कथन में अयोध्या के लिए एक स्पष्ट और अनन्य प्रवेश नीति रेखांकित की गई है।1
- सीवान जिले के गुठनी प्रखंड की चिताखाल पंचायत में प्रस्तावित डिग्री कॉलेज की स्थापना को लेकर सोमवार सुबह 10 बजे एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। यह बैठक दरौली के पूर्व विधायक सत्यदेव राम की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में चिताखाल पंचायत में प्रस्तावित डिग्री कॉलेज को यथावत स्थापित करने, क्षेत्र के छात्र-छात्राओं को उच्च शिक्षा की बेहतर सुविधाएँ उपलब्ध कराने और शिक्षा के अधिकार के लिए लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष को आगे बढ़ाने जैसे मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गई। इस अवसर पर पंचायत के मुखिया नवमी लाल माझी, विनीत नाथ तिवारी, श्रीराम साहनी, गोलू तिवारी, कामरुजमा अंसारी, प्रमोद साहनी, भीम राजभर सहित सैकड़ों ग्रामीण उपस्थित रहे।1
- बिल्थरारोड तहसील क्षेत्र के तारनपुर स्थित प्राथमिक विद्यालय सीयर परिसर में अश्लील गानों पर डांस कार्यक्रम आयोजित होने का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। इस कार्यक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद लोगों ने सवाल उठाना शुरू कर दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि विद्यालय शिक्षा का केंद्र होता है, ऐसे में स्कूल परिसर में अश्लील गीतों पर नृत्य होना उचित नहीं है। लोग यह प्रश्न उठा रहे हैं कि विद्यालय परिसर में इस प्रकार के आयोजन की अनुमति कैसे दी गई। मामले को लेकर जिम्मेदार अधिकारियों से जांच कर आवश्यक कार्रवाई की मांग की जा रही है, वहीं विद्यालय परिसर के उपयोग और कार्यक्रम की अनुमति को लेकर भी कई सवाल खड़े हो रहे हैं।1