लखनऊ से जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में, राष्ट्रीय संकल्प मोर्चा ने देशवासियों से भीषण गर्मी और लू से सावधान रहने तथा अपने स्वास्थ्य का विशेष ख्याल रखने की अपील की है। मीडिया प्रकोष्ठ द्वारा जारी इस पर्यावरण जन-जागरण संदेश में 'हरा-भरा भारत, खुशहाल भारत' के ध्येय वाक्य के साथ भारत सरकार और राज्य सरकारों द्वारा पर्यावरण संरक्षण एवं वृक्षारोपण के लिए उठाए जा रहे कदमों का पूर्ण समर्थन किया गया है। मोर्चा ने सभी देशवासियों से आह्वान किया है कि "आओ जागें, सुबह-सुबह पेड़-पौधे अधिक लगाएं, जीवन को सुंदर बनाएं।" मोर्चा ने इस बात पर जोर दिया है कि हरा-भरा जीवन एक अनमोल रत्न है, और शुद्ध पर्यावरण, शुद्ध वायु तथा शुद्ध जल ही स्वस्थ जीवन की आधारशिला हैं। उन्होंने प्राकृतिक एवं नेचुरल संसाधनों के उपयोग को सबसे महत्वपूर्ण पहलू बताया। इस संदर्भ में, सभी नागरिकों का कर्तव्य है कि वे एक-दूसरे को जागरूक कर पर्यावरण को शुद्ध करें, प्रदूषण को "बाय-बाय" कहकर प्लास्टिक का त्याग करें, देश को स्वच्छ, हरा-भरा और खुशहाल धरोहर बनाएं, तथा "हर घर एक पेड़, हर हाथ एक संकल्प" के भाव से काम करें। यह संदेश आने वाली पीढ़ियों के लिए सुंदर पर्यावरण, सुंदर धरती, हरियाली युक्त ठंडक और संतुलित मौसम को सबसे बड़ी सौगात मानता है, और सभी से मिलकर दुनिया को प्राकृतिक धरती का खूबसूरत जीवन जीने का मार्गदर्शक बनने का आग्रह करता है। राष्ट्रीय संकल्प मोर्चा का संकल्प है "प्रकृति बचाओ, भविष्य बनाओ", जिसका ध्येय वाक्य "सशक्त समाज, समृद्ध राष्ट्र" है। इस रिपोर्ट को राष्ट्रीय संकल्प मोर्चा के मीडिया सलाहकार लाल चंद सोनी ने आज लखनऊ से आज सुबह टाइम्स टीम, लखनऊ के सौजन्य से जारी किया। इसमें यह भी कहा गया है कि "हम शोर नहीं मचाते, काम ऐसा करते हैं कि चर्चा खुद होने लगती है।"
लखनऊ से जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में, राष्ट्रीय संकल्प मोर्चा ने देशवासियों से भीषण गर्मी और लू से सावधान रहने तथा अपने स्वास्थ्य का विशेष ख्याल रखने की अपील की है। मीडिया प्रकोष्ठ द्वारा जारी इस पर्यावरण जन-जागरण संदेश में 'हरा-भरा भारत, खुशहाल भारत' के ध्येय वाक्य के साथ भारत सरकार और राज्य सरकारों द्वारा पर्यावरण संरक्षण एवं वृक्षारोपण के लिए उठाए जा रहे कदमों का पूर्ण समर्थन किया गया है। मोर्चा ने सभी देशवासियों से आह्वान किया है कि "आओ जागें, सुबह-सुबह पेड़-पौधे अधिक लगाएं, जीवन को सुंदर बनाएं।" मोर्चा ने इस बात पर जोर दिया है कि हरा-भरा जीवन एक अनमोल रत्न है, और शुद्ध पर्यावरण, शुद्ध वायु तथा शुद्ध जल ही स्वस्थ जीवन की आधारशिला हैं। उन्होंने प्राकृतिक एवं नेचुरल संसाधनों के उपयोग को सबसे महत्वपूर्ण पहलू बताया। इस संदर्भ में, सभी नागरिकों का कर्तव्य है कि वे एक-दूसरे को जागरूक कर पर्यावरण को शुद्ध करें, प्रदूषण को "बाय-बाय" कहकर प्लास्टिक का त्याग करें, देश को स्वच्छ, हरा-भरा और खुशहाल धरोहर बनाएं, तथा "हर घर एक पेड़, हर हाथ एक संकल्प" के भाव से काम करें। यह संदेश आने वाली पीढ़ियों के लिए सुंदर पर्यावरण, सुंदर धरती, हरियाली युक्त ठंडक और संतुलित मौसम को सबसे बड़ी सौगात मानता है, और सभी से मिलकर दुनिया को प्राकृतिक धरती का खूबसूरत जीवन जीने का मार्गदर्शक बनने का आग्रह करता है। राष्ट्रीय संकल्प मोर्चा का संकल्प है "प्रकृति बचाओ, भविष्य बनाओ", जिसका ध्येय वाक्य "सशक्त समाज, समृद्ध राष्ट्र" है। इस रिपोर्ट को राष्ट्रीय संकल्प मोर्चा के मीडिया सलाहकार लाल चंद सोनी ने आज लखनऊ से आज सुबह टाइम्स टीम, लखनऊ के सौजन्य से जारी किया। इसमें यह भी कहा गया है कि "हम शोर नहीं मचाते, काम ऐसा करते हैं कि चर्चा खुद होने लगती है।"
- अयोध्या जिले में 8 जून 2026 को आयोजित होने वाले जुलुसे गौसिया की तैयारियाँ पूरे ज़ोरों पर हैं। बीकापुर तहसील गेट के सामने स्थित मजार पर इस भव्य आयोजन के लिए लोग तैयारियों में जुटे हुए हैं। सरकार नसीरुद्दीन शाह ने जुलुसे गौसिया के संबंध में अपना संदेश जारी किया है और इस अवसर पर लोगों को मुबारकबाद भी दी है।1
- अयोध्या धाम में व्यापार करने वाले बाहरी दुकानदारों का अब चरित्र सत्यापन तेजी से किया जा रहा है। पुलिस यह सुनिश्चित करने में लगी है कि कहीं किसी बाहरी दुकानदार का कोई आपराधिक रिकॉर्ड तो नहीं है, या वह किसी आपराधिक षड्यंत्र में शामिल तो नहीं है। यह कदम इसलिए उठाया गया है क्योंकि अयोध्या धाम में बाहरी दुकानदारों की भारी संख्या देखी जा रही है, और पुलिस उनकी सभी गतिविधियों पर कड़ी नज़र रख रही है। इस बीच, अयोध्या धाम को एक दिव्य, नव्य और अलौकिक अनुभूति वाला स्थल बताया गया है, जहां प्रभु श्री राम जी की अवधपुरी में एक विशेष एहसास मिलता है और लोगों को अयोध्या धाम आने के लिए आमंत्रित किया गया है। इसके अतिरिक्त, संपूर्ण भारत वर्ष की जनता से विशेष अपील की गई है कि वे गर्मी और लू के तेज प्रकोप को देखते हुए अपने स्वास्थ्य का विशेष ख्याल रखें और सावधानी व सतर्कता बरतें। यह रिपोर्ट लाल चंद सोनी द्वारा आज सुबह टाइम्स के लिए प्रस्तुत की गई है।1
- आईये आपको मिलाते हैं "पियर फराक वाली" "लेलो पुदीना" जैसे सुपरहिट भोजपुरी गाने गाकर रातों रात सुपरस्टार बन गई भोजपुरी गायिका अनुपमा यादव से। #ayodhya |anupmayadav #thesilvarspoon #manishyadav1
- अपना दल (एस) के 276 विधानसभा गोसाईंगंज क्षेत्र के लोकप्रिय नेता प्रमोद सिंह की प्रशंसा करते हुए, जिन्होंने निरंतर लोगों के बीच पहुँचकर उनके सुख-दुःख में अपनी पहचान बनाई है, लेखक ने एक हृदय विदारक घटना साझा की है। लेखक ने बताया कि वे अक्सर लोगों के दुःख-दर्द में शामिल होते रहते हैं, लेकिन ग्यासपुर के एक गौड़ परिवार की बेबसी, बदनसीबी, गरीबी और लाचारी ने उन्हें बहुत पीड़ा दी। इस परिवार के इकलौते युवा कमाऊ बेटे का हाल ही में एक सड़क दुर्घटना में दुखद निधन हो गया था। जब लेखक शोक संवेदना व्यक्त करने गए, तो दिवंगत बेटे की पत्नी ने अपनी तीन महीने की अबोध बेटी को उनकी गोद में रख दिया। उसने बताया कि उसके सास-ससुर वृद्ध हैं, उसके दोनों देवर आँखों से दिव्यांग हैं, और उसके पास खेती की कोई जमीन भी नहीं है। महिला ने लेखक को अपने पिता समान बताते हुए यह मार्मिक प्रश्न किया, “मेरा क्या होगा?” वहाँ से आने के बाद भी महिला के सवाल लेखक के मन में लगातार गूँजते रहे। इसके तीसरे दिन, लेखक फिर उस परिवार के पास गए और पूरे परिवार को अपनाया। उन्होंने यह वचन दिया कि वे हर संकट में अपनी पूरी सामर्थ्य के साथ सदैव उनके साथ खड़े रहेंगे। (ब्यूरो रिपोर्ट, दुर्गा सिंह)1
- उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में स्थित अमोढ़ा का ऐतिहासिक राजा जालम सिंह किला वर्तमान में गंभीर दुर्दशा का शिकार है। करोड़ों रुपये के बजट के बावजूद, यह ऐतिहासिक स्थल बदहाली की स्थिति में है, जिसकी पहचान और इतिहास झाड़ियों में छिप गया है। इस स्थिति को उजागर करते हुए प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO India) का ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया गया है, जो उपलब्ध धनराशि और किले की वास्तविक स्थिति के बीच के विरोधाभास पर सवाल उठाता है।1
- कथावाचक पवनदेव महाराज के खिलाफ एक पीड़िता ने 'बड़ा खुलासा' किया है। यह खुलासा उनके विरुद्ध हुआ है, जिसके विस्तृत विवरण की प्रतीक्षा है।1
- जनपद अयोध्या की तहसील मिल्कीपुर अंतर्गत थाना खंडासा क्षेत्र के ग्राम कंदई कला में पैतृक सहन भूमि पर जबरन कब्जा करने के प्रयास को लेकर गहरा विवाद खड़ा हो गया है। पीड़ित मुसीबत अली (66 वर्ष) पुत्र भगन ने गांव के ही एक व्यक्ति पर धनबल और बाहुबल के दम पर उनकी जमीन हड़पने की गंभीर कोशिश का आरोप लगाया है। पीड़ित मुसीबत अली के अनुसार, उनकी पैतृक सहन भूमि पर वर्षों से नांद और बैठका स्थित है, जिसका उपयोग उनका परिवार लगातार करता आ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि गांव निवासी मजीद पुत्र फरजन अपने सहयोगियों और परिवार के कई सदस्यों के साथ मिलकर इस भूमि पर लगातार कब्जा करने का प्रयास कर रहा है। बताया गया है कि 01 जून 2026 को विपक्षी पक्ष कथित रूप से अपने समर्थकों के साथ विवादित भूमि पर पहुंचा और जबरन कब्जा करने की कोशिश करने लगा। स्थिति बिगड़ती देख मुसीबत अली ने तुरंत स्थानीय पुलिस चौकी कंदई कला पहुंचकर घटना की जानकारी चौकी प्रभारी को दी। शिकायत मिलते ही चौकी इंचार्ज मौके पर पहुंचे और कथित कब्जे की कार्रवाई को तत्काल रुकवा दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, पुलिस ने दोनों पक्षों को समझाते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि यह मामला न्यायालय में विचाराधीन है, इसलिए किसी भी पक्ष द्वारा यथास्थिति में बदलाव या भूमि पर हस्तक्षेप नहीं किया जाएगा। ग्रामीणों का कहना है कि यदि पुलिस समय रहते हस्तक्षेप न करती तो यह मामला एक गंभीर संघर्ष का रूप ले सकता था। क्षेत्र में यह भी चर्चा है कि न्यायालय में विचाराधीन भूमि पर दबंगई के बल पर कब्जा करने की कोशिश कानून व्यवस्था के लिए एक चुनौती है। अब पीड़ित पक्ष प्रशासन से मांग कर रहा है कि विवादित भूमि की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए और भविष्य में किसी भी अवैध कब्जे के प्रयास पर कठोर कार्रवाई की जाए, ताकि न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो और पीड़ित परिवार को सुरक्षा मिल सके।1
- उत्तर प्रदेश में सोमवार से भीषण गर्मी का अलर्ट जारी किया गया है। प्रदेश के ज्यादातर जिलों में तापमान बढ़ने के साथ ही लू चलने की चेतावनी दी गई है।1
- जनपद के अकबरपुर कोतवाली क्षेत्र के अमरोला गांव में जमीन के विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच हिंसक संघर्ष हो गया, जिसमें कई लोग घायल हो गए। घायल पक्ष ने इस मामले में पुलिस पर लीपापोती करने और आरोपियों को संरक्षण देने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़ित रणधीर पुत्र रामनयन, जो अमरोला गांव के ही निवासी हैं, के अनुसार उनकी माता के नाम दर्ज भूमि पर गांव के कुछ लोग जबरन कब्जा करने का प्रयास कर रहे थे। रविवार सुबह करीब 5:30 से 6:00 बजे के बीच जब रणधीर ने इसका विरोध किया, तो विपक्षी पक्ष के लोगों ने एकजुट होकर उन पर हमला कर दिया। लाठी-डंडों से हुई मारपीट में रणधीर गंभीर रूप से घायल होकर मौके पर ही गिर पड़े। शोर सुनकर परिवार के अन्य सदस्य बचाव के लिए पहुंचे तो हमलावर घर में घुस आए और महिलाओं सहित परिवार के अन्य लोगों के साथ भी मारपीट की। आरोप है कि इस दौरान घर में तोड़फोड़ की गई और पानी का नल भी क्षतिग्रस्त कर दिया गया। घटना की सूचना डायल-112 पुलिस को दी गई, जिसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने घायलों को उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अकबरपुर भेजा। हालांकि, घायल पक्ष का आरोप है कि गंभीर मारपीट और कथित जानलेवा हमले के बावजूद पुलिस निष्पक्ष कार्रवाई करने के बजाय मामले को दबाने का प्रयास कर रही है। पीड़ित परिवार का कहना है कि आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं और उन पर लगातार समझौते का दबाव बनाया जा रहा है। स्थानीय लोगों ने भी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि क्षेत्र में कुछ पुलिसकर्मियों के लंबे समय तक एक ही स्थान पर तैनात रहने के कारण निष्पक्ष कार्रवाई पर समय-समय पर सवाल उठते रहे हैं, जिससे स्थानीय स्तर पर बढ़ी नजदीकियां निष्पक्षता की धारणा को प्रभावित करती हैं। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल बना हुआ है। पीड़ित पक्ष ने जिला प्रशासन से इस मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। समाचार लिखे जाने तक पुलिस की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान प्राप्त नहीं हो सका था।4