सुल्तानपुर के जवान आनंद तिवारी का छत्तीसगढ़ में निधन रायपुर में सुबह 5:20 बजे हुई घटना, देर शाम लखनऊ पहुंचेगा शव सुल्तानपुर के जवान आनंद तिवारी का छत्तीसगढ़ में निधन रायपुर में सुबह 5:20 बजे हुई घटना, देर शाम लखनऊ पहुंचेगा शव सुल्तानपुर के कुड़वार थाना क्षेत्र के नेवरा गांव के रहने वाले आनंद प्रकाश तिवारी का छत्तीसगढ़ के रायपुर में निधन हो गया। उनकी मौत का कारण अभी साफ नहीं है। परिवार के मुताबिक, यह घटना सुबह करीब 5:20 बजे हुई। शहीद आनंद प्रकाश तिवारी का पार्थिव शरीर देर शाम करीब 8 बजे लखनऊ एयरपोर्ट पहुंचेगा। आनंद प्रकाश तिवारी वरिष्ठ पत्रकार स्वर्गीय केके तिवारी के भतीजे थे। उनकी शहादत की खबर से परिवार में मातम छा गया है। आनंद अपने तीन भाइयों में सबसे छोटे थे। वह साल 2007 में सेना में भर्ती हुए थे और उनकी तैनाती छत्तीसगढ़ के रायपुर में थी। उनके पिता बलराम तिवारी एक रिटायर्ड पोस्टमैन हैं। उनकी मां का नाम भोला तिवारी और पत्नी का नाम प्रियंका तिवारी है। उनका एक बेटा अनुभव तिवारी है, जो 11वीं कक्षा में पढ़ता है। उनके भाई रवि प्रकाश तिवारी किसान हैं और वेद प्रकाश तिवारी गुजरात में एक प्राइवेट बैंक में काम करते हैं। आनंद प्रकाश तिवारी आखिरी बार 8 महीने पहले घर आए थे। उन्हें अगले महीने अक्टूबर में घर आना था, क्योंकि 28 अक्टूबर को घर पर भागवत का आयोजन होना था। 12 सितंबर को शाम करीब 9 बजे उनकी अपने पिताजी से फोन पर आधे घंटे बात हुई थी। इस दौरान उन्होंने पिताजी से भागवत के लिए छुट्टी मिलने की बात कही थी। उन्होंने पिताजी को परेशान न होने के लिए भी कहा था। उनकी शहादत की सूचना परिवार को रायपुर कंट्रोल रूम से मिली।
सुल्तानपुर के जवान आनंद तिवारी का छत्तीसगढ़ में निधन रायपुर में सुबह 5:20 बजे हुई घटना, देर शाम लखनऊ पहुंचेगा शव सुल्तानपुर के जवान आनंद तिवारी का छत्तीसगढ़ में निधन रायपुर में सुबह 5:20 बजे हुई घटना, देर शाम लखनऊ पहुंचेगा शव सुल्तानपुर के कुड़वार थाना क्षेत्र के नेवरा गांव के रहने वाले आनंद प्रकाश तिवारी का छत्तीसगढ़ के रायपुर में निधन हो गया। उनकी मौत का कारण अभी साफ नहीं है। परिवार के मुताबिक, यह घटना सुबह करीब 5:20 बजे हुई। शहीद आनंद प्रकाश तिवारी का पार्थिव शरीर देर शाम करीब 8 बजे लखनऊ एयरपोर्ट पहुंचेगा। आनंद प्रकाश तिवारी वरिष्ठ पत्रकार स्वर्गीय केके तिवारी के भतीजे थे। उनकी शहादत की खबर से परिवार में मातम छा गया है। आनंद अपने तीन भाइयों में सबसे छोटे थे। वह साल 2007 में सेना में भर्ती हुए थे और उनकी तैनाती छत्तीसगढ़ के रायपुर में
थी। उनके पिता बलराम तिवारी एक रिटायर्ड पोस्टमैन हैं। उनकी मां का नाम भोला तिवारी और पत्नी का नाम प्रियंका तिवारी है। उनका एक बेटा अनुभव तिवारी है, जो 11वीं कक्षा में पढ़ता है। उनके भाई रवि प्रकाश तिवारी किसान हैं और वेद प्रकाश तिवारी गुजरात में एक प्राइवेट बैंक में काम करते हैं। आनंद प्रकाश तिवारी आखिरी बार 8 महीने पहले घर आए थे। उन्हें अगले महीने अक्टूबर में घर आना था, क्योंकि 28 अक्टूबर को घर पर भागवत का आयोजन होना था। 12 सितंबर को शाम करीब 9 बजे उनकी अपने पिताजी से फोन पर आधे घंटे बात हुई थी। इस दौरान उन्होंने पिताजी से भागवत के लिए छुट्टी मिलने की बात कही थी। उन्होंने पिताजी को परेशान न होने के लिए भी कहा था। उनकी शहादत की सूचना परिवार को रायपुर कंट्रोल रूम से मिली।
- विधायक राकेश प्रताप सिंह के मुकदमे में सुनवाई टली: गौरीगंज विधायक पर भाजपा नेता दीपक सिंह पर हमले का आरोप, अगली सुनवाई 31 अक्टूबर को सुल्तानपुर कोर्ट में भाजपा नेता दीपक सिंह पर हमले के आरोप में गौरीगंज विधायक राकेश प्रताप सिंह और अन्य आरोपियों के खिलाफ दर्ज केस में मंगलवार को कोई कार्रवाई नहीं हो सकी। मामले की अगली सुनवाई 31 अक्टूबर को होगी। दरअसल, आरोपी प्रशांत सिंह और अन्य की याचिका पर हाईकोर्ट ने अगले आदेश तक केस की कार्यवाही पर रोक लगा रखी है। वादी मुकदमा भाजपा नेता दीपक सिंह के वकील संतोष पांडेय ने बताया कि एमपी-एमएलए की विशेष कोर्ट के मजिस्ट्रेट शुभम वर्मा ने अगली सुनवाई के लिए 31 अक्टूबर की तारीख तय की है। अभियोजन पक्ष के मुताबिक, अमेठी जिले के गौरीगंज विधायक राकेश प्रताप सिंह समेत अन्य के खिलाफ भाजपा की तत्कालीन नगर पालिका अध्यक्ष पद प्रत्याशी रश्मि सिंह के पति दीपक सिंह पर हमला करने के आरोप में मुकदमा दर्ज हुआ था। यह केस गौरीगंज थाने में 10 मई 2023 को दर्ज किया गया था। इस मामले में पुलिस ने विधायक सहित अन्य आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी।1
- 271 ग्राम मारफीन के साथ नशे के सौदागरों पर आलापुर पुलिस का शिकंजा, दो गिरफ्तार मुखबिर की सूचना पर आमादेपुर चौराहे के पास दबिश, 03 पैकेट में बरामद हुई 271 ग्राम अवैध मारफीन* *आलापुर/अम्बेडकरनगर।* *नशे के कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान में आलापुर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो कथित नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से 03 पैकेट में कुल 271 ग्राम अवैध मारफीन बरामद की गई है।* *पुलिस प्रेस नोट के अनुसार 13 सितंबर 2026 की सुबह करीब 6:50 बजे मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने आमादेपुर चौराहे के पास घेराबंदी कर दो अभियुक्तों को दबोच लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान गुलाब गोस्वामी (21 वर्ष) पुत्र बच्चालाल गोस्वामी तथा सौकेट गोस्वामी (25 वर्ष) पुत्र गिरजा शंकर गोस्वामी, निवासी ग्राम मसेना मिर्जापुर, थाना आलापुर के रूप में हुई।* *मामला मु0अ0सं0 189/2026, धारा 8/21 NDPS Act से संबंधित बताया गया है। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।* *गुलाब गोस्वामी का आपराधिक इतिहास भी सामने आया* *पुलिस प्रेस नोट के मुताबिक गिरफ्तार अभियुक्त गुलाब गोस्वामी के खिलाफ थाना आलापुर में पहले से कई मुकदमे दर्ज हैं। इनमें धारा 147, 148, 308, 323, 324, 352, 504, 506 भादवि समेत अन्य धाराओं के मुकदमे शामिल बताए गए हैं।* *इन पुलिसकर्मियों की रही अहम भूमिका* *कार्रवाई करने वाली टीम में उपनिरीक्षक अरुण कुमार सिंह, उपनिरीक्षक बालमुकुन्द यादव, कांस्टेबल वैभव यादव और कांस्टेबल मान सिंह शामिल रहे।* *नशे के कारोबार पर पुलिस की यह कार्रवाई इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है। अब बड़ा सवाल यह है कि बरामद मारफीन की सप्लाई कहां से हुई और इसके पीछे नशे के नेटवर्क में और कौन-कौन लोग जुड़े हैं?*1
- भड़काऊ भाषण से मचा बवाल: 'संविधान नहीं करेगा रक्षा, घरों में रखो लोहा', वायरल वीडियो ने बढ़ाई सरगर्मी* उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर से सोशल मीडिया पर एक बेहद सनसनीखेज और भड़काऊ वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया है। इस वीडियो में एक व्यक्ति खुले मंच से आग उगलते हुए भीड़ को उकसा रहा है। सरेआम माइक से कहा जा रहा है कि *"संविधान तुम्हारी रक्षा नहीं करेगा", और खुद की तथा अपनी बेटियों की सुरक्षा के लिए हर घर में हथियार यानी 'लोहा' रखने* की खुलेआम अपील की जा रही है। सरेआम उन्माद फैलाने वाली इस बयानबाजी ने जिले का सियासी और सामाजिक पारा अचानक से काफी चढ़ा दिया है। इस वीडियो में साफ सुना जा सकता है कि कैसे भीड़ को भड़काते हुए घरों की सुरक्षा का डर दिखाया जा रहा है। वक्ता लोगों से कह रहा है कि जब तक पुलिस या कोई संवैधानिक मदद पहुंचे, तब तक अपनी सुरक्षा के लिए हर घर में *'इमरजेंसी किट'* होनी चाहिए। कानून को ताक पर रखकर सरेआम भीड़ को इस तरह भड़काने और खौफ का माहौल बनाने की इस घटना से हर तरफ सनसनी फैल गई है। अब इस वीडियो के सामने आने के बाद मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए उचित कानूनी जांच और सख्त कार्रवाई की उम्मीद की जा रही है, ताकि इलाके में शांति और सौहार्द पूरी तरह से कायम रहे। *अस्वीकरण - वायरल वीडियो की पुष्टि हम नहीं करते है*1
- कादीपुर में आबकारी विभाग की टीम ने 35 लीटर अवैध कच्ची शराब किया बरामद, सौ किलोग्राम लहन को किया नष्ट आबकारी स्पेक्टर कादीपुर ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दबिश दी, जहां पर दबिश के दौरान टीम द्वारा 35 लीटर अवैध कच्ची शराब बरामद किया और सौ किलोग्राम लहन को तत्काल नष्ट किया गया, वहीं दूसरी तरफ क्षेत्र में हड़कंप भी मचा रहा, इसी दौरान तीन पर अभियोग भी पंजीकृत किया गया1
- अधिवक्ताओं के लिए बड़ी घोषणा 5 लाख तक की कैशलेस मेडिकल सेवा सुविधा लखनऊ। उत्तर प्रदेश में अधिवक्ताओं के हित में बड़ी घोषणा सामने आई है। हाईकोर्ट से लेकर जिला न्यायालयों तक सक्रिय रूप से प्रैक्टिस करने वाले अधिवक्ताओं को अब ₹5 लाख प्रतिवर्ष तक की कैशलेस मेडिकल इंश्योरेंस स्कीम की सुविधा उपलब्ध कराने की घोषणा की गई है। इस पहल से प्रदेश के बड़ी संख्या में सक्रिय अधिवक्ताओं और उनके परिवारों को बेहतर चिकित्सा सुविधा का लाभ मिलने की उम्मीद है। लंबे समय से अधिवक्ता समुदाय की ओर से स्वास्थ्य सुरक्षा को लेकर उठाई जा रही मांगों के बीच यह घोषणा राहत और सामाजिक सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। अधिवक्ताओं ने इस पहल को स्वागत योग्य बताते हुए इसे न्यायिक व्यवस्था से जुड़े लोगों के हित में अहम निर्णय बताया है।1
- प्रभारी मंत्री ने सेवा संकल्प अभियान की तैयारियों की समीक्षा की,अधिकारियों को दिए आवश्यक निर्देश 17 सितम्बर को शाम 7 बजे ‘आशीर्वाद का दीया’ जलाकर विकसित भारत का लिया जाएगा संकल्प जनभागीदारी से सफल होगा सेवा संकल्प अभियान, अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे योजनाओं का लाभ-प्रभारी मंत्री अमेठी।उत्तर प्रदेश सरकार में महिला कल्याण,बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग की राज्यमंत्री तथा जनपद अमेठी की प्रभारी मंत्री प्रतिभा शुक्ला ने आगामी 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर 2026 तक आयोजित होने वाले ‘‘सेवा संकल्प अभियान’’ की तैयारियों को लेकर आज विकास भवन सभागार में अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों के साथ समीक्षा बैठक की।बैठक में अभियान के सफल संचालन, विभिन्न कार्यक्रमों के प्रभावी क्रियान्वयन तथा जनसामान्य की अधिकतम सहभागिता सुनिश्चित करने के संबंध में विस्तार से चर्चा की गई तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश अग्रहरि, विधायक गौरीगंज राकेश प्रताप सिंह, जिलाधिकारी संजय चौहान, पुलिस अधीक्षक सरवणन टी.,मुख्य विकास अधिकारी पूजा साहू,भाजपा जिलाध्यक्ष सुधांशु शुक्ला सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक को संबोधित करते हुए प्रभारी मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 25 वर्षों के सार्वजनिक जीवन एवं सेवा काल की उपलब्धियों को जन-जन तक पहुंचाने तथा नागरिकों को ‘विकसित भारत-2047’ के राष्ट्रीय संकल्प से जोड़ने के उद्देश्य से ‘‘सेवा संकल्प अभियान’’ का आयोजन किया जा रहा है।उन्होंने कहा कि यह अभियान केवल एक कार्यक्रम नहीं बल्कि जनसेवा,सुशासन और जनभागीदारी को मजबूत करने का एक व्यापक जनआंदोलन है।इसके माध्यम से केंद्र सरकार के 12 वर्षों तथा उत्तर प्रदेश सरकार के 10 वर्षों में हुए विकास कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी आमजन तक पहुंचाई जाएगी तथा पात्र लाभार्थियों को योजनाओं से जोड़ने का कार्य भी किया जाएगा। प्रभारी मंत्री ने बताया कि अभियान का शुभारंभ 17 सितम्बर को ‘‘सेवा दिवस-आशीर्वाद का दीया’’ थीम के साथ किया जाएगा। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की 25 वर्षों की जनसेवा के प्रति आभार व्यक्त करते हुए तथा विकसित भारत-2047 के सामूहिक संकल्प के प्रतीक स्वरूप सायं 7 बजे दीप प्रज्वलन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।उन्होंने बताया कि केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित परिवारों सहित आम नागरिक अपने घरों, प्रतिष्ठानों,सरकारी भवनों,विकास परियोजनाओं,सार्वजनिक स्थलों तथा आवासों पर दीप जलाकर राष्ट्र निर्माण के इस अभियान में सहभागिता करेंगे।साथ ही जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों,युवाओं,स्वयंसेवी संस्थाओं एवं सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स से ‘आशीर्वाद का दीया’ के साथ अपने फोटो एवं वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा करने की अपील भी की गई है।बैठक के दौरान प्रभारी मंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक विकास खण्ड में एक सप्ताह तक विशेष शिविर आयोजित किए जाएं, जिनमें आमजन की समस्याओं का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप लोगों को उनके द्वार पर ही योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराया जाए तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी शिविरों में उपस्थित रहकर समस्याओं का समाधान करें। प्रभारी मंत्री ने बताया कि 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर तक चलने वाले सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत विभिन्न विषयों पर आधारित कार्यक्रम चरणबद्ध रूप से आयोजित किए जाएंगे।इनमें ‘मेरे सपनों का भारत-चित्र सेवा’, ‘नमो सेवा-अनकही कहानियां’, ‘आंगन मिलन सेवा’, ‘सेवा की कहानी’ डिजिटल एवं रील्स अभियान, ‘सेवा ज्योति कलश यात्रा-विकसित भारत का संकल्प’, ‘वडनगर से वाराणसी यात्रा’, ‘सेवा मेरा योगदान’, ‘सेवा सेतु अभियान’, ‘सेवा के संग-राष्ट्र के संग’, ‘सेवा फर्स्ट इनोवेशन चैलेंज’ तथा ‘सुशासन सेवा संवाद’ जैसे महत्वपूर्ण कार्यक्रम शामिल हैं।उन्होंने कहा कि इन कार्यक्रमों के माध्यम से समाज के विभिन्न वर्गों को जोड़ते हुए राष्ट्र निर्माण में उनकी सहभागिता सुनिश्चित की जाएगी। साथ ही युवाओं, महिलाओं, किसानों, विद्यार्थियों, स्वयं सहायता समूहों तथा विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों को भी अभियान से जोड़ने का विशेष प्रयास किया जाएगा।प्रभारी मंत्री ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने विभागों से संबंधित योजनाओं के लाभार्थियों का अद्यतन एवं प्रमाणिक डाटा बैंक तैयार करें। उन्होंने कहा कि अभियान के दौरान पात्र व्यक्तियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने और जनसंपर्क गतिविधियों को प्रभावी बनाने के लिए सटीक आंकड़ों का होना आवश्यक है। उन्होंने कार्यक्रम स्थलों के चिन्हीकरण, रूट व्यवस्था, सुरक्षा, पेयजल, विद्युत, स्वच्छता, प्रचार-प्रसार तथा विभागीय समन्वय से संबंधित सभी व्यवस्थाएं समय से पूर्ण करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि अभियान की सफलता के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें तथा प्रत्येक गतिविधि का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करें। बैठक के अंत में प्रभारी मंत्री ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान का मूल उद्देश्य समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक सरकार की योजनाओं का लाभ पहुंचाना तथा जनभागीदारी को मजबूत करना है। उन्होंने कहा कि जब आम नागरिक, जनप्रतिनिधि, अधिकारी और विभिन्न सामाजिक संगठन एकजुट होकर इस अभियान में सहभागिता करेंगे, तभी विकसित भारत-2047 के संकल्प को साकार करने की दिशा में सार्थक परिणाम प्राप्त होंगे। उन्होंने सभी अधिकारियों से जिम्मेदारी, समर्पण एवं संवेदनशीलता के साथ कार्य करने का आह्वान करते हुए कहा कि अमेठी जनपद इस अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप देकर प्रदेश में एक उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत करे।बैठक में विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों एवं संबंधित कर्मचारियों ने प्रतिभाग किया।1
- गौरीगंज में सड़क किनारे खड़ी स्कॉर्पियो का अचानक खुला दरवाजा, तीन लोग घायल अमेठी। गौरीगंज के हनुमान तिराहा स्थित रायबरेली रोड पर मंगलवार को बड़ा हादसा होते-होते बच गया। सड़क किनारे खड़ी स्कॉर्पियो का अचानक दरवाजा खुलने से वहां से गुजर रहे तीन लोग इसकी चपेट में आकर घायल हो गए। घटना के बाद मौके पर कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल रहा। हादसे ने सड़क किनारे वाहन खड़ा करते समय बरती जाने वाली सावधानी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों ने वाहन चालकों से अपील की है कि सड़क किनारे गाड़ी खड़ी करने के बाद दरवाजा खोलने से पहले आगे-पीछे जरूर देखें, ताकि पीछे से आ रहे वाहन या राहगीर इसकी चपेट में न आएं। थोड़ी सी सावधानी बड़े हादसे को टाल सकती है।1
- रायपुर में एसएसबी के सूबेदार की संदिग्ध मौत, इकलौते बेटे ने किया अंतिम संस्कार, गॉर्ड ऑफ़ ऑनर दिया गया छत्तीसगढ़ के रायपुर में एसएसबी में सूबेदार पद पर तैनात आनंद प्रकाश तिवारी की सोमवार सुबह संदिग्ध मौत हो गई। मंगलवार को हवाई जहाज से पार्थिव शरीर लखनऊ और वहां से सेना के वाहन से दोपहर 1:30 बजे पैतृक गांव सुल्तानपुर के कुड़वार थाना क्षेत्र के नेवरा लाया गया। जहां मां, पत्नी सभी शव देखते ही चीख चीख कर रोने लगे। कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय, एसडीएम सदर गरिमा सौनकिया, सीओ सिटी राघवेंद्र सिंह, पूर्व ब्लॉक प्रमुख यशभद्र सिंह मोनू समेत सैकड़ों लोग अंतिम यात्रा में शामिल हुए। सेना के जवानों ने पार्थिव शरीर को गॉर्ड ऑफ़ ऑनर दिया। इसके बाद दोपहर 2:15 बजे के बाद अंतिम संस्कार के लिए शव कुड़वार घाट ले जाया गया। जहां राजकीय सम्मान के साथ शव का अंतिम संस्कार किया गया। कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने कहा हम शोक संवेदना प्रकट करने आए थे। पूरे कांग्रेस परिवार के लोग इस परिवार के साथ खड़े हैं। मेरी सरकार से मांग है जो आर्थिक सहयोग, नौकरी है वो सब इनको मिलना चाहिए। जवान के भाई ने बताया मै सूरत में था भतीजे का फोन गया उसने बताया चाचा ऐसा हो गया है। भाइयों में सबसे छोटा भाई था। उसका जीवन साधारण था। हम दोनों साथ ही में पढ़ते थे स्कूल आना जाना साथ ही में था। आनंद अपने तीन भाइयों में सबसे छोटे थे। वह साल 2007 में सेना में भर्ती हुए थे और उनकी तैनाती छत्तीसगढ़ के रायपुर में थी। उनके पिता बलराम तिवारी एक रिटायर्ड पोस्टमैन हैं। उनकी मां का भोला तिवारी और पत्नी का प्रियंका तिवारी हैं। उनका एक बेटा अनुभव तिवारी है, जो 11वीं कक्षा में पढ़ता है। उनके भाई रवि प्रकाश तिवारी किसान हैं और वेद प्रकाश तिवारी गुजरात में एक प्राइवेट बैंक में काम करते हैं। आनंद प्रकाश तिवारी आखिरी बार 8 महीने पहले घर आए थे। उन्हें अगले महीने अक्टूबर में घर आना था, क्योंकि 28 अक्टूबर को घर पर भागवत का आयोजन होना था। 12 सितंबर को शाम करीब 9 बजे उनकी अपने पिताजी से फोन पर आधे घंटे बात हुई थी। इस दौरान उन्होंने पिताजी से भागवत के लिए छुट्टी मिलने की बात कही थी। उन्होंने पिताजी को परेशान न होने के लिए भी कहा था। उनकी शहादत की सूचना परिवार को रायपुर कंट्रोल रूम से मिली।3