कोटा से शुरू हुए 'छात्रों की गूंज' अभियान के तहत देशभर के छात्र और युवा शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार की मांग कर रहे हैं। देश की शिक्षा व्यवस्था, बढ़ती कोचिंग लागत, पेपर लीक और युवाओं के भविष्य से जुड़े मुद्दों को लेकर छात्रों की आवाज़ अब संगठित रूप से उठने लगी है। अभियान से जुड़े वक्ताओं ने बताया कि शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का खर्च लाखों परिवारों पर भारी आर्थिक बोझ बन चुका है। विशेषकर मेडिकल प्रवेश परीक्षा की तैयारी में होने वाला खर्च छात्रों और अभिभावकों के लिए एक बड़ी चुनौती है। युवाओं का कहना है कि देश के अलग-अलग हिस्सों से यह संदेश दिया जा रहा है कि वर्तमान व्यवस्था में उन्हें अनेक कठिनाइयों और असमानताओं का सामना करना पड़ रहा है, जिसमें परीक्षा कुप्रबंधन, पेपर लीक और बढ़ते शैक्षणिक खर्च जैसी समस्याएं लाखों छात्रों को प्रभावित कर रही हैं। ‘छात्रों की गूंज’ अभियान के माध्यम से युवाओं ने ऐसी शिक्षा व्यवस्था की वकालत की है जो हर छात्र को समान अवसर दे, बड़े सपने देखने का हौसला प्रदान करे, और बिना किसी आर्थिक बोझ के उन्हें अपने लक्ष्य हासिल करने में सहयोग करे। अभियान से जुड़े युवाओं का कहना है कि यह केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि छात्रों के अधिकारों, पारदर्शी परीक्षाओं और एक बेहतर शिक्षा व्यवस्था के लिए चलाया जा रहा एक व्यापक जनआंदोलन है।
कोटा से शुरू हुए 'छात्रों की गूंज' अभियान के तहत देशभर के छात्र और युवा शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार की मांग कर रहे हैं। देश की शिक्षा व्यवस्था, बढ़ती कोचिंग लागत, पेपर लीक और युवाओं के भविष्य से जुड़े मुद्दों को लेकर छात्रों की आवाज़ अब संगठित रूप से उठने लगी है। अभियान से जुड़े वक्ताओं ने बताया कि शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का खर्च लाखों परिवारों पर भारी आर्थिक बोझ बन चुका है। विशेषकर मेडिकल प्रवेश परीक्षा की तैयारी में होने वाला खर्च छात्रों और अभिभावकों के लिए एक बड़ी चुनौती है। युवाओं का कहना है कि देश के अलग-अलग हिस्सों से यह संदेश दिया जा रहा है कि वर्तमान व्यवस्था में उन्हें अनेक कठिनाइयों और असमानताओं का सामना करना पड़ रहा है, जिसमें परीक्षा कुप्रबंधन, पेपर लीक और बढ़ते शैक्षणिक खर्च जैसी समस्याएं लाखों छात्रों को प्रभावित कर रही हैं। ‘छात्रों की गूंज’ अभियान के माध्यम से युवाओं ने ऐसी शिक्षा व्यवस्था की वकालत की है जो हर छात्र को समान अवसर दे, बड़े सपने देखने का हौसला प्रदान करे, और बिना किसी आर्थिक बोझ के उन्हें अपने लक्ष्य हासिल करने में सहयोग करे। अभियान से जुड़े युवाओं का कहना है कि यह केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि छात्रों के अधिकारों, पारदर्शी परीक्षाओं और एक बेहतर शिक्षा व्यवस्था के लिए चलाया जा रहा एक व्यापक जनआंदोलन है।
- कानपुर देहात के सिकंदरा क्षेत्र में बिरहाना चौराहा-संदलपुर रोड पर ओवरलोड ट्रकों का बेरोकटोक संचालन बड़े सड़क हादसों का खतरा बढ़ा रहा है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, मोरम से लदे ये ट्रक परिवहन के दौरान सड़क पर मोरम गिराते हुए निकलते हैं, जिससे पूरी सड़क फिसलन भरी हो गई है। सड़क पर फैली इसी मोरम के कारण दोपहिया वाहन चालकों और राहगीरों को आवागमन में भारी परेशानी हो रही है; कई बार तो वाहन चालक संतुलन खोकर दुर्घटना का शिकार होते-होते बचे हैं। क्षेत्रवासियों और राहगीरों ने प्रशासन से तुरंत ओवरलोड ट्रकों पर रोक लगाने और सड़क की सफाई सुनिश्चित कर आम जनता की सुरक्षा बहाल करने की मांग की है, क्योंकि उनकी चिंता है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो किसी भी समय बड़ा हादसा हो सकता है।2
- हवासपुर गांव के पास जेसीबी और ट्रैक्टर-ट्रॉली से अवैध खनन का वीडियो वायरल, कार्रवाई पर उठे सवाल मंगलपुर थाना क्षेत्र के हवासपुर गांव के पास बड़े पैमाने पर अवैध खनन किए जाने का मामला सामने आया है। खनन से जुड़ा एक वीडियो गुरुवार शाम करीब 5 बजे सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ, जिसमें जेसीबी मशीन और ट्रैक्टर-ट्रॉली की मदद से मिट्टी का खनन होता दिखाई दे रहा है। जानकारी के अनुसार, बीती रात हवासपुर गांव के पास जेसीबी मशीन और ट्रैक्टर-ट्रॉली लगाकर अवैध रूप से खनन किया गया। स्थानीय लोगों द्वारा इसकी सूचना पुलिस को दिए जाने की भी चर्चा है। बताया जा रहा है कि पुलिस के मौके पर पहुंचने से पहले ही खनन में शामिल लोग वहां से फरार हो गए। वायरल वीडियो में एक जेसीबी मशीन और ट्रैक्टर-ट्रॉली खनन कार्य में लगे दिखाई दे रहे हैं। हालांकि, वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। मामले में अब तक किसी प्रकार की कार्रवाई सामने नहीं आने से लोगों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। फिलहाल, अवैध खनन के इस मामले में संबंधित विभाग और पुलिस की कार्रवाई पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं। यदि वीडियो की जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।1
- औरैया में दहेज उत्पीड़न से परेशान एक महिला न्याय की गुहार लेकर सीधे डीएम कार्यालय पहुँची। महिला ने अधिकारियों के सामने अपनी आपबीती बताते हुए उत्पीड़न से निजात दिलाने और न्याय दिलाने की माँग की है।1
- कानपुर देहात के झींझक नगर पालिका में लाखों रुपये खर्च करके एक तालाब बनाया गया था, लेकिन वर्तमान में यह तालाब अपनी बदकिस्मती पर आँसू बहा रहा है। तालाब में पानी की एक बूँद भी नहीं है, जिसकी वजह से पक्षियों को भी पीने का पानी नहीं मिल पा रहा है। यह तालाब पूरी तरह से सूखा पड़ा है और विकास की राह तलाश रहा है।1
- औरेया जिले में स्थित बाबा ब्रह देव के स्थान पर आज कथा के दूसरे दिन श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली। कथा सुनने के लिए बड़ी संख्या में भक्त एकत्रित हुए।1
- कानपुर देहात के झींझक स्थित ब्लॉक सभागार में गुरुवार को 'सेवा, सुशासन, संस्कार एवं सम्मान- विकसित भारत, विकसित उत्तर प्रदेश' कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम प्रधानमंत्री के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में हुआ। इसमें विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने केंद्र और प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी और उनके लाभों पर प्रकाश डाला। अधिकारियों ने बताया कि सरकार की योजनाओं को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। कार्यक्रम में ग्रामीण विकास, कृषि, स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला एवं बाल विकास जैसे कई महत्वपूर्ण विभागों की योजनाओं से अवगत कराया गया। उपस्थित नागरिकों को इन योजनाओं का लाभ उठाने और पात्र व्यक्तियों तक इनकी जानकारी पहुँचाने के लिए प्रोत्साहित किया गया। इस अवसर पर जनप्रतिनिधि, अधिकारी, कर्मचारी और बड़ी संख्या में क्षेत्रीय नागरिक मौजूद रहे। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सरकार की उपलब्धियों और जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाना था।1
- औरैया जिले के बिधूना कस्बे में अज्ञात चोरों ने एक बंद मकान को निशाना बनाया और लाखों रुपये के जेवरात व नकदी चुराकर फरार हो गए। यह घटना कोतवाली क्षेत्र के सूरजपुर मोहल्ले में हुई, जहां सतीश सक्सेना अपने पिता के निधन के बाद खानजहाँपुर चिरकुआ गांव गए हुए थे। इसी दौरान, मंगलवार रात को चोरों ने उनके सूने घर के मुख्य द्वार का ताला तोड़कर प्रवेश किया। चोरों ने घर के अंदर रखी आलमारियों के ताले भी तोड़ दिए और सतीश सक्सेना के दोनों बेटों शिवम व रोशन की शादी में मिले जेवरात सहित सारा कीमती सामान चुरा लिया। पीड़ित सतीश सक्सेना के अनुसार, चोरों ने लगभग 4 लाख रुपये के गहने और 15 हजार रुपये नकद चुराए हैं। बुधवार सुबह पड़ोसियों के फोन से सूचना मिलने पर सतीश सक्सेना घर पहुंचे और टूटे तालों व गायब सामान को देखकर पुलिस को जानकारी दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। गुरुवार को कोतवाली प्रभारी निरीक्षक विनेश कुमार ने बताया कि तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है और पुलिस घटना की जांच पड़ताल कर रही है। उन्होंने आश्वासन दिया कि घटना का जल्द खुलासा किया जाएगा।1
- अंबेडकरनगर जिले में मोहर्रम पर्व को सकुशल, शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए पुलिस और प्रशासन ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। पुलिस अधीक्षक प्राची सिंह ने जानकारी दी कि इस वर्ष जनपद में कुल 1,855 ताजिए स्थापित किए जाएंगे और 837 ताजिया जुलूस निकाले जाएंगे। पर्व को देखते हुए सभी संवेदनशील स्थलों, ताजिया मार्गों और जुलूस मार्गों पर पर्याप्त पुलिस बल तथा अधिकारियों को तैनात किया गया है, ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके। त्योहार को सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के उद्देश्य से केंद्रीय पीस कमेटी और स्थानीय पीस कमेटियों की बैठकें आयोजित की गई हैं, जिनमें सभी पक्षों से संवाद स्थापित कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं। जनपद पुलिस और प्रशासन लगातार व्यवस्थाओं की समीक्षा कर रहा है और पूरी तरह सतर्क है। पुलिस अधीक्षक ने अंबेडकरनगर के निवासियों से अपील की है कि वे आपसी भाईचारे और सौहार्द की परंपरा को बनाए रखें, प्रशासन का सहयोग करें और किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि पिछले वर्षों की तरह इस वर्ष भी मोहर्रम का पर्व शांति और सौहार्द के साथ संपन्न होगा।1
- कानपुर-झांसी नेशनल हाईवे पर माती चौराहे के पास गुरुवार को एक भीषण सड़क हादसा हो गया। तेज रफ्तार डीसीएम ने दूध से लदे एक लोडर में पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। इस हादसे में लोडर चालक गंभीर रूप से घायल हो गया, वहीं डीसीएम चालक भी अपने वाहन के केबिन में फंस गया।1