सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज और निरंकारी राजपिता रमित जी के आशीर्वाद से संत निरंकारी मिशन ने अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर अपनी 1500 से अधिक शाखाओं में सामूहिक योग कार्यक्रम आयोजित किए। इन कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य स्वास्थ्य, मानसिक संतुलन और आध्यात्मिक चेतना को बढ़ावा देना था। इसी कड़ी में, मथुरा के हाईवे नवादा स्थित संत निरंकारी सत्संग के प्रांगण में भी यह योग दिवस अत्यंत उत्साहपूर्वक मनाया गया, जिसमें श्रद्धालु भक्तों, सेवादल स्वयंसेवकों और स्थानीय नागरिकों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। अनुभवी योग प्रशिक्षिका बहन सुमन निरंकारी के मार्गदर्शन में आयोजित योग सत्र में, सभी प्रतिभागियों ने योगाभ्यास करते हुए स्वस्थ एवं संतुलित जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया। मथुरा के जोनल इंचार्ज श्री एच के अरोड़ा जी ने बताया कि इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम 'स्वस्थ आयु के लिए योग' थी, जो शारीरिक, मानसिक और आत्मिक संतुलन को वास्तविक स्वास्थ्य का समन्वित स्वरूप बताती है। इसी भावना के अनुरूप, संत निरंकारी मिशन ने योग को आत्मजागृति, अनुशासन और सकारात्मक जीवन दृष्टि का सशक्त माध्यम बताते हुए जन-जागरूकता को प्रोत्साहित किया। सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज अक्सर अपने विचारों में 'स्वस्थ मन सहज जीवन' का उल्लेख करते हुए इस बात पर जोर देती हैं कि हमारा शरीर निरंकार प्रभु की देन है और इसे स्वस्थ रखना हमारा मूल कर्तव्य है, इसलिए दीर्घायु और सक्रिय सफल जीवन के लिए योग अत्यंत आवश्यक है। मिशन की सामाजिक शाखा संत निरंकारी चेरिटेबल फाउंडेशन ने 'निरोगी तन, निर्मल मन और जागृत आत्मा' के पावन संकल्प को साकार करते हुए देशभर में व्यापक योग एवं आध्यात्मिक चेतना अभियान चलाया। मीडिया सहायक किशोर स्वर्ण ने बताया कि सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज के आशीर्वाद और दूरदर्शी मार्गदर्शन में संचालित यह प्रेरणादायी अभियान मानव कल्याण, समग्र स्वास्थ्य और आत्मिक उत्थान की दिशा में एक सार्थक प्रयास है। सतगुरु माता सुदीक्षा जी के अनुसार, मानव शरीर परमात्मा की अनुपम देन है, जिसकी देखभाल और सुदृढ़ता व्यक्ति को अपने आध्यात्मिक, सामाजिक एवं मानवीय उत्तरदायित्वों का श्रेष्ठ निर्वहन करने में सक्षम बनाती है। यह अभियान योग को केवल शारीरिक व्यायाम तक सीमित न मानकर, इसे आत्मबोध, आंतरिक शांति, मानवीय एकता और विश्वबंधुत्व की भावना को विकसित करने वाली एक समग्र जीवन साधना के रूप में अपनाने का संदेश देता है। मथुरा जोन के मुख्यालय के साथ ही, कोसीकलां ब्रांच के गांधी पार्क और फरह के दीनदयाल धाम के पास निरंकारी भवन पर भी निरंकारी भक्तों ने योगाभ्यास किया। यह जनकल्याणकारी अभियान समाज को स्वास्थ्य, जागरूकता और सकारात्मक जीवन मूल्यों के प्रति प्रेरित करते हुए समग्र कल्याण का संदेश प्रदान करता है।
सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज और निरंकारी राजपिता रमित जी के आशीर्वाद से संत निरंकारी मिशन ने अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर अपनी 1500 से अधिक शाखाओं में सामूहिक योग कार्यक्रम आयोजित किए। इन कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य स्वास्थ्य, मानसिक संतुलन और आध्यात्मिक चेतना को बढ़ावा देना था। इसी कड़ी में, मथुरा के हाईवे नवादा स्थित संत निरंकारी सत्संग के प्रांगण में भी यह योग दिवस अत्यंत उत्साहपूर्वक मनाया गया, जिसमें श्रद्धालु भक्तों, सेवादल स्वयंसेवकों और स्थानीय नागरिकों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। अनुभवी योग प्रशिक्षिका बहन सुमन निरंकारी के मार्गदर्शन में आयोजित योग सत्र में, सभी प्रतिभागियों ने योगाभ्यास करते हुए
स्वस्थ एवं संतुलित जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया। मथुरा के जोनल इंचार्ज श्री एच के अरोड़ा जी ने बताया कि इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम 'स्वस्थ आयु के लिए योग' थी, जो शारीरिक, मानसिक और आत्मिक संतुलन को वास्तविक स्वास्थ्य का समन्वित स्वरूप बताती है। इसी भावना के अनुरूप, संत निरंकारी मिशन ने योग को आत्मजागृति, अनुशासन और सकारात्मक जीवन दृष्टि का सशक्त माध्यम बताते हुए जन-जागरूकता को प्रोत्साहित किया। सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज अक्सर अपने विचारों में 'स्वस्थ मन सहज जीवन' का उल्लेख करते हुए इस बात पर जोर देती हैं कि हमारा शरीर निरंकार प्रभु की देन है और इसे
स्वस्थ रखना हमारा मूल कर्तव्य है, इसलिए दीर्घायु और सक्रिय सफल जीवन के लिए योग अत्यंत आवश्यक है। मिशन की सामाजिक शाखा संत निरंकारी चेरिटेबल फाउंडेशन ने 'निरोगी तन, निर्मल मन और जागृत आत्मा' के पावन संकल्प को साकार करते हुए देशभर में व्यापक योग एवं आध्यात्मिक चेतना अभियान चलाया। मीडिया सहायक किशोर स्वर्ण ने बताया कि सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज के आशीर्वाद और दूरदर्शी मार्गदर्शन में संचालित यह प्रेरणादायी अभियान मानव कल्याण, समग्र स्वास्थ्य और आत्मिक उत्थान की दिशा में एक सार्थक प्रयास है। सतगुरु माता सुदीक्षा जी के अनुसार, मानव शरीर परमात्मा की अनुपम देन है, जिसकी देखभाल और सुदृढ़ता व्यक्ति को
अपने आध्यात्मिक, सामाजिक एवं मानवीय उत्तरदायित्वों का श्रेष्ठ निर्वहन करने में सक्षम बनाती है। यह अभियान योग को केवल शारीरिक व्यायाम तक सीमित न मानकर, इसे आत्मबोध, आंतरिक शांति, मानवीय एकता और विश्वबंधुत्व की भावना को विकसित करने वाली एक समग्र जीवन साधना के रूप में अपनाने का संदेश देता है। मथुरा जोन के मुख्यालय के साथ ही, कोसीकलां ब्रांच के गांधी पार्क और फरह के दीनदयाल धाम के पास निरंकारी भवन पर भी निरंकारी भक्तों ने योगाभ्यास किया। यह जनकल्याणकारी अभियान समाज को स्वास्थ्य, जागरूकता और सकारात्मक जीवन मूल्यों के प्रति प्रेरित करते हुए समग्र कल्याण का संदेश प्रदान करता है।
- उत्तर प्रदेश सरकार के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने रविवार को गोवर्धन तहसील क्षेत्र के कस्बा सौंख स्थित प्राचीन ओढ़म वाली देवी माँ मंदिर के सौंदर्यीकरण एवं विकास कार्यों का शिलान्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना कर माँ ओढ़म वाली के दर्शन किए और प्रदेश व क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की। पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने बताया कि मंदिर के सौंदर्यीकरण तथा आधारभूत सुविधाओं के विकास पर कुल 2.08 करोड़ रुपये की लागत आएगी। इस परियोजना के तहत मंदिर परिसर का सुंदरीकरण किया जाएगा, श्रद्धालुओं के लिए बेहतर सुविधाएं विकसित की जाएंगी और पर्यटन की दृष्टि से आवश्यक अन्य विकास कार्य कराए जाएंगे। उन्होंने जोर देकर कहा कि प्रदेश सरकार धार्मिक एवं सांस्कृतिक स्थलों के विकास के लिए लगातार काम कर रही है, और ओढ़म वाली देवी मंदिर के विकास से क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, जिससे दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएँ मिलेंगी। इस शिलान्यास कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, मंदिर समिति के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान क्षेत्रवासियों ने मंदिर के विकास कार्यों के लिए प्रदेश सरकार का आभार व्यक्त किया।1
- मथुरा जनपद के थाना कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत मंडी चौराहे पर शराब की दुकानों के आसपास शराबियों द्वारा लगातार किए जा रहे हंगामे, अभद्रता और अव्यवस्था को लेकर RPRNEWSTV DIGITAL एवं ब्रज की आवाज समाचार पत्र ने प्रमुखता से खबर प्रकाशित की थी। इस खबर में स्थानीय लोगों की परेशानियों को उजागर किया गया था, जिनके अनुसार शराबियों के कारण राहगीरों, महिलाओं और व्यापारियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। खबर प्रकाशित होने के बाद पुलिस प्रशासन तत्काल हरकत में आया। मंडी चौराहे पर एक विशेष अभियान चलाकर शराब पीकर सार्वजनिक स्थानों पर उत्पात मचाने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से क्षेत्र के लोगों ने काफी राहत महसूस की है। हालांकि, अब यह बड़ा सवाल खड़ा हो गया है कि क्या यह पुलिस कार्रवाई लगातार जारी रहेगी, या फिर कुछ दिनों बाद हालात एक बार फिर पहले जैसे हो जाएंगे।1
- मथुरा के महावन थाना क्षेत्र स्थित मल्हापाड़ा गांव में मारपीट और लूटपाट का मामला सामने आया है। यह घटना 20 जून 2026 की दोपहर करीब 2 बजे की बताई जा रही है। पीड़ित योगेश पुत्र लेखराज ने पुलिस को दी गई अपनी तहरीर में आरोप लगाया है कि गांव के ही कुछ लोगों ने उनके साथ-साथ उनकी भतीजी सोनिया, रामवीर और आरती के साथ मारपीट की। आरोप है कि इस दौरान उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी गई और उनकी भतीजी सोनिया के कानों से कुंडल छीनकर ले गए। पीड़ित योगेश ने आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने और छीने गए आभूषणों को बरामद करने की मांग की है। पुलिस से इस मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने का अनुरोध किया गया है।3
- अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर परसुआ स्थित भगवान परशुराम मंदिर परिसर में एक भव्य योग शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में ग्रामवासियों और भाजपा पदाधिकारियों ने सामूहिक रूप से योगाभ्यास किया, जिसके माध्यम से स्वस्थ जीवन जीने का महत्वपूर्ण संदेश दिया गया।1
- मथुरा में पंजाब नेशनल बैंक पेंशनर्स एवं रिटायरी एसोसिएशन की एक महत्वपूर्ण जनरल बॉडी सभा का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। यह बैठक संगठन की मजबूती और पेंशनभोगियों के हितों के प्रति जागरूकता को दर्शाने वाली रही। सभा की अध्यक्षता वाई.के. अग्रवाल द्वारा की गई। AIPNBRA के सचिव डी.एस. सोलंकी ने सभा को संबोधित करते हुए पेंशनर्स से जुड़े विभिन्न विषयों, चल रही प्रगति और अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तृत जानकारी साझा की। इस बैठक में मथुरा और अलीगढ़ से लगभग 35 सदस्यों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया, साथ ही कई नए सदस्यों को भी एसोसिएशन में शामिल किया गया। उपस्थित सदस्यों द्वारा उठाई गई विभिन्न शंकाओं और समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई और उनका समुचित समाधान भी प्रदान किया गया। कार्यक्रम की सफलता के लिए डी.एस. सोलंकी और अध्यक्ष वाई.के. अग्रवाल ने आयोजकों की विशेष सराहना की। उन्होंने बहुत कम समय के नोटिस पर इतने भव्य और सफल आयोजन के लिए एस.के. जैन, गुलशन चावला और जितेंद्र कुमार सैनी के प्रयासों की भूरि-भूरि प्रशंसा की। सभा के अंत में एस.के. जैन ने सभी उपस्थित सदस्यों का आभार व्यक्त किया। बैठक में नाश्ते और भोजन की अत्यंत उत्तम व्यवस्था की गई थी, जिसकी सभी सदस्यों ने मुक्त कंठ से प्रशंसा की।4
- यमुना नदी में गंदे नालों के बहाव को लेकर एक सीधी और स्पष्ट माँग उठाई गई है। इस माँग के अनुसार, यदि 2027 के चुनावों में वोट प्राप्त करने हैं, तो यमुना नदी में सीधे गिर रहे गंदे नालों को तत्काल बंद करना होगा।1
- बिहार के भरत तिवारी की कथित तौर पर पुलिसकर्मियों द्वारा एनकाउंटर के बजाय हत्या किए जाने का गंभीर आरोप लगाया गया है। इस घटना को लेकर भरत तिवारी के लिए न्याय की प्रबल मांग उठाई गई है। दावा किया गया है कि भरत तिवारी एक सामाजिक व्यक्ति थे और पुलिस रिकॉर्ड में उनका कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं था। यह माना गया है कि उन्होंने हथियार उठाया था, लेकिन स्पष्ट रूप से कहा गया है कि ऐसी स्थिति में उनका एनकाउंटर नहीं किया जाना चाहिए था। आरोपों के बीच, एक बार फिर इस बात पर जोर दिया गया है कि भरत तिवारी को न्याय मिलना चाहिए।1
- मथुरा के गणेश्वर स्टेडियम में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें 12वाँ अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया। इस कार्यक्रम में मथुरा जनपद के जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह, एसएसपी श्लोक कुमार, कैबिनेट मंत्री लक्ष्मी नारायण चौधरी, मथुरा वृंदावन विधायक श्रीकांत शर्मा सहित कई नेतागणों और अधिकारियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। जनपद के तमाम युवाओं ने भी योग अभ्यास में हिस्सा लिया, जिससे कार्यक्रम सफल रहा। कार्यक्रम के दौरान, सभी प्रतिभागियों ने योग के महत्व पर जोर दिया, कहा कि योग करने से शरीर स्वस्थ रहता है। कैबिनेट मंत्री ने स्वास्थ्य के लिए योग को अनिवार्य बताया, वहीं जिलाधिकारी ने अपने वक्तव्य में कहा कि दिनभर के कामकाज में व्यस्त रहने और शरीर में थकान महसूस होने के कारण सभी को योग अपनाना चाहिए ताकि वे स्वस्थ रह सकें। यह भी बताया गया कि योग एक प्राचीन भारतीय जीवन-पद्धति है जो शारीरिक, मानसिक एवं आध्यात्मिक संतुलन बनाने में सहायक है। इस अवसर पर 'करें योग-रहें निरोग' का संदेश भी दिया गया।1