दून पुलिस ने अपने 'ऑपरेशन प्रहार' के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है, जहाँ एक साल पहले राजपुर क्षेत्र में हुए अजय भटेजा हत्याकांड के मास्टरमाइंड अमित भटेजा को आखिरकार गिरफ्तार कर लिया गया है। यह आरोपी ₹50,000 का इनामी था और एक साल से पुलिस की गिरफ्त से बाहर था। पुलिस के अनुसार, प्रॉपर्टी विवाद के चलते अमित भटेजा ने अपने सौतेले भाई अजय भटेजा की हत्या की साजिश रची थी। उसने सुपारी देकर वारदात को अंजाम दिलाया। इस हत्याकांड में शामिल शार्प शूटर राजन उर्फ जैकी और उसकी प्रेमिका हुमेरा उर्फ जोया को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी थी। आरोपी अमित भटेजा को जिला न्यायालय के बाहर उस समय दबोचा गया जब वह अपने वकील से मिलने पहुंचा था। इस गिरफ्तारी से एक साल पुराने उस मामले की गुत्थी सुलझ गई है, जिसमें प्रॉपर्टी के लालच ने एक भाई को दूसरे भाई का दुश्मन बना दिया था।
दून पुलिस ने अपने 'ऑपरेशन प्रहार' के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है, जहाँ एक साल पहले राजपुर क्षेत्र में हुए अजय भटेजा हत्याकांड के मास्टरमाइंड अमित भटेजा को आखिरकार गिरफ्तार कर लिया गया है। यह आरोपी ₹50,000 का इनामी था और एक साल से पुलिस की गिरफ्त से बाहर था। पुलिस के अनुसार, प्रॉपर्टी विवाद के चलते अमित भटेजा ने अपने सौतेले भाई अजय भटेजा की हत्या की साजिश रची थी। उसने सुपारी देकर वारदात को अंजाम दिलाया। इस हत्याकांड में शामिल शार्प शूटर राजन उर्फ जैकी और उसकी प्रेमिका हुमेरा उर्फ जोया को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी थी। आरोपी अमित भटेजा को जिला न्यायालय के बाहर उस समय दबोचा गया जब वह अपने वकील से मिलने पहुंचा था। इस गिरफ्तारी से एक साल पुराने उस मामले की गुत्थी सुलझ गई है, जिसमें प्रॉपर्टी के लालच ने एक भाई को दूसरे भाई का दुश्मन बना दिया था।
- समाजवादी पार्टी (सपा) की सांसद डिंपल यादव ने कानून व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने एक घटना पर अपनी आपत्ति व्यक्त की, जिसमें उनका कहना है कि जिस व्यक्ति को पुलिस द्वारा पकड़ा जा सकता था, उसका एनकाउंटर क्यों किया गया।1
- हरिद्वार में एक घटना ने 'जाको राखे साइयां, मार सके न कोय' कहावत को सच साबित कर दिया। प्रेम नगर घाट के पास गंगा में नहा रही एक महिला तेज बहाव की चपेट में आकर बह गई थी। कई किलोमीटर तक गंगा में बहने के बाद, ज्वालापुर के जटवाड़ा पुल पर गंग नहर के पास जल पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से उसे सुरक्षित बाहर निकाला गया।1
- हरिद्वार जिले के गांव चोली शहाबुद्दीनपुर की एक गली में गंभीर जलभराव की समस्या उत्पन्न हो गई है। इस स्थिति के कारण स्थानीय बुजुर्ग, बच्चे और महिलाएं गली में चलने में असमर्थ हैं, जिससे उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पानी की निकासी के लिए गाँव में कहीं भी कोई उचित रास्ता नहीं मिल पा रहा है, जिसके चलते यह समस्या लगातार बनी हुई है। ग्रामीणों ने संबंधित अधिकारियों से इस जलभराव की समस्या का जल्द से जल्द समाधान करने की अपील की है।1
- एसएसपी टिहरी के अनुसार, चारधाम यात्रा सुचारु रूप से चल रही है। उन्होंने बताया कि यात्रा को तीन ज़ोन में विभाजित किया गया है ताकि संचालन बेहतर हो सके।1
- नाली में पानी भरा हुआ है।3
- दिल्ली के मालवीय नगर में हुए एक दुखद होटल अग्निकांड के दौरान, भयानक परिस्थितियों के बावजूद, वसीम, शोएब, इसरार और जावेद नामक चार मुस्लिम युवाओं ने अपनी जान की परवाह न करते हुए कई लोगों की जान बचाने में असाधारण भूमिका निभाई। जिस समय होटल में भीषण आग लगी हुई थी और आसपास की इमारतें भी चपेट में आ सकती थीं, हालात बेहद भयानक बन चुके थे, तब इन युवाओं ने त्वरित सूझबूझ का परिचय दिया। इन युवाओं में से एक की वेल्डिंग की दुकान थी, जिसने अपने दोस्तों के साथ मिलकर होटल की एक खिड़की काट दी, जिससे अंदर फंसे लोग बाहर कूद सकें। इसके तुरंत बाद, एक अन्य लड़के ने, जिसकी गद्दे की दुकान थी, लोगों को ऊँचाई से कूदते देख अपनी दुकान के सारे गद्दे सड़क पर बिछा दिए। इन गद्दों को बिछाने का यह फायदा मिला कि होटल से कूदने वाले बहुत से लोगों की जान बच गई। घटनास्थल पर फायर ब्रिगेड की गाड़ियों को पहुंचने में लगभग आधे घंटे का समय लगा, और इस दौरान इन चारों हमारे देश के मुस्लिम भाईयों ने ही फंसे लोगों की जान बचाने का ज़िम्मा उठाया। इन चारों मुस्लिम भाईयों ने यह नहीं देखा कि होटल में फंसे लोग किस धर्म के हैं, बल्कि सिर्फ अपनी इंसानियत का फ़र्ज़ अदा करने निकल पड़े। उनके इस नेक काम ने यह साबित कर दिया है कि जहाँ आज हर कोई केवल अपने बारे में सोचता है, वहीं ऐसे नेक दिल इंसान भी मौजूद हैं जो दूसरों के लिए जीते हैं। इन देशभक्त मुस्लिम भाईयों की इस बहादुरी और सूझबूझ के लिए गहरा सम्मान व्यक्त किया गया है, और उन्हें दिल से कोटि-कोटि नमन किया गया है, यह कहते हुए कि उन्होंने एक देवता बनकर कई लोगों की जान बचाई।2
- कोतवाली रुड़की पुलिस ने CEIR पोर्टल पर पंजीकृत शिकायतों के आधार पर कार्रवाई करते हुए कुल 20 खोये हुए मोबाइल फोन सफलतापूर्वक बरामद किए हैं। इन सभी बरामद मोबाइल फोनों को उनके वास्तविक स्वामियों को सौंप दिया गया है। अपने खोये हुए मोबाइल वापस पाकर प्रसन्न मालिकों ने हरिद्वार पुलिस के प्रति आभार व्यक्त किया है, जिनके प्रयासों से उनके चेहरों पर खुशियां लौट आईं।1
- सिंगरायकोंडा के निकट जीटी एक्सप्रेस में अपनी ड्यूटी के दौरान विजयवाड़ा मंडल के वरिष्ठ सहायक लोको पायलट एम. जयराम पर असामाजिक तत्वों द्वारा लोकोमोटिव पर वस्तुएँ फेंकी गईं, जिसके परिणामस्वरूप उन्हें गंभीर चोटें आईं। यह हमला तब हुआ जब वे ट्रेन में अपनी जिम्मेदारी निभा रहे थे। घटना के तुरंत बाद ट्रेन को रोका गया और रेलवे अधिकारियों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एम. जयराम को प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें आगे के उपचार के लिए रेलवे अस्पताल में रेफर किया गया। वर्तमान में उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है और उनका उपचार जारी है। यह घटना रेलवे कर्मचारियों, विशेषकर ट्रेन के रनिंग स्टाफ की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंताएँ बढ़ाती है।1