ट्रैक्टर से कुचलकर हत्या का आरोप, युवक की मौत पर फूटा परिजनों का गुस्सा; सड़क जाम कर की निष्पक्ष जांच की मांग ट्रैक्टर से कुचलकर हत्या का आरोप, युवक की मौत पर फूटा परिजनों का गुस्सा; सड़क जाम कर की निष्पक्ष जांच की मांग थाना डेरापुर क्षेत्र के मुगीसापुर चौकी अंतर्गत मुगीसापुर-सट्टी रोड पर एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बाद परिजनों और ग्रामीणों में भारी आक्रोश फैल गया। परिजनों ने घटना को सड़क दुर्घटना मानने से इनकार करते हुए ट्रैक्टर से जानबूझकर कुचलकर हत्या किए जाने का आरोप लगाया है। देर रात शव को घटनास्थल पर रखकर विरोध प्रदर्शन किया गया, जबकि बुधवार सुबह सड़क जाम कर पुलिस-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग उठाई गई। जानकारी के अनुसार बीबापुर निवासी शिवम उर्फ धीरज पुत्र सरमन मंगलवार शाम मुगीसापुर-सट्टी मार्ग स्थित आजाद गेस्ट हाउस के निकट गंभीर रूप से घायल हो गए थे। परिजन उन्हें तत्काल एक निजी अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने हालत नाजुक देखते हुए कानपुर रेफर कर दिया। परिजन उपचार के लिए उन्हें हेलट अस्पताल कानपुर लेकर जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही शिवम ने दम तोड़ दिया। युवक की मौत के बाद मामला उस समय तूल पकड़ गया जब परिजनों ने इसे दुर्घटना नहीं बल्कि सुनियोजित हत्या करार दिया। परिजनों का आरोप है कि ओढ़ेरी निवासी मोहम्मद शकील पुत्र शहीद ने ट्रैक्टर को सड़क से नीचे उतारकर जानबूझकर शिवम को कुचल दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। हालांकि पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और जांच पूरी होने के बाद ही वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। परिजनों का आरोप है कि घटना की सूचना दिए जाने के बावजूद देर रात तक पुलिस की ओर से कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। इससे नाराज होकर उन्होंने घटनास्थल पर शव रखकर प्रदर्शन किया। बुधवार सुबह करीब आठ बजे तक भी संतोषजनक कार्रवाई न होने पर ग्रामीणों और परिजनों ने सड़क जाम कर दिया, जिससे क्षेत्र में आवागमन प्रभावित हो गया। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की। ग्रामीणों और परिजनों ने मांग की कि घटनास्थल से जुड़े सभी साक्ष्यों को सुरक्षित रखा जाए तथा मामले की निष्पक्ष जांच कर सच्चाई सामने लाई जाए। उनका कहना है कि यदि जांच में किसी भी व्यक्ति की आपराधिक भूमिका, साजिश या लापरवाही सामने आती है तो उसके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए। शिवम की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घर में मातम का माहौल है। पत्नी शोभा, मां शिवदेवी, पुत्र कार्तिक और पुत्री दामिनी का रो-रोकर बुरा हाल है। परिजनों के अनुसार शिवम परिवार का एकमात्र कमाने वाला सदस्य था और उसकी असमय मौत से परिवार आर्थिक संकट में घिर गया है। वहीं, थाना प्रभारी डेरापुर धीरेन्द्र सिंह ने बुधवार दोपहर बताया कि परिजनों को समझा-बुझाकर शांत करा दिया गया है। शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है।
ट्रैक्टर से कुचलकर हत्या का आरोप, युवक की मौत पर फूटा परिजनों का गुस्सा; सड़क जाम कर की निष्पक्ष जांच की मांग ट्रैक्टर से कुचलकर हत्या का आरोप, युवक की मौत पर फूटा परिजनों का गुस्सा; सड़क जाम कर की निष्पक्ष जांच की मांग थाना डेरापुर क्षेत्र के मुगीसापुर चौकी अंतर्गत मुगीसापुर-सट्टी रोड पर एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बाद परिजनों और ग्रामीणों में भारी आक्रोश फैल गया। परिजनों ने घटना को सड़क दुर्घटना मानने से इनकार करते हुए ट्रैक्टर से जानबूझकर कुचलकर हत्या किए जाने का आरोप लगाया है। देर रात शव को घटनास्थल पर रखकर विरोध प्रदर्शन किया गया, जबकि बुधवार सुबह सड़क जाम कर पुलिस-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग उठाई गई। जानकारी के अनुसार बीबापुर निवासी शिवम उर्फ धीरज पुत्र सरमन मंगलवार शाम मुगीसापुर-सट्टी मार्ग स्थित आजाद गेस्ट हाउस के निकट गंभीर रूप से घायल हो गए थे। परिजन उन्हें तत्काल एक निजी अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने हालत नाजुक देखते हुए कानपुर रेफर कर दिया। परिजन उपचार के लिए उन्हें हेलट अस्पताल कानपुर लेकर जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही शिवम ने दम तोड़ दिया। युवक की मौत के बाद मामला उस समय तूल पकड़ गया जब परिजनों ने इसे दुर्घटना नहीं बल्कि सुनियोजित हत्या करार दिया। परिजनों का आरोप है कि ओढ़ेरी निवासी मोहम्मद शकील पुत्र शहीद ने ट्रैक्टर को सड़क से नीचे उतारकर जानबूझकर शिवम को कुचल दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। हालांकि पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और जांच पूरी होने के बाद ही वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। परिजनों का आरोप है कि घटना की सूचना दिए जाने के बावजूद देर रात तक पुलिस की ओर से कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। इससे नाराज होकर उन्होंने घटनास्थल पर शव रखकर प्रदर्शन किया। बुधवार सुबह करीब आठ बजे तक भी संतोषजनक कार्रवाई न होने पर ग्रामीणों और परिजनों ने सड़क जाम कर दिया, जिससे क्षेत्र में आवागमन प्रभावित हो गया। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की। ग्रामीणों और परिजनों ने मांग की कि घटनास्थल से जुड़े सभी साक्ष्यों को सुरक्षित रखा जाए तथा मामले की निष्पक्ष जांच कर सच्चाई सामने लाई जाए। उनका कहना है कि यदि जांच में किसी भी व्यक्ति की आपराधिक भूमिका, साजिश या लापरवाही सामने आती है तो उसके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए। शिवम की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घर में मातम का माहौल है। पत्नी शोभा, मां शिवदेवी, पुत्र कार्तिक और पुत्री दामिनी का रो-रोकर बुरा हाल है। परिजनों के अनुसार शिवम परिवार का एकमात्र कमाने वाला सदस्य था और उसकी असमय मौत से परिवार आर्थिक संकट में घिर गया है। वहीं, थाना प्रभारी डेरापुर धीरेन्द्र सिंह ने बुधवार दोपहर बताया कि परिजनों को समझा-बुझाकर शांत करा दिया गया है। शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है।
- कानपुर देहात के मिरगांव में मकान निर्माण के दौरान दीवार व पिलर तोड़ने का आरोप, विरोध करने पर महिला से मारपीट और धमकी पत्रकार आशू श्रीवास्तव कानपुर देहात के सिकंदरा थाना क्षेत्र के मिरगांव निवासी सलीमन पत्नी स्वर्गीय नौशाद ने बुधवार शाम करीब चार बजे पुलिस को तहरीर देकर पड़ोस के दो लोगों पर मकान निर्माण के दौरान दीवार व पिलर तोड़ने और विरोध करने पर मारपीट करने का आरोप लगाया है। पीड़िता ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। पीड़िता ने तहरीर में बताया कि वह अपने मकान का निर्माण कार्य करा रही है। आरोप है कि मंगलवार देर रात करीब 3:30 बजे पड़ोस में रहने वाले आरिफ और उसके पिता साबिर ने उसके मकान की दीवार और पिलर तोड़ दिए। विरोध करने पर दोनों ने उसके साथ लात-घूंसों से मारपीट की और धमकी दी। आरोप है कि इस दौरान ईंट-पत्थर भी चलाए गए। घटना से संबंधित एक वीडियो भी सामने आया है। पीड़िता ने पुलिस से मामले की जांच कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की है। वहीं, सिकंदरा थाना प्रभारी निरीक्षक सुधाकर सिंह ने बताया कि मामले की जांच-पड़ताल की जा रही है। जांच के आधार पर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।2
- कच्ची छत गिरी, महिला मलबे में दबी ग्रामीणों ने फावड़े और हाथों से मिट्टी हटाकर बाहर निकाला कच्ची छत गिरी, महिला मलबे में दबी ग्रामीणों ने फावड़े और हाथों से मिट्टी हटाकर बाहर निकाला कानपुर देहात। राजपुर ब्लॉक क्षेत्र के वैना गांव में बुधवार को एक कच्ची छत गिरने से 32 वर्षीय महिला मलबे में दबकर घायल हो गईं। घटना के बाद आसपास के ग्रामीणों ने महिला को मलबे से बाहर निकाला और उपचार के लिए राजपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। वैना गांव निवासी हरिओम सिंह की पत्नी प्रियंका अपने घर में बिस्तर पर सो रही थीं, तभी अचानक कच्ची छत भरभराकर गिर गई। छत का मलबा गिरने से प्रियंका मिट्टी के नीचे दब गईं। हादसे की तेज आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और फावड़े तथा हाथों की मदद से मिट्टी हटाकर महिला को बाहर निकालने में जुट गए। काफी मशक्कत के बाद ग्रामीणों ने प्रियंका को मलबे से बाहर निकाला। परिजनों की सूचना पर 108 एंबुलेंस मौके पर पहुंची। एंबुलेंस चालक अंशुल और ईएमटी राजवीर घायल महिला को राजपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए, जहां चिकित्सक डॉ. अनूप द्विवेदी ने उनका उपचार शुरू किया। हादसे के समय प्रियंका का 11 वर्षीय बेटा मोंटी भी अपनी मां के साथ कुछ दूरी पर लेटा हुआ था। गनीमत रही कि वह बाल-बाल बच गया। घटना के बाद परिवार में दहशत का माहौल है। प्रियंका के पति हरिओम सिंह ने बताया कि वह राजपुर के एक निजी स्कूल की गाड़ी चलाकर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि कच्चा मकान होने के बावजूद उन्हें अभी तक आवास योजना का लाभ नहीं मिल सका है। छत गिरने के बाद अब परिवार के सामने रहने की समस्या खड़ी हो गई है। इस मामले में सिकंदरा की एसडीएम ऊषा सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि घटना की सूचना मिली है। जांच के लिए लेखपाल को मौके पर भेजा गया है। रिपोर्ट के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।4
- जसापुर गाँव में हुई चोरी के बाद अज्ञात चोरों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज, जांच शुरू जसापुर गाँव में हुई चोरी के बाद अज्ञात चोरों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज, जांच शुरू मंगलपुर थाना क्षेत्र के जसापुर गांव में हुई चोरी की घटना के बाद पुलिस ने पीड़ित की तहरीर पर अज्ञात चोरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच-पड़ताल शुरू कर दी है। घटना से गांव में दहशत और लोगों में आक्रोश का माहौल है। प्राप्त जानकारी के अनुसार जसापुर गांव निवासी रामजी ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि सोमवार रात परिवार के सभी सदस्य भोजन करने के बाद घर में सो गए थे। इसी दौरान अज्ञात चोर घर में घुस आए और सोने-चांदी के जेवरात तथा नकदी पर हाथ साफ कर फरार हो गए। सुबह जब परिवार के लोगों की नींद खुली तो सामान बिखरा पड़ा मिला और चोरी की जानकारी होने पर हड़कंप मच गया। पीड़ित ने घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दी। तहरीर के आधार पर मंगलपुर पुलिस ने अज्ञात चोरों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस टीम घटनास्थल का निरीक्षण कर आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है तथा संदिग्धों की तलाश में संभावित ठिकानों पर छापेमारी भी की जा रही है। थाना प्रभारी मंगलपुर अनिल कुमार ने बुधवार शाम 6 बजे बताया कि चोरी की घटना के संबंध में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस विभिन्न बिंदुओं पर जांच कर रही है और जल्द ही घटना का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। ग्रामीणों ने पुलिस से जल्द से जल्द चोरी का खुलासा कर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है, ताकि क्षेत्र में बढ़ रही चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके।1
- सिकंदरा में निकली विशाल तिरंगा यात्रा, पटेल चौक पर सरदार पटेल की प्रतिमा पर किया माल्यार्पण बुधवार को सिकंदरा कस्बे में विशाल तिरंगा यात्रा निकाली गई। यात्रा का शुभारंभ सुरासी गांव से हुआ, जो मंगलपुर और संदलपुर होते हुए दोपहर करीब 1:30 बजे सिकंदरा कस्बे पहुंची। यहां बड़ी संख्या में लोगों ने तिरंगा यात्रा का स्वागत किया। इसके बाद यात्रा पटेल चौक पहुंची, जहां सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस दौरान लोगों ने देशभक्ति के नारे लगाए। तिरंगा यात्रा का नेतृत्व सहार ब्लॉक प्रमुख आकाश सिंह ऋषि ने किया। यात्रा में बाइक, कार सहित बड़ी संख्या में लोग शामिल रहे। दोपहर करीब दो बजे तिरंगा यात्रा सिकंदरा से राजपुर की ओर रवाना हो गई। आयोजकों ने बताया कि यात्रा राजपुर होते हुए डेरापुर पहुंचेगी और इसके बाद परौंख गांव में इसका समापन किया जाएगा। नेतृत्व कर्ता आकाश सिंह ऋषि जी ब्लॉक प्रमुख, श्री मती नीरज रानी जी जिला पंचायत अध्यक्ष भाजपा पूर्व जिला अध्यक्ष वंसलाल कटियार जी ,ओमकार सिंह बुंदेला जी ,मधु मिश्रा जी,जमीपाल सिंह जी,महेश सिंह चौहान जी पूर्व जिला उपाध्यक्ष , रजत मिश्रा जिला मंत्री युवा मोर्चा, नरेन्द्र सिंह जी पूर्व मंडल अध्यक्ष,वरुण राजपूत जी पूर्व मंडल अध्यक्ष पंकज पाल जी चेयरमैन प्रतिनिधि रामस्वरूप कटियार जी , रोहित सेंगर विस्तारक भाजपा ,राजू सिंह इंद्रपुरा,हरगोविंद सिंह जी पूर्व मंडल महामंत्री,शानू प्रताप सिंह ,प्रियम शुक्ला जी, राजा त्रिवेदी जी आदि लोग उपस्थिति रहे1
- मुख्य विकास अधिकारी की अध्यक्षता में विकास भवन सभागार में संपन्न हुआ किसान दिवस कानपुर देहात। शासन के मंशानुरूप अन्नदाताओं की आय में वृद्धि करने, उनकी समस्याओं का समयबद्ध समाधान करने तथा उन्हें आधुनिक व उन्नत कृषि तकनीकों से आच्छादित करने के उद्देश्य से प्रत्येक माह के तृतीय बुधवार को आयोजित होने वाले 'किसान दिवस' का आयोजन आज विकास भवन सभागार में मुख्य विकास अधिकारी की अध्यक्षता में संपन्न हुआ। इस अवसर पर उप कृषि निदेशक हरिशंकर भार्गव, कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. शशिकांत व डॉ. खलील खान, अग्रणी जिला प्रबंधक, जिला कृषि अधिकारी, सहायक आयुक्त एवं सहायक निबंधक सहकारिता, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी, जिला उद्यान अधिकारी सहित कृषि एवं संबद्ध विभागों के समस्त जनपद स्तरीय अधिकारी तथा विभिन्न विकास खंडों से आए प्रगतिशील कृषक उपस्थित रहे। बैठक को संबोधित करते हुए मुख्य विकास अधिकारी ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए समस्त किसान भाइयों से अपील की कि वे अपनी फसलों का बीमा अनिवार्य रूप से कराएं। उन्होंने कहा कि मौसम की अनिश्चितताओं एवं प्राकृतिक आपदाओं जैसे सूखा, बाढ़, जलभराव, आंधी-तूफान, ओलावृष्टि अथवा आकाशीय बिजली से फसलों को होने वाले नुकसान की स्थिति में यह योजना किसानों के लिए सुरक्षा कवच का कार्य करती है और बीमित कृषकों को नियमानुसार समय पर उचित आर्थिक क्षतिपूर्ति उपलब्ध कराई जाती है। इसके साथ ही उन्होंने कृषि विभाग द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी, बीज अनुदान एवं यंत्रीकरण योजनाओं की विस्तृत जानकारी देते हुए किसानों से विभागीय योजनाओं से जुड़कर आधुनिक खेती अपनाने का आह्वान किया। मुख्य विकास अधिकारी ने कृषि एवं सहकारिता विभाग के अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि सभी अधिकारी व कर्मचारी नियमित रूप से क्षेत्र में रहकर किसानों से जीवंत संवाद बनाए रखें। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनपद में किसानों को उच्च गुणवत्तायुक्त बीज, उर्वरक व अन्य कृषि निवेश समय से उपलब्ध कराए जाएं तथा किसी भी दशा में उर्वरकों की कालाबाजारी अथवा निर्धारित दर से अधिक मूल्य पर बिक्री (ओवररेटिंग) न होने पाए। कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. शशिकांत ने वर्षा ऋतु एवं अत्यधिक उमस के मौसम में पशु स्वास्थ्य एवं प्रबंधन पर विस्तृत तकनीकी मार्गदर्शन दिया। उन्होंने बताया कि इस मौसम में पशुओं में पेट संबंधी विकार, बाह्य व आंतरिक परजीवी संक्रमण तथा खुरपका-मुंहपका एवं गलघोंटू जैसी संक्रामक बीमारियों की आशंका काफी बढ़ जाती है। उन्होंने पशुपालकों को स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था रखने, संतुलित आहार के रूप में हरे चारे का वैज्ञानिक अनुपात में उपयोग करने तथा पशुपालन विभाग द्वारा चलाए जा रहे निःशुल्क टीकाकरण अभियानों का शत-प्रतिशत लाभ उठाने की सलाह दी। पशुपालन विभाग के अधिकारियों द्वारा भी पशुधन विकास, कृत्रिम गर्भाधान, पशु क्रेडिट कार्ड एवं दुग्ध उत्पादन प्रोत्साहन योजनाओं की विस्तृत जानकारी साझा की गई। वरिष्ठ कृषि वैज्ञानिक डॉ. खलील खान ने किसानों को खेती की लागत घटाकर शुद्ध आय में वृद्धि करने के व्यावहारिक एवं वैज्ञानिक उपाय बताए। उन्होंने मृदा स्वास्थ्य परीक्षण की महत्ता पर बल देते हुए संतुलित उर्वरक प्रबंधन, जैविक खादों के समावेश तथा समयबद्ध खरपतवार नियंत्रण के तरीके समझाए। खरीफ फसलों, विशेषकर धान में लगने वाले हानिकारक कीटों जैसे पत्ती लपेटक एवं तना छेदक कीट की समय पर पहचान व उनके समन्वित कीट प्रबंधन की तकनीकों पर उन्होंने विस्तार से चर्चा की। साथ ही उन्होंने किसानों को असली व नकली खादों की पहचान करने के व्यावहारिक तरीके सिखाए। डॉ. खान ने आकस्मिक फसल योजना के अंतर्गत परामर्श दिया कि कम वर्षा अथवा मुख्य फसल की बुवाई प्रभावित होने की दशा में किसान खाली खेतों में कम समय में तैयार होने वाली तोरिया की उन्नत खेती अपनाकर बेहतर उत्पादन और अतिरिक्त लाभ अर्जित कर सकते हैं। इसी क्रम में उप कृषि निदेशक हरिशंकर भार्गव एवं जिला उद्यान अधिकारी सहित अन्य संबद्ध विभागों के अधिकारियों द्वारा औद्यानिक फसलों, फल-सब्जी उत्पादन, मसाला एवं औषधीय फसलों की खेती, संरक्षित खेती (पॉलीहाउस) तथा सूक्ष्म सिंचाई पद्धति (ड्रिप व स्प्रिंकलर) पर उपलब्ध शासकीय अनुदान व तकनीकी लाभों की विस्तृत रूपरेखा किसानों के समक्ष रखी गई। मुख्य विकास अधिकारी ने अंत में सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि विभागीय योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार स्थानीय संचार माध्यमों एवं संदेश समूहों के जरिए ग्राम स्तर तक कराया जाए, ताकि शासन की मंशा के अनुरूप प्रत्येक पात्र किसान को योजनाओं का सीधा व शत-प्रतिशत लाभ प्राप्त हो सके।2
- जसापुर में लाखों की चोरी: नगदी और जेवरात लेकर फरार हुए चोर, CCTV खंगाल रही पुलिस कानपुरदेहात,मंगलपुर थाना क्षेत्र के जसापुर गांव में सोमवार और मंगलवार की दरमियानी रात अज्ञात चोरों ने एक घर को निशाना बनाते हुए नगदी समेत लाखों रुपये के जेवरात चोरी कर लिए। घटना के बाद पूरे गांव में दहशत का माहौल है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी है। पीड़ित रामजी पुत्र रामनरेश ने मंगलपुर थाना पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि घटना की रात उनके पिता रामनरेश और भाई सूरजन घर के बाहर सो रहे थे, जबकि वह अपनी पत्नी कीर्ति के साथ बरामदे में सो रहे थे। बिजली न होने के कारण घर का पिछला दरवाजा पूरी तरह बंद नहीं हो सका, जिसका फायदा उठाकर चोर घर में घुस गए। चोरों ने कमरे में रखी अलमारी का ताला तोड़कर मंगलसूत्र, ब्रजबाला, बेसर, हाफ पेटी, पायल और 65 हजार रुपये नकद चोरी कर लिए। सुबह करीब पांच बजे जब परिवार की आंख खुली तो कमरे का सामान बिखरा पड़ा था। बाहर जाकर देखा तो पास स्थित मंदिर के चबूतरे पर एक बैग और कुछ सामान पड़ा मिला, जिससे चोरी की घटना का पता चला। घटना की सूचना तत्काल डायल 112 पर दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच के बाद थाना मंगलपुर को मामले की जानकारी दी। इसके बाद एसएसआई कमलेश यादव पुलिस बल के साथ घटनास्थल पहुंचे और जांच शुरू की। एसएसआई कमलेश यादव ने मंगलवार साढ़े 12 बजे बताया कि मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि जल्द ही आरोपियों की पहचान कर घटना का खुलासा कर दिया जाएगा। ग्रामीणों ने क्षेत्र में लगातार बढ़ रही चोरी की घटनाओं पर चिंता जताते हुए पुलिस से रात्रि गश्त बढ़ाने और जल्द से जल्द चोरों की गिरफ्तारी की मांग की है।3
- कच्ची छत गिरने से मां बेटे दबे,गम्भीर हालत मे मां को कराया भर्ती राजपुर।राजपुर ब्लॉक के ग्राम बैना निवासी हरिओम सिंह ने बताया कि बुधवार की शाम को उसकी पत्नी प्रियंका व पुत्र मोंटी घर के अंदर काम कर रहे थे तभी अचानक घर की छत ढह गई,इस घटना मे उसकी पत्नी व बेटा दब गये,परिजनों व पड़ोसियो ने जल्दी जल्दी दोनों को बाहर निकाला गया वहीं महिला की हालत बिगड़ने पर उसे कस्बे के पीएचसी राजपुर मे भर्ती कराया जहां पर डॉक्टरों की टीम इलाज करने मे जुट गई।प्राथमिक उपचार के बाद महिला को मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया।1
- दहेज हत्या मामले में दो वांछित गिरफ्तार पुलिस ने आरोपियों को घर से पकड़ा, भेजा जेल दहेज हत्या मामले में दो वांछित गिरफ्तार पुलिस ने आरोपियों को घर से पकड़ा, भेजा जेल कानपुर देहात। राजपुर थाना क्षेत्र में दहेज हत्या के मामले में वांछित दो आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। ये दोनों मृतका के ससुरालीजन हैं। इन पर अतिरिक्त दहेज की मांग पूरी न होने पर विवाहिता की हत्या कर शव को फांसी पर लटकाने का आरोप है। पुलिस ने दोनों को उनके घर से गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। पुलिस के अनुसार, 18 अगस्त 2026 को वादी ने राजपुर थाने में तहरीर दी थी। इसमें आरोप लगाया गया था कि उसकी बेटी की शादी में दिए गए दहेज से ससुराल वाले संतुष्ट नहीं थे और अतिरिक्त दहेज की मांग कर रहे थे। आरोप है कि मांग पूरी न होने पर 14/15 अगस्त 2026 की रात आरोपियों ने उसकी बेटी की गला दबाकर हत्या कर दी और घटना को आत्महत्या दिखाने के लिए शव को फांसी पर लटका दिया। इस तहरीर के आधार पर राजपुर थाने में मु0अ0सं0 92/2026 के तहत विशाल पुत्र अमर सिंह, अमर सिंह पुत्र मातादीन और दो अन्य अभियुक्तों के खिलाफ धारा 85/80(2) बीएनएस एवं 3/4 डीपी एक्ट में मुकदमा दर्ज किया गया। विवेचना के दौरान मिले साक्ष्यों के आधार पर मुकदमे में धारा 238(ख) बीएनएस भी जोड़ी गई। थानाध्यक्ष सूर्य प्रताप सिंह ने बताया कि पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए वांछित अभियुक्त विशाल पुत्र अमर सिंह (21 वर्ष) और अमर सिंह पुत्र मातादीन (45 वर्ष) को 19 अगस्त 2026 को उनके राजपुर स्थित घर से गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार दोनों अभियुक्तों का आपराधिक इतिहास इसी मुकदमे से संबंधित है। मामले में शेष नामजद अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम लगातार प्रयास कर रही है। गिरफ्तार आरोपियों को नियमानुसार न्यायालय में पेश किया गया जहां से उन्हे जेल भेज दिया। गिरफ्तारी करने वाली टीम में उपनिरीक्षक नीरज कुमार, हेड कांस्टेबल विवेक कुमार और कांस्टेबल राजा शामिल थे।2