*खौफनाक: निघासन में 'गैस माफिया' का नंगा नाच! जनता बूंद-बूंद को तरसी, कबाड़ी की दुकान के पास 'यमराज' भर रहे हैं गाड़ियों में गैस* वायरल खबर *निघासन, लखीमपुर खीरी:* निघासन क्षेत्र में इन दिनों हाहाकार मचा है। आम आदमी को अपनी रसोई के लिए एक सिलेंडर मयस्सर नहीं हो रहा, वहीं निघासन-लालपुर रोड पर कानून की धज्जियां उड़ाते हुए 'मौत का कारोबार' फल-फूल रहा है। एक कबाड़ी की दुकान के पास खुलेआम चार पहिया वाहनों (Cars & Vans) में घरेलू गैस की रिफिलिंग की जा रही है। *आम जनता बेहाल, माफिया मालामाल!* हैरानी की बात यह है कि पूरे निघासन क्षेत्र में गैस की भारी किल्लत है। घरेलू उपभोक्ता गैस के लिए दर-दर भटक रहे हैं, लेकिन गैस माफियाओं के पास सिलेंडरों का अंबार लगा है। इन सिलेंडरों को ब्लैक में ऊंचे दामों पर बेचकर और गाड़ियों में अवैध रूप से भरकर लाखों की काली कमाई की जा रही है। *लालपुर रोड बना 'बारूद का ढेर'* जिस जगह यह रिफिलिंग हो रही है, वहां सुरक्षा के नाम पर एक बाल्टी पानी तक नहीं है। चार पहिया गाड़ियों में खुलेआम नोजल लगाकर गैस पलटी जा रही है। यह लापरवाही न सिर्फ गैर-कानूनी है, बल्कि चलती-फिरती 'मानवीय मिसाइलों' को जन्म दे रही है। अगर रिफिलिंग के दौरान एक चिंगारी भी उठी, तो पूरी निघासन-लालपुर रोड श्मशान बन सकती है। *रसद विभाग की चुप्पी पर उठ रहे सवाल?* सड़क किनारे सरेआम गाड़ियों की कतारें लगाकर घरेलू गैस की चोरी की जा रही है, लेकिन पूर्ति विभाग (Supply Department) ने अपनी आंखों पर पट्टी बांध रखी है। जनता सवाल पूछ रही है कि क्या इन माफियाओं को प्रशासन का 'अभयदान' प्राप्त है? आखिर क्यों अब तक इस कबाड़ी की दुकान और अवैध रिफिलिंग सेंटर पर छापेमारी नहीं हुई?
*खौफनाक: निघासन में 'गैस माफिया' का नंगा नाच! जनता बूंद-बूंद को तरसी, कबाड़ी की दुकान के पास 'यमराज' भर रहे हैं गाड़ियों में गैस* वायरल खबर *निघासन, लखीमपुर खीरी:* निघासन क्षेत्र में इन दिनों हाहाकार मचा है। आम आदमी को अपनी रसोई के लिए एक सिलेंडर मयस्सर नहीं हो रहा, वहीं निघासन-लालपुर रोड पर कानून की धज्जियां उड़ाते हुए 'मौत का कारोबार' फल-फूल रहा है। एक कबाड़ी की दुकान के पास खुलेआम चार पहिया वाहनों (Cars & Vans) में घरेलू गैस की रिफिलिंग की जा रही है। *आम जनता बेहाल, माफिया मालामाल!* हैरानी की बात यह है कि पूरे निघासन क्षेत्र में गैस की भारी किल्लत है। घरेलू उपभोक्ता गैस के लिए दर-दर भटक रहे हैं, लेकिन गैस माफियाओं के पास सिलेंडरों का अंबार लगा है। इन सिलेंडरों को ब्लैक में ऊंचे दामों पर बेचकर और गाड़ियों में अवैध रूप से भरकर लाखों की काली कमाई की जा रही है। *लालपुर रोड बना 'बारूद का ढेर'* जिस जगह यह रिफिलिंग हो रही है, वहां सुरक्षा के नाम पर एक बाल्टी पानी तक नहीं है। चार पहिया गाड़ियों में खुलेआम नोजल लगाकर गैस पलटी जा रही है। यह लापरवाही न सिर्फ गैर-कानूनी है, बल्कि चलती-फिरती 'मानवीय मिसाइलों' को जन्म दे रही है। अगर रिफिलिंग के दौरान एक चिंगारी भी उठी, तो पूरी निघासन-लालपुर रोड श्मशान बन सकती है। *रसद विभाग की चुप्पी पर उठ रहे सवाल?* सड़क किनारे सरेआम गाड़ियों की कतारें लगाकर घरेलू गैस की चोरी की जा रही है, लेकिन पूर्ति विभाग (Supply Department) ने अपनी आंखों पर पट्टी बांध रखी है। जनता सवाल पूछ रही है कि क्या इन माफियाओं को प्रशासन का 'अभयदान' प्राप्त है? आखिर क्यों अब तक इस कबाड़ी की दुकान और अवैध रिफिलिंग सेंटर पर छापेमारी नहीं हुई?
- Post by Sanjay Kumar1
- राणाप्रतापनगर में लोगों के आशियानों में लगी आग झोपड़ियों में बंधी पशुओं को बचाने के चक्कर मे दो ग्रामीण झुलसे 19 April 2026 यानि बीते रविवार को हजारा थाना क्षेत्र के एक गांव में लगी आग ने कई घर जलकर राख कर दिया, वही आग की चपेट में आने से एक युवक भी झुलस गया। बता दे कि थाना हजारा क्षेत्र की ग्राम राणा प्रताप नगर में दोपहर करीब तीन बजे अज्ञात कानों के चलते आग लग गई जिसमें कई घर जला कर रख कर दिए। हालांकि सैकड़ों ग्रामीणों की सहायता से घंटों देर कड़ी मशक्कत के बाद लोगों ने आग पर काबू पाया लेकिन तब तक सब कुछ जल कर रख हो चुका था। वही इस आग से अपने जानवरों को बचाने के लिए प्रभुनाथ पुत्र बंसी राम भी झुलस गया। जिसको सीएससी पलिया लाया गया लेकिन 45% जला होने के चलते प्राथमिक उपचार के लिए साल अस्पताल रेफर कर दिया गया।1
- संपूर्णानगर (लखीमपुर खीरी) दुधवा टाइगर रिजर्व की तराई से सटे भारत-नेपाल सीमा पर स्थित बसही एसएसबी कैंप के पास प्रकृति का एक खौफनाक मंजर देखने को मिला। यहाँ एक विशालकाय अजगर ने एक बंदर को अपना शिकार बना लिया। इस घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। भारत-नेपाल सीमा, बसही एसएसबी कैंप के पास (दुधवा बफर जोन)। विशालकाय अजगर द्वारा बंदर का शिकार। एसएसबी जवानों और राहगीरों ने कैद किया मंजर, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल। दुधवा नेशनल पार्क के घने जंगलों से निकलकर वन्यजीव अक्सर सीमावर्ती इलाकों में आ जाते हैं। ताजा मामला बसही एसएसबी कैंप के पास का है, जहाँ झाड़ियों में घात लगाकर बैठे एक भारी-भरकम अजगर ने अचानक एक बंदर पर हमला कर दिया। अजगर ने बंदर को अपनी मजबूत कुंडली में इस कदर जकड़ा कि उसे हिलने तक का मौका नहीं मिला। देखते ही देखते अजगर ने बंदर को पूरा निगल लिया। वहां से गुजर रहे कुछ राहगीरों और ड्यूटी पर तैनात एसएसबी के जवानों ने इस दुर्लभ लेकिन डरावने दृश्य को अपने मोबाइल कैमरों में कैद कर लिया।जंगल से सटे गांवों में इस वीडियो के वायरल होने के बाद दहशत का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि आए दिन अजगर और अन्य हिंसक वन्यजीव आबादी की ओर रुख कर रहे हैं, जिससे पालतू पशुओं और बच्चों के लिए खतरा बढ़ गया है। वन विभाग को इस संबंध में सूचित कर दिया गया है ताकि क्षेत्र में गश्त बढ़ाई जा सके। वन्यजीव विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून और उमस भरे मौसम में सरीसृप (Reptiles) अक्सर ठिकानों से बाहर निकलते हैं। सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले लोग झाड़ियों और जलभराव वाले स्थानों से दूर रहें।2
- बिजुआ- सड़क हादसे में बच्चे की मौत के बाद परिजनों का हंगामा, सुबह लखनऊ जाने वाली प्राइवेट बस से हुआ हादसा, भीरा पलिया मार्ग पर जाम की स्थिति, फूलबेहड़ थाना क्षेत्र के दाउदपुर गांव की घटना, सूचना पर पुलिस मौके पर मौजूद1
- पूरनपुर/पीलीभीत।शहर की कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाली एक घटना सामने आई है, जहां कोतवाली से कुछ ही दूरी पर एक युवक पर दिनदहाड़े हमला कर दिया गया। हमलावरों की संख्या करीब 8 से 10 बताई जा रही है, जिन्होंने युवक को घर से बाहर खींचकर सड़क पर बेरहमी से पीटा और गला दबाने की कोशिश भी की।घटना रविवार शाम की बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, मोहल्ला गनेशगंज निवासी कुलवीर सिंह के घर उनकी बहन अपने साथियों के साथ पहुंची थी। जैसे ही घर का दरवाजा खुला, पहले से घात लगाए खड़े लोगों ने कुलवीर को पकड़ लिया। इसके बाद उसे सड़क तक घसीटते हुए ले जाया गया और लाठी-डंडों से जमकर मारपीट की गई।आरोप है कि हमलावरों ने उसकी गर्दन दबाकर जान लेने की भी कोशिश की।इस पूरी घटना का वीडियो पास में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गया, जो अब सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि पीड़ित युवक मदद के लिए चिल्लाता रहा, लेकिन आसपास मौजूद लोग तमाशबीन बने रहे और किसी ने हस्तक्षेप नहीं किया।पीड़ित के अनुसार, यह विवाद जमीन और मकान को लेकर चल रहा है, जिस पर पहले से ही मामला न्यायालय में विचाराधीन है। उसने आरोप लगाया कि हमलावर उसी विवाद के चलते दबाव बनाने के लिए हमला करने आए थे।सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायल युवक को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया। पुलिस ने इस मामले में नामजद आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए दो लोगों को हिरासत में लिया है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।कोतवाली प्रभारी ने बताया कि मामले में शांति भंग की धाराओं में कार्रवाई की जा रही है और आगे की जांच भी जारी है। हालांकि, इस घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले कुछ दिनों में इस तरह की घटनाएं बढ़ी हैं, जिससे सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।यह घटना न केवल पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करती है, बल्कि समाज में बढ़ती उदासीनता को भी उजागर करती है, जहां मदद के बजाय लोग सिर्फ तमाशा देखते रह जाते हैं।1
- समाज का हाथ पकड़कर चलों, दूसरे लोगों के पांव पकड़ने की जरुरत नहीं पड़ेगी। #भारशिव_पासी_परिवार #लाखन_आर्मी_सम्पूर्ण_भारत #लाखन_आर्मी_शाहजहांपुर1
- समाज का हाथ पकड़कर चलों, दूसरे लोगों के पांव पकड़ने की जरुरत नहीं पड़ेगी। #भारशिव_पासी_परिवार #लाखन_आर्मी_सम्पूर्ण_भारत #लाखन_आर्मी_शाहजहांपुर1
- संपूर्णानगर खीरी। दुधवा टाइगर रिजर्व के जंगलों से सटे भारत-नेपाल सीमा पर स्थित बसही एसएसबी कैंप के पास बाघ की चहलकदमी से सुरक्षाकर्मियों और ग्रामीणों में हड़कंप मच गया है। बाघ को कैंप के मुख्य द्वार के बिल्कुल सामने देखा गया है,जिसका एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वहीं रिहायशी इलाके के पास बाघ के चहलकदमी की वीडियो वायरल होने के बाद ग्रामीणों में दहशत फैल गई है और लोग डर के कारण घरों से बाहर नहीं निकल रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि संपूर्णानगर रेंज के वन विभाग को इसकी तत्काल सूचना दी गई थी, लेकिन घंटों बीत जाने के बाद भी कोई मौके पर नहीं पहुंचा। बसही कैंप के कंपनी कमांडर रामकुमार यादव ने पुष्टि की है कि बाघ कैंप के ठीक सामने से गुजरा है। उन्होंने जवानों और ग्रामीणों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। वन विभाग की टीम के न पहुंचने से स्थानीय लोगों में विभाग के प्रति भारी रोष व्याप्त है।1