झारखंड के सरायकेला विधानसभा क्षेत्र के मुड़कुम पंचायत अंतर्गत नुआगोड़ा गांव में रविवार शाम करीब 4 बजे श्रद्धा कर्म के दौरान वज्रपात होने से दो लोगों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि पांच अन्य लोग गंभीर रूप से झुलस गए। यह हादसा सरायकेला थाना क्षेत्र में हुआ, जहां अचानक आसमानी बिजली आंगन के पास खड़े एक बड़े पेड़ पर गिर गई और लोग इसकी चपेट में आ गए। इस हादसे की सबसे मार्मिक बात यह रही कि जिस परिवार में श्रद्धा कर्म का आयोजन हो रहा था, उसी परिवार के 12 वर्षीय बच्चे की भी इस हादसे में जान चली गई। घटना के बाद सभी घायलों को तुरंत इलाज के लिए सरायकेला के सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार चल रहा है। इस दर्दनाक हादसे के बाद से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। स्थानीय लोगों ने दिवंगत आत्माओं को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए पीड़ित परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है और घायलों के जल्द ठीक होने की कामना की है। इस हादसे के साथ ही वज्रपात के दौरान कुछ जरूरी सावधानियां बरतने की सलाह दी गई है। बारिश और बिजली कड़कने के समय कभी भी बड़े पेड़ों के नीचे शरण न लें और न ही खुले मैदान या ऊंचे स्थानों पर खड़े हों। ऐसी स्थिति में भीड़ बनाकर एक जगह इकट्ठा होने से बचें और बिजली चमकते ही किसी पक्की इमारत या सुरक्षित स्थान पर चले जाएं। इसके अलावा धातु की वस्तुओं, बिजली के खंभों और पानी से हमेशा दूरी बनाकर रखनी चाहिए, क्योंकि एक छोटी-सी सावधानी कई अनमोल जिंदगियां बचा सकती है।
झारखंड के सरायकेला विधानसभा क्षेत्र के मुड़कुम पंचायत अंतर्गत नुआगोड़ा गांव में रविवार शाम करीब 4 बजे श्रद्धा कर्म के दौरान वज्रपात होने से दो लोगों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि पांच अन्य लोग गंभीर रूप से झुलस गए। यह हादसा सरायकेला थाना क्षेत्र में हुआ, जहां अचानक आसमानी बिजली आंगन के पास खड़े एक बड़े पेड़ पर गिर गई और लोग इसकी चपेट में आ गए। इस हादसे की सबसे मार्मिक बात यह रही कि जिस परिवार में श्रद्धा कर्म का आयोजन हो रहा था, उसी परिवार के 12 वर्षीय बच्चे की भी इस हादसे में जान चली गई। घटना के बाद सभी घायलों को तुरंत इलाज के लिए सरायकेला के सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार चल रहा है। इस दर्दनाक हादसे के बाद से पूरे गांव
में शोक की लहर दौड़ गई है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। स्थानीय लोगों ने दिवंगत आत्माओं को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए पीड़ित परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है और घायलों के जल्द ठीक होने की कामना की है। इस हादसे के साथ ही वज्रपात के दौरान कुछ जरूरी सावधानियां बरतने की सलाह दी गई है। बारिश और बिजली कड़कने के समय कभी भी बड़े पेड़ों के नीचे शरण न लें और न ही खुले मैदान या ऊंचे स्थानों पर खड़े हों। ऐसी स्थिति में भीड़ बनाकर एक जगह इकट्ठा होने से बचें और बिजली चमकते ही किसी पक्की इमारत या सुरक्षित स्थान पर चले जाएं। इसके अलावा धातु की वस्तुओं, बिजली के खंभों और पानी से हमेशा दूरी बनाकर रखनी चाहिए, क्योंकि एक छोटी-सी सावधानी कई अनमोल जिंदगियां बचा सकती है।
- झारखंड के खूंटपानी प्रखंड के एक जनप्रतिनिधि ने लोगों से अपने शरीर में होने वाली छोटी-मोटी स्वास्थ्य समस्याओं को नजरअंदाज न करने की अपील की है। रवि गुप्ता की रिपोर्ट के अनुसार, जनप्रतिनिधि ने स्पष्ट किया है कि समय पर जांच और सही उपचार मिलने से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी का भी प्रभावी इलाज पूरी तरह संभव है। उन्होंने यह बात तब साझा की जब खूंटपानी प्रखंड के ही एक कैंसर पीड़ित मरीज ने मदद के लिए उनसे संपर्क किया। इस दौरान जनप्रतिनिधि ने मरीज को सरकार द्वारा चलाई जा रही स्वास्थ्य सहायता योजनाओं की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पात्र मरीजों को कैंसर के इलाज के लिए ₹15 लाख तक की सरकारी सहायता मिल सकती है। इस योजना की जानकारी बहुत कम लोगों तक पहुंच पाई है, इसलिए उन्होंने जरूरतमंद लोगों से सहायता प्राप्त करने के लिए सीधे संपर्क करने का आग्रह किया है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि गंभीर बीमारी के लक्षण दिखते ही बिना देरी किए चिकित्सकीय जांच कराएं, क्योंकि समय पर बीमारी की पहचान कर जीवन बचाया जा सकता है।3
- सरायकेला-खरसावां के राजनगर से आज बोल बम सेवा समिति बाना, टंगरानी, कांकी, हामंदा, राजनगर, सरायकेला और खरसावां के 55 कांवरिया देवघर के लिए रवाना हो गए हैं।1
- मुसाबनी प्रखंड की तेरेंगा पंचायत के कुम्हीरमुडी सागेन रास्का क्लब मैदान में एक महत्वपूर्ण ग्राम सभा का आयोजन किया गया, जिसमें 14 मौजा के ग्राम प्रधान (माझी बाबा) उपस्थित हुए। इस बैठक का मुख्य मुद्दा कुम्हीरमुडी में एक नए माझी बाबा के चयन का विरोध करना था। दरअसल, गांव के कुछ परिवारों द्वारा वर्तमान ग्राम प्रधान घासीया किस्कु (माझी बाबा) के समानांतर करिया हाँसदा को नया ग्राम प्रधान नियुक्त करने की कोशिश की जा रही थी और इसके लिए प्रशासनिक विभाग में पत्राचार कर मान्यता लेने का प्रयास किया जा रहा था। ग्रामीणों ने इस विषय पर गहन विचार-विमर्श करने के बाद सर्वसम्मति से पुराने माझी बाबा के पक्ष में निर्णय लिया और स्पष्ट किया कि एक गांव में दो ग्राम प्रधान नहीं हो सकते। इस महत्वपूर्ण बैठक में मुख्य रूप से जगदीश वास्के (देश पिंडा पहता सॉन), रूबी हांसदा (तरफ पारगना), हिमांशु सोरेन, मेघराय सोरेन, प्रफुल्ल सोरेन, हरे कृष्ण मुर्मू, गोपाल सोरेन, सूर्य माझी, सुभाष गुडू, मंगल सिंह सोरेन, धीराम हेंब्रम और सुनील किस्कु सहित सैकड़ों की संख्या में महिला और पुरुष उपस्थित थे।1
- सरायकेला-खरसवाँ जिले के नीमडीह थाना क्षेत्र अंतर्गत आदारडीह में प्रस्तावित एसएम स्टील प्लांट को लेकर विवाद गहरा गया है और इलाके में तनाव बढ़ गया है। स्थानीय ग्रामीणों ने इस परियोजना में अपने हितों की उपेक्षा किए जाने का गंभीर आरोप लगाया है। इस स्थिति को देखते हुए ग्रामीणों ने प्रशासन से मामले में तत्काल हस्तक्षेप करने की मांग की है। साथ ही, उन्होंने प्रशासन को चेतावनी दी है कि वे इसके खिलाफ शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक आंदोलन का रास्ता अपनाएंगे।1
- सरायकेला-खरसावां के जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त श्री नितिश कुमार सिंह ने समाहरणालय सभागार में नगर निगम आदित्यपुर और नगर परिषद कपाली क्षेत्र में संचालित विभिन्न पेयजल योजनाओं की विस्तृत समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने पेयजल आपूर्ति में हो रही देरी को लेकर गहरी नाराजगी व्यक्त की और कार्यकारी एजेंसियों को 31 जुलाई, 2026 तक हर हाल में घर-घर नियमित जलापूर्ति सुनिश्चित करने का कड़ा निर्देश दिया। उपायुक्त ने विशेष रूप से आदित्यपुर-2 स्थित सीतारामपुर के 30 एमएलडी वाटर ट्रीटमेंट प्लांट से नियमित जलापूर्ति शुरू न होने पर गंभीर रुख अपनाया। संबंधित एजेंसियों ने पहले 15 जुलाई, 2026 तक नियमित जलापूर्ति शुरू करने का आश्वासन दिया था, लेकिन समयसीमा बीतने के बाद भी काम पूरा नहीं हुआ, जिससे आम लोगों को पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है। इस पर उपायुक्त ने JUDCO, जिंदल और शापूरजी पालनजी के प्रतिनिधियों को चेतावनी दी कि समयसीमा का दोबारा उल्लंघन या अनावश्यक विलंब किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और तय अवधि में काम पूरा न होने पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा कपाली नगर परिषद क्षेत्र की पेयजल योजनाओं के पाइपलाइन विस्तार और जलापूर्ति नेटवर्क के अधूरे कार्यों की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने सभी कार्यदायी एजेंसियों को काम में तेजी लाने, गुणवत्ता बनाए रखने और तकनीकी व भूमि संबंधी बाधाओं को शीघ्र दूर करने का निर्देश दिया। इस बैठक में नगर आयुक्त अज़ाज़ अनवर, JUDCO, जिंदल और शापूरजी पालनजी के प्रतिनिधियों सहित संबंधित विभागों के पदाधिकारी उपस्थित थे।4
- जंतर-मंतर पर छात्रों का आंदोलन शुरू हुआ है, जहां CJP का विरोध प्रदर्शन किया जा रहा है।1