नागौर में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, मेड़ता की अध्यक्ष तारा अग्रवाल (जिला एवं सेशन न्यायाधीश) के निर्देश पर प्राधिकरण के सचिव संजय कुमार मालवीया ने पुराने अस्पताल परिसर स्थित पालना गृह का निरीक्षण किया। इस निरीक्षण के दौरान पालना गृह की व्यवस्थाओं में कई गंभीर कमियां सामने आईं। सचिव मालवीया ने पालना गृह के अलार्म सिस्टम का परीक्षण किया, जो पूरी तरह निष्क्रिय पाया गया। इसके अलावा, परिसर में साफ-सफाई की व्यवस्था भी संतोषजनक नहीं थी और कई जगहों पर गंदगी मिली। सुरक्षा और अन्य आधारभूत व्यवस्थाओं में भी खामियां देखी गईं, जिस पर सचिव ने गहरी चिंता व्यक्त की। इन गंभीर कमियों को देखते हुए, सचिव मालवीया ने संबंधित अधिकारियों को तुरंत सुधारात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, नागौर को पालना गृह में मिली कमियों को जल्द से जल्द दूर करने, अलार्म सिस्टम को तत्काल चालू करवाने और पालना गृह के सुचारू व सुरक्षित संचालन के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि पालना गृह जैसी संवेदनशील संस्थाओं में सुरक्षा व्यवस्था और आवश्यक सुविधाओं का प्रभावी संचालन सुनिश्चित करना बेहद ज़रूरी है।
नागौर में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, मेड़ता की अध्यक्ष तारा अग्रवाल (जिला एवं सेशन न्यायाधीश) के निर्देश पर प्राधिकरण के सचिव संजय कुमार मालवीया ने पुराने अस्पताल परिसर स्थित पालना गृह का निरीक्षण किया। इस निरीक्षण के दौरान पालना गृह की व्यवस्थाओं में कई गंभीर कमियां सामने आईं। सचिव मालवीया ने पालना गृह के अलार्म सिस्टम का परीक्षण किया, जो पूरी तरह निष्क्रिय पाया गया। इसके अलावा, परिसर में साफ-सफाई की व्यवस्था भी संतोषजनक नहीं थी और कई जगहों पर गंदगी मिली। सुरक्षा और अन्य आधारभूत व्यवस्थाओं में भी खामियां देखी गईं, जिस पर सचिव ने गहरी चिंता व्यक्त की। इन गंभीर कमियों को देखते हुए, सचिव मालवीया ने संबंधित अधिकारियों को तुरंत सुधारात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, नागौर को पालना गृह में मिली कमियों को जल्द से जल्द दूर करने, अलार्म सिस्टम को तत्काल चालू करवाने और पालना गृह के सुचारू व सुरक्षित संचालन के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि पालना गृह जैसी संवेदनशील संस्थाओं में सुरक्षा व्यवस्था और आवश्यक सुविधाओं का प्रभावी संचालन सुनिश्चित करना बेहद ज़रूरी है।
- नागौर जिले के कुचामण डीडवाना में पुलिस ने पानी के मीटर चोरी के आरोप में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के पास से चोरी किए गए 10 पानी के मीटर भी बरामद किए हैं। यह कार्रवाई चोरी की बढ़ती घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए की गई है।1
- राजस्थान के श्रीकोलायत क्षेत्र में स्थित शीशा भैरूजी मंदिर के पास 471 बीघा में फैले पवित्र ओरण क्षेत्र में जल संरक्षण और पर्यावरण संवर्धन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कार्य पूरा हो गया है। पूर्व प्रधान जयवीरसिंह भाटी के नेतृत्व में ग्रामीणों और भामाशाहों के जनसहयोग से चलाए गए तालाब खुदाई अभियान को एक माह के भीतर सफलतापूर्वक संपन्न किया गया। इस अभियान पर 20 लाख रुपये से अधिक की राशि खर्च हुई है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य ओरण क्षेत्र में मौजूद सैकड़ों वर्ष पुराने तालाब को पुनर्जीवित करना और उसकी वर्षा जल संग्रहण क्षमता को बढ़ाना था। लंबे समय से उपेक्षित पड़े इस तालाब की सफाई और गहरीकरण होने से अब आगामी बरसात में बड़ी मात्रा में पानी का संचय हो सकेगा, जिससे क्षेत्र के वन्यजीवों, पशुधन और समग्र पर्यावरण को लाभ मिलने की उम्मीद है। पूर्व प्रधान जयवीरसिंह भाटी ने इस कार्य को क्षेत्र की धार्मिक आस्था, संस्कृति और प्राकृतिक विरासत के प्रतीक ओरण के संरक्षण के रूप में देखा। भाटी ने बताया कि अब अगले चरण में इस ओरण क्षेत्र को एक आदर्श चारागाह के रूप में विकसित किया जाएगा, जिससे पशुपालकों को सीधा लाभ मिलेगा। इसके साथ ही, ओरण भूमि पर लगभग 30 परिवारों द्वारा किए गए अतिक्रमण को हटाने की प्रक्रिया भी जारी है, जिसके लिए संबंधित लोगों को 20 जून तक भूमि खाली करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासनिक सहयोग से इस भूमि को पुनः सार्वजनिक उपयोग और पर्यावरण संरक्षण के लिए विकसित किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, आगामी योजना में सीसा भैरूजी मंदिर और आसपास के ओरण क्षेत्र को धार्मिक एवं पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने का भी प्रस्ताव है। इस पहल से क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय लोगों के लिए रोजगार तथा आय के नए अवसर भी सृजित होंगे। ग्रामीणों का मानना है कि वर्षों बाद ओरण क्षेत्र में हुआ यह बड़ा कार्य जल संरक्षण के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्राकृतिक धरोहर को सुरक्षित रखने की एक प्रेरणादायक पहल भी है।1
- बीकानेर के पीबीएम अस्पताल में एक मरीज का सफल इलाज किया गया है। यह खबर स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बनी हुई है।1
- नागौर जिले के कुचामन सिटी में आरयूआईडीपी के तहत संचालित सीवरेज एवं जलप्रदाय परियोजना के अंतर्गत लगाए जा रहे पेयजल मीटरों और वॉल्वों की चोरी का मामला सामने आया है। स्टेशन रोड क्षेत्र में एक व्यक्ति को पानी के मीटर उतारते हुए लोगों ने रंगे हाथों पकड़ा, जिसकी पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। स्थानीय लोगों ने आरोपी को परियोजना अधिकारियों को सौंपा, जिसके बाद उसे पुलिस के हवाले कर दिया गया। परियोजना अधिकारी मोहम्मद अब्दुल शेख ने बताया कि पकड़े गए व्यक्ति के पास से कुल 10 पेयजल मीटर बरामद किए गए हैं, जिन्हें वह थैले में डालकर ले जाने की फिराक में था। उन्होंने जानकारी दी कि कुचामन शहर में पिछले करीब तीन वर्षों से आरयूआईडीपी और एलएंडटी द्वारा घर-घर नल कनेक्शन और पेयजल मीटर लगाने का कार्य किया जा रहा है। ये मीटर काफी महंगे हैं, जिनकी एक मीटर की कुल स्थापना लागत लगभग 1400 रुपए आती है। विभाग को लंबे समय से शिकायतें मिल रही थीं कि घरों के बाहर से पानी के मीटर गायब हो रहे हैं। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद विभाग ने लोगों से अपील की थी कि यदि कोई व्यक्ति मीटरों के साथ छेड़छाड़ करता दिखाई दे तो तुरंत सूचना दें। विभाग के अनुसार, पिछले लगभग तीन महीनों में शहर के विभिन्न हिस्सों से 50 से अधिक पानी के मीटर चोरी हो चुके हैं, जिससे लोगों में चिंता बढ़ गई है। लोगों का कहना है कि मीटर चोरी होने से उन्हें आर्थिक नुकसान तो हो ही रहा है, साथ ही पानी की भी भारी बर्बादी हो रही है। थानाधिकारी महावीर सिंह ने बताया कि एलएंडटी विभाग की ओर से रिपोर्ट दर्ज की गई है और एक व्यक्ति को चोरी करते हुए पकड़ा गया है। आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच की जा रही है, और उसके अन्य साथियों के बारे में भी पूछताछ की जा रही है। साथ ही यह भी जांच की जाएगी कि उसने किन-किन स्थानों से मीटर उतारे हैं। चोरी हुए मीटरों की भरपाई के संबंध में परियोजना अधिकारी ने बताया कि पुलिस जांच पूरी होने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी, और विभाग पुलिस जांच के निष्कर्षों तथा प्रचलित नियमों के अनुसार निर्णय लेगा।1
- देवगढ़ के स्तुति हॉस्पिटल में कार्यरत राजू सिंह की सड़क दुर्घटना में मृत्यु होने के बाद, भीम विधायक हरि सिंह रावत ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी और हर संभव मदद का आश्वासन दिया। विधायक ने देवगढ़ थाना अधिकारी से बात कर निर्दोष व्यक्तियों को मुकदमे से बाहर रखने और किसी भी महिला को गिरफ्तार न करने का निर्देश दिया। विधायक हरि सिंह रावत ने पीड़ित परिवार को तत्काल 2 लाख रुपये नकद दिए। इसके अतिरिक्त, उन्होंने स्तुति हॉस्पिटल के मालिक को बुलाकर परिवार को 2 लाख रुपये और दिलवाए। विधायक ने कहा कि यह राशि परिवार की मदद के लिए है और वे दुख की इस घड़ी में परिवार के साथ खड़े हैं। उन्होंने लाखागुड़ा की जनता से यह भी कहा कि कोई भी निर्दोष व्यक्ति जेल नहीं जाएगा और न ही महिलाओं को थाने भेजा जाएगा। इस दौरान, भीम विधायक हरि सिंह रावत ने पूर्व विधायक पर राजनीतिक रोटियां सेकने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पूर्व विधायक ने आकर केवल राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश की और परिवार की कोई वास्तविक मदद नहीं की। उन्होंने मृत परिवार पर मीडिया बुलाकर भाषणबाजी और झूठे आरोप लगाने को 'निम्न स्तर की राजनीति' बताया। पूर्व विधायक द्वारा उन पर 'डंडा चलाने' के लिए 10 लाख रुपये की घोषणा के जवाब में, वर्तमान विधायक हरि सिंह रावत ने कहा कि अगर पूर्व विधायक भीम में 'गधा बनकर घूमते हैं', तो वे 1 करोड़ रुपये नकद देंगे। उन्होंने भीम-देवगढ़ विधानसभा को अपना परिवार बताते हुए कहा कि वे इस परिवार के हर सुख-दुख में साथ खड़े हैं। विधायक ने पीड़ित परिवार को कानूनी और प्रशासनिक मदद के लिए देवगढ़ के एसडीएम, तहसीलदार और ईओ को अपने साथ लाया और उन्हें हरसंभव मदद के लिए पाबंद किया। इस शोक संतप्त परिवार से मिलने वालों में अमर सिंह, नारायण सिंह, पूर्व जिला परिषद सदस्य हीरा कंवर, सरपंच बसंता देवी, काछबली सरपंच आशा देवी सहित कई अन्य लोग उपस्थित रहे।1
- अजमेर जिले के पीसांगन कस्बे में चैनपुरा मोहल्ला से खाजू मेहता की नाडी होते हुए जाने वाला रास्ता और पीसांगन से माता मंगरी वाला रास्ता पिछले कई सालों से बारिश के दिनों में अवरुद्ध हो जाता था। इस समस्या के कारण सैकड़ों किसानों को अपनी फसल और पशुधन को संभालने के लिए कई किलोमीटर का चक्कर लगाकर आना-जाना पड़ता था, जिससे उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ता था। इस समस्या से परेशान होकर दोनों ओर के किसानों ने मंडल अध्यक्ष बीरम पीपाड़ा के सानिध्य में विधायक रामस्वरूप लांबा से मुलाकात की। विधायक रामस्वरूप लांबा ने किसानों की बात सुनकर नगर पालिका के अधिकारियों को निर्देशित किया कि बारिश से पहले इन रास्तों पर बड़े नाले डलवाकर उन्हें सुचारू रूप से शुरू किया जाए। इसके बाद मंडल अध्यक्ष बीरम पीपाड़ा और महामंत्री सौदान पड़ौदा ने मौके पर पहुंचकर तुरंत काम शुरू करवाया। इस पहल से सैकड़ों किसानों और आसपास के निवासियों को सीधा लाभ मिलेगा, जिससे उन्हें बारिश के मौसम में आवागमन में राहत मिलेगी। सभी किसानों ने इस कार्य के लिए अपनी खुशी जाहिर करते हुए विधायक रामस्वरूप लांबा का धन्यवाद ज्ञापित किया। इस अवसर पर मंडल अध्यक्ष बीरम पीपाड़ा, महामंत्री सौदान पड़ौदा, महादेव कारबाल, दुर्गालाल देतवाल, पांचूराम मावर, अमरु मावर, सोहनलाल पीपाड़ा, कालूराम पीपाड़ा, नेमीचंद मावर, सुवालाल देतवाल, कैलाश साहू, ऊंकार पिलोदिया, मुकेश पिलोदिया, धनलाल पीपाड़ा, महावीर और ओमप्रकाश पिलोदिया समेत कई किसान मौजूद थे।1
- कांग्रेस सांसद और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने राजस्थान के कोटा में एक कार्यक्रम के दौरान देश में इंजीनियरिंग स्नातकों की बेरोजगारी की स्थिति पर गंभीर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि भारत में 100 में से 80 इंजीनियर बेरोजगार हैं, जो मौजूदा शिक्षा और रोजगार प्रणाली पर सवाल खड़े करता है। गांधी ने अपने बयान में देश की वर्तमान शिक्षा व रोजगार प्रणाली को निशाने पर लेते हुए इसमें सुधार की आवश्यकता पर जोर दिया।1
- अजमेर के सिविल लाइंस थाना पुलिस ने एक बुजुर्ग के साथ हुई लूटपाट की वारदात का खुलासा करते हुए दो शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। ये आरोपी बुजुर्गों और सीधे-साधे लोगों को झांसे में लेकर लूटपाट करते थे। पुलिस के अनुसार, 70 वर्षीय रिटायर्ड प्रधानाध्यापक सोहनलाल के साथ लूट की वारदात को अंजाम दिया गया था। आरोपियों ने जवाहरलाल नेहरू (JLN) अस्पताल का रास्ता पूछने के बहाने बुजुर्ग को जबरन अपनी बाइक पर बैठा लिया और फिर एक सुनसान इलाके में ले जाकर उनसे 7 हजार रुपये नकद, पर्स, दस्तावेज, चांदी की अंगूठी और चांदी के सिक्के लूट लिए। पीड़ित की शिकायत पर सिविल लाइंस थाना पुलिस ने मामला दर्ज किया। अभय कमांड सेंटर और आसपास के सीसीटीवी फुटेज से पुलिस को अहम सुराग मिले, जिसके आधार पर पीड़ित ने फुटेज में आरोपियों की पहचान की। पुलिस ने दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जहां उन्होंने अपना जुर्म कबूल कर लिया। यह कार्रवाई थानाधिकारी शंभू सिंह के नेतृत्व में की गई।1
- किशनगढ़ गौ रक्षा दल की टीम ने यह प्रतिबद्धता जताई है कि वे अपने आसपास के क्षेत्रों में गौ माता की तस्करी नहीं होने देंगे। इस दल ने क्षेत्र में गौ तस्करी रोकने के लिए सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया है।1