मुख्यमंत्री की समृद्धि यात्रा में शिक्षा सेवकों ने सौंपा मांग पत्र, कटिहार: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की समृद्धि यात्रा के दौरान कटिहार जिले के प्राणपुर प्रखंड अंतर्गत बुधनगर बरझंला में बिहार शिक्षा सेवक संघ के सदस्यों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर मुख्यमंत्री को मांग पत्र सौंपा। इस दौरान शिक्षा सेवक संघ कटिहार के जिला अध्यक्ष विजय कुमार रजक के नेतृत्व में बड़ी संख्या में शिक्षा सेवक एकजुट होकर अपनी समस्याओं को सरकार के समक्ष रखा। शिक्षा सेवकों ने मांग पत्र के माध्यम से कहा कि पिछले लगभग 17 वर्षों से वे लोग शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर सेवा दे रहे हैं और अपने अनुभव के आधार पर उन्हें प्राथमिक शिक्षक के पद पर समायोजित कर राज्य कर्मी का दर्जा दिया जाना चाहिए। शिक्षा सेवकों ने बताया कि सरकार की कई महत्वपूर्ण योजनाओं को गांव-गांव तक पहुंचाने में उनका अहम योगदान रहा है। संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि शिक्षा सेवकों ने महादलित, दलित और पिछड़े समुदाय के बच्चों को विद्यालय से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। गांवों में जाकर बच्चों को स्कूल भेजने के लिए जागरूकता अभियान चलाया गया, जिससे कई बच्चे शिक्षा की मुख्यधारा से जुड़े। शिक्षा सेवकों ने यह भी बताया कि सीमित संसाधनों के बावजूद वे लगातार शिक्षा के क्षेत्र में कार्य कर रहे हैं और समाज में शिक्षा का अलख जगा रहे हैं। जिला अध्यक्ष विजय कुमार रजक ने कहा कि शिक्षा सेवकों ने वर्षों से सरकार की योजनाओं को जमीनी स्तर पर सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। ऐसे में सरकार को उनके लंबे अनुभव और सेवा को देखते हुए उन्हें प्रारंभिक शिक्षक के पद पर समायोजित कर राज्य कर्मी का दर्जा देना चाहिए। मुख्यमंत्री को सौंपे गए इस मांग पत्र के माध्यम से शिक्षा सेवकों ने सरकार से अपनी समस्याओं के समाधान और भविष्य को सुरक्षित करने की अपील की है। अब सभी शिक्षा सेवकों की निगाहें सरकार के निर्णय पर टिकी हुई हैं।
मुख्यमंत्री की समृद्धि यात्रा में शिक्षा सेवकों ने सौंपा मांग पत्र, कटिहार: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की समृद्धि यात्रा के दौरान कटिहार जिले के प्राणपुर प्रखंड अंतर्गत बुधनगर बरझंला में बिहार शिक्षा सेवक संघ के सदस्यों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर मुख्यमंत्री को मांग पत्र सौंपा। इस दौरान शिक्षा सेवक संघ कटिहार के जिला अध्यक्ष विजय कुमार रजक के नेतृत्व में बड़ी संख्या में शिक्षा सेवक एकजुट होकर अपनी समस्याओं को सरकार के समक्ष रखा। शिक्षा सेवकों ने मांग पत्र के माध्यम से कहा कि पिछले लगभग 17 वर्षों से वे लोग शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर सेवा दे रहे हैं और अपने अनुभव के आधार पर उन्हें प्राथमिक शिक्षक के पद पर समायोजित कर राज्य कर्मी का दर्जा दिया जाना चाहिए। शिक्षा सेवकों ने बताया कि सरकार की कई महत्वपूर्ण योजनाओं को गांव-गांव तक पहुंचाने में उनका अहम योगदान रहा है। संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि शिक्षा सेवकों ने महादलित, दलित और पिछड़े समुदाय के बच्चों को विद्यालय से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। गांवों में जाकर बच्चों को स्कूल भेजने के लिए जागरूकता अभियान चलाया गया, जिससे कई बच्चे शिक्षा की मुख्यधारा से जुड़े। शिक्षा सेवकों ने यह भी बताया कि सीमित संसाधनों के बावजूद वे लगातार शिक्षा के क्षेत्र में कार्य कर रहे हैं और समाज में शिक्षा का अलख जगा रहे हैं। जिला अध्यक्ष विजय कुमार रजक ने कहा कि शिक्षा सेवकों ने वर्षों से सरकार की योजनाओं को जमीनी स्तर पर सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। ऐसे में सरकार को उनके लंबे अनुभव और सेवा को देखते हुए उन्हें प्रारंभिक शिक्षक के पद पर समायोजित कर राज्य कर्मी का दर्जा देना चाहिए। मुख्यमंत्री को सौंपे गए इस मांग पत्र के माध्यम से शिक्षा सेवकों ने सरकार से अपनी समस्याओं के समाधान और भविष्य को सुरक्षित करने की अपील की है। अब सभी शिक्षा सेवकों की निगाहें सरकार के निर्णय पर टिकी हुई हैं।
- Post by Mukesh Kumar1
- Post by Namrat Ali4
- कटिहार से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां डीएस कॉलेज में परीक्षा तिथि में बदलाव को लेकर छात्रों का गुस्सा सड़कों पर फूट पड़ा है। कटिहार के डीएस कॉलेज में सैकड़ों की संख्या में नाराज विद्यार्थियों ने जमकर प्रदर्शन किया और आगजनी करते हुए सड़क जाम कर दी। प्रदर्शन कर रहे छात्रों का आरोप है कि उनके एडमिट कार्ड में 10 तारीख को स्वच्छता विषय की परीक्षा निर्धारित थी, लेकिन बिना किसी पूर्व सूचना के परीक्षा 9 तारीख को ही ले ली गई। छात्रों का कहना है कि उन्हें परीक्षा तिथि में बदलाव की कोई जानकारी नहीं दी गई, जिसके कारण वे परीक्षा से वंचित रह गए। इसी बात को लेकर गुस्साए छात्रों ने कॉलेज प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और सड़क पर उतरकर विरोध जताया। वहीं, इस पूरे मामले में शिक्षकों का कहना है कि परीक्षा तिथि में बदलाव विश्वविद्यालय के निर्देश पर किया गया था। उनका दावा है कि संशोधित कार्यक्रम विश्वविद्यालय की वेबसाइट और कॉलेज परिसर में नोटिस के माध्यम से पहले ही जारी कर दिया गया था, लेकिन छात्रों ने इस पर ध्यान नहीं दिया। फिलहाल मौके पर स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है। प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद हालात को नियंत्रित कर लिया गया है और सभी को समझा बुझा कर जाम को हटा कर सुचारु रूप से आवागमन चालू कर दिया गया है। अब देखना होगा कि छात्रों की मांगों पर क्या फैसला लिया जाता है और इस विवाद का समाधान कैसे निकलता है।1
- अररिया जिला के फारबिसगंज मैं हुए कांड मैं एक 32 वर्षीय रवि चौहान नामक ने नबी हुसैन नामक 43 वर्षीय इंसान को सिर को धर से चाकू मारकर अलग कर दिया ये काफी चिंता का विषय हैं वही फिर भीड़ ने रवि चौहान को भी उतारा मौत का घाट1
- बिहार की जनता नीतीश कुमार को मुख्यमंत्री के रूप में वोट करती रही है और प्रधानमंत्री उन्हें मुख्यमंत्री पद से हटाकर एक सांसद बनने की बधाई दे रहे हैं। डिमोशन में कौन बधाई देता है रे भाई! हां आगे नीतीश जी को वे प्रधानमंत्री बनाते हैं तो बधाई वाजिब है। वरना बिहार की जनता समझ ही रही है। बधाई। तो हमको लग रहा है कि प्रधानमंत्री जी बिहार को प्रधानमंत्री के रूप में सौगात देंगे। मुख्यमंत्री से राज्यसभा एमपी के रूप में तो बधाई नहीं दिया जा सकता। यदि बधाई दिए हैं तो निश्चित रूप से वो आजीवन बिहार के ही रहेंगे। बिहार की जनता यदि नीतीश कुमार जी को प्रधानमंत्री बना दिया जाता है, तो बहुत बड़ी बात उन्होंने ट्वीट कर दिया है। तो इसलिए कैसे देखना है। जनता नीतीश कुमार को बिहार में देखना चाहती है। और प्रधानमंत्री जी मुख्यमंत्री के कुर्सी से हटाके बधाई दे रहे हैं। फर्क है ना जनता और प्रधानमंत्री में।1
- शहर को स्वच्छ और पर्यावरण के अनुकूल बनाने की दिशा में नगर निगम पूर्णिया ने एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए हांसदा डंपिंग यार्ड में बायो-रेमेडिएशन/बायो-माइनिंग प्लांट (लेगेसी प्लांट) का शुभारंभ किया। इस प्लांट का उद्घाटन महापौर विभा कुमारी ने फीता काटकर किया। उद्घाटन के अवसर पर उपस्थित जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं नगर वासियों को धन्यवाद देते हुए महापौर ने कहा कि आज नगर निगम पूर्णिया में एक नए अध्याय की शुरुआत हुई है। वर्षों से जमा कचरे के वैज्ञानिक निस्तारण के लिए यह प्लांट शुरू किया गया है, जिससे कचरे के ढेर से मुक्ति मिलेगी और पर्यावरण संरक्षण को मजबूती मिलेगी। उन्होंने आगे बताया कि पूर्णिया जिला बिहार का पहला ऐसा जिला है, जहां एफएसटीपी (FSTP) प्लांट (पूर्णिया सिटी) में सफलतापूर्वक कार्य कर रहा है, जिसके माध्यम से शौचालय के गाद से खाद तैयार की जाती है। अब बायो-माइनिंग प्लांट के शुरू होने से शहरवासियों को एक और नई सुविधा मिलेगी, जो शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाने में सहायक होगी। कहा कि बायो-रेमेडिएशन/बायो-माइनिंग प्लांट में वर्षों से जमा कचरे को मशीन के माध्यम से अलग-अलग किया जाएगा। इस प्रक्रिया के माध्यम से वर्षों से जमा कचरा से मिट्टी, प्लास्टिक एवं ठोस कचरा को अलग-अलग किया जाएगा। महापौर ने नगरवासियों से अपील करते हुए कहा कि वे कचरा इधर-उधर न फेंकें, कूड़ेदान का उपयोग करें और स्वच्छता अभियान में सक्रिय सहयोग दें। साथ ही उन्होंने संबंधित एजेंसी को निर्देश दिया कि कार्य पूरी पारदर्शिता एवं गुणवत्ता के साथ किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि नगर निगम जनहित में किसी भी प्रकार का समझौता नहीं करेगा। इस कार्य की जिम्मेवारी विलास गार्बेज मैनेजमेंट सिस्टम, पटना को मिली है। इस एजेंसी से भी आग्रह होगा कि आप नगर निगम और शहरवासियों के हित में बेहतर कार्य करे ताकि हमें शिकायत का मौका नहीं मिले और स्वच्छता की दिशा में हम दो कदम आगे बढ़ सकें। स्पष्ट करना चाहूंगी कि कार्य पूरी पारदर्शिता के साथ हो और हम जनहित में कोई समझौता करने को तैयार नही हैं। आपने महापौर बनाकर मुझे आशीर्वाद दिया। मेरी कोशिश रही है कि आपकी उम्मीदों पर खड़ा उतर सकूं, इसके लिए हरसम्भव प्रयास करती रही हूँ। अगर कुछ कमी रही हो तो बेशक आप अपनी बात मुझे कहिए, ताकि उसका समाधान हो सके। आपका आशीर्वाद और सहयोग की मुझे आवश्यकता है। इस अवसर पर मुख्य रूप से वार्ड पार्षद गुलाब हुसैन, अंजनी साह, प्रदीप जायसवाल, नवल जायसवाल, राकेश राय, भोला कुशवाहा, अमित कुमार सोनी, अभिजीत कुमार, अर्जुन सिंह, स्वपन घोष, अनिल उरांव, सिताब, वार्ड पार्षद प्रतिनिधि श्रीप्रसाद महतो, बहादुर यादव, ललनेश सिंह, संजू उरांव, मो वसीम, रहीम अंसारी, कुणाल किशोर, राजीव मिश्रा, जेई कुणील जी, दिलीप चौधरी नीतू दा, मंटू गुप्ता सहित नगर निगम के अधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे।1
- Musalman ka juloos1
- कटिहार में सड़क हादसे में 10 लोगों की मौत: 25 लोग घायल, कटिहार के कोढ़ा में बस और पिकअप की हुई टक्कर1