बदायूं जिला कोर्ट परिसर में कर्मचारी संदिग्ध हालत में मिला, मचा हड़कंप बदायूं जिला कोर्ट परिसर में सोमवार को उस समय अफरा तफरी का माहौल बन गया जब कोर्ट में कार्यरत लगभग 40 वर्षीय कर्मचारी सुधीर संदिग्ध परिस्थितियों में गंभीर हालत में मिले। घटना की जानकारी मिलते ही न्यायालय परिसर में मौजूद कर्मचारियों और अधिवक्ताओं की भीड़ मौके पर जमा हो गई। बताया जा रहा है कि सुधीर पूर्व में सहसवान में तैनात थे और कुछ समय पहले उनका स्थानांतरण बदायूं हुआ था। उनका परिवार अभी भी सहसवान में ही रह रहा है। चर्चा है कि वह लंबे समय से दोबारा स्थानांतरण कराने के प्रयास में लगे हुए थे। घटना के बाद परिसर में तरह तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं, हालांकि अभी तक किसी भी बात की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार घटना सीजीएम कोर्ट के सामने बने एक कमरे में हुई, जहां सुधीर गंभीर हालत में मिले। सूचना पर पहुंचे कर्मचारियों और स्थानीय लोगों ने उन्हें तत्काल उपचार दिलाने की कोशिश की। कुछ लोगों का कहना है कि यदि समय रहते मदद मिल जाती तो स्थिति कुछ और हो सकती थी। घटना के बाद कोर्ट परिसर में काफी देर तक हड़कंप का माहौल बना रहा। सूचना मिलने पर पुलिस और संबंधित विभागीय अधिकारी मौके पर पहुंचे तथा मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस का कहना है कि हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है और जांच रिपोर्ट आने के बाद ही घटना की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।
बदायूं जिला कोर्ट परिसर में कर्मचारी संदिग्ध हालत में मिला, मचा हड़कंप बदायूं जिला कोर्ट परिसर में सोमवार को उस समय अफरा तफरी का माहौल बन गया जब कोर्ट में कार्यरत लगभग 40 वर्षीय कर्मचारी सुधीर संदिग्ध परिस्थितियों में गंभीर हालत में मिले। घटना की जानकारी मिलते ही न्यायालय परिसर में मौजूद कर्मचारियों और अधिवक्ताओं की भीड़ मौके पर जमा हो गई। बताया जा रहा है कि सुधीर पूर्व में सहसवान में तैनात थे और कुछ समय पहले उनका स्थानांतरण बदायूं हुआ था। उनका परिवार अभी भी सहसवान में ही रह रहा है। चर्चा है कि वह लंबे समय से दोबारा स्थानांतरण कराने के प्रयास में लगे हुए थे। घटना के बाद परिसर में तरह तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं, हालांकि अभी तक किसी भी बात की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार घटना सीजीएम कोर्ट के सामने बने एक कमरे में हुई, जहां सुधीर गंभीर हालत में मिले। सूचना पर पहुंचे कर्मचारियों और स्थानीय लोगों ने उन्हें तत्काल उपचार दिलाने की कोशिश की। कुछ लोगों का कहना है कि यदि समय रहते मदद मिल जाती तो स्थिति कुछ और हो सकती थी। घटना के बाद कोर्ट परिसर में काफी देर तक हड़कंप का माहौल बना रहा। सूचना मिलने पर पुलिस और संबंधित विभागीय अधिकारी मौके पर पहुंचे तथा मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस का कहना है कि हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है और जांच रिपोर्ट आने के बाद ही घटना की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।
- विदेश की मंत्री बोली के भारत पर विश्वास है और बीजेपी पर भरोसा है1
- बदायूं के बिल्सी ब्लॉक की बमेड़ ग्राम पंचायत में लंबे समय से सड़क पर पानी भरा हुआ है। इससे केदारी पृथ्वीराज के घर, खेल मैदान और श्मशान घाट के रास्ते पर आवागमन मुश्किल हो गया है, जिससे ग्रामीण भारी परेशानी में हैं। कई बार शिकायत के बावजूद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई है।2
- उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद में पुलिस और जनता के बीच हिंसक भिड़ंत हो गई। इस दौरान सड़कों पर लाठी-डंडे और पत्थर चले, जिससे इलाके में तनाव का माहौल है।1
- उत्तर प्रदेश के संभल स्थित एक पीएमश्री विद्यालय में छात्राओं से धार्मिक प्रार्थना कराने के आरोप में तीन शिक्षक निलंबित कर दिए गए हैं। वायरल वीडियो के बाद यह कार्रवाई हुई, जिसमें छात्रों को टोपी और छात्राओं को हिजाब पहनाने का आरोप है। प्रधानाध्यापक और सहायक अध्यापक पर मुकदमा भी दर्ज किया गया है, और मामले की विस्तृत जांच के लिए तीन सदस्यीय टीम बनाई गई है।3
- संभल के धतूरा गांव में नालियां और सड़कें भयंकर गंदगी से अटी पड़ी हैं, खासकर पंडित जी की कोठी के पास। इस वजह से गांव में नई-नई बीमारियां फैल रही हैं, जिससे ग्रामीण बेहद परेशान हैं। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से तुरंत गांव का निरीक्षण कर समस्या हल करने की मांग की है।1
- गुरुग्राम के मुस्तकिल इलाकों में अब हल्की बारिश भी जलभराव का कारण बन रही है, जो मानसून तक सीमित नहीं है। 'मिलेनियम सिटी' में अनियोजित विकास ने प्राकृतिक जल निकासी तंत्र को नष्ट कर दिया है, जिससे निवासियों को भारी परेशानी हो रही है।1
- बरेली जिले के आँवला में नाले का पानी आगे नहीं बढ़ पा रहा है। पानी जमा होने से इलाके में गंदगी और बदबू फैल रही है, जिससे स्थानीय लोगों का जीना मुश्किल हो गया है।1
- बिजली विभाग और लाइट के मीटर के चक्कर में हकीकत सामने आई थी एक फिल्म के माध्यम से1