राष्ट्रव्यापी गौ सम्मान अभियान ने अपने दूसरे चरण में प्रवेश कर लिया है, जिसका उद्देश्य गौ माता को राष्ट्रीय सम्मान दिलाने और गौ संरक्षण से जुड़ी मांगों को शासन स्तर तक पहुंचाना है। इस मुहिम के तहत विदिशा जिले से 5 लाख हस्ताक्षर जुटाने का बड़ा लक्ष्य रखा गया है। गंज बासौदा के स्टेशन रोड स्थित श्री नौलखी मंदिर में श्रीमंत राम मनोहर दास जी महाराज के सानिध्य में एक बैठक आयोजित की गई, जिसमें विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल और विभिन्न धार्मिक एवं सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने 27 जुलाई को होने वाले राष्ट्रव्यापी कार्यक्रम की तैयारियों को अंतिम रूप दिया। इस अभियान की प्रमुख मांगों में देशभर में गोहत्या पर पूर्ण प्रतिबंध, केंद्रीय गौ सेवा मंत्रालय का गठन, राष्ट्रीय गोवंश बोर्ड की स्थापना और गौ आधारित कृषि को बढ़ावा देना शामिल है। इससे पूर्व 27 अप्रैल को अभियान के पहले चरण में केवल गंजबासौदा तहसील से 22 हजार से अधिक हस्ताक्षर जुटाए गए थे। अब दूसरे चरण के व्यापक लक्ष्य को हासिल करने के लिए कार्यकर्ता गांवों, वार्डों, बाजारों, स्कूलों और रेलवे स्टेशन जैसे सार्वजनिक स्थलों पर जनजागरण अभियान चलाएंगे। जिला प्रभारी हरिओम बाल ब्रह्मचारी ने बताया कि अभियान को जनआंदोलन बनाने के लिए प्रत्येक वार्ड में प्रभारी नियुक्त किए जाएंगे और प्रमुख चौराहों पर 'गौ सम्मान सेल्फी प्वाइंट' बनाए जाएंगे। आगामी 27 जुलाई को गौ भक्त जिला मुख्यालय पर एकत्र होंगे और रामधुन व भजन-कीर्तन के साथ शांतिपूर्ण पदयात्रा निकालते हुए जिला कलेक्टर के माध्यम से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपेंगे।
राष्ट्रव्यापी गौ सम्मान अभियान ने अपने दूसरे चरण में प्रवेश कर लिया है, जिसका उद्देश्य गौ माता को राष्ट्रीय सम्मान दिलाने और गौ संरक्षण से जुड़ी मांगों को शासन स्तर तक पहुंचाना है। इस मुहिम के तहत विदिशा जिले से 5 लाख हस्ताक्षर जुटाने का बड़ा लक्ष्य रखा गया है। गंज बासौदा के स्टेशन रोड स्थित श्री नौलखी मंदिर में श्रीमंत राम मनोहर दास जी महाराज के सानिध्य में एक बैठक आयोजित की गई, जिसमें विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल और विभिन्न धार्मिक एवं सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने 27 जुलाई को होने वाले राष्ट्रव्यापी कार्यक्रम की तैयारियों को अंतिम रूप दिया। इस अभियान की प्रमुख मांगों में देशभर में गोहत्या पर पूर्ण प्रतिबंध, केंद्रीय गौ सेवा मंत्रालय का गठन, राष्ट्रीय गोवंश बोर्ड की स्थापना और गौ आधारित कृषि को बढ़ावा देना शामिल है। इससे पूर्व 27 अप्रैल को अभियान के पहले चरण में केवल गंजबासौदा तहसील से 22 हजार से अधिक हस्ताक्षर जुटाए गए थे। अब दूसरे चरण के व्यापक लक्ष्य को हासिल करने के लिए कार्यकर्ता गांवों, वार्डों, बाजारों, स्कूलों और रेलवे स्टेशन जैसे सार्वजनिक स्थलों पर जनजागरण अभियान चलाएंगे। जिला प्रभारी हरिओम बाल ब्रह्मचारी ने बताया कि अभियान को जनआंदोलन बनाने के लिए प्रत्येक वार्ड में प्रभारी नियुक्त किए जाएंगे और प्रमुख चौराहों पर 'गौ सम्मान सेल्फी प्वाइंट' बनाए जाएंगे। आगामी 27 जुलाई को गौ भक्त जिला मुख्यालय पर एकत्र होंगे और रामधुन व भजन-कीर्तन के साथ शांतिपूर्ण पदयात्रा निकालते हुए जिला कलेक्टर के माध्यम से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपेंगे।
- विदिशा तहसील के ग्राम गुरारिया सेमरा का रहने वाला एक अहिरवार परिवार मारपीट के आरोपियों पर ठोस कार्रवाई न होने से परेशान होकर जिला मुख्यालय स्थित एसपी कार्यालय पहुंचा। पीड़ित परिवार का आरोप है कि सांची निवासी एक युवक और उसके साथी ने बीते 23 मई को उनके साथ मारपीट की थी। इस मामले में पुलिस द्वारा कोई ठोस कदम न उठाए जाने के कारण पीड़ित परिवार ने एसपी कार्यालय पहुंचकर एक ज्ञापन सौंपा है। पीड़ितों ने बताया कि करारिया पुलिस द्वारा इस मामले में उचित कार्रवाई नहीं की जा रही है, जिसके कारण आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं और उन्हें गाली-गलौज कर धमकी दे रहे हैं। इस संबंध में पीड़ित परिवार ने मीडिया के सामने आकर अपना दर्द साझा किया और एसपी से मारपीट के आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने की मांग की है।4
- विदिशा के सिविल लाइन थाना क्षेत्र स्थित पीतल मिल चौराहा के पास एक बंद पड़ी दुकान में सटोरिए ने बाकायदा सट्टे की दुकान खोल रखी है। यहाँ खुलेआम सट्टा चल रहा है और इसके लिए बाकायदा कर्मचारी रखे गए हैं जो शिफ्ट-बाय-शिफ्ट में काम करते हैं। इस खुलेआम चल रहे सट्टे के कारोबार की खबर सिविल लाइन पुलिस को भी है, लेकिन जब भी पुलिस दबिश देने जाती है, उसके पहले ही सट्टा खेलने और खिलाने वाले गायब हो जाते हैं। सट्टा खिलाने वाला मास्टरमाइंड अब तक पुलिस की पकड़ से दूर है।2
- नरोत्तम मिश्रा भोपाल पहुंच गए हैं। भोपाल पहुंचने के बाद उन्होंने दतिया फोन किया और वहां मौजूद अपने कार्यकर्ताओं को फोन पर समझाते हुए बातचीत की।1
- मध्य प्रदेश के सागर जिले की खुरई तहसील के खिमलासा ग्राम में 11 गौ सेवकों पर मुकदमा दर्ज होने के बाद गौ सेवकों में भारी आक्रोश है। विदिशा जिले की गंजबासौदा तहसील में भी गौ सेवक इसके समर्थन में सड़कों पर उतर आए हैं। पहले ही 14 गौ सेवकों को आजीवन कारावास की सजा होने से दुखी गौ सेवकों का कहना है कि इस भूमि पर सिर्फ उन पर ही अत्याचार क्यों हो रहा है? बिना किसी सरकारी वेतन या सुविधा के दिन-रात गौ सेवा और रक्षा करने वालों पर मुकदमा दर्ज करना कैसा न्याय है? गौ सेवकों का आक्रोश इस बात पर है कि सागर जिले के एसडीएम, तहसीलदार, कलेक्टर और सभी जनप्रतिनिधियों को 3 वर्षों में 164 ज्ञापन सौंपने के बावजूद न तो चरनोई की भूमि मुक्त कराई गई और न ही गायों के लिए कोई व्यवस्था की गई। हताश होकर जब गौ सेवक सड़कों पर रोने-चिल्लाने बैठे, तो उनके खिलाफ सड़क जाम करने का मुकदमा दर्ज कर दिया गया। गौ सेवकों ने प्रशासन की इस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि ग्वालियर के डबरा में जब नरोत्तम मिश्रा का टिकट कटने पर सैकड़ों लोगों ने सड़कें जाम की थीं, तब उन पर मुकदमा क्यों नहीं दर्ज किया गया? इस अन्याय के खिलाफ राष्ट्रीय हिंदू युवा वाहिनी के प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश सोनी ने चेतावनी दी है कि या तो गोचर भूमि मुक्त कर गौ माता की व्यवस्था की जाए, अन्यथा यह आंदोलन पूरे मध्य प्रदेश में बड़ा रूप लेगा। गौ रक्षक सेना और सनातन रक्षक सेना के प्रदेश उपाध्यक्ष विशालदास वैष्णव ने मांग की है कि गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा दिया जाए, अतिक्रमण मुक्त कर गोचर भूमि गायों को सौंपी जाए और गौ रक्षकों पर दर्ज झूठे मुकदमे वापस लिए जाएं। इस संबंध में विशाल वैष्णव, मुकेश सोनी, देवेंद्र रघुवंशी, संजू यादव, गजराज राय, राकेश दुबे, और चंद्रेश सहित कई गौ सेवकों ने केंद्रीय कृषि एवं विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान जी का स्वागत कर उन्हें गोचर भूमि और गौ रक्षकों की समस्याओं से संबंधित एक ज्ञापन भी सौंपा है।2
- इंटरनेशनल सोसाइटी फॉर कृष्णा कॉन्शियसनेस (इस्कॉन) ने विश्वभर में आयोजित रथ यात्रा उत्सवों को लेकर उठे सवालों के जवाब में एक आधिकारिक स्पष्टीकरण जारी किया है। इस्कॉन के विद्वानों ने श्री जगन्नाथ मंदिर प्रशासन (एसजेटीए) के विद्वानों के साथ महाराज गजपति दिव्यसिंह देव जी की उपस्थिति में बैठक की है। इस संवाद के माध्यम से शास्त्रों और पुराणों के आधार पर यह स्पष्ट किया गया है कि इस्कॉन द्वारा आयोजित रथ यात्राएं पूरी तरह से शास्त्रों के अनुरूप और अनुमत हैं। इस्कॉन ने दोहराया है कि रथ यात्रा का मुख्य उद्देश्य भगवान जगन्नाथ का मंदिर से बाहर आकर बिना किसी भेदभाव के सभी पर कृपा बरसाना है। संस्था पिछले करीब 60 वर्षों से इसी सार्वभौमिक भावना का प्रसार कर रही है और अब यह परंपरा विश्व के 100 से अधिक देशों तक पहुँच चुकी है। इस्कॉन ने स्पष्ट किया है कि भारत में रथ यात्रा के समय को समायोजित करने के लिए उन्होंने काफी त्याग किया है, ताकि एसजेटीए के प्रति सम्मान बना रहे, बावजूद इसके कि इससे उनके प्रचार कार्यक्रमों पर असर पड़ता है। साथ ही, विदेशों में इन उत्सवों के आयोजन में कठिन प्रशासनिक प्रक्रियाओं, मौसम और अन्य व्यवस्थागत चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। संस्था के अनुसार, इन उत्सवों का वास्तविक उद्देश्य लोगों को भगवान जगन्नाथ की भक्ति में संलग्न करना है, जिसे उन्होंने अमेरिका, रूस, अफ्रीका और दक्षिण अमेरिका जैसे क्षेत्रों में लाखों भक्तों को जोड़कर सिद्ध किया है। इस्कॉन का मानना है कि जो श्रद्धालु पुरी मंदिर जाकर दर्शन करने में असमर्थ हैं, उनके लिए ये वैश्विक उत्सव भगवान की कृपा पाने का माध्यम हैं। इन प्रयासों को भारतीय समुदाय का व्यापक समर्थन मिला है, और पूर्व में महाराज गजपति स्वयं जर्मनी के बर्लिन में इस्कॉन द्वारा आयोजित रथ यात्रा में सम्मिलित हो चुके हैं।1
- सागर जिले के बहेरिया थाना क्षेत्र में वरुण स्मृति उद्यान के पास हुई झपटमारी की वारदात का पुलिस ने खुलासा किया है। इस मामले में पुलिस ने दो विधिविरुद्ध बालकों को अभिरक्षा में लिया है और उनके पास से लगभग ₹50,000 नगद, कंपनी का टैबलेट, एक बैग तथा घटना में प्रयुक्त नीले रंग की डिस्कवर मोटरसाइकिल बरामद की है। फिलहाल इस मामले में एक अन्य आरोपी वीरसिंह पटैल की तलाश की जा रही है। घटना 07 जुलाई 2026 की है, जब भारत फाइनेंशियल इन्क्लूजन लिमिटेड (इंडसइंड बैंक) में संगम मैनेजर के पद पर कार्यरत पूनम कहार (24 वर्ष) फील्ड से वसूली करके लौट रही थीं। फरियादिया के अनुसार, वरुण स्मृति उद्यान और वेयरहाउस के बीच सुनसान जगह पर नीले रंग की मोटरसाइकिल सवार तीन अज्ञात युवकों ने उन्हें स्कूटी का स्टैंड खुला होने का बहाना बनाकर रुकवाया। जैसे ही वह स्टैंड देखने के लिए मुड़ीं, बैग झपट लिया गया और स्कूटी में लात मारकर उन्हें गिरा दिया गया। घटना में कुल ₹1,31,368 मूल्य का सामान छीना गया था, जिसमें कलेक्शन की राशि, व्यक्तिगत पैसे और कंपनी का टैबलेट शामिल था। पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नरेन्द्र सोलंकी के मार्गदर्शन और नगर पुलिस अधीक्षक ललित कश्यप के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी शशिकांत गुर्जर की टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना पर यह कार्रवाई की। पकड़े गए दोनों बालकों को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत कर सुधार गृह भेज दिया गया है। इस कार्रवाई में थाना बहेरिया के पुलिस स्टाफ की सराहनीय भूमिका रही।1
- विदिशा के जिला अस्पताल में नवजात शिशु और अस्पताल गेट पर हुई डिलीवरी को लेकर पिछले कई दिनों से विवाद की स्थिति बनी हुई है। इस मामले में जिला स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा तीन नर्स स्टाफ को निलंबित कर दिया गया है। इस निलंबन कार्रवाई के विरोध में अस्पताल की सभी नर्सों ने एकजुट होकर जिला मुख्यालय का रुख किया और वहां पहुंचकर ज्ञापन सौंपा। आक्रोशित नर्सों ने इस मामले में वास्तविक दोषियों पर कार्रवाई करने और पूरे प्रकरण की स्पष्ट जांच कराने की मांग पुरजोर तरीके से उठाई है। इस संबंध में जिला अस्पताल की नर्सों ने मीडिया से चर्चा कर अपनी बात साझा की है।4
- विदिशा रेलवे स्टेशन पर एक युवक के साथ मारपीट करने वाले आरोपियों का पुलिस ने जुलूस निकाला है।1