यह पोस्ट निरंतर 'हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे' और 'हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे' का जाप करते हुए हमेशा प्रसन्न रहने का उपदेश देती है। इसमें कहा गया है कि हद से ज़्यादा सीधा-साधा होना ठीक नहीं है, क्योंकि जंगल में सबसे पहले सीधे पेड़ों को काटा जाता है। इसके बजाय, हरि को खोजने की बजाय हरि में खो जाने की बात कही गई है, क्योंकि ऐसा होने पर हरि स्वयं हमें खोज लेंगे। पोस्ट ज़ोर देती है कि कृष्ण नाम से मन और तन के सभी क्लेश मिट जाते हैं, और भक्तों को लगातार कृष्ण नाम का जाप करते रहना चाहिए। दीनदयाल प्रभु अपने भक्तों के लिए अपार ममता रखते हैं; जब किसी भक्त की करुण पुकार उन तक पहुँचती है, तो वे स्वयं को रोक नहीं पाते और भक्त के पास दौड़े चले आते हैं। प्रभु निश्छल प्रेम और सरल हृदय के भाव के भूखे हैं, इसलिए मन, वचन और कर्म से भगवान का भजन करने और उठते-बैठते, सोते-जागते, दुनिया के काम करते हुए भी हरि से लगन लगाए रखने का आग्रह किया गया है। भक्तों से यह प्रार्थना करने को कहा गया है कि 'हे प्रभु.. अगर किसी समय हम तेरी उंगली पकड़ना भूल जाऊं तो तुम मेरी बाँह पकड़ना मत भूलना। अगर कभी हम तुमको हृदय सिंघासन पर बैठना भूल जाऊं तो तुम स्वयं उसमे विराजमान होना मत भूलना। अगर कभी हम तुमको कहीं साथ चलने के लिए बोलना भूल जाऊं तो तुम स्वयं मेरे साथ चलना मत भूलना।' भक्ति प्राप्त करने के लिए ज्ञान, धन या रूप की आवश्यकता नहीं होती, बल्कि यह अपने आराध्य कृष्ण के प्रति अटूट विश्वास और गुरु पर पूर्ण विश्वास से मिलती है। पोस्ट एक चेतावनी भी देती है: यदि कोई व्यक्ति दूसरों में केवल दोष ही देखता है और यह मान लेता है कि ये दोष उनमें हमेशा रहेंगे, तो वह अपना और उनका दोनों का अहित कर रहा होता है। दूसरों में दोष आरोपित करके, अपनी दृढ़ भावना से उन्हें यथार्थ दोष बनाने में सहायता मिलती है, और ऐसे में द्वेष बुद्धि रखकर स्वयं जलने और दूसरों को जलाने का कार्य होता है, जिससे द्वेष का एक बड़ा और जटिल जाल या एक विशाल विष वृक्ष बन जाता है, जो सदा दुख देता है। इसके बाद, यह पोस्ट मध्यप्रदेश के जबलपुर में नर्मदा नदी किनारे हुए एक दर्दनाक हादसे की दिल दहला देने वाली सच्ची कहानी साझा करती है, जो मां के प्यार की ताकत को दर्शाती है। पानी की तेज लहरों ने कई घर उजाड़ दिए, लेकिन जब बचाव दल पहुँचा, तो उन्हें एक मां दिखी, जिसने अपने छोटे बच्चे को सीने से लगा रखा था, दोनों एक ही लाइफ जैकेट में थे। बच्चा अभी भी मां से लिपटा हुआ था, जैसे मां ने अपनी आखिरी सांस तक अपने बच्चे को दुनिया के हर खतरे से बचाकर रखा हो। मां चली गई, लेकिन जाते-जाते भी अपना फर्ज निभा गई। पोस्ट बताती है कि मां सिर्फ एक रिश्ता नहीं है, बल्कि वह शक्ति है जो खुद टूट जाती है लेकिन अपने बच्चों को टूटने नहीं देती, वह दुआ है जो बिना बोले असर करती है, और वह छांव है जहां दुनिया की हर तपिश खत्म हो जाती है। यह लोगों से अपनी मां के पास जाने, उनका हाथ पकड़ने और 'मां, मैं आपसे बहुत प्यार करता हूँ' कहने का आग्रह करती है, क्योंकि कई लोग ऐसा कहना चाहते हैं लेकिन उनकी मां अब उनके पास नहीं हैं। अंत में कहा गया है कि मां का प्यार कभी खत्म नहीं होता, क्योंकि 'भगवान हर जगह नहीं हो सकते थे, इसलिए उन्होंने मां बनाई।' अंत में, पोस्ट में मोटापे को कम करने के लिए कुछ स्वास्थ्य संबंधी सुझाव दिए गए हैं। इसमें गेहूं के आटे की जगह जौ के आटे की रोटी का प्रयोग करने, चावल, आलू और तली हुई वस्तुओं के स्थान पर सलाद तथा हरी सब्जियों का सेवन करने की सलाह दी गई है। साथ ही, प्रतिदिन आधे घंटे सैर करने और गुनगुने पानी में एक नींबू का रस तथा एक चम्मच शहद डालकर खाली पेट पीने का सुझाव दिया गया है।
यह पोस्ट निरंतर 'हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे' और 'हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे' का जाप करते हुए हमेशा प्रसन्न रहने का उपदेश देती है। इसमें कहा गया है कि हद से ज़्यादा सीधा-साधा होना ठीक नहीं है, क्योंकि जंगल में सबसे पहले सीधे पेड़ों को काटा जाता है। इसके बजाय, हरि को खोजने की बजाय हरि में खो जाने की बात कही गई है, क्योंकि ऐसा होने पर हरि स्वयं हमें खोज लेंगे। पोस्ट ज़ोर देती है कि कृष्ण नाम से मन और तन के सभी क्लेश मिट जाते हैं, और भक्तों को लगातार कृष्ण नाम का जाप करते रहना चाहिए। दीनदयाल प्रभु अपने भक्तों के लिए अपार ममता रखते हैं; जब किसी भक्त की करुण पुकार उन तक पहुँचती है, तो वे स्वयं को रोक नहीं पाते और भक्त के पास दौड़े चले आते हैं। प्रभु निश्छल प्रेम और सरल हृदय के भाव के भूखे हैं, इसलिए मन, वचन और कर्म से भगवान का भजन करने और उठते-बैठते, सोते-जागते, दुनिया के काम करते हुए भी हरि से लगन लगाए रखने का आग्रह किया गया है। भक्तों से यह प्रार्थना करने को कहा गया है कि 'हे प्रभु.. अगर किसी समय हम तेरी उंगली पकड़ना भूल जाऊं तो तुम मेरी बाँह पकड़ना मत भूलना। अगर कभी हम तुमको हृदय सिंघासन पर बैठना भूल जाऊं तो तुम स्वयं उसमे विराजमान होना मत भूलना। अगर कभी हम तुमको कहीं साथ चलने के लिए बोलना भूल जाऊं तो तुम स्वयं मेरे साथ चलना मत भूलना।' भक्ति प्राप्त करने के लिए ज्ञान, धन या रूप की आवश्यकता नहीं होती, बल्कि यह अपने आराध्य कृष्ण के प्रति अटूट विश्वास और गुरु पर पूर्ण विश्वास से मिलती है। पोस्ट एक चेतावनी भी देती है: यदि कोई व्यक्ति दूसरों में केवल दोष ही देखता है और यह मान लेता है कि ये दोष उनमें हमेशा रहेंगे, तो वह अपना और उनका दोनों का अहित कर रहा होता है। दूसरों में दोष आरोपित करके, अपनी दृढ़ भावना से उन्हें यथार्थ दोष बनाने में सहायता मिलती है, और ऐसे में द्वेष बुद्धि रखकर स्वयं जलने और दूसरों को जलाने का कार्य होता है, जिससे द्वेष का एक बड़ा और जटिल जाल या एक विशाल विष वृक्ष बन जाता है, जो सदा दुख देता है। इसके बाद, यह पोस्ट मध्यप्रदेश के जबलपुर में नर्मदा नदी किनारे हुए एक दर्दनाक हादसे की दिल दहला देने वाली सच्ची कहानी साझा करती है, जो मां के प्यार की ताकत को दर्शाती है। पानी की तेज लहरों ने कई घर उजाड़ दिए, लेकिन जब बचाव दल पहुँचा, तो उन्हें एक मां दिखी, जिसने अपने छोटे बच्चे को सीने से लगा रखा था, दोनों एक ही लाइफ जैकेट में थे। बच्चा अभी भी मां से लिपटा हुआ था, जैसे मां ने अपनी आखिरी सांस तक अपने बच्चे को दुनिया के हर खतरे से बचाकर रखा हो। मां चली गई, लेकिन जाते-जाते भी अपना फर्ज निभा गई। पोस्ट बताती है कि मां सिर्फ एक रिश्ता नहीं है, बल्कि वह शक्ति है जो खुद टूट जाती है लेकिन अपने बच्चों को टूटने नहीं देती, वह दुआ है जो बिना बोले असर करती है, और वह छांव है जहां दुनिया की हर तपिश खत्म हो जाती है। यह लोगों से अपनी मां के पास जाने, उनका हाथ पकड़ने और 'मां, मैं आपसे बहुत प्यार करता हूँ' कहने का आग्रह करती है, क्योंकि कई लोग ऐसा कहना चाहते हैं लेकिन उनकी मां अब उनके पास नहीं हैं। अंत में कहा गया है कि मां का प्यार कभी खत्म नहीं होता, क्योंकि 'भगवान हर जगह नहीं हो सकते थे, इसलिए उन्होंने मां बनाई।' अंत में, पोस्ट में मोटापे को कम करने के लिए कुछ स्वास्थ्य संबंधी सुझाव दिए गए हैं। इसमें गेहूं के आटे की जगह जौ के आटे की रोटी का प्रयोग करने, चावल, आलू और तली हुई वस्तुओं के स्थान पर सलाद तथा हरी सब्जियों का सेवन करने की सलाह दी गई है। साथ ही, प्रतिदिन आधे घंटे सैर करने और गुनगुने पानी में एक नींबू का रस तथा एक चम्मच शहद डालकर खाली पेट पीने का सुझाव दिया गया है।
- जयपुर ट्रैफिक से जुड़ा एक वीडियो इन दिनों शहर में चर्चा का विषय बना हुआ है, जिसमें रेड लाइट पर एक ड्राइवर और पुलिस प्रशासन के बीच तीखी बहस होती दिख रही है। यह घटना एक बड़ा सवाल खड़ा करती है कि आखिर इस जोरदार बहस के पीछे की असल वजह क्या थी। वीडियो देखने के बाद यह सवाल उठ रहा है कि क्या ड्राइवर की बात सही थी या फिर पुलिस की कार्रवाई पूरी तरह जायज़ थी। एक खास रिपोर्ट के माध्यम से इस पूरे मामले की सच्चाई जानने का प्रयास किया जा रहा है, और जनता से अपनी राय कमेंट में बताने का आग्रह किया गया है।1
- जयपुर के मुरलीपुरा में पूज्य सिंधी पंचायत द्वारा आयोजित 15 दिवसीय बाल संस्कार शिविर सफलतापूर्वक संपन्न हो गया है। इस शिविर में बच्चों को संस्कार और मूल्य सिखाए गए।1
- पूर्व चिकित्सा मंत्री रघु शर्मा भावुक होते हुए कहा कि – “यही मेरी कसम है कि जिसको मैंने जिला बनाया और इन बेईमानों ने हटाया, बीजेपी की सरकार ने हटाया, उसको वापस जिले का दर्जा रघु शर्मा दिला के रहेगा और मेरी सांस रहेगी, तो यह जिला बनेगा।”1
- जयपुर पुलिस आयुक्त सचिन मित्तल ने शनिवार, 30 मई को चित्रकूट थाने में जनसुनवाई की, जहाँ उन्होंने परिवादियों की समस्याओं को सुना और मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को उनके निस्तारण के निर्देश दिए। इस जनसुनवाई के दौरान अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (अपराध) अजय सिंह, पुलिस उपायुक्त पश्चिम प्रशांत किरन, अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त पश्चिम राजेश कुमार गुप्ता और सहायक पुलिस आयुक्त वैशालीनगर अनिल कुमार शर्मा सहित संबंधित एसएचओ और अन्य थाना अधिकारी मौजूद रहे। पुलिस आयुक्त सचिन मित्तल ने बताया कि जनसुनवाई के दौरान कई परिवादियों की समस्याओं का तत्काल समाधान किया गया। उन्हें क्षेत्र में आपसी मुकदमे, पारिवारिक और जमीनी विवाद, मकानों पर अवैध कब्जे, चोरी और मारपीट जैसी शिकायतें प्राप्त हुईं। इन सभी शिकायतों की गहन जांच कर उन्हें कम से कम समय में और निश्चित समयावधि के भीतर निपटाने के सख्त निर्देश दिए गए। साथ ही, संबंधित अधिकारियों को परिवादियों की समस्याओं पर तुरंत प्रतिक्रिया देने और उनका त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने को कहा गया। वैशालीनगर सर्किल के वैशालीनगर, करणी विहार और चित्रकूट पुलिस थाना क्षेत्रों के परिवादियों ने अपनी शिकायतें पुलिस आयुक्त के समक्ष रखीं और उनका समाधान पाया। जनसुनवाई की सबसे खास बात यह रही कि अधिकांश समस्याओं का मौके पर ही समाधान कर दिया गया, जबकि जिन समस्याओं के समाधान में अधिक समय लगने की संभावना थी, उनके शीघ्र निस्तारण के लिए भी निर्देश दिए गए। यह भी उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी पुलिस आयुक्त झोटवाड़ा, सांगानेर, शिप्रापथ, विद्याधरनगर, भांकरोटा, बस्सी, शिवदासपुरा, चौमू, आमेर और रामगंज जैसे विभिन्न एसीपी कार्यालयों और पुलिस थानों में जनसुनवाई कर परिवादियों को मौके पर राहत प्रदान कर चुके हैं।1
- राजस्थान में इस समय बहुत तेज तूफानी बारिश हो रही है। पूरे राजस्थान में अत्यधिक तीव्र गति से तूफान चल रहा है, जिसके कारण भयंकर बारिश देखी जा रही है।1
- जयपुर की महेश नगर थाना पुलिस ने एक बिजनेसमैन को हनीट्रैप में फंसाकर ब्लैकमेल करने वाली युवती के एक मददगार दोस्त को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। महेश नगर थाना पुलिस ने इस मामले का खुलासा करते हुए बताया कि युवक को शुक्रवार रात को दिल्ली से पकड़ा गया। इससे पहले पुलिस मुख्य ब्लैकमेलर युवती को जोधपुर से गिरफ्तार कर चुकी थी, जिसने पूछताछ में अपने इस साथी का नाम बताया था। गिरफ्तार किए गए दिल्ली के द्वारका निवासी 30 वर्षीय युवक के बैंक खाते में ही ब्लैकमेलिंग के पैसे डलवाए गए थे। पुलिस का मानना है कि इस गिरोह में और भी लोग शामिल हो सकते हैं। महेश नगर थाना पुलिस के SHO सुरेश यादव ने बताया कि सांगानेर निवासी 42 वर्षीय बिजनेसमैन ने जुलाई 2025 में महेश नगर थाने में एक FIR दर्ज कराई थी। बिजनेसमैन के आरोप के मुताबिक, युवती ने सोशल मीडिया के जरिए उससे संपर्क करने की कोशिश की थी। जब उसने ध्यान नहीं दिया, तो युवती ने उसकी पत्नी से दोस्ती कर उससे मिलना-जुलना शुरू कर दिया। इसके बाद युवती ने बिजनेसमैन को झूठे प्रेमजाल में फंसाकर उससे रुपए वसूलना शुरू कर दिया। शादी का झांसा देकर और झूठ बोलकर युवती ने अलग-अलग तरीकों से ₹90 लाख ऐंठ लिए। जब बिजनेसमैन ने और रुपए देने से मना किया, तो युवती ने उसे झूठे रेप केस में फंसाने की धमकी देनी शुरू कर दी और ₹50 लाख की मांग की थी।1
- मूल पाठ में तबाही का उल्लेख किया गया है, जिसके साथ ही ॐ नमः शिवाय और ओम विष्णु नारायण नमः जैसे धार्मिक मंत्रों का भी जाप किया गया है।1
- पेट्रोल-डीजल की लगातार बढ़ती कीमतों और घटते किराए से परेशान टैक्सी, कैब, ऑटो तथा अन्य कमर्शियल वाहन चालकों ने अपनी आवाज़ बुलंद करने का आह्वान किया है। ड्राइवरों ने आगामी 3 जून को जयपुर के कलेक्ट्री सर्किल पर बड़ी संख्या में इकट्ठा होकर अपनी जायज़ मांगों को मजबूती से रखने की अपील की है। ड्राइवरों का कहना है कि पेट्रोल-डीजल महंगा होने के बावजूद उनका किराया नहीं बढ़ रहा है, जिससे उनकी आर्थिक परेशानी लगातार बढ़ती जा रही है। उन्होंने सवाल उठाया है कि आखिर कब तक ड्राइवर बढ़ती महंगाई का बोझ अकेले उठाते रहेंगे और कब तक कंपनियां व सिस्टम उनकी अनदेखी करते रहेंगे? इस विरोध प्रदर्शन के माध्यम से ड्राइवर अपनी रोजी-रोटी और सम्मान के लिए एकजुट होकर आवाज़ उठाने का संदेश दे रहे हैं, यह दर्शाते हुए कि 'एकजुटता ही हमारी ताकत है'। यह आयोजन 3 जून को कलेक्ट्री सर्किल, जयपुर में एक निर्धारित कार्यक्रम अनुसार होगा, जहाँ 'किराया बढ़ाओ, ड्राइवर बचाओ' और 'बढ़ती महंगाई पर लगाम लगाओ' के नारे बुलंद किए जाएँगे।1