Suresh Chandra Agrawal: सभी कृष्ण भक्तों को सादर दंडवत प्रणाम 🙏🌹 सदा जपिये हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे I हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे और हमेशा खुश रहिये Ii हमेशा प्रसन्न रहो 🌹🙏🏾 *Bhagavad Gita App* *Chapter:* 2 *श्लोक:* 9 *श्लोक:* सञ्जय उवाच एवमुक्त्वा हृषीकेशं गुडाकेशः परन्तपः । न योत्स्य इति गोविन्दामुक्त्वा तूष्णीं बभूव ह ॥ ९ ॥ *अनुवाद:* संजय ने कहा—इस प्रकार कहने के बाद शत्रुओं का दमन करने वाला अर्जुन कृष्ण से बोला, “हे गोविन्द! मैं युद्ध नहीं करूँगा,” और चुप हो गया। *तात्पर्य:* धृतराष्ट्र को यह जानकर परम प्रसन्नता हुई होगी कि अर्जुन युद्ध न करके युद्धभूमि छोडक़र भिक्षाटन करने जा रहा है। किन्तु संजय ने उसे पुन: यह कह कर निराश कर दिया कि अर्जुन अपने शत्रुओं को मारने में सक्षम है (परन्तप:)। यद्यपि कुछ समय के लिए अर्जुन अपने पारिवारिक स्नेह के प्रति मिथ्या शोक से अभिभूत था, किन्तु उसने शिष्य रूप में अपने गुरु श्रीकृष्ण की शरण ग्रहण कर ली। इससे सूचित होता है कि शीघ्र ही वह इस शोक से निवृत्त हो जायेगा और आत्म-साक्षात्कार या कृष्णभावनामृत के पूर्ण ज्ञान से प्रकाशित होकर पुन: युद्ध करेगा। इस तरह धृतराष्ट्र का हर्ष भंग हो जायेगा। जय श्री कृष्णा 🙏🌹 Suresh Chandra Agrawal: मनुष्य के असन्तोष का कारण मोह के सिवा और कुछ नहीं है। मनुष्य को चाहिये कि अपने से अधिक गुणवान् को देखकर प्रसन्न हो; जो कम गुणवाला हो, उस पर दया करे और जो अपने समान गुण वाला हो, उससे मित्रता का भाव रखे। यों करने से उसे दुःख कभी नहीं दबा सकते। अनोखे_संत_पूसलार पूसलार एक संत थे जो दक्षिण भारत के एक शहर में रहते थे। उस इलाके का राजा एक विशाल शिव मंदिर बनवा रहा था। बहुत सालों के बाद मंदिर का निर्माण कार्य पूरा होने वाला था। वह मंदिर जो राजा के जीवन के सपना था, उसके उद्घाटन समारोह से एक रात पहले राजा के सपने में शिव आए और कहा, “मैं तुम्हारे मंदिर के उद्घाटन में नहीं आ पाऊंगा। क्योंकि पूसलार ने इसी शहर में दूसरा मंदिर बनवाया है। मुझे वहां जाना है। उसके मंदिर का भी उद्घाटन कल ही है।” राजा एक भय के साथ जागा क्योंकि इतने सालों तक यह मंदिर बनाने के लिए मेहनत करने के बाद, इतना पैसा और श्रम लगने के बाद, शिव कह रहे हैं कि उन्हें इसी शहर में पूसलार के बनवाए हुए किसी दूसरे मंदिर में जाना है। “कौन है यह पूसलार और यह कौन सा मंदिर है, जिसके बारे में मैं नहीं जानता?” वह पूसलार की तलाश में लग गया। बहुत दिनों की तलाश के बाद, उन्हें एक छोटी सी झोंपड़ी में पूसलार मिले, जो पेशे से मोची थे। उन दिनों मोची के पेशे को हिकारत की नजर से देखा जाता था। राजा ने जाकर उनसे पूछा, “तुम्हारा मंदिर कहां है? शिव का कहना है कि वह तुम्हारे मंदिर में जाएंगे, मेरे मंदिर में नहीं। कहां है मंदिर?” पूसलार बोले, “मैंने उसे अपने मन में बनाया है।” उन्होंने एक-एक ईंट, एक-एक पत्थर करके धीरे-धीरे कई सालों तक अपने मन में वह मंदिर बनाया था और ऐसा मंदिर पत्थरों और ईंटों से बने मंदिर से कहीं अधिक असली होता है। विचारों को पढ़कर छोड़ देने से जीवन में कोई बदलाव नहीं आता है , विचार तभी बदलाव लाते हैं जब विचारों को जीवन में उतारा जाता है आपके आज के विचार …….आपके आने वाले कल को तय करते हैं .... माता पिता प्रेम नहीं करते आज एक लड़के ने कहा उसके माता पिता उससे प्रेम नहीं करते हर बात पर डांटने लगते है वह सही भी होता है तो भी डाट सुनता है। जब हम जवान होते हैं नया नया जोश होता है मन में जीवन में तब बहुत बार हमें लगता है हमारे पापा गलत है उन्हें हमसे कम जानकारी है हम दुनिया को ज्यादा अच्छे से जानते है पापा नहीं। पर जैसे आप 30 - 40 साल के होंगे आपको लगेगा कुछ बाते ऐसी थी जिन्हें लेकर आपके पापा सही थी। जैसे आप 40-50 साल के होंगे आपको लगेगा आपके पापा 50% सही थे और जैसे आप अपने पापा के उम्र के होंगे आपको लगेगा आपके पापा हर बात को लेकर सही थे और आप उस वक्त गलत थे। मैं ये नहीं कहता आजके युग में सभी माता पिता सही होंगे कुछ कुकर्मी भी हैं इस जीवन में लेकिन 99% माता पिता सही ही होते है। माता पिता का डाट आशीर्वाद होता है उसे लेते रहिए जीवन में बहुत काम आएगा *डायबिटीज को करना है कंट्रोल, तो इन 3 बातों का भी ध्यान रखें* 1 तांबे के बर्तन में पानी पिएं :- ऐसा माना जाता है कि इस बीमारी में तांबे के बर्तन में रखा हुआ पानी पीने से लाभ होता है। इसके लिए आप रात में तांबे के बर्तने में पानी भर कर रख लें और रोज सुबह एक ग्लास पानी पी लें। रात भर तांबे के बर्तन में रखे हुए पानी में, तांबे के एंटीऑक्सीडेंट और एंटी इंफ्लेमेटरी गुण आ जाते हैं, जो डायबिटीज को नियंत्रण में रखने में मदद करते हैं। 2 मेथी दाना खाएं :- कई शोध के अनुसार डायबिटीज कि बीमारी में मेथी दाने का सेवन काफी फायदेमंद होता है। इसके लिए आप गर्म पानी में भींगी हुई 10 ग्राम मेथी दाने का रोजाना सेवन करें। ऐसा करने से टाइप-2 डायबिटीज कंट्रोल रहने में मदद मिलती है। 3 मीठे से दूर रहें लेकिन अन्य खान-पान में भी सतर्कता बरतें :- डायबिटीज को नियंत्रण में रखने के लिए केवल मीठे से दूर रहना ही काफी नहीं है, बल्कि अन्य खान-पान की चीजों में भी सतर्कता बरतता जरूरी है। माना जाता है कि डायबिटीज में करेला, एलोवेरा, आंवला जैसी चीजों का सेवन फायदेमंद होता है। जय जय श्री राधे 🙏
Suresh Chandra Agrawal: सभी कृष्ण भक्तों को सादर दंडवत प्रणाम 🙏🌹 सदा जपिये हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे I हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे और हमेशा खुश रहिये Ii हमेशा प्रसन्न रहो 🌹🙏🏾 *Bhagavad Gita App* *Chapter:* 2 *श्लोक:* 9 *श्लोक:* सञ्जय उवाच एवमुक्त्वा हृषीकेशं गुडाकेशः परन्तपः । न योत्स्य इति गोविन्दामुक्त्वा तूष्णीं बभूव ह ॥ ९ ॥ *अनुवाद:* संजय ने कहा—इस प्रकार कहने के बाद शत्रुओं का दमन करने वाला अर्जुन कृष्ण से बोला, “हे गोविन्द! मैं युद्ध नहीं करूँगा,” और चुप हो गया। *तात्पर्य:* धृतराष्ट्र को यह जानकर परम प्रसन्नता हुई होगी कि अर्जुन युद्ध न करके युद्धभूमि छोडक़र भिक्षाटन करने जा रहा है। किन्तु संजय ने उसे पुन: यह कह कर निराश कर दिया कि अर्जुन अपने शत्रुओं को मारने में सक्षम है (परन्तप:)। यद्यपि कुछ समय के लिए अर्जुन अपने पारिवारिक स्नेह के प्रति मिथ्या शोक से अभिभूत था, किन्तु उसने शिष्य रूप में अपने गुरु श्रीकृष्ण की शरण ग्रहण कर ली। इससे सूचित होता है कि शीघ्र ही वह इस शोक से निवृत्त हो जायेगा और आत्म-साक्षात्कार या कृष्णभावनामृत के पूर्ण ज्ञान से प्रकाशित होकर पुन: युद्ध करेगा। इस तरह धृतराष्ट्र का हर्ष भंग हो जायेगा। जय श्री कृष्णा 🙏🌹 Suresh Chandra Agrawal: मनुष्य के असन्तोष का कारण मोह के सिवा और कुछ नहीं है। मनुष्य को चाहिये कि अपने से अधिक गुणवान् को देखकर प्रसन्न हो; जो कम गुणवाला हो, उस पर दया करे और जो अपने समान गुण वाला हो, उससे मित्रता का भाव रखे। यों करने से उसे दुःख कभी नहीं दबा सकते। अनोखे_संत_पूसलार पूसलार एक संत थे जो दक्षिण भारत के एक शहर में रहते थे। उस इलाके का राजा एक विशाल शिव मंदिर बनवा रहा था। बहुत सालों के बाद मंदिर का निर्माण कार्य पूरा होने वाला था। वह मंदिर जो राजा के जीवन के सपना था, उसके उद्घाटन समारोह से एक रात पहले राजा के सपने में शिव आए और कहा, “मैं तुम्हारे मंदिर के उद्घाटन में नहीं आ पाऊंगा। क्योंकि पूसलार ने इसी शहर में दूसरा मंदिर बनवाया है। मुझे वहां जाना है। उसके मंदिर का भी उद्घाटन कल ही है।” राजा एक भय के साथ जागा क्योंकि इतने सालों तक यह मंदिर बनाने के लिए मेहनत करने के बाद, इतना पैसा और श्रम लगने के बाद, शिव कह रहे हैं कि उन्हें इसी शहर में पूसलार के बनवाए हुए किसी दूसरे मंदिर में जाना है। “कौन है यह पूसलार और यह कौन सा मंदिर है, जिसके बारे में मैं नहीं जानता?” वह पूसलार की तलाश में लग गया। बहुत दिनों की तलाश के बाद, उन्हें एक छोटी सी झोंपड़ी में पूसलार मिले, जो पेशे से मोची थे। उन दिनों मोची के पेशे को हिकारत की नजर से देखा जाता था। राजा ने जाकर उनसे पूछा, “तुम्हारा मंदिर कहां है? शिव का कहना है कि वह तुम्हारे मंदिर में जाएंगे, मेरे मंदिर में नहीं। कहां है मंदिर?” पूसलार बोले, “मैंने उसे अपने मन में बनाया है।” उन्होंने एक-एक ईंट, एक-एक पत्थर करके धीरे-धीरे कई सालों तक अपने मन में वह मंदिर बनाया था और ऐसा मंदिर पत्थरों और ईंटों से बने मंदिर से कहीं अधिक असली होता है। विचारों को पढ़कर छोड़ देने से जीवन में कोई बदलाव नहीं आता है , विचार तभी बदलाव लाते हैं जब विचारों को जीवन में उतारा जाता है आपके आज के विचार …….आपके आने वाले कल को तय करते हैं .... माता पिता प्रेम नहीं करते आज एक लड़के ने कहा उसके माता पिता उससे प्रेम नहीं करते हर बात पर डांटने लगते है वह सही भी होता है तो भी डाट सुनता है। जब हम जवान होते हैं नया नया जोश होता है मन में जीवन में तब बहुत बार हमें लगता है हमारे पापा गलत है उन्हें हमसे कम जानकारी है हम दुनिया को ज्यादा अच्छे से जानते है पापा नहीं। पर जैसे आप 30 - 40 साल के होंगे आपको लगेगा कुछ बाते ऐसी थी जिन्हें लेकर आपके पापा सही थी। जैसे आप 40-50 साल के होंगे आपको लगेगा आपके पापा 50% सही थे और जैसे आप अपने पापा के उम्र के होंगे आपको लगेगा आपके पापा हर बात को लेकर सही थे और आप उस वक्त गलत थे। मैं ये नहीं कहता आजके युग में सभी माता पिता सही होंगे कुछ कुकर्मी भी हैं इस जीवन में लेकिन 99% माता पिता सही ही होते है। माता पिता का डाट आशीर्वाद होता है उसे लेते रहिए जीवन में बहुत काम आएगा *डायबिटीज को करना है कंट्रोल, तो इन 3 बातों का भी ध्यान रखें* 1 तांबे के बर्तन में पानी पिएं :- ऐसा माना जाता है कि इस बीमारी में तांबे के बर्तन में रखा हुआ पानी पीने से लाभ होता है। इसके लिए आप रात में तांबे के बर्तने में पानी भर कर रख लें और रोज सुबह एक ग्लास पानी पी लें। रात भर तांबे के बर्तन में रखे हुए पानी में, तांबे के एंटीऑक्सीडेंट और एंटी इंफ्लेमेटरी गुण आ जाते हैं, जो डायबिटीज को नियंत्रण में रखने में मदद करते हैं। 2 मेथी दाना खाएं :- कई शोध के अनुसार डायबिटीज कि बीमारी में मेथी दाने का सेवन काफी फायदेमंद होता है। इसके लिए आप गर्म पानी में भींगी हुई 10 ग्राम मेथी दाने का रोजाना सेवन करें। ऐसा करने से टाइप-2 डायबिटीज कंट्रोल रहने में मदद मिलती है। 3 मीठे से दूर रहें लेकिन अन्य खान-पान में भी सतर्कता बरतें :- डायबिटीज को नियंत्रण में रखने के लिए केवल मीठे से दूर रहना ही काफी नहीं है, बल्कि अन्य खान-पान की चीजों में भी सतर्कता बरतता जरूरी है। माना जाता है कि डायबिटीज में करेला, एलोवेरा, आंवला जैसी चीजों का सेवन फायदेमंद होता है। जय जय श्री राधे 🙏
- मालवीय नगर के विधायक कालीचरण जी सर्राफ1
- जयपुर, 19 फरवरी 2026 राजस्थान में पश्चिमी विक्षोभ के असर के चलते मौसम का मिजाज अभी थमा नहीं है। India Meteorological Department (IMD) के अनुसार 19 फरवरी को भी प्रदेश के कई हिस्सों में मेघगर्जन के साथ बारिश और कहीं-कहीं ओलावृष्टि हो रहे है। 🌩️ इन क्षेत्रों में अधिक प्रभाव मौसम विभाग के मुताबिक जयपुर, अजमेर, भरतपुर, कोटा संभाग तथा शेखावाटी क्षेत्र के कुछ जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। कुछ स्थानों पर तेज हवाएं 30–40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने की भी संभावना है। 🌨️ ओलावृष्टि की चेतावनी कहीं-कहीं बादलों की तीव्र गतिविधि के कारण ओलावृष्टि हो सकती है, जिससे फसलों को नुकसान की आशंका जताई जा रही है। किसानों को विशेष सावधानी बरतने और फसलों की सुरक्षा के उपाय करने की सलाह दी गई है। 🌡️ तापमान पर असर बारिश और बादलों की आवाजाही के कारण दिन और रात के तापमान में गिरावट बनी रह सकती है। आगामी दिनों में मौसम साफ होने के साथ तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होने की संभावना है। मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचने और सावधानी बरतने की अपील की है।1
- आज सुबह से हल्की हल्की बारिश के कारण हुआ तापमान ठंडा1
- Post by Virendra,Singh,Rathore,(,thirpali,badi,churu)1
- प्रदेश की राजधानी जयपुर में मौसम में बदला मिजाज , जयपुर सहित ग्रामीण इलाकों में रुक-रुक कर हो रही तेजबारिश , जयपुर के ग्रैंड इलाकों में कहीं तेज बारिश तो कहीं ओलावृष्टि , ओलावृष्टि से किसानों की बड़ी चिंता1
- Post by Amit Kumar Basetiya1
- भिवाड़ी में बारूद पर वार! दो अवैध पटाखा फैक्ट्रियां सीज, मालिक फरार रिपोर्टर – मुकेश मीना खैरथल-तिजारा। भिवाड़ी के रीको औद्योगिक क्षेत्र में आगजनी की घटना के बाद प्रशासन ने सख्ती की ऐसी लकीर खींची कि अवैध पटाखा कारोबारियों में हड़कंप मच गया। मंगलवार को संयुक्त जांच दल ने दो फैक्ट्रियों पर छापा मारकर उन्हें सीज कर दिया। कागजों में ये इकाइयाँ मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक और मैसर्स लक्ष्मी अलॉयज के नाम पर थीं, लेकिन अंदर चल रहा था बारूद का खेल। सीज प्लॉट का मौके पर निरीक्षण एच.जी. राघवेंद्र सुहास (आईजी, जयपुर रेंज) ने किया और स्पष्ट निर्देश दिए—जब्ती की हर प्रक्रिया कानून के तहत पूरी हो, कोई ढिलाई नहीं। 🚨 ताले तोड़े, अंदर मिला विस्फोटक जखीरा जांच टीम जब प्लॉट G1-682 और G1-538A पर पहुंची तो दोनों फैक्ट्रियां बंद मिलीं। मालिक गायब। बार-बार संपर्क के बावजूद जब कोई सामने नहीं आया तो प्रशासन ने पुलिस की मौजूदगी में ताले तुड़वाए। अंदर जो मिला, वह चौंकाने वाला था— भारी मात्रा में तैयार पटाखे नाइट्रिक एसिड सहित रासायनिक पदार्थ जिप्सम, सिलिका सैंड और मशीनरी निर्माण व भंडारण का पूरा सेटअप प्रथम दृष्टया साफ हुआ कि यहां बिना वैध अनुमति के विस्फोटक सामग्री का निर्माण और स्टोरेज हो रहा था—जो किसी भी समय बड़े हादसे में बदल सकता था। ⚖️ नियमों की खुलेआम धज्जियां जांच में सामने आया कि दोनों भूखंड बिना रीको अनुमति के किराये पर दिए गए थे। यह रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का सीधा उल्लंघन है। एक प्लॉट को 45 दिन का कारण बताओ नोटिस दूसरे को 90 दिन का नोटिस निरस्तीकरण प्रक्रिया शुरू बिजली कनेक्शन तत्काल काटा गया विस्फोटक अधिनियम में FIR की तैयारी 🔎 315 इकाइयों की जांच, अभियान जारी मंगलवार को कुल 315 औद्योगिक इकाइयों की जांच की गई। प्रशासन ने साफ कर दिया है—भिवाड़ी, खुशखेड़ा, टपूकड़ा, चौपानकी और फेज-3 में अब औचक निरीक्षण लगातार होंगे। ⚠️ साफ संदेश: “बारूद के कारोबारियों के लिए कोई राहत नहीं” हालिया आगजनी के बाद प्रशासन अब जोखिम लेने के मूड में नहीं है। अवैध फैक्ट्रियों पर सीधा ताला और कानूनी शिकंजा—यही नई रणनीति है। औद्योगिक क्षेत्र में अगर नियमों से खिलवाड़ हुआ, तो अगली बारी किसकी होगी… यह तय करना अब प्रशासन के हाथ में है।1
- राजधानी जयपुर में मौसम ने खाया पलटा आसमान में छाए घने काले बादल जबरदस्त बारिश का दौर शुरू बारिश से क्षेत्र में सर्दी ने दी दस्तक1