कोण्डागांव जिले के विश्रामपुरी थाना क्षेत्र में आदिम जाति सेवा सहकारी समिति मर्यादित लिहागांव लेम्प्स से उर्वरक खाद चोरी करने वाले तीन आरोपियों को विश्रामपुरी पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने चोरी की गई कुल 154 बोरी शासकीय उर्वरक खाद, जिसमें डीएपी की 93 बोरी और यूरिया की 61 बोरी शामिल है, को ओडिशा के ग्राम किबेकोंगा से जब्त किया। यह मामला तब सामने आया जब दिनांक 21.05.2026 को विश्रामपुरी बांधपारा निवासी अनुप कुमार निषाद (पिता सगनू राम निषाद, उम्र 38 वर्ष) ने रिपोर्ट दर्ज कराई। प्रार्थी के अनुसार, 17.05.2026 की रात करीब 10:00 बजे से 18.05.2026 की सुबह 07:15 बजे के बीच, लिहागांव स्थित सहकारी समिति के खाद गोदाम के शटर का ताला तोड़कर अज्ञात चोरों ने गोदाम में रखी 61 बोरी यूरिया (कीमत ₹16,256.50) और 95 बोरी डीएपी (कीमत ₹1,28,250) चोरी कर ली थी, जिसका कुल मूल्य ₹1,44,506.50 था। इस कृत्य को भारतीय न्याय संहिता की धारा 305 और 331(4) के तहत अपराध मानते हुए प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। कोंडागांव पुलिस अधीक्षक पंकज चंद्रा (भा.पु.से.) के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कपिल चंद्रा के मार्गदर्शन और अनुविभागीय पुलिस अधिकारी अरुण नेताम के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी निरीक्षक शंकर लाल ध्रुव के नेतृत्व में जांच टीम ने कार्रवाई की। विवेचना के दौरान, पुलिस को संदिग्ध रूप से रासायनिक खाद रखने की सूचना मिली। इस सूचना के आधार पर ओडिशा के नवरंगपुर जिले के कुंदई थाना अंतर्गत ग्राम किबेकोंगा निवासी तीन संदेहियों — प्रेमलाल गोड़ (पिता गांडो गोड़, उम्र 25), संतू गोड़ (पिता दशरू गोड़, उम्र 22), और एक अन्य प्रेमलाल गोड़ (पिता दुकाड़ू गोड़, उम्र 23) — को हिरासत में लिया गया। पूछताछ करने पर, इन तीनों ने अपने बयान में आदिम जाति सहकारी समिति मर्यादित लेम्पस लिहागांव के खाद गोदाम से रात्रि में शटर में लगे ताले को लोहे के धारदार कटर से काटकर, अवैध रूप से घुसकर, पिकअप वाहन क्रमांक OD.24 K.4191 में एक ही रात को दो बार लोड कर 95 बोरी डीएपी और 61 बोरी यूरिया खाद चोरी कर ले जाने की बात स्वीकार की। गवाहों के समक्ष चोरी की गई शासकीय उर्वरक खाद को ग्राम किबेकोंगा, ओडिशा से जब्त कर आरोपियों के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य जुटाए गए। इसके बाद उन्हें विधिवत गिरफ्तार कर कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस पूरी विवेचना कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक शंकर लाल ध्रुव, सउनि. अभिराम मेश्राम, प्रधान आरक्षक देवार्चन सिदार और कमलेश्वरे जुर्री, आरक्षक जागेश मण्डावी, तुलाराम नेताम, गौतम मरकाम, और महिला आरक्षक ललीता मरकाम व सुमन नेताम की उल्लेखनीय भूमिका रही।
कोण्डागांव जिले के विश्रामपुरी थाना क्षेत्र में आदिम जाति सेवा सहकारी समिति मर्यादित लिहागांव लेम्प्स से उर्वरक खाद चोरी करने वाले तीन आरोपियों को विश्रामपुरी पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने चोरी की गई कुल 154 बोरी शासकीय उर्वरक खाद, जिसमें डीएपी की 93 बोरी और यूरिया की 61 बोरी शामिल है, को ओडिशा के ग्राम किबेकोंगा से जब्त किया। यह मामला तब सामने आया जब दिनांक 21.05.2026 को विश्रामपुरी बांधपारा निवासी अनुप कुमार निषाद (पिता सगनू राम निषाद, उम्र 38 वर्ष) ने रिपोर्ट दर्ज कराई। प्रार्थी के अनुसार, 17.05.2026 की रात करीब 10:00 बजे से 18.05.2026 की सुबह 07:15 बजे के बीच, लिहागांव स्थित सहकारी समिति के खाद गोदाम के शटर का ताला तोड़कर अज्ञात चोरों ने गोदाम में रखी 61 बोरी यूरिया (कीमत ₹16,256.50) और 95 बोरी डीएपी (कीमत ₹1,28,250) चोरी कर ली थी, जिसका कुल मूल्य ₹1,44,506.50 था। इस कृत्य को भारतीय न्याय संहिता की धारा 305 और 331(4) के तहत अपराध मानते हुए प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। कोंडागांव पुलिस अधीक्षक पंकज चंद्रा (भा.पु.से.) के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कपिल चंद्रा के मार्गदर्शन और अनुविभागीय पुलिस अधिकारी अरुण नेताम के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी निरीक्षक शंकर लाल ध्रुव के नेतृत्व में जांच टीम ने कार्रवाई की। विवेचना के
दौरान, पुलिस को संदिग्ध रूप से रासायनिक खाद रखने की सूचना मिली। इस सूचना के आधार पर ओडिशा के नवरंगपुर जिले के कुंदई थाना अंतर्गत ग्राम किबेकोंगा निवासी तीन संदेहियों — प्रेमलाल गोड़ (पिता गांडो गोड़, उम्र 25), संतू गोड़ (पिता दशरू गोड़, उम्र 22), और एक अन्य प्रेमलाल गोड़ (पिता दुकाड़ू गोड़, उम्र 23) — को हिरासत में लिया गया। पूछताछ करने पर, इन तीनों ने अपने बयान में आदिम जाति सहकारी समिति मर्यादित लेम्पस लिहागांव के खाद गोदाम से रात्रि में शटर में लगे ताले को लोहे के धारदार कटर से काटकर, अवैध रूप से घुसकर, पिकअप वाहन क्रमांक OD.24 K.4191 में एक ही रात को दो बार लोड कर 95 बोरी डीएपी और 61 बोरी यूरिया खाद चोरी कर ले जाने की बात स्वीकार की। गवाहों के समक्ष चोरी की गई शासकीय उर्वरक खाद को ग्राम किबेकोंगा, ओडिशा से जब्त कर आरोपियों के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य जुटाए गए। इसके बाद उन्हें विधिवत गिरफ्तार कर कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस पूरी विवेचना कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक शंकर लाल ध्रुव, सउनि. अभिराम मेश्राम, प्रधान आरक्षक देवार्चन सिदार और कमलेश्वरे जुर्री, आरक्षक जागेश मण्डावी, तुलाराम नेताम, गौतम मरकाम, और महिला आरक्षक ललीता मरकाम व सुमन नेताम की उल्लेखनीय भूमिका रही।
- एक गरीब और असहाय परिवार को संत रामपाल जी महाराज का सहारा मिला है। इस घटना से जुड़ी पूरी वीडियो देखने के लिए दर्शक 'AnnaPurna Muhim' नामक YouTube चैनल पर जा सकते हैं।1
- कंकर जिले के पिड़चोड़ ग्राम में कम्युनिटी पुलिसिंग के अंतर्गत एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य समुदाय और पुलिस के बीच बेहतर तालमेल और समझ स्थापित करना था।1
- मूल पाठ में 'मैं जैसी हूँ' का सीधा और स्पष्ट बयान प्रस्तुत किया गया है।1
- जगदलपुर में कोतवाली पुलिस ने धोखाधड़ी के आरोप में महिला नीतू नागवानी को गिरफ्तार किया है। मामला 2024 का है, जब एक प्रार्थी ने अपनी बेटी के इलाज के लिए पैसों की जरूरत होने पर अपने सोने के झुमके बेचने के लिए सूरज नागवानी को दिए थे। आरोप है कि सूरज नागवानी और उसकी मां नीतू नागवानी ने उन झुमकों को गिरवी रखकर लगभग डेढ़ लाख रुपये का खुद इस्तेमाल कर लिया। जब प्रार्थी ने उनसे पैसे वापस मांगे, तो उन्होंने आनाकानी की। पूछताछ में सहयोग न करने पर कोतवाली पुलिस ने नीतू नागवानी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। इस पूरी कार्रवाई में निरीक्षक लीलाधर राठौर की टीम शामिल रही।2
- छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में अवैध शराब की आपूर्ति करते हुए ग्रामीणों ने कुछ कोचियों को रंगे हाथों पकड़ा है। यह घटना बालोद के गोटिया देसी कंबोजित मदीना दुकान में हुई, जहाँ से कोचिए शराब की सप्लाई करने का आरोप है। ग्रामीणों ने इन पकड़े गए कोचियों को पंचायत भवन ले गए। इस दौरान ग्रामीणों ने शराब दुकान संचालकों पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं कि वे सरकारी रेट से भी ज्यादा कीमत पर इन कोचियों को नियम विरुद्ध तरीके से दारू बेच रहे हैं, जिससे दारूकोचियों का वर्चस्व बढ़ रहा है।1
- पखांजूर पुलिस ने 'ऑपरेशन उजियारा' नामक अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई की है। इस कार्रवाई के दौरान, पुलिस ने दो गांजा तस्करों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की।1
- भाजपा सरकार द्वारा मनाए जा रहे सुशासन त्यौहार को लेकर खबर सामने आ रही है कि यह अब सरकार के लिए 'गले का फांस' बन गया है। आरोप है कि जगह-जगह आयोजित हो रहे सुशासन त्यौहार के कार्यक्रमों में भाजपा नेताओं द्वारा पत्रकारों को वीडियो बनाने और फोटो खींचने से रोका जा रहा है, जिससे उन्हें अपने काम में अवरोधों का सामना करना पड़ रहा है।1