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बिजनौर से सामने आए एक वायरल वीडियो में एआईएमआईएम प्रमुख राम मंदिर ट्रस्ट को लेकर एक बयान देते हुए सुनाई दे रहे हैं। इस वीडियो में उन्होंने कथित तौर पर कहा, 'राम मंदिर ट्रस्ट में एक मुसलमान को शामिल कर लेते। जब घोटाला सामने आता तो उसका एनकाउंटर कर देते। बुलडोजर से उसका घर ढहा देते। केस क्लोज।' हालांकि, इस वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन इस बयान को लेकर सोशल मीडिया पर तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
Shafeek Rajput Jila sangathan
बिजनौर से सामने आए एक वायरल वीडियो में एआईएमआईएम प्रमुख राम मंदिर ट्रस्ट को लेकर एक बयान देते हुए सुनाई दे रहे हैं। इस वीडियो में उन्होंने कथित तौर पर कहा, 'राम मंदिर ट्रस्ट में एक मुसलमान को शामिल कर लेते। जब घोटाला सामने आता तो उसका एनकाउंटर कर देते। बुलडोजर से उसका घर ढहा देते। केस क्लोज।' हालांकि, इस वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन इस बयान को लेकर सोशल मीडिया पर तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
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- वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा ने जानकारी दी है।1
- मुजफ्फरनगर के चरथावल थाना क्षेत्र स्थित ग्राम दधेड़ू कला की मस्जिद में चोरी करने के इरादे से घुसे एक युवक को ग्रामीणों ने रंगे हाथ पकड़ लिया। ग्रामीणों ने आरोपी युवक को तुरंत पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने इस मामले में आरोपी अजीम, जो शामली का निवासी और इलयास का पुत्र है, को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से चोरी के ₹2,000 रुपये और घटना को अंजाम देने में इस्तेमाल किया गया इलेक्ट्रिक टैम्पो भी बरामद किया है। आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस के अनुसार, आरोपी का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है, और इस मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।1
- मुज़फ़्फ़रनगर में शहर विधायक पंकज मलिक ने मंगलवार को सूजडू स्थित वेस्ट एंड वाटर ट्रीटमेंट प्लांट का औचक निरीक्षण किया। स्थानीय कार्यकर्ताओं और क्षेत्रीय लोगों से गंदगी व कूड़ा निस्तारण की लगातार मिल रही शिकायतों के मद्देनजर वे प्लांट पहुंचे थे। निरीक्षण के दौरान उन्हें प्लांट कार्यालय में न कोई जिम्मेदार अधिकारी मिला और न ही कोई कर्मचारी। प्लांट परिसर में वर्षों से पड़े कूड़े के बड़े-बड़े ढेरों को देखकर विधायक ने गहरी नाराजगी जताई। विधायक ने कहा कि ये कूड़े के ढेर करीब 10-10 वर्षों से पड़े हैं, जिनका आज तक समुचित निस्तारण नहीं किया गया। उन्होंने मौके पर मौजूद सुपरवाइजर से इस पर जवाब-तलब करते हुए व्यवस्था में तत्काल सुधार के निर्देश दिए और उसे जमकर फटकार लगाई। पंकज मलिक ने कड़ी चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो इस गंभीर मामले को विधानसभा में प्रमुखता से उठाया जाएगा और जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय कराई जाएगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि जनता से जुड़े मुद्दों पर किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, और प्रशासन को शहर की सफाई व्यवस्था व कूड़ा निस्तारण को लेकर गंभीरता से काम करना होगा ताकि लोगों को स्वच्छ वातावरण मिल सके।4
- मुजफ्फरनगर की साइबर क्राइम पुलिस ने आम जनता को डिजिटल अरेस्ट कर अवैध धन की वसूली और साइबर ठगी करने वाले गिरोह के एक शातिर वांछित अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। यह अभियुक्त ₹20,000 के पुरस्कार घोषित अपराधी था। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री संजय कुमार वर्मा ने इस गिरफ्तारी के संबंध में जानकारी दी है।1
- मुजफ्फरनगर के चरथावल विधायक पंकज मलिक ने नमामि गंगे योजना के तहत संचालित ए टू ज सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान प्लांट परिसर और उसके आसपास फैली गंदगी व कूड़े के बड़े ढेर देखकर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई। विधायक मलिक ने प्लांट में भारी अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए कहा कि यदि निष्पक्ष जांच हुई तो करोड़ों रुपये का घोटाला सामने आ सकता है। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि यदि समय रहते व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो मुजफ्फरनगर को भी गाज़ीपुर के कूड़े के पहाड़ जैसी स्थिति का सामना करना पड़ सकता है। मलिक ने निरीक्षण के दौरान अधिकारियों की गैरमौजूदगी पर भी सवाल उठाए और कहा कि उपचारित पानी के निस्तारण को लेकर भी स्पष्ट जानकारी नहीं मिल सकी, जिसकी जांच आवश्यक है। उन्होंने पूरे मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। पंकज मलिक ने कहा कि वह इस गंभीर मुद्दे को विधानसभा में उठाएंगे और जनस्वास्थ्य व पर्यावरण से जुड़े मामलों पर सख्त कार्रवाई की मांग करेंगे।1
- मेरठ के गंगानगर थाने में तैनात 1993 बैच के दरोगा प्रकाश चंद को मेरठ एंटी करप्शन (भ्रष्टाचार निरोधक) टीम ने ₹20,000 की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया है।1
- मुजफ्फरनगर साइबर क्राइम थाना पुलिस ने डिजिटल अरेस्ट और साइबर ठगी से जुड़े एक गिरोह के वांछित सदस्य रिहान को गिरफ्तार किया है। रिहान पर ₹20 हजार का इनाम घोषित था। पुलिस के अनुसार, उसके बैंक खातों में साइबर ठगी से संबंधित लगभग ₹31.71 लाख का लेन-देन पाया गया है, और उसके खिलाफ विभिन्न राज्यों में करीब 20 साइबर अपराध की शिकायतें दर्ज हैं। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी रिहान ने बताया कि उसने 'रिहान ट्रांसपोर्ट' नामक फर्जी फर्म के नाम से बैंक खाते खुलवाए थे। इन खातों का उपयोग यूएसडीटी (USDT) ट्रेडिंग और साइबर ठगी से मिली धनराशि को स्थानांतरित करने के लिए किया जाता था। इस मामले में पुलिस ने पहले ही पांच अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा के निर्देशन में की गई इस कार्रवाई में, आरोपी के खिलाफ आईटी एक्ट और बीएनएस की संबंधित धाराओं में कार्रवाई की जा रही है।1
- थाना साइबर क्राइम मुजफ्फरनगर ने एक शातिर वांछित अभियुक्त को गिरफ्तार किया है, जो डिजिटल अरेस्ट करके अवैध धन की वसूली और साइबर ठगी करने वाले गिरोह का सदस्य था। इस अपराधी पर ₹20,000 का पुरस्कार घोषित था। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री संजय कुमार वर्मा ने इस गिरफ्तारी के संबंध में बयान दिया है।2