राजस्थान के नागौर जिले में स्थित बुटाटी धाम में कथित तौर पर करोड़ों रुपये के गबन का बेहद गंभीर मामला सामने आया है। इस पर नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने कड़ी आपत्ति जताते हुए इसे करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था के साथ बड़ा खिलवाड़ बताया है। उन्होंने कहा कि श्रद्धालु मंदिर में अपनी श्रद्धा, विश्वास और सेवा भाव से चढ़ावा चढ़ाते हैं। ऐसे में इस पवित्र धन में अनियमितताओं और गबन के आरोप सामने आना केवल एक आर्थिक अपराध नहीं है, बल्कि यह सीधे तौर पर धर्म और जनभावनाओं के साथ विश्वासघात है। सांसद हनुमान बेनीवाल ने अपने सोशल मीडिया हैंडल के माध्यम से राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा से इस मामले में तुरंत हस्तक्षेप करने का आग्रह किया है। उन्होंने मांग की है कि सरकार इस मामले के दोषियों के खिलाफ प्रभावी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करे। सांसद ने स्पष्ट किया कि मंदिरों और धार्मिक संस्थाओं की पारदर्शिता बनाए रखना और श्रद्धालुओं के विश्वास की रक्षा करना सरकार की बड़ी जिम्मेदारी है, इसलिए आस्था पर डाका डालने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाना चाहिए।
राजस्थान के नागौर जिले में स्थित बुटाटी धाम में कथित तौर पर करोड़ों रुपये के गबन का बेहद गंभीर मामला सामने आया है। इस पर नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने कड़ी आपत्ति जताते हुए इसे करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था के साथ बड़ा खिलवाड़ बताया है। उन्होंने कहा कि श्रद्धालु मंदिर में अपनी श्रद्धा, विश्वास और सेवा भाव से चढ़ावा चढ़ाते हैं। ऐसे में इस पवित्र धन में अनियमितताओं और गबन के आरोप सामने आना केवल एक आर्थिक अपराध नहीं है, बल्कि यह सीधे तौर पर धर्म और जनभावनाओं के साथ विश्वासघात है। सांसद हनुमान बेनीवाल ने अपने सोशल मीडिया हैंडल के माध्यम से राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा से इस मामले में तुरंत हस्तक्षेप करने का आग्रह किया है। उन्होंने मांग की है कि सरकार इस मामले के दोषियों के खिलाफ प्रभावी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करे। सांसद ने स्पष्ट किया कि मंदिरों और धार्मिक संस्थाओं की पारदर्शिता बनाए रखना और श्रद्धालुओं के विश्वास की रक्षा करना सरकार की बड़ी जिम्मेदारी है, इसलिए आस्था पर डाका डालने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाना चाहिए।
- नागौर शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत व्यास कॉलोनी में बदमाशों के हौसले बुलंद हैं। यहां बीती 12 जुलाई की मध्य रात्रि को अज्ञात चोरों ने 'परमेश्वर दरबार सेवा संस्थान, नागौर' के गोदाम को निशाना बनाया। चोरों ने व्यास कॉलोनी स्थित मालियों का शमशान (टाक समाज) के पास बने इस गोदाम के लोहे के दरवाजे का ताला किसी नुकीले हथियार से काट दिया और अंदर घुस गए। वहां से चोर 2 कट्टे बाजरी और 1 कट्टा ज्वार चुराकर फरार हो गए, जिसकी कुल कीमत लगभग ₹7,000 बताई जा रही है। इस वारदात से सेवा संस्थान के पदाधिकारियों में भारी रोष है। संस्थान के अध्यक्ष सुरेश और संरक्षक ओमप्रकाश सोनी ने पुलिस को बताया कि यह एक सामाजिक सेवा समिति है जो गौशालाओं के सहयोग, गरीब व बेसहारा बच्चों के कल्याण और धार्मिक कार्यों में जुटी रहती है। पदाधिकारियों ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि क्षेत्र में चोरों के हौसले इतने बढ़ चुके हैं कि वे सेवा कार्यों के लिए रखे अनाज को भी निशाना बना रहे हैं। उन्होंने आशंका जताई है कि आज अनाज की चोरी हुई है, जिससे भविष्य में किसी बड़ी जन-धन की हानि हो सकती है। पीड़ित संस्थान ने कोतवाली पुलिस से व्यास कॉलोनी में चोरी की वारदातों पर अंकुश लगाने, निष्पक्ष जांच करने और आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर माल बरामद करने की मांग की है। पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।2
- राजस्थान के बुटाटी धाम मंदिर में करोड़ों रुपये के घोटाले का मामला सामने आया है।1
- जोधपुर के माता का थान क्षेत्र में पुलिस और निगम की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए हिस्ट्रीशीटर आकाश पंवार के घर पर अवैध निर्माण को ध्वस्त करना शुरू कर दिया है। पुलिस और निगम की इस संयुक्त टीम द्वारा मौके पर पहुंचकर अवैध निर्माण को ढहाने का काम किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई हाल ही में पावटा स्थित सनसिटी हॉस्पिटल के बाहर हुई मारपीट की घटना के बाद की जा रही है। इस पूरे मामले पर माता का थान SHO मोहम्मद शफीक खान का बयान भी सामने आया है।1
- राजस्थान के बूटाटी मंदिर में 22 करोड़ 74 लाख 74 हजार 946 रुपये के भारी गबन का मामला सामने आया है, जिसे लेकर जिला कलेक्टर ने जांच रिपोर्ट जारी कर दी है। धर्म के नाम पर हो रहे इस बड़े भ्रष्टाचार को लेकर अब तीखे सवाल खड़े किए जा रहे हैं कि आखिर इस पूरे गबन का असली जिम्मेदार कौन है।1
- नागौर जिले के डेगाना क्षेत्र में मोगास गाँव के एक ग्रामवासी ने शिकायत दर्ज कराई है कि करतासर से मोगास आने वाली सड़क पर कचरे का ढेर पड़ा हुआ है। ग्रामीण का आरोप है कि स्थानीय सरपंच इस कचरे को वहाँ से उठवा नहीं रहा है।3
- नागौर के थांवला में अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब छह टन अवैध बजरी से भरी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली को जब्त किया है। पुलिस की नाकाबंदी देखकर ट्रैक्टर-ट्रॉली का चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। इस कार्रवाई के बाद आगामी कानूनी प्रक्रिया के लिए खनिज विभाग को भी सूचित कर दिया गया है। रविवार को थांवला थानाधिकारी के नेतृत्व में पुलिस टीम कोडिया मोड़ पर रात्रिकालीन गश्त और नाकाबंदी पर तैनात थी। इसी दौरान लूणी नदी क्षेत्र की ओर से बजरी से भरी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली टेहला की तरफ आती दिखाई दी। पुलिस की सरकारी गाड़ी को सामने देखकर चालक घबरा गया और उसने ट्रैक्टर-ट्रॉली को सड़क किनारे खड़ा कर दिया। इसके बाद वह अंधेरे का फायदा उठाकर पास की झाड़ियों में भाग गया। पुलिस टीम ने तुरंत उसका पीछा किया, लेकिन वह हाथ नहीं आ सका। इसके बाद पुलिस ने ट्रैक्टर-ट्रॉली को कब्जे में लेकर थाने पहुंचाया, जहां जांच करने पर उसमें करीब 6 टन अवैध बजरी पाई गई। यह कार्रवाई अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (नागौर) आशाराम चौधरी के निर्देशन और वृत्ताधिकारी (डेगाना) अजीतपाल के सुपरविजन में थांवला थानाधिकारी अशोक कुमार झाझड़िया के नेतृत्व में की गई। इस कार्रवाई को अंजाम देने वाली टीम में कांस्टेबल रामदयाल, चालक मनीष और श्यामलाल शामिल रहे। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र में अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ इस तरह का अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।3
- रियांबड़ी उपखंड क्षेत्र के चम्पापुर गांव में टूटी सड़क और भीषण जलभराव के कारण ग्रामीणों, विशेषकर स्कूली बच्चों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लगातार हो रही बारिश से सड़क पर बने गहरे गड्ढों में पानी भर गया है, जिससे पूरा मार्ग कीचड़ में तब्दील हो चुका है। रोजाना स्कूल आने-जाने वाले छोटे मासूम बच्चों को इसी बदहाल और खतरनाक रास्ते से गुजरना पड़ता है। ग्रामीणों के अनुसार, कई बार बच्चे इस कीचड़ में फिसलकर गिर चुके हैं, जिससे उनके कपड़े और स्कूल बैग पूरी तरह खराब हो जाते हैं। इसके अलावा उन्हें गंभीर चोट लगने का खतरा भी लगातार बना रहता है। बारिश के दौरान पानी से भरे इन गड्ढों की गहराई का सही अंदाजा नहीं मिल पाता, जिससे यहां कभी भी कोई बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है। यह समस्या केवल बच्चों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि दोपहिया वाहन चालकों, पैदल राहगीरों और अन्य ग्रामीणों को भी रोजाना भारी मुसीबत झेलनी पड़ रही है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि इस बदहाली से प्रशासन को कई बार अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अब तक सड़क की मरम्मत या गड्ढों को भरने की दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। ग्रामीणों ने संबंधित विभाग पर पूरी तरह उदासीनता बरतने का आरोप लगाया है। बच्चों के चिंतित परिजनों का कहना है कि इस मौसम में छोटे बच्चों को स्कूल भेजना बेहद जोखिम भरा काम हो गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल सड़क की मरम्मत कर गड्ढों को भरने की मांग की है, ताकि बच्चों और आम जनता को सुरक्षित रास्ता मिल सके। इसके साथ ही उन्होंने सख्त चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो वे प्रशासन के खिलाफ सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन करने के लिए मजबूर होंगे।1
- नागौर के रियांबडी में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक आशाराम चौधरी के निर्देशन और डेगाना वृत्ताधिकारी के सुपरविजन में थांवला थाना पुलिस ने अवैध बजरी परिवहन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। थानाधिकारी अशोक कुमार झाझड़िया के नेतृत्व में पुलिस टीम जब कोडिया मोड़ पर नाकाबंदी कर रही थी, तभी लूणी नदी क्षेत्र की तरफ से अवैध बजरी से भरा एक ट्रैक्टर-ट्रॉली आता हुआ दिखाई दिया। पुलिस टीम ने जब इस वाहन को रुकने का इशारा किया, तो चालक ट्रैक्टर को सड़क किनारे छोड़कर झाड़ियों का फायदा उठाते हुए मौके से फरार हो गया। पुलिस ने ट्रैक्टर-ट्रॉली को तुरंत जब्त कर सुरक्षित थाने में खड़ा करवा दिया है। जब्त किए गए इस वाहन में करीब 6 टन अवैध बजरी लोड थी। इस मामले में अग्रिम कार्रवाई के लिए खनिज विभाग को आवश्यक सूचना दे दी गई है। पुलिस का कहना है कि अवैध बजरी खनन और परिवहन के खिलाफ उनका अभियान लगातार जारी रहेगा और ऐसे मामलों में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।2