Shuru
Apke Nagar Ki App…
झारखंड के गढ़वा जिले के रमना प्रखंड में सभी डीलरों पर घोटाले का आरोप लगा है। यहाँ लोगों को 3 माह में केवल एक माह की ही दाल मिली है, जिसके बाद अब प्रखंड के सभी डीलरों पर घोटाले का यह आरोप लग रहा है।
SAMACHAR TV GLOBAL
झारखंड के गढ़वा जिले के रमना प्रखंड में सभी डीलरों पर घोटाले का आरोप लगा है। यहाँ लोगों को 3 माह में केवल एक माह की ही दाल मिली है, जिसके बाद अब प्रखंड के सभी डीलरों पर घोटाले का यह आरोप लग रहा है।
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- सोनभद्र के विंढमगंज थाना क्षेत्र के मुड़ीसेमर ग्राम पंचायत में मंगलवार शाम करीब 4 बजे हुई तेज बारिश और वज्रपात की चपेट में आने से एक महिला की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। मृतका की पहचान 32 वर्षीय मुन्नी देवी, पत्नी आशीष उर्फ भोला हलवाई के रूप में हुई है। वह खेत से अपने मवेशियों को लेकर घर लौट रही थीं, तभी अचानक तेज बारिश के बीच आकाशीय बिजली गिर गई और वह इसकी चपेट में आ गईं। इस हादसे से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। मुन्नी देवी अपने पीछे दो बेटे और दो बेटियों को छोड़ गई हैं। मां के अचानक चले जाने से इन चारों छोटे-छोटे मासूम बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। बच्चों को इस तरह बिलखता देखकर मौके पर मौजूद ग्रामीणों की आंखें भी नम हो गईं। घटना की जानकारी मिलते ही विंढमगंज थाने के उपनिरीक्षक सुनील राय, उपनिरीक्षक बीरबहादुर और कांस्टेबल फोरोज आलम पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने जरूरी कार्रवाई करते हुए शव को अपने कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दुद्धी भेज दिया है। वहीं, ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को तत्काल आर्थिक सहायता और सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने की पुरजोर मांग की है।1
- उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले के दुद्धी में जन्मदिन के शुभ अवसर पर राजू ठाकुर और अजीत के द्वारा जरूरतमंद बच्चों के बीच शिक्षा की सामग्री का वितरण किया गया।4
- झारखंड के नगर ऊंटारी स्थित राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच-39) पर मंगलवार दोपहर हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे में उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जनपद के दुद्धी विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत हरनाकछार निवासी सोनू शर्मा (30 वर्ष) की मौत हो गई। मृतक सोनू शर्मा मंगलवार सुबह करीब 10 बजे अपनी बहन के घर, नगर ऊंटारी प्रखंड के मर्चवार गांव में सेम का बीज देने गए थे। वहाँ से बीज देकर अपने घर लौटते समय दोपहर करीब 2:30 बजे एनएच-39 पर किसी अज्ञात वाहन ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद राहगीरों की सूचना पर बिलासपुर स्थित श्री बंशीधर टोल प्लाजा की एंबुलेंस ने उन्हें अनुमंडल अस्पताल नगर ऊंटारी पहुँचाया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतक के पास कोई पहचान पत्र न होने के कारण शुरुआत में अस्पताल के सुरक्षा गार्ड आशीष कुमार द्वारा उन्हें अज्ञात के रूप में दर्ज किया गया था। रात करीब 10:00 बजे अस्पताल पहुंचे पत्रकार जितेंद्र प्रसाद ने अपने साथियों अरविंद कुमार गुप्ता और जितेंद्र शर्मा के साथ मिलकर मृतक की पहचान हरनाकछार निवासी सोनू शर्मा के रूप में कराई और तत्काल परिजनों व ग्राम प्रधान प्रतिनिधि निरंजन सोनी को इसकी सूचना दी। सोनू की मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया और वे ग्राम प्रधान प्रतिनिधि के साथ अनुमंडल अस्पताल पहुंचे, जहाँ शव को देखकर परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। इस हादसे से पूरे हरनाकछार गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। नगर ऊंटारी थाना पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पंचनामा की कार्रवाई शुरू कर दी है और टक्कर मारने वाले अज्ञात वाहन की तलाश में जुट गई है।1
- छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले के रामानुजगंज थाना क्षेत्र में एक निजी दुकान में काम करने वाली युवती से कथित छेड़छाड़ के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी दुकान संचालक को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। पीड़ित युवती की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 74 और एससी-एसटी एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। दर्ज प्राथमिकी के अनुसार, मूल रूप से ग्राम पचावल की रहने वाली पीड़ित युवती पिछले छह वर्षों से रामानुजगंज में रहकर पढ़ाई कर रही है और पिछले एक महीने से 'रानी श्रृंगार स्टोर' नामक दुकान में कार्यरत है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि 14 जुलाई 2026 को दोपहर करीब 1:30 बजे, जब दुकान में कोई ग्राहक नहीं था, तब दुकान संचालक तौकीर रजा ने कथित रूप से युवती के दोनों हाथ पकड़कर मरोड़ दिए और गलत नीयत से उसके शरीर को छूने का प्रयास किया। पीड़िता किसी तरह आरोपी के चंगुल से छूटकर दुकान से बाहर भागी और पुलिस थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई। आरोपी को इस बात की जानकारी थी कि पीड़िता अनुसूचित जनजाति (खैरवार) समुदाय से है, जिसके आधार पर पुलिस ने एससी-एसटी एक्ट के तहत भी मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। इस घटना को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के कार्यकर्ताओं ने गहरा रोष व्यक्त करते हुए इसकी कड़ी निंदा की है। कार्यकर्ताओं ने इसे एक गंभीर और संगीन अपराध बताते हुए कहा कि किसी भी हिंदू बहन के साथ होने वाले अत्याचार के खिलाफ एबीवीपी हमेशा मजबूती से खड़ी रही है और आगे भी ऐसे मामलों में डटकर विरोध करेगी। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल रामानुजगंज पुलिस मामले की विवेचना कर रही है, और आरोपी के दोषी या निर्दोष होने का फैसला न्यायिक प्रक्रिया के बाद न्यायालय द्वारा किया जाएगा।4
- लातेहार जिले के गारू (दारू) धान टोला में नाली का निर्माण न होने से स्थानीय लोग भारी परेशानी का सामना कर रहे हैं। यहाँ के मुखिया, पंचायत या वार्ड प्रतिनिधियों द्वारा नाली का निर्माण नहीं कराया जा रहा है। नाली का निर्माण न होने के कारण हमेशा बरसात के मौसम में पानी जगह-जगह सड़कों पर ही बहता रहता है। दारू ढंग टोला में कोई भी नाली का निर्माण नहीं करवा रहा है, जिससे यहाँ के निवासियों को भारी दिक्कतों से जूझना पड़ रहा है।1
- मोदी सरकार मरे हुए लोगों को जिंदा कर रही है। चोट चोरी, सीट चोरी और चंदा चोरी करने के बाद अब बीजेपी सरकार 'अंगूठा चोरी' करने पर उतारू हो गई है। 'अंगूठा चोरी' के ये सभी मामले सीधे तौर पर 'सिंगरौली फाइल्स' से जुड़े हुए हैं, जहां धिरौली कोल ब्लॉक में अडानी से जुड़ी एक कंपनी माइनिंग का काम कर रही है। अडानी को फायदा पहुंचाने के लिए ही बीजेपी सरकार मरे हुए लोगों को कागजों पर जिंदा दिखा रही है। सरकार इन मृत लोगों का अंगूठा लगाकर फर्जी ग्राम सभाएं आयोजित कर रही है और इनके जरिए आदिवासियों के अधिकारों को छीनने का काम कर रही है।1
- झारखंड के लातेहार जिले में नक्सल विरोधी अभियान के तहत सुरक्षा बलों को एक बड़ी कामयाबी मिली है। माओवादी संगठन में पिछले तीन दशकों यानी करीब 30 वर्षों से सक्रिय और कुल 20 लाख रुपये का इनामी रीजनल कमांडर रविंद्र गंझू आखिरकार पुलिस के हत्थे चढ़ गया है। सुरक्षा बलों ने चंदवा क्षेत्र में चलाए गए एक संयुक्त अभियान के दौरान उसे दबोचने में सफलता हासिल की है। प्रतिबंधित भाकपा (माओवादी) संगठन के रीजनल कमांडर रविंद्र गंझू उर्फ मुकेश गंझू उर्फ सुरेंद्र गंझू के अपने सहयोगियों के साथ चंदवा थाना क्षेत्र के हेसला बांझी टोला और उसके आसपास के जंगलों में सक्रिय होने की लगातार सूचना मिल रही थी। इस सटीक जानकारी के आधार पर 12 जुलाई 2026 को लातेहार पुलिस, सीआरपीएफ की 209 कोबरा बटालियन और झारखंड पुलिस की संयुक्त टीम ने एक विशेष अभियान चलाकर उसे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार रविंद्र गंझू पर झारखंड सरकार द्वारा 15 लाख रुपये और राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) द्वारा 5 लाख रुपये का इनाम घोषित था। राज्य के विभिन्न थानों में उसके खिलाफ 154 आपराधिक मामले दर्ज हैं और वह लंबे समय से बड़ी नक्सली घटनाओं, लेवी वसूली व हथियारों की अवैध आपूर्ति में लिप्त रहा है। इस बड़ी कार्रवाई के दौरान सुरक्षा बलों ने उसके कब्जे से एक AK-56 राइफल, एक 7.65 एमएम ऑटोमेटिक पिस्टल, एक देसी सिंगल शॉट राइफल समेत भारी मात्रा में जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। पुलिस प्रशासन ने इसे उग्रवाद के खिलाफ लड़ाई में एक बेहद महत्वपूर्ण सफलता करार दिया है और साफ किया है कि क्षेत्र में नक्सल विरोधी अभियान आगे भी पूरी ताकत से लगातार जारी रहेगा।1
- लातेहार जिले के महुआडार थाना परिसर में बुधवार की शाम 4:00 बजे तक थाना दिवस का आयोजन किया गया। महुआडार अनुमंडल क्षेत्र में लगातार बढ़ते जमीन संबंधी विवादों को देखते हुए वरीय अधिकारियों के निर्देश पर इस थाना दिवस का आयोजन किया जा रहा है। इस थाना दिवस का नेतृत्व अंचल पदाधिकारी संतोष कुमार बैठा, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी पूजा कुमारी और थाना प्रभारी मनोज कुमार ने किया। आयोजन के दौरान महुआडार अंचल क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले दीवानी वाद-विवादों की सुनवाई की गई और मामलों की जांच करने के बाद आवेदकों को उचित कार्रवाई करने का आश्वासन दिया गया।1
- सोनभद्र के म्योरपुर थाना क्षेत्र में शनिवार को एक तेज रफ्तार और अनियंत्रित कार ने सड़क पर जमकर कहर बरपाया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मुर्धवा की ओर से आ रही इस कार ने पहले रास्ते में कई जगहों पर लोगों को खतरे में डालते हुए बेहद तेज गति से वाहन चलाया। इसके बाद, जैसे ही कार म्योरपुर बाजार क्षेत्र में पहुंची, उसने सड़क किनारे खड़ी तीन बाइकों को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइकें दूर जा गिरीं और कार बेकाबू होकर सीधे सड़क किनारे बनी एक झोपड़ी में जा घुसी। इस हादसे के वक्त झोपड़ी के पास कई लोग मौजूद थे, लेकिन गनीमत यह रही कि सभी लोग समय रहते वहां से हट गए, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया और किसी के हताहत होने की कोई सूचना नहीं है। घटना के बाद मौके पर भारी अफरा-तफरी मच गई और आसपास के लोग इकट्ठा हो गए। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह कार म्योरपुर पहुंचने से पहले भी रास्ते में किसी अन्य स्थान पर टक्कर मारते हुए आ रही थी, हालांकि इस बात की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है। दुर्घटना के बाद लोगों ने कार चालक को रोकने का प्रयास किया और तुरंत स्थानीय पुलिस को मामले की सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दुर्घटनाग्रस्त कार को अपने कब्जे में लेकर चालक से पूछताछ की कार्रवाई शुरू कर दी। पुलिस का कहना है कि दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है और यदि जांच में चालक की लापरवाही या तेज रफ्तार से वाहन चलाने की पुष्टि होती है, तो उसके खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, इस पूरी घटना का एक वीडियो भी सामने आया है जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें क्षतिग्रस्त वाहन, झोपड़ी में घुसी कार और मौके पर जुटी भीड़ साफ देखी जा सकती है।1