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मुरैना में, स्थानीय लोकसभा सांसद और विधायकों के खोखले वादों तथा जुमलों से परेशान एक युवक ने सड़क की मांग को लेकर अनूठा विरोध प्रदर्शन शुरू किया है। अपनी मांग पूरी करवाने के लिए युवक ने अन्न और जल का त्याग कर दिया है और संसद भवन की ओर अपनी दंडवत यात्रा आरंभ की है।
Aditya Sarwan
मुरैना में, स्थानीय लोकसभा सांसद और विधायकों के खोखले वादों तथा जुमलों से परेशान एक युवक ने सड़क की मांग को लेकर अनूठा विरोध प्रदर्शन शुरू किया है। अपनी मांग पूरी करवाने के लिए युवक ने अन्न और जल का त्याग कर दिया है और संसद भवन की ओर अपनी दंडवत यात्रा आरंभ की है।
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- मुरैना जिले के पहाड़गढ़ स्थित सांदीपनि शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में पर्यावरण संरक्षण और हरित परिसर बनाने के उद्देश्य से एक पौधरोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम के तहत विद्यालय परिसर में विभिन्न प्रकार के छायादार और फलदार पौधे, जिनमें विल्वपत्र और पीपल शामिल थे, लगाए गए। पौधों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए लोहे के ट्री गार्ड भी लगाए गए और उनके संरक्षण का संकल्प भी लिया गया। इस अवसर पर इंजी. पवन शर्मा ने विशेष रूप से विल्वपत्र का पवित्र पौधा रोपा। उन्होंने इस पौधे के चिकित्सकीय गुणों के साथ-साथ इसकी धार्मिक मान्यताओं पर भी प्रकाश डाला। श्री शर्मा ने यह भी घोषणा की कि आगामी पखवाड़े में, गुरु पूर्णिमा के शुभ अवसर पर, विद्यालय में आने वाले आगंतुकों को भेंट स्वरूप ५१ तुलसी के पौधे प्रदान किए जाएंगे। इस पौधरोपण कार्यक्रम में इंजी. पवन शर्मा के साथ विद्यालय के अन्य शिक्षकगण जैसे नवल सिंह, श्रीमती श्रद्धा, हिमांशु शर्मा और भोपेश भी उपस्थित रहे। सभी शिक्षकों ने इस पहल में सक्रिय रूप से भाग लिया और विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण, वृक्षारोपण के महत्व तथा पौधों की नियमित देखभाल के प्रति जागरूक रहने का महत्वपूर्ण संदेश दिया।1
- मुरैना जिले के नूराबाद थाना क्षेत्र में करऊआ मोड़ पर हुई फायरिंग की घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है और उनके कब्जे से वारदात में इस्तेमाल किया गया 315 बोर का देशी कट्टा तथा एक जिंदा कारतूस बरामद किया है। पुलिस के मुताबिक, फरियादी विनोद गुर्जर ने शिकायत दर्ज कराई थी कि 24 जून की रात करीब एक बजे करऊआ मोड़ पर दो लोगों ने उसकी गाड़ी रोककर गाली-गलौज की थी। जब विनोद गुर्जर ने इसका विरोध किया, तो आरोपी सेठी गुर्जर ने फायरिंग कर दी, जिससे गोली उसकी गाड़ी में जा लगी। इस शिकायत के आधार पर नूराबाद थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर गठित एक टीम ने मुखबिर की सूचना के आधार पर कार्रवाई की और दोनों आरोपियों को विक्टर स्कूल के सामने साहब सिंह के फार्म के पास से गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान, आरोपियों के पास से घटना में प्रयुक्त 315 बोर का कट्टा और एक जिंदा राउंड बरामद किया गया। फिलहाल, आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। नूराबाद पुलिस ने इस कार्रवाई में थाना प्रभारी और पुलिस टीम की अहम भूमिका की सराहना करते हुए कहा है कि क्षेत्र में अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।2
- एक वकील ने पुलिस का कानून समझाया है, इस बात पर ज़ोर देते हुए कि पुलिस किसी की बात को समझती नहीं है। इसी बीच, लारेंस विश्नोई की टीम ने एक धमकी जारी की है। यह धमकी किसे दी गई है, इसे जानने के लिए पाठकों को खुद देखना होगा।2
- धौलपुर पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक वैभव शर्मा तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एडीएफ बाड़ी श्रवण कुमार झोरड़ के सुपरविजन में, धौलपुर पुलिस अपराधियों एवं असामाजिक तत्वों की धरपकड़ के साथ-साथ सामाजिक सरोकारों का निर्वहन करते हुए पीड़ितों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने के लिए निरंतर तत्पर है। इसी क्रम में, अभय कमांड के माध्यम से थाना कोतवाली धौलपुर पुलिस को सूचना मिली कि मुरैना से अहमदाबाद जा रहा एक व्यक्ति चम्बल पुल के समीप चलती ट्रेन से गिर गया है, जिससे उसके हाथ एवं पैरों में गंभीर चोटें आई हैं और वह घटनास्थल पर घायल पड़ा हुआ है। सूचना मिलते ही थाना कोतवाली के थानाधिकारी वीरेन्द्र मीणा के सुपरविजन एवं हैड कांस्टेबल असलम के नेतृत्व में पुलिस टीम तत्काल मौके के लिए रवाना हुई। दुर्गम रास्ता होने के कारण पुलिस वाहन को जेल फाटक के पास खड़ा कर पुलिस टीम ने लगभग 3 किलोमीटर पैदल चलकर घायल व्यक्ति तक पहुँच बनाई। घायल की गंभीर स्थिति को देखते हुए, पुलिस टीम के कांस्टेबल रामपाल, देवेन्द्र, हिमांशु तथा चालक कांस्टेबल राजेश कुमार ने मौके पर उपलब्ध लकड़ियों से एक वैकल्पिक स्ट्रेचर तैयार किया। उन्होंने घायल को त्वरित सुरक्षित स्ट्रेचर पर लिटाकर पैदल ही वापस पुलिस वाहन तक पहुँचाया। इसके बाद तत्काल उसे जिला अस्पताल धौलपुर पहुँचाकर भर्ती कराया गया, जहाँ उसका उपचार जारी है। घायल की पहचान प्रमोद पुत्र रामप्रकाश, जाति बाल्मीकि, निवासी कचनौदा, थाना दिमनी, जिला मुरैना (मध्यप्रदेश) के रूप में हुई है। घायल श्री प्रमोद ने बताया कि वह मुरैना से अहमदाबाद जाने के लिए ट्रेन में सफर कर रहा था और यात्रा के दौरान असावधानीवश वह ट्रेन से नीचे गिर गया। कुछ देर बाद वहाँ से गुजर रहे एक व्यक्ति ने उसे घायल अवस्था में देखकर अभय कमांड को सूचना दी, जिसके बाद धौलपुर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उसका सफल रेस्क्यू कर समय पर अस्पताल पहुँचाया। धौलपुर पुलिस कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ संकट की घड़ी में आमजन की सहायता के लिए भी पूर्ण संवेदनशीलता एवं तत्परता के साथ कार्य कर रही है।2
- धौलपुर पुलिस ने चंबल पुल के पास चलती ट्रेन से गिरकर गंभीर रूप से घायल हुए एक युवक का सफल रेस्क्यू कर उसकी जान बचा ली। दुर्गम रास्ते के कारण पुलिस टीम ने घटनास्थल तक पहुंचने के लिए करीब तीन किलोमीटर पैदल यात्रा की और मौके पर उपलब्ध लकड़ियों से एक अस्थायी स्ट्रेचर बनाकर घायल को सुरक्षित बाहर निकालकर जिला अस्पताल में भर्ती कराया। पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान के निर्देशन में तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक वैभव शर्मा और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (बाड़ी) श्रवण कुमार झोरड़ के सुपरविजन में यह कार्रवाई की गई। अभय कमांड सेंटर के माध्यम से कोतवाली थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि मुरैना से अहमदाबाद जा रहा एक व्यक्ति चंबल पुल के समीप चलती ट्रेन से गिर गया है। इस हादसे में उसके हाथ-पैरों में गंभीर चोटें आई थीं और वह रेलवे ट्रैक के पास घायल अवस्था में पड़ा हुआ था। सूचना मिलते ही कोतवाली थाना प्रभारी वीरेन्द्र मीणा के सुपरविजन में हेड कांस्टेबल असलम के नेतृत्व में एक पुलिस टीम मौके के लिए रवाना हुई। वाहन से घटनास्थल तक पहुंचना संभव न होने के कारण टीम ने जेल फाटक के पास वाहन खड़ा कर लगभग तीन किलोमीटर पैदल चलकर घटनास्थल तक पहुंच बनाई। घायल की गंभीर हालत को देखते हुए, कांस्टेबल रामपाल, देवेन्द्र, हिमांशु और चालक कांस्टेबल राजेश कुमार ने मौके पर मिली लकड़ियों से एक अस्थायी स्ट्रेचर तैयार किया। इसके बाद घायल युवक को स्ट्रेचर के सहारे पैदल ही पुलिस वाहन तक लाया गया और तत्काल धौलपुर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका उपचार जारी है।1
- धौलपुर के रीको औद्योगिक क्षेत्र में बुधवार को जिला न्यायालय ने कॉपीराइट उल्लंघन के एक गंभीर मामले में सख्त कार्रवाई की है। एक नामी सर्जिकल ग्लव्स फैक्ट्री, स्वयेर हेल्थ केयर प्राइवेट लिमिटेड, की दो प्रमुख उत्पादन मशीनों को कुर्क कर सील कर दिया गया, जिससे फैक्ट्री का उत्पादन पूरी तरह से ठप हो गया। इस कार्रवाई के बाद पूरे औद्योगिक क्षेत्र में हड़कंप मच गया और दिन भर इसी की चर्चा होती रही। यह कार्रवाई रीको ग्रोथ सेंटर एक्सटेंशन स्थित एफ-374 पर संचालित स्वयेर हेल्थ केयर प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ की गई। कंपनी पर आरोप है कि उसने दूसरी कंपनी, मैसर्स अनोन्दिता हेल्थ केयर प्राइवेट लिमिटेड, के पंजीकृत डिजाइन का अवैध रूप से इस्तेमाल कर सर्जिकल ग्लव्स का निर्माण किया, जिसे बौद्धिक संपदा अधिकार और कॉपीराइट कानून का गंभीर उल्लंघन माना गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए, सर्वोच्च न्यायालय ने 25 मई 2026 और 22 जून 2026 के अपने आदेशों में 2021 में पारित आदेश को प्रभावी बनाने के लिए संबंधित फैक्ट्री की दोनों उत्पादन मशीनों को तत्काल कुर्क और सील करने के स्पष्ट निर्देश दिए थे। इन्हीं निर्देशों का पालन करते हुए, धौलपुर के जिला एवं सत्र न्यायालय के न्यायाधीश संजीव मागो ने फैक्ट्री की दो बड़ी मशीनों को कुर्क करने का आदेश जारी किया। आदेश मिलते ही न्यायिक अमला भारी पुलिस बल के साथ फैक्ट्री पहुंचा, जहां न्यायालय द्वारा नियुक्त कमिश्नर और सेल अमीन की टीम ने कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए मशीनों को लोहे की चेन से जकड़कर ताले लगाए और कोर्ट की आधिकारिक सील लगा दी, जिसके बाद इन मशीनों से किसी भी प्रकार का उत्पादन प्रतिबंधित हो गया। इस दौरान फैक्ट्री परिसर में कर्मचारियों और अधिकारियों के बीच अफरा-तफरी का माहौल देखा गया, जबकि पीड़ित पक्ष की ओर से अधिवक्ता श्रीकांत श्रीवास्तव, कमल लोधी, अनस खान और कंपनी प्रतिनिधि चंद्रपाल चौधरी मौके पर मौजूद रहे। इस कार्रवाई ने धौलपुर के औद्योगिक क्षेत्र में यह साफ संदेश दिया है कि अदालतें अब कॉपीराइट, ट्रेडमार्क और बौद्धिक संपदा अधिकारों के उल्लंघन को लेकर कोई नरमी नहीं बरतेंगी। यदि कोई कंपनी किसी दूसरे ब्रांड के पंजीकृत डिजाइन, लोगो या तकनीक की नकल करती है, तो उसके खिलाफ सीधे कुर्की, सीलिंग और अन्य कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। यह कठोर कदम बाजार में नकली और कॉपी उत्पादों के बढ़ते कारोबार पर रोक लगाने और उन कंपनियों को राहत देने के लिए बेहद आवश्यक हैं, जो वर्षों की मेहनत और निवेश के बाद अपने उत्पादों का डिजाइन और पहचान तैयार करती हैं। इस फैसले को उद्योग जगत के लिए एक स्पष्ट चेतावनी माना जा रहा है कि बौद्धिक संपदा अधिकारों से खिलवाड़ करने वालों को अब कानून के शिकंजे से बचना आसान नहीं होगा। हालांकि, इस मामले में लगाए गए आरोपों पर संबंधित फैक्ट्री प्रबंधन की ओर से तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। फिलहाल कोर्ट के आदेश के बाद फैक्ट्री की दो मुख्य मशीनें सील हैं और उनसे उत्पादन पूरी तरह से बंद है। आगे की कानूनी प्रक्रिया और न्यायालय के अंतिम निर्णय पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं, और इस कार्रवाई को धौलपुर के औद्योगिक इतिहास की सबसे चर्चित कानूनी कार्रवाइयों में से एक माना जा रहा है।4
- जोहा पंचायत के हवेली ग्राम मजरा में एक बेहद भावुक कर देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ बल्लमगढ़ में नौकरी करने वाले नवनीत उर्फ अभिषेक सिंह तोमर की बाइक उसी कच्चे और दलदली रास्ते में फँस गई, जिसने ठीक एक साल पहले उनसे उनकी जिंदगी की सबसे बड़ी खुशी छीन ली थी। यह वही रास्ता है जो वर्षों से ग्रामीणों के लिए पीड़ा का सबब बना हुआ है। अभिषेक ने बताया कि पिछले वर्ष इसी बदहाल सड़क से उनकी गर्भवती पत्नी को ट्रैक्टर-ट्रॉली में अंबाह अस्पताल ले जाया जा रहा था, लेकिन वाहन दलदल में फँस गया। अस्पताल पहुँचने में हुई देरी के कारण उनके अजन्मे बच्चे की गर्भ में ही मौत हो गई थी। आज उसी दर्द ने अभिषेक को एक बार फिर झकझोर दिया, जिसके बाद उन्होंने मौके से ही सांसद निवास तक दंडवत यात्रा शुरू कर दी है। उन्होंने संकल्प लिया है कि सड़क बनने की मांग को लेकर वे अपनी आवाज बुलंद करेंगे और इसके लिए उन्होंने अन्न, चाय तथा पानी का भी त्याग करने का निर्णय लिया है। बताया जा रहा है कि चिरोजी भदोरिया के मकान से दच्छापुर तक लगभग 1.5 किलोमीटर लंबी इस सड़क का टेंडर होने के बावजूद अब तक इसका निर्माण कार्य शुरू नहीं हुआ है। यह सिर्फ एक सड़क की मांग नहीं, बल्कि उन ग्रामीणों की आवाज है जो वर्षों से बदहाल रास्तों की पीड़ा झेल रहे हैं। प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से आग्रह किया गया है कि इस सड़क का निर्माण शीघ्र कराया जाए, ताकि भविष्य में किसी अन्य परिवार को ऐसी दुखद पीड़ा का सामना न करना पड़े।1
- मध्य प्रदेश के मुरैना जिले में सड़क निर्माण की मांग को लेकर एक अनोखा प्रदर्शन देखने को मिला है। एक बच्चे के फोन कॉल ने उसके पिता नवनीत सिंह तोमर को दिल्ली में अपनी नौकरी छोड़कर गांव लौटने पर मजबूर कर दिया, जब बच्चे ने कहा कि खराब सड़क के कारण वह पढ़ने नहीं जा पा रहा है और बस भी दूर आती है। सड़क की इसी बदहाल स्थिति से आहत नवनीत सिंह तोमर ने श्योपुर के सांसद शिवमंगल सिंह तोमर के घर तक दंडवत यात्रा शुरू कर दी है। इस प्रदर्शन के दौरान नवनीत सिंह तोमर ने बताया कि उन्होंने कभी नरेन्द्र सिंह तोमर का घर भी नहीं देखा था, लेकिन बच्चों की शिक्षा और ग्रामीणों की समस्याओं को देखते हुए उन्हें सड़क बनवाने के लिए यह कदम उठाना पड़ रहा है। उनका कहना है कि जर्जर सड़क के कारण स्कूली बच्चों, ग्रामीणों और मरीजों को रोजाना भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उनका यह अनोखा प्रदर्शन अब क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गया है।1
- क्षतिग्रस्त सड़कों की गंभीर समस्या पर गहरी चिंता व्यक्त की गई है, जहाँ यह सिर्फ आवागमन को अवरुद्ध नहीं करती, बल्कि कई बार लोगों की जान का भी कारण बन जाती है। इस गंभीर स्थिति के मद्देनजर यह मांग उठाई गई है कि समय पर आवश्यक निर्णय लिए जाएं, ताकि किसी भी घर का चिराग असमय बुझने से बचाया जा सके।1