मां लक्ष्मी राजा बलि को रक्षा सूत्र बांधकर उपहार में भगवान विष्णु को पाताल लोक से लेकर आईंं देव लोक: कथावाचक पं. अमर चन्द भारद्वाज भाई-बहन के अखंड प्रेम विश्वास और रक्षा के संकल्प का पावन पर्व है रक्षाबंधन का पर्व: कथावाचक पं.अमर चन्द भारद्वाज भारत में चंद्रग्रहण का असर नहीं फिर भी अपने शिशु की रक्षा के लिए सावधान रहें गर्भवती महिलाएं: कथावाचक पं.अमर चन्द भारद्वाज गुरुग्राम: आचार्य पुरोहित संघ के अध्यक्ष कथावाचक पं. अमर चन्द भारद्वाज ने कहा कि रक्षाबंधन का पर्व भाई बहन के अखंड प्रेम विश्वास और रक्षा के संकल्प का पावन पर्व है। उन्होंने कहा कि इस पावन पर्व पर बहनें जहां अपने भाई की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधकर उसके सुख समृद्धि की कामना करती है वहीं भाई अपनी बहनों के प्रति रक्षा का संकल्प दोहराते हैं। यह पावन पर्व हमारी सनातन संस्कृति का महत्वपूर्ण हिस्सा है। पंडित अमरचंद भारद्वाज ने कहा कि पौराणिक कथाओं के अनुसार असुर राज महाबली भगवान विष्णु के परम भक्त और अत्यंत दानी राजा थे। भगवान विष्णु ने वामन अवतार लेकर राजा बलि से तीन पग भूमि मांगी। वामन भगवान ने दो पग में ही पृथ्वी और आकाश नाप लिया। तीसरा पग रखने के लिए राजा बलि ने अपना सिर प्रस्तुत कर दिया। राजा बलि की दानशीलता और भक्ति से प्रसन्न होकर भगवान विष्णु ने उन्हें वरदान दिया और उनके साथ पाताल लोक में रहने लगे भगवान विष्णु के पाताल लोक चले जाने से माता लक्ष्मी चिंतित हुईं और उन्हें भगवान विष्णु की चिंता सताने लगी। तब माता लक्ष्मी ने एक साधारण स्त्री का रूप धारण किया और राजा बलि के पास पहुंचीं। उन्होंने राजा बलि को रक्षा-सूत्र बांधा। राजा बलि ने उस रक्षा-सूत्र को बहन के प्रेम और आशीर्वाद का प्रतीक मानकर माता लक्ष्मी से उपहार मांगने को कहा। तब माता लक्ष्मी ने भगवान विष्णु को पाताल लोक से अपने साथ ले जाने की इच्छा प्रकट की। राजा बलि ने माता लक्ष्मी की भावना को समझते हुए भगवान विष्णु को उनके साथ जाने की अनुमति दे दी। इसी कथा के आधार पर रक्षाबंधन को केवल भाई-बहन के बीच राखी बांधने का पर्व ही नहीं, बल्कि विश्वास, वचन, प्रेम और रक्षा के पवित्र बंधन का पर्व माना जाता है। पं. अमर चन्द भारद्वाज ने बताया कि राखी बांधने का श्रेष्ठ समय 28 अगस्त को प्रातः 05:57 से 09:48 बजे तक और अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:04 से 12:53 बजे तक है तथा राहुकाल: 10:46 से 12:22 बजे (इस समय राखी न बांधें) कथावाचक भारद्वाज ने बताया कि चन्द्र ग्रहण प्रातः 08:04 से 11:22 बजे तक रहेगा, किंतु यह भारत में दिखाई नहीं देगा। इसलिए धार्मिक मान्यता के अनुसार सूतक मान्य नहीं होगा तथा मंदिर, पूजा-पाठ और रक्षाबंधन के सभी कार्य सामान्य रूप से संपन्न किए जा सकेंगे। पंडित अमरचंद भारद्वाज ने कहा कि भले ही चंद्र ग्रहण का असर भारत में ना पड़े लेकिन गर्भवती महिलाएं चंद्र ग्रहण के दौरान अपने शिशु की रक्षा के लिए सावधानी जरूर बरतें। गर्भवती महिलाओं को चंद्र ग्रहण की अवधि में खुले आसमान के नीचे जाने और किसी तरह का औजार का प्रयोग करने से बचना चाहिए। पंडित अमर चन्द भारद्वाज ने कहा कि राखी बांधने से पहले बहन स्नान कर स्वच्छ वस्त्र धारण करे, पूजन थाली में रोली, अक्षत, दीप, राखी, पुष्प व मिठाई रखें। भाई को पूर्व या उत्तरमुख बैठाकर तिलक करें, आरती उतारें और दाहिनी कलाई पर राखी बांधते हुए इस मन्त्र को बोले " येन बद्धो बली राजा दानवेन्द्रो महाबलः। तेन त्वामनुबध्नामि रक्षे मा चल मा चल" ॥ ( नोटः खबर के साथ कथावाचक पं. अमर चन्द भारद्वाज की छाया चित्र ) साग्रह प्रेषित — कथावाचक पं. अमर चन्द भारद्वाज अध्यक्ष - आचार्य पुरोहित संघ, गुरुग्राम सम्पर्क सूत्र: 9210724672
मां लक्ष्मी राजा बलि को रक्षा सूत्र बांधकर उपहार में भगवान विष्णु को पाताल लोक से लेकर आईंं देव लोक: कथावाचक पं. अमर चन्द भारद्वाज भाई-बहन के अखंड प्रेम विश्वास और रक्षा के संकल्प का पावन पर्व है रक्षाबंधन का पर्व: कथावाचक पं.अमर चन्द भारद्वाज भारत में चंद्रग्रहण का असर नहीं फिर भी अपने शिशु की रक्षा के लिए सावधान रहें गर्भवती महिलाएं: कथावाचक पं.अमर चन्द भारद्वाज गुरुग्राम: आचार्य पुरोहित संघ के अध्यक्ष कथावाचक पं. अमर चन्द भारद्वाज ने कहा कि रक्षाबंधन का पर्व भाई बहन के अखंड प्रेम विश्वास और रक्षा के संकल्प का पावन पर्व है। उन्होंने कहा कि इस पावन पर्व पर बहनें जहां अपने भाई की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधकर उसके सुख समृद्धि की कामना करती है वहीं भाई अपनी बहनों के प्रति रक्षा का संकल्प दोहराते हैं। यह पावन पर्व हमारी सनातन संस्कृति का महत्वपूर्ण हिस्सा है। पंडित अमरचंद भारद्वाज ने कहा कि पौराणिक कथाओं के अनुसार असुर राज महाबली भगवान विष्णु के परम भक्त और अत्यंत दानी राजा थे। भगवान विष्णु ने वामन अवतार लेकर राजा बलि से तीन पग भूमि मांगी। वामन भगवान ने दो पग में ही पृथ्वी और आकाश नाप लिया। तीसरा पग रखने के लिए राजा बलि ने अपना सिर प्रस्तुत कर दिया। राजा बलि की दानशीलता और भक्ति से प्रसन्न होकर भगवान विष्णु ने उन्हें वरदान दिया और उनके साथ पाताल लोक में रहने लगे भगवान विष्णु के पाताल लोक चले जाने से माता लक्ष्मी चिंतित हुईं और उन्हें भगवान विष्णु की चिंता सताने लगी। तब माता लक्ष्मी ने एक साधारण स्त्री का रूप धारण किया और राजा बलि के पास पहुंचीं। उन्होंने राजा बलि को रक्षा-सूत्र बांधा। राजा बलि ने उस रक्षा-सूत्र को बहन के प्रेम और आशीर्वाद का प्रतीक मानकर माता लक्ष्मी से उपहार मांगने को कहा। तब माता लक्ष्मी ने भगवान विष्णु को पाताल लोक से अपने साथ ले जाने की इच्छा प्रकट की। राजा बलि ने माता लक्ष्मी की भावना को समझते हुए भगवान विष्णु को उनके साथ जाने की अनुमति दे दी। इसी कथा के आधार पर रक्षाबंधन को केवल भाई-बहन के बीच राखी बांधने का पर्व ही नहीं, बल्कि विश्वास, वचन, प्रेम और रक्षा के पवित्र बंधन का पर्व माना जाता है। पं. अमर चन्द भारद्वाज ने बताया कि राखी बांधने का श्रेष्ठ समय 28 अगस्त को प्रातः 05:57 से 09:48 बजे तक और अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:04 से 12:53 बजे तक है तथा राहुकाल: 10:46 से 12:22 बजे (इस समय राखी न बांधें) कथावाचक भारद्वाज ने बताया कि चन्द्र ग्रहण प्रातः 08:04 से 11:22 बजे तक रहेगा, किंतु यह भारत में दिखाई नहीं देगा। इसलिए धार्मिक मान्यता के अनुसार सूतक मान्य नहीं होगा तथा मंदिर, पूजा-पाठ और रक्षाबंधन के सभी कार्य सामान्य रूप से संपन्न किए जा सकेंगे। पंडित अमरचंद भारद्वाज ने कहा कि भले ही चंद्र ग्रहण का असर भारत में ना पड़े लेकिन गर्भवती महिलाएं चंद्र ग्रहण के दौरान अपने शिशु की रक्षा के लिए सावधानी जरूर बरतें। गर्भवती महिलाओं को चंद्र ग्रहण की अवधि में खुले आसमान के नीचे जाने और किसी तरह का औजार का प्रयोग करने से बचना चाहिए। पंडित अमर चन्द भारद्वाज ने कहा कि राखी बांधने से पहले बहन स्नान कर स्वच्छ वस्त्र धारण करे, पूजन थाली में रोली, अक्षत, दीप, राखी, पुष्प व मिठाई रखें। भाई को पूर्व या उत्तरमुख बैठाकर तिलक करें, आरती उतारें और दाहिनी कलाई पर राखी बांधते हुए इस मन्त्र को बोले " येन बद्धो बली राजा दानवेन्द्रो महाबलः। तेन त्वामनुबध्नामि रक्षे मा चल मा चल" ॥ ( नोटः खबर के साथ कथावाचक पं. अमर चन्द भारद्वाज की छाया चित्र ) साग्रह प्रेषित — कथावाचक पं. अमर चन्द भारद्वाज अध्यक्ष - आचार्य पुरोहित संघ, गुरुग्राम सम्पर्क सूत्र: 9210724672
- अब क्या होगा सब सरकार ही | ऐसा काम करने लगी...............1
- गुरुग्राम मे टोल प्लाजा पर फास्ट टैग स्कैन न होने पर ड्राइवर से मारपीट, वीडियो हुआ वायरल गुरुग्राम मे टोल प्लाजा पर फास्ट टैग स्कैन न होने पर ड्राइवर से मारपीट, वीडियो हुआ वायरल1
- Dwarka: फर्जी UPI स्क्रीनशॉट दिखाकर दुकानदारों से ठगी, अंतरराज्यीय साइबर गिरोह का पर्दाफाश नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस के डीसीपी नॉर्थ दिल्ली के साइबर थाने की टीम ने दुकानदारों को ठगी का शिकार बनाने वाले एक अंतरराज्यीय साइबर गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने मुख्य आरोपी समेत म्यूल बैंक खातों की व्यवस्था कराने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी दुकानदारों को फर्जी UPI पेमेंट का स्क्रीनशॉट दिखाकर उनका मोबाइल फोन हासिल कर लेते थे। इसके बाद फोन और उससे जुड़े बैंकिंग व UPI खातों का इस्तेमाल कर रकम दूसरे खातों में ट्रांसफर कर दी जाती थी। मामले की जांच के दौरान पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों, बैंकिंग लेनदेन और खुफिया जानकारी का सहारा लिया। जांच के आधार पर पुलिस टीम आरोपियों तक पहुंची और मुख्य आरोपी सहित दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गिरोह ने अब तक 8 मामलों में 30.81 लाख रुपये से अधिक की ठगी को अंजाम दिया है। पुलिस गिरोह से जुड़े अन्य आरोपियों और ठगी की रकम के लेनदेन की भी जांच कर रही है।1
- उत्तम नगर और बिंदापुर-मटियाला रोड की हालत बहुत खराब है, जहाँ जर्जर सड़कें, टूटे नाले और जलभराव के कारण लोगों का चलनाँनं-फिरना दूभर हो गया है। विधायक, निगम परिषद,एमडी, मटियाला और बिंदापुर रोड पर महीनों से नाले और सड़कें टूटी पड़ी हैं, जिससे आए दिन दुर्घटनाएं होती हैं। जलभराव (Waterlogging): थोड़ी सी बारिश होते ही जैन कॉलोनी, मटियाला एक्सटेंशन और नन्हे पार्क जैसे इलाकों में सड़कों पर पानी और दलदल जैसी स्थिति बन जाती है खराब सड़कों और गंदगी के कारण स्थानीय दुकानदारों का व्यापार चौपट हो रहा है और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों ने इस बारे में कई बार शिकायत की है, लेकिन स्थिति में अभी तक सुधार नहीं हुआ है। स्थानीय लोगों ने इस बारे में कई बार शिकायत की है, लेकिन स्थिति में अभी तक सुधार नहीं हुआ है।1
- Deepa colony1
- जनता आग में जले तो पानी नहीं, साहब की गाड़ी चमकाने को फायर ब्रिगेड तैयार!1
- नेपाल में तिब्बत से आइ आपदा में सैकड़ों की मौत सैकड़ों लापता नेपाल में तिब्बत से आइ आपदा में सैकड़ों की मौत सैकड़ों लापता1
- 😱 जिम के बाहर मौत का तांडव! हरियाणवी सिंगर अंकित बालियान को गोलियों से भूना 🚨 शामली में हरियाणवी सिंगर और यूट्यूबर अंकित बालियान की हत्या से सनसनी! उत्तर प्रदेश के शामली में 26 अगस्त 2026 की शाम जिम से बाहर निकलते समय अंकित बालियान पर बाइक सवार हमलावरों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और हमलावरों की पहचान व तलाश की जा रही है। हत्या की जिम्मेदारी को लेकर सोशल मीडिया पर किए गए दावों की भी जांच की जा रही है। ⚠️ नोट: इस मामले में सामने आए सोशल मीडिया दावों को जांच पूरी होने तक दावे के रूप में ही देखें। 📺 पूरी खबर के लिए वीडियो अंत तक जरूर देखें। 👍 वीडियो पसंद आए तो LIKE करें 🔔 SBharatNews को SUBSCRIBE करें 📲 वीडियो को ज्यादा से ज्यादा SHARE करें 💬 अपनी राय COMMENT में जरूर बताएं। SBharatNews — झूठ के खिलाफ... जंग1