उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले के हैदरगढ़ में एक पीड़ित ने तंत्र क्रिया, काले जादू और मारपीट का आरोप लगाते हुए माननीय अधिकारियों और मंत्रियों से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़ित का कहना है कि ये लोग तंत्र क्रिया और मारपीट में बहुत माहिर हैं और उनके खिलाफ काला जादू कर रहे हैं, जो परिवार को नष्ट करने का कार्य करता है। इस मामले में पीड़ित ने सरकारी जांच कराकर एक बटा तीन (1/3) का बंटवारा सुनिश्चित करने की मांग की है। पीड़ित का आरोप है कि पिछले आठ सालों में उनके जीवन में जो कभी नहीं हुआ, वह सब आज किया जा रहा है। इस पूरे मामले में ग्राम प्रधान के साथ-साथ तिवारी खानदान से जुड़े कुछ परिवार और कुछ ठाकुर लोग भी सम्मिलित हैं, जिनके जरिए लड़ाई कराई जाती है। पीड़ित ने सभी माननीय अधिकारियों और मंत्रियों से इसकी पुष्टि कर जांच करने और न्याय दिलाने का निवेदन किया है।
उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले के हैदरगढ़ में एक पीड़ित ने तंत्र क्रिया, काले जादू और मारपीट का आरोप लगाते हुए माननीय अधिकारियों और मंत्रियों से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़ित का कहना है कि ये लोग तंत्र क्रिया और मारपीट में बहुत माहिर हैं और उनके खिलाफ काला जादू कर रहे हैं, जो परिवार को नष्ट करने का कार्य करता है। इस मामले में पीड़ित ने सरकारी जांच कराकर एक बटा तीन (1/3) का बंटवारा सुनिश्चित करने की मांग की है। पीड़ित का आरोप है कि पिछले आठ सालों में उनके जीवन में जो कभी नहीं हुआ, वह सब आज किया जा रहा है। इस पूरे मामले में ग्राम प्रधान के साथ-साथ तिवारी खानदान से जुड़े कुछ परिवार और कुछ ठाकुर लोग भी सम्मिलित हैं, जिनके जरिए लड़ाई कराई जाती है। पीड़ित ने सभी माननीय अधिकारियों और मंत्रियों से इसकी पुष्टि कर जांच करने और न्याय दिलाने का निवेदन किया है।
- बाराबंकी के त्रिवेदीगंज में रौनी पंचायत स्थित महाभारत कालीन पौराणिक अवसानेश्वर मंदिर में आगामी त्योहार के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह और पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय पहुंचे। शनिवार को अधिकारियों ने मंदिर और मेला परिसर का गहन निरीक्षण किया। इस दौरान मंदिर कमेटी के सदस्यों और विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक कर सुरक्षा और व्यवस्थाओं को लेकर कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण के लिए मंदिर के मुख्य द्वार के पास एक खोया-पाया केंद्र स्थापित करने का निर्णय लिया गया है, ताकि भीड़ में बिछड़े लोगों की मदद की जा सके। इसके साथ ही पूरे मेला परिसर में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे, जिनकी निगरानी एक केंद्रीय कंट्रोल रूम से की जाएगी। भीड़ को व्यवस्थित करने के लिए पार्किंग स्थल और बैरिकेड्स की उचित व्यवस्था की जाएगी। अधिकारियों ने मंदिर के घाट का भी निरीक्षण किया। निरीक्षण के बाद जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने आचार्य शैलेन्द्र शास्त्री की मौजूदगी में मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना की। इस मौके पर अपर पुलिस अधीक्षक रितेश कुमार सिंह, सीओ समीर कुमार सिंह, उप जिलाधिकारी मधुमिता सिंह, खंड विकास अधिकारी पूजा सिंह, सीएचसी अधीक्षक प्रियंका सिंह, जयशंकर पाण्डेय, मुकुल पटेल सहित मंदिर समिति के पदाधिकारी और सभी विभागों के कर्मचारी मौजूद रहे।4
- बाराबंकी जिले की रामसनेहीघाट तहसील के अंतर्गत ग्राम पुरड़ी, पोस्ट मलहरा में इंटरलॉकिंग के संबंध में विषय सामने आया है।1
- उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जनपद में थाना जहांगीराबाद क्षेत्र के अंतर्गत जहांगीराबाद कस्बे में स्थित कुटी मोड़ पर ग्रामीण क्षेत्र के छात्र-छात्राओं के लिए आधुनिक सुविधाओं से लैस 'श्री श्याम लाइब्रेरी' की शुरुआत की गई है। इस नई डिजिटल लाइब्रेरी का भव्य उद्घाटन मुख्य अतिथि व संचालक के पिता श्री प्रदीप सिंह और माता श्रीमती सावित्री सिंह के कर-कमलों द्वारा फीता काटकर किया गया। माता-पिता के आशीर्वाद से शुरू हुई इस प्रेरणादायक लाइब्रेरी का पूरा संचालन उनके सुपुत्र प्रफुल्ल सिंह द्वारा किया जाएगा। उद्घाटन समारोह के इस शुभ अवसर पर 'न्यू राजा इलेक्ट्रॉनिक' के संचालक लवकुश वर्मा और उनके सुपुत्र निलेश वर्मा विशेष रूप से मौजूद रहे। इसके साथ ही कार्यक्रम में भारी संख्या में स्थानीय ग्रामीणों और प्रबुद्ध जनों का जनसैलाब उमड़ा, जिन्होंने इस शैक्षिक पहल की जमकर सराहना की। लाइब्रेरी का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण अंचल के बच्चों को शहरों जैसी बेहतरीन शैक्षिक सुविधाएं और शांत माहौल उपलब्ध कराना है ताकि वे बिना किसी बाधा के आगे बढ़ सकें। संचालक प्रफुल्ल सिंह ने बताया कि उनका सपना है कि क्षेत्र के बच्चे उचित संसाधनों से खूब पढ़ाई करें, उच्च पदों पर आसीन हों और अपने माता-पिता व गांव का नाम रोशन करें। इस लाइब्रेरी में बच्चों के लिए फुल ए.सी., मुफ्त हाई-स्पीड वाई-फाई, शांत व अनुशासित वातावरण, सीसीटीवी कैमरों से 24/7 निगरानी, स्वच्छता और उत्कृष्ट पार्किंग जैसी आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं, जो विद्यार्थियों के लिए वरदान साबित होंगी।4
- बाराबंकी के बदोसराय थाने की पुलिस ने कूटरचित दस्तावेज तैयार कर फर्जी बैनामा के जरिए 45 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने वाले छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इस कार्रवाई के दौरान घटना में इस्तेमाल की गई एक स्विफ्ट कार भी बरामद की है। यह पूरा मामला चन्दवारा निवासी कृष्णावती द्वारा दी गई तहरीर के बाद सामने आया, जिन्होंने टिकैतनगर के डेरेराजा निवासी बंशीलाल की जमीन का सौदा किया था लेकिन बाद में उन्हें अपने साथ हुई इस बड़ी ठगी का पता चला। धोखाधड़ी की इस वारदात को अंजाम देने के लिए आरोपियों ने योजनाबद्ध तरीके से काम किया। उन्होंने पीड़िता के बेटे को ग्राम डेरेराजा में 13 बीघा जमीन दिखाई और आरोपी बंशी को फर्जी तरीके से असली जमीन मालिक बंशीलाल बनाकर पेश कर दिया। इसके बाद सिरौलीगौसपुर तहसील में कृष्णावती के नाम गाटा संख्या 487/1.2890 हेक्टेयर का बैनामा करा दिया गया। इस सौदे के बदले आरोपियों ने आरटीजीएस के जरिए 15 लाख रुपये और 30 लाख रुपये नकद लेकर कुल 45 लाख रुपये हड़प लिए। पीड़ित परिवार को इस जालसाजी की भनक तब लगी जब वे जमीन पर कब्जा लेने पहुंचे। इस संबंध में थाना बदोसराय में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। बाराबंकी के पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर गठित पुलिस टीम ने मैनुअल इंटेलिजेंस की मदद से कार्रवाई करते हुए सभी छह आरोपियों को दबोच लिया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में सुनील कुमार वर्मा उर्फ सुशील, रविनन्दन द्विवेदी, विनोद कुमार, राजकुमार, नन्दकिशोर और फर्जी भू-स्वामी बना बंशी शामिल हैं।1
- बाराबंकी जिले के सिरौलीगौसपुर से एक ताजा वीडियो सामने आया है, जिसमें सीधे तौर पर दूध का पैकेट दिखाया जा रहा है।1
- रायबरेली के ऊंचाहार में नगर पंचायत अध्यक्ष ममता जायसवाल ने दीवान तालाब के किनारे पौधरोपण करते हुए पर्यावरण संरक्षण का एक अनोखा और भावनात्मक संदेश दिया है। उन्होंने कहा कि जिस तरह हम अपने परिवार में बच्चों की परवरिश करते हैं और सोचते हैं कि वे हमारे कुल को आगे बढ़ाएंगे, उसी तरह पौधों की देखभाल करके हम संपूर्ण जीवन के भविष्य को मजबूत आधार दे सकते हैं। पौधरोपण के दौरान उन्होंने फलदार और छायादार पौधे रोपे और लोगों से इन्हें पेड़ बनने तक संरक्षित करने की अपील की। ममता जयसवाल ने जोर देकर कहा कि जीवन की डोर पौधों से ही जुड़ी हुई है, क्योंकि ऑक्सीजन, छाया और फल हमें पेड़ों से ही मिलते हैं। उन्होंने हर नागरिक से साल में कम से कम एक पौधा लगाने और उसकी देखभाल करने की अपील की। इस अवसर पर नगर पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि कृष्ण चंद जायसवाल, सभासद, कर्मचारी और स्थानीय लोग भी उपस्थित रहे, जिन्होंने मिलकर नगर को स्वच्छ और हरा-भरा बनाने का संकल्प लिया।3
- लखनऊ से संवाददाता आशीष मिश्रा के अनुसार, उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले में एक दर्दनाक सड़क हादसे में कुलदीप (32) और उनके साले पवन (28) की मौत हो गई है। कुलदीप अपनी गर्भवती पत्नी के प्रसव की खबर पाकर उनसे मिलने के लिए ई-रिक्शा से अस्पताल जा रहे थे, तभी रास्ते में यह हादसा हो गया। इस घटना के कुछ घंटे बाद ही कुलदीप की पत्नी ने एक बेटी को जन्म दिया। नवजात के पिता और मामा की मौत होने के बावजूद, पत्नी को गहरे सदमे से बचाने के लिए अभी तक इस हादसे की खबर नहीं दी गई है और वह पूरी तरह बेखबर है।1
- बाराबंकी के सतरिख थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम सिकन्दरपुर माइनर में बीते 05 जुलाई 2026 को एक 38 वर्षीय अज्ञात पुरुष का शव बरामद हुआ था। मृतक की पहचान लखनऊ के गोसाईगंज थाना क्षेत्र के ग्राम मीसा निवासी रामतीरथ के रूप में हुई। इसके बाद 10 जुलाई 2026 को मृतक के पिता दयाराम द्वारा दी गई तहरीर के आधार पर सतरिख थाने में चचेरे भाई सरफजीत, पत्नी रामदुलारी और भाई अवधेश कुमार के खिलाफ धारा 103(1)/238 बीएनएस के तहत मुकदमा पंजीकृत किया गया। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक बाराबंकी श्री अर्पित विजयवर्गीय ने मौके का निरीक्षण किया और फॉरेंसिक टीम व पुलिस टीमों को साक्ष्य जुटाने तथा अभियुक्तों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए। सतरिख थाना पुलिस ने मैनुअल इंटेलिजेंस की मदद से त्वरित कार्रवाई करते हुए तीनों नामजद आरोपियों—सरफजीत, रामदुलारी और अवधेश कुमार को आज 10 जुलाई 2026 को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने अभियुक्तों की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किए गए दो ईंट के टुकड़े, एक स्टोल, एक बोरी, एक तकिया और शव को ठिकाने लगाने में प्रयुक्त स्कूटी (UP 32 DU 9505) बरामद कर ली है। पूछताछ के दौरान यह खुलासा हुआ कि अभियुक्त सरफजीत ने अपनी भाभी रामदुलारी और चचेरे भाई अवधेश कुमार के साथ मिलकर साजिश के तहत रामतीरथ की हत्या की थी। योजना के मुताबिक, 3/4 जुलाई 2026 की रात को पत्नी रामदुलारी ने रामतीरथ के खाने में नींद की गोलियां मिला दी थीं। जब वह बेहोश हो गया, तो सरफजीत और अवधेश ने ईंट से उसके चेहरे पर वार किया और फिर स्टोल से मुंह दबाकर उसे मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद तीनों ने शव को बोरी में भरा और मृतक की ही स्कूटी पर लादकर उसे सिकन्दरपुर माइनर में फेंक दिया था।1