कौशाम्बी के पिपरी थाना क्षेत्र में कुंदनपुर गांव के पास बाइक से घर लौट रहे भगवतपुर ब्लॉक प्रमुख प्रत्याशी के पति पर दबंगों ने लोहे की रॉड से हमला कर उनका दाहिना हाथ तोड़ दिया। शोर मचाने पर जब स्थानीय लोग वहां पहुंचे, तो हमलावर जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से भाग गए। घायल पीड़ित सतीश चंद्र पासी ने इस संबंध में पिपरी थाने में शिकायती पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है। विवाद की जड़ एक जमीन का सौदा है। पीड़ित सतीश चंद्र पासी के अनुसार, फूलचंद केशरवानी ने उन्हें खेती करने के लिए लगान पर एक जमीन दी थी, जिसके बदले उन्होंने फूलचंद को ₹3,20,000 दिए थे। बाद में सतीश को पता चला कि वह जमीन सरकारी नंबर पर दर्ज है। जब उन्होंने अपने पैसे वापस मांगे, तो फूलचंद ने पैसे देने से इनकार कर दिया और जबरन खेत पर दोबारा कब्जा जमा लिया। इसी रंजिश के चलते इस वारदात को अंजाम दिया गया। घटना 11 जुलाई की शाम करीब 07:00 बजे की है, जब सतीश कसेंदा पेट्रोल पंप से तेल डलवाकर वापस अपने घर गोविंदपुर तेवारा जा रहे थे। कुंदनपुर मोड़ के पास धूमनगंज थाने के नींवा निवासी अम्माद हसन, फूलचंद के बेटे सत्यम, पवन और तीन अज्ञात व्यक्तियों ने उन्हें घेर लिया। आरोपियों ने जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए लोहे की रॉड से उन पर जानलेवा हमला कर दिया, जिससे उनका हाथ फ्रैक्चर हो गया। इस मामले में पिपरी थानाध्यक्ष द्वारा जांच कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया गया है।
कौशाम्बी के पिपरी थाना क्षेत्र में कुंदनपुर गांव के पास बाइक से घर लौट रहे भगवतपुर ब्लॉक प्रमुख प्रत्याशी के पति पर दबंगों ने लोहे की रॉड से हमला कर उनका दाहिना हाथ तोड़ दिया। शोर मचाने पर जब स्थानीय लोग वहां पहुंचे, तो हमलावर जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से भाग गए। घायल पीड़ित सतीश चंद्र पासी ने इस संबंध में पिपरी थाने में शिकायती पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है। विवाद की जड़ एक जमीन का सौदा है। पीड़ित सतीश चंद्र पासी के अनुसार, फूलचंद केशरवानी ने उन्हें खेती करने के लिए लगान पर एक जमीन दी थी, जिसके बदले उन्होंने फूलचंद को ₹3,20,000 दिए थे। बाद में सतीश को पता चला कि वह जमीन सरकारी नंबर पर दर्ज है। जब उन्होंने अपने पैसे वापस मांगे, तो फूलचंद ने पैसे देने से इनकार कर दिया और जबरन खेत पर दोबारा कब्जा जमा लिया। इसी रंजिश के चलते इस वारदात को अंजाम दिया गया। घटना 11 जुलाई की शाम करीब 07:00 बजे की है, जब सतीश कसेंदा पेट्रोल पंप से तेल डलवाकर वापस अपने घर गोविंदपुर तेवारा जा रहे थे। कुंदनपुर मोड़ के पास धूमनगंज थाने के नींवा निवासी अम्माद हसन, फूलचंद के बेटे सत्यम, पवन और तीन अज्ञात व्यक्तियों ने उन्हें घेर लिया। आरोपियों ने जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए लोहे की रॉड से उन पर जानलेवा हमला कर दिया, जिससे उनका हाथ फ्रैक्चर हो गया। इस मामले में पिपरी थानाध्यक्ष द्वारा जांच कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया गया है।
- नितिन गडकरी के फंसने के बाद उन्होंने अपनी गलती स्वीकार कर ली है। इस पूरे घटनाक्रम से अब सीधे तौर पर मोदी सरकार की पोल खुलती हुई नजर आ रही है। इस मामले के सामने आने के बाद से भाजपा और पीएम मोदी की सरकार पर लगातार सवाल खड़े किए जा रहे हैं।1
- कौशांबी के रमसहाई पुर में स्वच्छता का एक अनोखा नजारा देखने को मिला है। इस संबंध में एक रिपोर्ट सामने आई है, जिसमें स्वच्छता की इस अनोखी तस्वीर को दिखाया गया है।1
- कौशाम्बी के देवीगंज में राज्य महिला आयोग और भाजपा से जुड़ी प्रतिभा कुशवाहा के जन्मदिन समारोह के अवसर पर 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत वृक्षारोपण किया गया।1
- कौशाम्बी के कोखराज थाने पर बजरंग दल ने प्रदर्शन किया है। एक मारपीट के मामले में कार्रवाई की मांग को लेकर बजरंग दल ने कोखराज थाने का घेराव किया। प्रदर्शनकारी इस मामले में जल्द से जल्द कार्रवाई करने की मांग कर रहे हैं।1
- उत्तर प्रदेश के कौशाम्बी जिला अंतर्गत सिराथू में भाजपा काशी क्षेत्र के क्षेत्रीय अध्यक्ष का प्रथम आगमन हुआ है। इस प्रथम आगमन के विशेष अवसर पर उनका बेहद भव्य स्वागत किया गया।1
- कौशांबी के कोखराज थाना क्षेत्र अंतर्गत भरवारी चौकी के दो सिपाहियों पर एक महिला ने बिना अनुमति और बिना दरवाजा खटखटाए घर के अंदर प्रवेश करने का गंभीर आरोप लगाया है। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर काफी तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे पूरे क्षेत्र में इस मामले को लेकर चर्चा तेज हो गई है। महिला का आरोप है कि उसके घर में जल्द ही शादी का कार्यक्रम होने वाला है और घटना के वक्त घर के अंदर केवल महिलाएं ही मौजूद थीं। इसी बीच दोनों सिपाही बिना कोई आवाज दिए सीधे घर के अंदर घुस आए। महिला ने इसे अपनी निजता का उल्लंघन बताते हुए कड़ी नाराजगी जताई है कि बिना अनुमति और बिना किसी महिला पुलिसकर्मी के सिपाही घर के अंदर कैसे आ गए। वायरल वीडियो में महिला पुलिसकर्मियों से कड़े सवाल पूछती नजर आ रही है कि आखिर उन्हें बिना दरवाजा खटखटाए और बिना अनुमति अंदर आने की इजाजत किसने दी।1