पुश्तैनी हुनर से आजीविका, मधुमक्खी संरक्षण के साथ शहद विक्रय कर रहा बिहार का समूह डिंडोरी जिला मुख्यालय में इन दिनों बिहार से आया एक विशेष समूह अपने पारंपरिक हुनर के माध्यम से लोगों का ध्यान आकर्षित कर रहा है। यह समूह शहर के विभिन्न स्थानों पर लगे मधुमक्खियों के छत्तों को सुरक्षित तरीके से हटाकर शहद संग्रहण एवं विक्रय का कार्य कर रहा है। खास बात यह है कि समूह वर्षों पुराने अनुभव और सावधानी के साथ यह कार्य करता है, जिससे मधुमक्खियों के आक्रामक होने और किसी प्रकार की जनहानि की संभावना कम हो जाती है। समूह के सदस्यों ने बताया कि छत्ता हटाने से पहले विशेष मंत्र पढ़ा जाता है। उनका मानना है कि इससे मधुमक्खियां शांत रहती हैं और कार्य सुरक्षित ढंग से पूरा हो जाता है। वर्तमान में समूह को डिंडोरी की न्यू पुलिस लाइन क्षेत्र में बड़ी संख्या में मधुमक्खियों के छत्ते होने की जानकारी मिली थी, जिसके बाद सुरक्षा उपायों के साथ वहां छत्ते हटाने का कार्य किया गया। समूह के सदस्य मनोज मंडल, राजू कुमार मंडल, चंदन कुमार मंडल और सुरेश मंडल ने बताया कि शहद संग्रहण और विक्रय उनका पुश्तैनी व्यवसाय है। वे बिहार से निकलकर मध्यप्रदेश सहित कई राज्यों में पहुंचते हैं और प्राकृतिक शहद का संग्रहण कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। उनका कहना है कि इस कार्य में अनुभव, धैर्य और प्रकृति के प्रति सम्मान बेहद जरूरी होता है। स्थानीय लोगों के बीच भी इस समूह के कार्य को लेकर उत्सुकता देखने को मिल रही है। प्राकृतिक तरीके से शहद संग्रहण और वर्षों पुराने पारंपरिक ज्ञान को जीवित रखे यह समूह आत्मनिर्भरता और मेहनत की एक प्रेरणादायक मिसाल बनकर सामने आया है।
पुश्तैनी हुनर से आजीविका, मधुमक्खी संरक्षण के साथ शहद विक्रय कर रहा बिहार का समूह डिंडोरी जिला मुख्यालय में इन दिनों बिहार से आया एक विशेष समूह अपने पारंपरिक हुनर के माध्यम से लोगों का ध्यान आकर्षित कर रहा है। यह समूह शहर के विभिन्न स्थानों पर लगे मधुमक्खियों के छत्तों को सुरक्षित तरीके से हटाकर शहद संग्रहण एवं विक्रय का कार्य कर रहा है। खास बात यह है कि समूह वर्षों पुराने अनुभव और सावधानी के साथ यह कार्य करता है, जिससे मधुमक्खियों के आक्रामक होने और किसी प्रकार की जनहानि की संभावना कम हो जाती है। समूह के सदस्यों ने बताया कि छत्ता हटाने से पहले विशेष मंत्र पढ़ा जाता है। उनका मानना है कि इससे मधुमक्खियां शांत रहती हैं और कार्य सुरक्षित ढंग से पूरा हो जाता है। वर्तमान में समूह को डिंडोरी की न्यू पुलिस लाइन क्षेत्र में बड़ी संख्या में मधुमक्खियों के छत्ते होने की जानकारी मिली थी, जिसके बाद सुरक्षा उपायों के साथ वहां छत्ते हटाने का कार्य किया गया। समूह के सदस्य मनोज मंडल, राजू कुमार मंडल, चंदन कुमार मंडल और सुरेश मंडल ने बताया कि शहद संग्रहण और विक्रय उनका पुश्तैनी व्यवसाय है। वे बिहार से निकलकर मध्यप्रदेश सहित कई राज्यों में पहुंचते हैं और प्राकृतिक शहद का संग्रहण कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। उनका कहना है कि इस कार्य में अनुभव, धैर्य और प्रकृति के प्रति सम्मान बेहद जरूरी होता है। स्थानीय लोगों के बीच भी इस समूह के कार्य को लेकर उत्सुकता देखने को मिल रही है। प्राकृतिक तरीके से शहद संग्रहण और वर्षों पुराने पारंपरिक ज्ञान को जीवित रखे यह समूह आत्मनिर्भरता और मेहनत की एक प्रेरणादायक मिसाल बनकर सामने आया है।
- मंडला के घुघरी थाना क्षेत्र के लाटो गांव में शनिवार रात एक भीषण सड़क हादसा हुआ। तेज रफ्तार मोटरसाइकिल पेड़ से टकराने से सवार युवक के सिर में गंभीर चोटें आईं, जिससे उसकी मौत की आशंका जताई जा रही है। युवक सेंदवारा गांव का बताया जा रहा है, और पुलिस आगे की जानकारी का इंतजार कर रही है।1
- Post by पंडित कृष्णा मिश्रा पत्रकार1
- शहडोल-बुढार मार्ग पर हुए भीषण सड़क हादसे में एक व्यक्ति की जान चली गई। इस घटना ने एक बार फिर इलाके में सड़क सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है।1
- शहडोल में ओवरलोड रेत वाहनों से प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना की सड़कें जर्जर हो गई हैं। ग्रामीणों ने अवैध रेत परिवहन पर रोक और सड़कों की मरम्मत की मांग करते हुए प्रशासन को ज्ञापन सौंपा है। कार्रवाई न होने पर आंदोलन की चेतावनी भी दी गई है।1
- शहडोल के बुढ़ार स्थित रसमोहनी में सड़क और नाली की खराब व्यवस्था से लोग त्रस्त हैं। दिनभर नालियों का गंदा पानी सड़क पर बहने से आवाजाही में भारी परेशानी हो रही है और वाहन भी खराब हो रहे हैं। पंचायत की अनदेखी के चलते यहाँ की स्थिति बद से बदतर होती जा रही है।1
- शहडोल के अमेज़न डिलीवरी बॉयज़ ने अपनी परेशानियों को उजागर किया है। उनका कहना है कि उन्हें न तो पेट्रोल भत्ता मिलता है और न ही ई-पीएफ का लाभ, जबकि वे वेंडर के माध्यम से कंपनी के लिए काम करते हैं।1
- डिंडोरी जिला मुख्यालय के पुल घाट में खेल एवं युवा कल्याण विभाग ने ग्रीष्मकालीन खेल प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया। इस 'आरोह ग्रीष्मकालीन समर कैम्प' में सैकड़ों बच्चों ने एरोबिक जुम्बा, योगा और स्वास्थ्य गतिविधियों में उत्साह से भाग लिया।1
- मण्डला जिले के बीजेगांव में थावर नदी डेम में नहाते समय एक 50 वर्षीय व्यक्ति डूब गया। दिनभर चले तलाश अभियान के बावजूद देर शाम तक उसका पता नहीं चल पाया। अंधेरा होने के कारण तलाश रोक दी गई है और कल सुबह फिर से शुरू की जाएगी।1
- टिहकी निवासी राहुल द्विवेदी और अतुल तिवारी जी का एक्सीडेंट है या और कुछ ये है अभी जांच का विषय है मै पुलिस प्रशासन से मांग करूंगा उसमें सही जांच होनी चाहिए सच सामने आना चाहिए1