प्रदेश के मुख्यमंत्री के निर्देशों के बाद सरकारी भूमि, सड़क किनारे, फुटपाथ और सार्वजनिक स्थलों पर किसी भी प्रकार के अतिक्रमण को रोकने और हटाने की कार्यवाही तेज कर दी गई है। इसी कड़ी में, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशन और नगर मजिस्ट्रेट हर गिरी के नेतृत्व में टीबड़ी रेलवे अंडर ब्रिज (अंबेडकर चौक) के पास रेलवे की भूमि पर अवैध रूप से बनी 40 से 45 झुग्गी-झोपड़ियों को हटाया गया। इस अतिक्रमण हटाओ अभियान को रेलवे प्रशासन, पुलिस और जिला प्रशासन की संयुक्त टीम ने मिलकर अंजाम दिया। नगर मजिस्ट्रेट हर गिरी ने बताया कि रेलवे प्रशासन ने अपनी भूमि पर किए गए अतिक्रमण को हटाने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस विभाग से सहयोग का अनुरोध किया था। इसी के आधार पर, जिलाधिकारी के निर्देश पर पुलिस, जिला प्रशासन और रेलवे ने संयुक्त रूप से यह कार्यवाही की, जिसके परिणामस्वरूप लगभग 40 से 45 अवैध झुग्गी-झोपड़ियों को सफलतापूर्वक हटाया गया। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वर्तमान में संचालित हो रही चार धाम यात्रा और आगामी कांवड़ मेले एवं कुंभ मेले को सुगम तथा सुव्यवस्थित ढंग से संचालित करने के लिए सरकारी भूमि, सड़क किनारे, फुटपाथ और सार्वजनिक स्थानों पर हुए अवैध अतिक्रमणों को हटाने का यह अभियान चलाया जा रहा है। इस विशेष अतिक्रमण हटाओ अभियान में सीओ सदर एसपी बलूनी, रेलवे डिवीजन इंजीनियर अनूप कुमार, रेलवे सेक्शन इंजीनियर पंकज शर्मा, नायब तहसीलदार अनिल गुप्ता, पटवारी रविकांत सहित भारी संख्या में पुलिस बल भी मौजूद रहा।
प्रदेश के मुख्यमंत्री के निर्देशों के बाद सरकारी भूमि, सड़क किनारे, फुटपाथ और सार्वजनिक स्थलों पर किसी भी प्रकार के अतिक्रमण को रोकने और हटाने की कार्यवाही तेज कर दी गई है। इसी कड़ी में, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशन और नगर मजिस्ट्रेट हर गिरी के नेतृत्व में टीबड़ी रेलवे अंडर ब्रिज (अंबेडकर चौक) के पास रेलवे की भूमि पर अवैध रूप से बनी 40 से 45 झुग्गी-झोपड़ियों को हटाया गया। इस अतिक्रमण हटाओ अभियान को रेलवे प्रशासन, पुलिस और जिला प्रशासन की संयुक्त टीम ने मिलकर अंजाम दिया। नगर मजिस्ट्रेट हर गिरी ने बताया कि रेलवे प्रशासन ने अपनी भूमि पर किए गए अतिक्रमण को हटाने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस विभाग से सहयोग का अनुरोध किया था। इसी के आधार पर, जिलाधिकारी के निर्देश पर पुलिस, जिला प्रशासन और रेलवे ने संयुक्त रूप से यह कार्यवाही की, जिसके परिणामस्वरूप लगभग 40 से 45 अवैध झुग्गी-झोपड़ियों को सफलतापूर्वक हटाया गया। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वर्तमान में संचालित हो रही चार धाम यात्रा और आगामी कांवड़ मेले एवं कुंभ मेले को सुगम तथा सुव्यवस्थित ढंग से संचालित करने के लिए सरकारी भूमि, सड़क किनारे, फुटपाथ और सार्वजनिक स्थानों पर हुए अवैध अतिक्रमणों को हटाने का यह अभियान चलाया जा रहा है। इस विशेष अतिक्रमण हटाओ अभियान में सीओ सदर एसपी बलूनी, रेलवे डिवीजन इंजीनियर अनूप कुमार, रेलवे सेक्शन इंजीनियर पंकज शर्मा, नायब तहसीलदार अनिल गुप्ता, पटवारी रविकांत सहित भारी संख्या में पुलिस बल भी मौजूद रहा।
- बढ़ते तापमान और आग लगने की संभावित घटनाओं को देखते हुए, एसएसपी हरिद्वार नवनीत सिंह ने जनपद के समस्त थाना प्रभारियों और अग्निशमन अधिकारियों के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों के तहत, जनपद में संचालित सभी कोचिंग संस्थानों, शॉपिंग मॉल, होटल, अस्पताल, विद्यालयों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और अन्य सार्वजनिक स्थानों की फायर सेफ्टी व्यवस्थाओं का पुनः मूल्यांकन किया जाना है। एसएसपी ने यह भी निर्देशित किया है कि फायर उपकरणों की कार्यशीलता की गहनता से जांच की जाए, आपातकालीन निकास मार्गों का निरीक्षण हो, और अग्निशमन मानकों के अनुपालन की समीक्षा की जाए। फायर सेफ्टी ऑडिट में पाई गई किसी भी कमी को तत्काल दूर कराने के साथ-साथ, संबंधित संस्थानों के संचालकों को सुरक्षा मानकों के प्रति जागरूक करने के निर्देश भी दिए गए हैं। एसएसपी ने स्पष्ट किया है कि जनसुरक्षा सर्वोपरि है और फायर सेफ्टी मानकों की अनदेखी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। हरिद्वार पुलिस ने आमजन से भी अपील की है कि गर्मी के इस मौसम में विद्युत उपकरणों, गैस सिलेंडरों और ज्वलनशील पदार्थों के प्रयोग में विशेष सावधानी बरतें। किसी भी प्रकार की अग्नि दुर्घटना की सूचना तत्काल अग्निशमन विभाग अथवा पुलिस को देने का आग्रह भी किया गया है।1
- मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने लखनऊ हादसे से सबक लेते हुए उत्तराखंड में फायर सेफ्टी को लेकर व्यापक कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने प्रदेशभर के अस्पतालों, कोचिंग सेंटरों, बड़े मॉल, होटलों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का विस्तृत फायर सेफ्टी ऑडिट कराने के आदेश दिए हैं। मुख्यमंत्री धामी ने जोर देकर कहा कि जनसुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और अग्नि सुरक्षा मानकों में किसी भी प्रकार की लापरवाही को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस ऑडिट के दौरान संस्थानों में लगे फायर सेफ्टी उपकरणों की कार्यशीलता, इमरजेंसी एग्जिट की उपलब्धता, विद्युत सुरक्षा व्यवस्था और आपदा की स्थिति में निकासी की तैयारियों की गहन जांच की जाएगी। जिन संस्थानों में फायर सेफ्टी मानकों की कमी पाई जाएगी, उनके खिलाफ आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। मुख्यमंत्री ने अग्निशमन विभाग, जिला प्रशासन और अन्य संबंधित विभागों को आपस में समन्वय स्थापित कर इस ऑडिट को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए हैं।1
- लक्सर में जिलाधिकारी के आदेश पर प्रशासन ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए अतिक्रमण हटाया था। इस दौरान तहसीलदार दीवान सिंह राणा और एसडीएम अनिल कुमार शुक्ला भी मौके पर मौजूद रहे थे। हालांकि, अब कुछ व्यापारियों द्वारा दोबारा अतिक्रमण किए जाने की चर्चाएं सामने आ रही हैं, जिससे प्रशासन की पिछली कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं। लोग जानना चाह रहे हैं कि प्रशासन की कार्रवाई के बाद फिर से अतिक्रमण कैसे हो गया और क्या निगरानी व्यवस्था में कहीं कमी रह गई या नियमों की अनदेखी की गई। आगे की रिपोर्ट में इस मामले पर पूरी खबर और स्थानीय लोगों की प्रतिक्रियाएं सामने आएंगी।1
- कांग्रेस नेता वीरेंद्र रावत ने प्रमोद खारी द्वारा दिए गए बयान को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी है।1
- उत्तराखंड की राजनीति से एक अहम खबर सामने आई है, जहाँ रुड़की के होटल सेंट्रम में 'जन निर्माण पार्टी' का आधिकारिक तौर पर ऐलान कर दिया गया है।1
- हरिद्वार जिले के खानपुर विधानसभा क्षेत्र के नगला इमरती में आज एक संबोधन के दौरान, कांग्रेस नेता वीरेंद्र रावत ने खानपुर विधानसभा के वर्तमान विधायक उमेश कुमार शर्मा पर जमकर निशाना साधा। पत्रकार राजेश लाम्बा द्वारा इस घटना की जानकारी दी गई है।1
- बढ़ते तापमान और अग्नि दुर्घटनाओं की संभावना को देखते हुए, एसएसपी हरिद्वार नवनीत सिंह ने जनपद के समस्त थाना प्रभारियों और अग्निशमन अधिकारियों को महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों के तहत, जनपद में संचालित कोचिंग संस्थानों, शॉपिंग मॉल, होटल, अस्पतालों, विद्यालयों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर फायर सेफ्टी व्यवस्थाओं का पुनः मूल्यांकन करने को कहा गया है। एसएसपी ने निर्देशित किया कि फायर उपकरणों की कार्यशीलता की जांच की जाए, आपातकालीन निकास मार्गों का निरीक्षण हो और अग्निशमन मानकों के अनुपालन की समीक्षा की जाए। फायर सेफ्टी ऑडिट में पाई गई कमियों को तत्काल दूर कराने के साथ-साथ, संबंधित संस्थानों के संचालकों को सुरक्षा मानकों के प्रति जागरूक करने के निर्देश भी दिए गए हैं। एसएसपी ने स्पष्ट किया कि जनसुरक्षा सर्वोपरि है और फायर सेफ्टी मानकों की अनदेखी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। हरिद्वार पुलिस ने आमजन से भी अपील की है कि वे गर्मी के मौसम में विद्युत उपकरणों, गैस सिलेंडरों और ज्वलनशील पदार्थों के उपयोग में विशेष सावधानी बरतें। इसके अतिरिक्त, किसी भी अग्नि दुर्घटना की सूचना तत्काल अग्निशमन विभाग अथवा पुलिस को देने का आग्रह किया गया है, ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके। हरिद्वार पुलिस गर्मी के मौसम में अग्नि दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए पूरी तरह सतर्क है।1
- देहरादून के लेखक गाँव में पूर्व मुख्यमंत्री और पूर्व केंद्रीय मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक की पत्नी स्वर्गीय कुसुम कान्ता की पुण्यतिथि पर एक श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई। इस अवसर पर महिला सशक्तिकरण का महत्वपूर्ण संदेश दिया गया, जहाँ कुसुम कान्ता फाउंडेशन ने क्षेत्र की महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से सिलाई मशीनों का वितरण किया। कार्यक्रम के दौरान, बेटी आरुषि निशंक ने महिलाओं को स्वरोजगार के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि आर्थिक रूप से सशक्त महिला ही परिवार और समाज की प्रगति का आधार होती है। इस श्रद्धांजलि सभा में बड़ी संख्या में स्थानीय लोग, महिलाएँ और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे, जिन्होंने स्वर्गीय कुसुम कान्ता के समाजसेवा और महिला उत्थान के कार्यों को याद करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।1
- उत्तराखंड की राजनीति में एक नए अध्याय की शुरुआत हुई है, जहाँ रुड़की के होटल सेंट्रम में जन निर्माण पार्टी का आधिकारिक ऐलान किया गया। इस भव्य कार्यक्रम के दौरान, खानपुर विधायक उमेश कुमार शर्मा और सोनिया शर्मा ने पार्टी की विचारधारा और भविष्य की योजनाओं को जनता के सामने रखा। सोनिया शर्मा को पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष नियुक्त किया गया। उन्होंने यह स्पष्ट किया कि जन निर्माण पार्टी गरीबों, किसानों, महिलाओं, दलितों, युवाओं और समाज के हर वर्ग की आवाज़ बनेगी। वहीं, उमेश कुमार शर्मा ने भ्रष्टाचार, बेरोज़गारी और महंगाई के खिलाफ संघर्ष करने का संकल्प दोहराया। इस आयोजन में हज़ारों समर्थकों की उपस्थिति रही और पूरे कार्यक्रम के दौरान जबरदस्त उत्साह देखा गया। उत्तराखंड की राजनीतिक गलियारों में इस नई पार्टी के प्रवेश को एक बड़े राजनीतिक घटनाक्रम के तौर पर देखा जा रहा है।1