रेलवे ट्रैक पर आवारा पशुओं का डेरा, टला बड़ा हादसायात्रियों की सुरक्षा भगवान भरोसे; सोमवार सुबह पटरियों पर घूमते नजर आए सांड मकराना ,,मकराना रेलवे स्टेशन और उसके आसपास के रेलवे ट्रैक इन दिनों आवारा पशुओं का ठिकाना बन गए हैं। सोमवार सुबह स्टेशन परिसर और मुख्य पटरियों पर आवारा सांडों के जमावड़े के कारण अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। गनीमत रही कि उस समय कोई तेज रफ्तार ट्रेन वहां से नहीं गुजरी, अन्यथा एक बड़ा रेल हादसा घटित हो सकता था। सोमवार सुबह जब यात्री प्लेटफार्म पर ट्रेन का इंतजार कर रहे थे, तब अचानक एक सांड पटरियों पर आ गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आवारा पशु अक्सर स्टेशन के मुख्य द्वार और पटरियों के बीच विचरण करते रहते हैं। इससे न केवल यात्रियों को प्लेटफार्म पर चलने-फिरने में दिक्कत होती है, बल्कि पशुओं के अचानक ट्रेन के सामने आ जाने से रेल यातायात बाधित होने का खतरा भी बना रहता है। स्थानीय नागरिकों और नियमित यात्रियों का कहना है कि रेलवे स्टेशन पर सुरक्षाकर्मियों की मौजूदगी के बावजूद पशुओं का अंदर प्रवेश करना प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान खड़ा करता है। रेलवे ट्रैक के किनारे बाउंड्री वॉल का अभाव या टूटी हुई दीवारों के कारण ये पशु आसानी से पटरियों तक पहुँच जाते हैं। स्टेशन पर रेल यात्रियों ने अपनी सूझ बुझ से आवारा सांड को रेलवे ट्रेक से दूर भगाया तक जाकर दूसरे यात्रियों ने राहत कि सांस ली। रेलवे पटरियों पर सांडों का घूमना यात्रियों की जान के साथ खिलवाड़ है। अगर कोई एक्सप्रेस ट्रेन हाई स्पीड में आए और पशु सामने आ जाए, तो ट्रेन बेपटरी हो सकती है। प्रशासन को जल्द ही कोई ठोस कदम उठाना चाहिए। नियमित रेल यात्री
रेलवे ट्रैक पर आवारा पशुओं का डेरा, टला बड़ा हादसायात्रियों की सुरक्षा भगवान भरोसे; सोमवार सुबह पटरियों पर घूमते नजर आए सांड मकराना ,,मकराना रेलवे स्टेशन और उसके आसपास के रेलवे ट्रैक इन दिनों आवारा पशुओं का ठिकाना बन गए हैं। सोमवार सुबह स्टेशन परिसर और मुख्य पटरियों पर आवारा सांडों के जमावड़े के कारण अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। गनीमत रही कि उस समय कोई तेज रफ्तार ट्रेन वहां से नहीं गुजरी, अन्यथा एक बड़ा रेल हादसा घटित हो सकता था। सोमवार सुबह जब यात्री प्लेटफार्म पर ट्रेन का इंतजार कर रहे थे, तब अचानक एक सांड पटरियों पर आ गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आवारा पशु अक्सर स्टेशन के मुख्य द्वार और पटरियों के बीच विचरण करते रहते हैं। इससे न केवल यात्रियों को प्लेटफार्म पर चलने-फिरने में दिक्कत होती है, बल्कि पशुओं के अचानक ट्रेन के सामने
आ जाने से रेल यातायात बाधित होने का खतरा भी बना रहता है। स्थानीय नागरिकों और नियमित यात्रियों का कहना है कि रेलवे स्टेशन पर सुरक्षाकर्मियों की मौजूदगी के बावजूद पशुओं का अंदर प्रवेश करना प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान खड़ा करता है। रेलवे ट्रैक के किनारे बाउंड्री वॉल का अभाव या टूटी हुई दीवारों के कारण ये पशु आसानी से पटरियों तक पहुँच जाते हैं। स्टेशन पर रेल यात्रियों ने अपनी सूझ बुझ से आवारा सांड को रेलवे ट्रेक से दूर भगाया तक जाकर दूसरे यात्रियों ने राहत कि सांस ली। रेलवे पटरियों पर सांडों का घूमना यात्रियों की जान के साथ खिलवाड़ है। अगर कोई एक्सप्रेस ट्रेन हाई स्पीड में आए और पशु सामने आ जाए, तो ट्रेन बेपटरी हो सकती है। प्रशासन को जल्द ही कोई ठोस कदम उठाना चाहिए। नियमित रेल यात्री
- बिकानेर की खुली जेल में सजा काट रहा डेह निवासी एक कैदी फरार हो गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उसकी लोकेशन ट्रेस की और कुछ ही देर में उसे दोबारा पकड़ लिया।1
- नागौर जिले के मेड़ता में किसानों के लंबित भुगतान के मुद्दे पर भाजपा नेताओं ने अपनी आवाज बुलंद की है। उन्होंने राज्य सरकार से तत्काल बकाया चुकाने की मांग करते हुए किसानों के हक में मोर्चा खोल दिया।1
- नागौर के आलनियावास गाँव में रविवार सुबह से सड़क किनारे एक मृत सांड पड़ा है, जिसे प्रशासन ने अब तक नहीं हटाया है। इससे क्षेत्र में बदबू फैलने लगी है और संक्रमण का खतरा बढ़ गया है, जिससे स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी है। ग्रामीणों ने तत्काल कार्रवाई न होने पर विरोध प्रदर्शन की चेतावनी दी है।1
- झाड़ फूंक के नाम पर बच्चे को किस तरह मार रहा है , अभी भी लोगों में अंधविश्वास है| इन लोगों पर कारवाई होनी चाहिए |1
- बीकानेर में आयोजित गीत संगीत संध्या में सदाबहार हिंदी फिल्मी गीतों ने समां बांध दिया। दिल्ली की गायिका जया ठाकुर ने स्थानीय कलाकारों के साथ मिलकर शानदार प्रस्तुतियां देकर सभी का मन मोह लिया।1
- राजस्थान में निजी स्कूलों को RTE पुनर्भरण की लंबित राशि नहीं मिलने से आर्थिक संकट गहरा गया है। इससे शिक्षकों के वेतन, बिल भुगतान और अन्य खर्चे जुटाना मुश्किल हो रहा है, जिससे कई छोटे स्कूल बंद होने के कगार पर हैं। कोलायत के स्कूल संचालकों ने समय पर भुगतान न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।1
- नागौर के शारदा पुरम में शिक्षक रेवंत राम मड़ासिया ने अपनी गौमाता की पहली पुण्यतिथि मनाई। संत-महात्माओं की मौजूदगी में पूजा, सत्संग और पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। इस दौरान एक मेधावी छात्रा को भी सम्मानित किया गया, जो भारतीय संस्कृति में गौमाता के महत्व को दर्शाता है।2
- नागौर में एसआई भर्ती विवाद को लेकर युवा एकजुट हुए और सांसद हनुमान बेनीवाल के आवास पहुंचे। यह प्रदर्शन भर्ती प्रक्रिया में धांधली के आरोपों को लेकर हो रहा है, जिससे राजस्थान के युवाओं में गुस्सा है। युवाओं की मांग है कि इस मामले की गहन जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाए।1
- नागौर जिले के रोहिसी गांव में भाजपा सरकार के 'ग्राम रथ अभियान' का शानदार स्वागत हुआ। इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीणों को जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। जनप्रतिनिधियों ने लोगों से इन योजनाओं का लाभ उठाकर अपनी स्थिति सुधारने की अपील की।1