झालावाड़ के झालरापाटन में खेड़ापति बालाजी माधोपुर स्थित श्री आदि गौड़ ब्राह्मण समाज झालावाड़ द्वारा एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की शुरुआत श्री विश्वकर्मा जी भगवान की पूजा अर्चना के साथ हुई, जिसके बाद समाज में होने वाले विकास कार्यों और गतिविधियों पर गहन चर्चा की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य समाज का विकास और उच्च शिक्षा को बढ़ावा देना था। गौड़ समाज के अध्यक्ष श्री बाल किशन जी गौड़ ने समाज के 84 गांवों से पधारे सभी सदस्यों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने समाज के विकास कार्यों, बच्चों को शिक्षा में अच्छे अंक लाने पर सम्मानित करने, सरकारी कर्मचारी बनने पर सम्मान देने और भामाशाहों द्वारा समाज के विकास कार्य करने सहित अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की। गौड़ समाज झालावाड़ के कोषाध्यक्ष श्री घनश्याम जी गौड़ ने भी समाज के विकास कार्यों और शिक्षा के महत्व पर अपने विचार रखे। इस बैठक में महिलाओं ने भी सक्रिय रूप से भाग लिया और समाज के विकास व विशेषकर महिलाओं की शिक्षा को लेकर चर्चा की। सभी उपस्थित सदस्यों ने समाज के लिए होने वाले कार्यों पर अपने-अपने विचार व्यक्त किए और भविष्य के कार्यों के लिए एकजुटता का प्रदर्शन किया। बैठक में झालरापाटन, खानपुर, अकलेरा, सुनेल, पिड़ावा, डग, मनोहरथाना, बकानी और भवानीमंडी सहित विभिन्न तहसीलों से समाज के कई प्रमुख सदस्यों ने भाग लिया। इनमें श्री राम बाबू जी गौड़, घनश्याम जी गौड़, अमृतलाल जी गौड़, अशोक जी गौड़, चंद्रमोहन जी गौड़, हुकमचंद जी गौड़, घनश्याम जी गौड़ (ASI), सीताराम जी गौड़, श्री मानक चंद जी गौड़, जगदीश जी गौड़, बालचंद जी गौड़, रामबाबू जी गौड़, सरपंच साहब प्रभु दयाल जी गौड़, ओमजी गौड़, रामबाबू जी गौड़, श्री घनश्याम जी गौड़, कालू लाल जी गौड़, लालचंद जी गौड़, ललित जी गौड़, विनोद जी गौड़, हेमकरण जी गौड़, रमेश जी गौड़, बृजराज जी गौड़, गोविंद जी गौड़ और महिला मोर्चा से दीपिका जी गौड़ सहित समस्त समाज वालों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। बैठक के समापन पर सभी को आगामी बैठक के लिए सूचित किया गया।
झालावाड़ के झालरापाटन में खेड़ापति बालाजी माधोपुर स्थित श्री आदि गौड़ ब्राह्मण समाज झालावाड़ द्वारा एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की शुरुआत श्री विश्वकर्मा जी भगवान की पूजा अर्चना के साथ हुई, जिसके बाद समाज में होने वाले विकास कार्यों और गतिविधियों पर गहन चर्चा की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य समाज का विकास और उच्च शिक्षा को बढ़ावा देना था। गौड़ समाज के अध्यक्ष श्री बाल किशन जी गौड़ ने समाज के 84 गांवों से पधारे सभी सदस्यों का
आभार व्यक्त किया। उन्होंने समाज के विकास कार्यों, बच्चों को शिक्षा में अच्छे अंक लाने पर सम्मानित करने, सरकारी कर्मचारी बनने पर सम्मान देने और भामाशाहों द्वारा समाज के विकास कार्य करने सहित अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की। गौड़ समाज झालावाड़ के कोषाध्यक्ष श्री घनश्याम जी गौड़ ने भी समाज के विकास कार्यों और शिक्षा के महत्व पर अपने विचार रखे। इस बैठक में महिलाओं ने भी सक्रिय रूप से भाग लिया और समाज के विकास व विशेषकर महिलाओं की शिक्षा
को लेकर चर्चा की। सभी उपस्थित सदस्यों ने समाज के लिए होने वाले कार्यों पर अपने-अपने विचार व्यक्त किए और भविष्य के कार्यों के लिए एकजुटता का प्रदर्शन किया। बैठक में झालरापाटन, खानपुर, अकलेरा, सुनेल, पिड़ावा, डग, मनोहरथाना, बकानी और भवानीमंडी सहित विभिन्न तहसीलों से समाज के कई प्रमुख सदस्यों ने भाग लिया। इनमें श्री राम बाबू जी गौड़, घनश्याम जी गौड़, अमृतलाल जी गौड़, अशोक जी गौड़, चंद्रमोहन जी गौड़, हुकमचंद जी गौड़, घनश्याम जी गौड़ (ASI), सीताराम जी गौड़, श्री मानक
चंद जी गौड़, जगदीश जी गौड़, बालचंद जी गौड़, रामबाबू जी गौड़, सरपंच साहब प्रभु दयाल जी गौड़, ओमजी गौड़, रामबाबू जी गौड़, श्री घनश्याम जी गौड़, कालू लाल जी गौड़, लालचंद जी गौड़, ललित जी गौड़, विनोद जी गौड़, हेमकरण जी गौड़, रमेश जी गौड़, बृजराज जी गौड़, गोविंद जी गौड़ और महिला मोर्चा से दीपिका जी गौड़ सहित समस्त समाज वालों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। बैठक के समापन पर सभी को आगामी बैठक के लिए सूचित किया गया।
- ग्रेवा संचालन किया गया है।1
- बारां में एक रैली का आयोजन किया जाएगा, जिसकी शुरुआत श्री राम स्टेडियम से होगी। यह रैली 15 जून 2026, सोमवार को सुबह 10:00 बजे निर्धारित की गई है।1
- यदि आपका बैंक खाता फ्रीज या होल्ड हो गया है, तो इस स्थिति में आपको अपने बैंक से संपर्क करना होगा। इस समस्या के समाधान के लिए बैंक में एक आवेदन पत्र प्रस्तुत करना आवश्यक है।1
- मुख्यमंत्री भजनलाल की पहल पर, जयपुर नगर-निगम ने आगामी निर्जला एकादशी के अवसर पर श्रद्धालुओं को दान-पुण्य करने के लिए विशेष सुविधाएँ प्रदान करने का निर्णय लिया है। इस पहल के तहत, निगम शहर में सौ से अधिक स्थानों पर जगह, टेंट और कुर्सियों की व्यवस्था करेगा। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए, इन सुविधाओं के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की व्यवस्था भी उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे वे निर्जला एकादशी पर इस पहल का लाभ उठा सकें।1
- यह जानकारी वीर भद्रासन और नाभि झटका प्रयोग को सीखने तथा इन्हें करने का अभ्यास करने के लिए है।2
- उत्तराखंड स्पोर्ट्स साइंस कॉन्क्लेव-2026 में खेल आधारित आर्थिक विकास और युवाओं के लिए रोजगार सृजन के नए अवसरों पर विस्तृत चर्चा हुई। उत्तराखंड राज्य खेल विश्वविद्यालय द्वारा हल्द्वानी के गैलापार स्थित आईजी खेल विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित इस राष्ट्रीय आयोजन का शुभारंभ कुलपति प्रो. अमित सिंहा ने किया। उन्होंने बताया कि राज्य के प्रत्येक जिले में 'खेल हब परियोजना' क्रियान्वित की जा रही है, तथा विश्वविद्यालय में जुलाई से प्रवेश और अगस्त से पाठ्यक्रम शुरू होंगे। कॉन्क्लेव में कोटा विश्वविद्यालय की प्रोफेसर डॉ. अनुकृति शर्मा की 'स्पोर्ट्स मैनेजमेंट फॉर स्पोर्ट्स-लेड इकोनॉमिक डेवलपमेंट एंड यूथ जॉब अपॉर्च्युनिटीज इन उत्तराखंड' विषय पर प्रस्तुति विशेष आकर्षण का केंद्र रही। डॉ. शर्मा ने तर्क दिया कि उत्तराखंड अपनी अद्वितीय भौगोलिक, सांस्कृतिक और पर्यटन विशेषताओं के कारण देश का एक अग्रणी स्पोर्ट्स इकोनॉमी हब बनने की अपार क्षमता रखता है। उन्होंने रेखांकित किया कि हिमालयी क्षेत्र साहसिक, शीतकालीन और पर्वतीय खेलों के लिए विश्वस्तरीय अवसर प्रदान करता है, वहीं राष्ट्रीय खेलों के आयोजन से राज्य की खेल अधोसंरचना मजबूत हुई है। इसके अतिरिक्त, ऋषिकेश और हरिद्वार ने योग एवं वेलनेस पर्यटन में वैश्विक पहचान स्थापित की है। प्रो. अनुकृति शर्मा ने स्पोर्ट्स मैनेजमेंट को खेल संगठनों, प्रतियोगिताओं, खिलाड़ियों और खेल व्यवसाय के वैज्ञानिक प्रबंधन से जुड़ा एक बहुआयामी अनुशासन बताया। उन्होंने स्नातक, स्नातकोत्तर और शोध स्तर पर स्पोर्ट्स मैनेजमेंट पाठ्यक्रम शुरू करने का सुझाव दिया, जिससे खेल आयोजन प्रबंधक, स्पोर्ट्स मार्केटिंग विशेषज्ञ, खेल विश्लेषक, स्टेडियम प्रबंधक, खेल पत्रकार और एडवेंचर टूरिज्म प्रबंधक जैसे विभिन्न व्यवसायों में युवाओं के लिए नए रोजगार के अवसर खुलेंगे। डॉ. शर्मा ने स्पोर्ट्स इन्क्यूबेशन सेंटर की स्थापना पर भी जोर दिया, ताकि युवाओं को स्टार्टअप, नवाचार और उद्योग जगत से जुड़ने के अवसर मिलें। इस दिशा में खेलो इंडिया, राष्ट्रीय खेल विकास कोष, स्टार्टअप इंडिया और उत्तराखंड स्टार्टअप नीति-2023 जैसी केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं को सहायक बताया गया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय की उपकुलपति डॉ. रशिका सिद्दीकी ने बताया कि खेल विश्वविद्यालय और फिजिकल एजुकेशन फाउंडेशन ऑफ इंडिया (PFI) के बीच एक महत्वपूर्ण समझौता हुआ है, जिससे दोनों संस्थानों के छात्र खेल संसाधनों का परस्पर उपयोग कर सकेंगे। कॉन्क्लेव में प्रस्तुत कार्ययोजना के अनुसार, वर्ष 2026-27 से स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कार्यक्रम आरंभ करने, उद्योग एवं सरकारी संस्थाओं के साथ समझौते करने तथा आगामी वर्षों में शोध एवं नवाचार केंद्र स्थापित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया। वक्ताओं ने सर्वसम्मति से कहा कि विश्वविद्यालयों, सरकार और उद्योग जगत के समन्वित प्रयासों से उत्तराखंड को देश की 'स्पोर्ट्स कैपिटल' के रूप में स्थापित किया जा सकता है। कार्यक्रम में एनएसीआईटी के सलाहकार डॉ. अरुण कुमार, राजस्थान केंद्रीय विश्वविद्यालय की सहायक प्रोफेसर डॉ. नेहा सिंहा, अभिषेक इस्तार, गौतम विर्क और डी टाउन रोबोटिक्स के अविनाश चंद पाल ने भी अपने विचार साझा किए।4
- कोटा में चंबल नदी के कोटा बैराज पर गेट नंबर 19 के पास नहाते समय एक व्यक्ति के डूबने की खबर सामने आई है। इस सूचना पर पुलिस, सिविल डिफेंस और गोताखोरों की टीम ने तुरंत मौके पर पहुँचकर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया है।1