पप्पू यादव (राजेश रंजन) का समाज और राजनीति के बीच का इतिहास एक विवादास्पद और जन-समर्थक छवि का मिश्रण रहा है। उन्होंने 1990 में एक निर्दलीय विधायक के रूप में शुरुआत की और छह बार लोकसभा सांसद रहे, जहाँ उन्हें एक ओर गरीबों के मसीहा और संकटमोचक के रूप में देखा गया, वहीं दूसरी ओर उनके शुरुआती करियर पर आपराधिक मुकदमों के आरोप भी रहे। [1, 2, 3, 4, 5] राजनीतिक और सामाजिक सफर शुरुआत (1990 का दशक): 1990 में सिंगेश्वर से निर्दलीय विधायक बने और 1991 में पहली बार पूर्णिया से सांसद चुने गए। [1, 2] विवाद और कानूनी मामले: उनके शुरुआती राजनीतिक सफर में कई आपराधिक और हत्या के आरोप जुड़े, जिसमें 1998 में सीपीआई (एम) नेता अजीत सरकार की हत्या का चर्चित मामला भी शामिल था, हालांकि बाद में अदालत ने उन्हें इस मामले में बरी कर दिया। [1, 2] जनता के बीच छवि: बिहार के कोसी और सीमांचल क्षेत्र में आपदा, बाढ़, या कोरोना महामारी के दौरान उन्होंने जमीन पर उतरकर लोगों की मदद की, जिससे उन्हें "गरीबों का मसीहा" या "रॉबिनहुड" की छवि मिली। [1, 2, 3] दल-बदल और हालिया स्थिति: राष्ट्रीय जनता दल (RJD) से जुड़ने और निकाले जाने के बाद उन्होंने अपनी पार्टी बनाई और बाद में 2024 के आम चुनाव में पूर्णिया से निर्दलीय सांसद के रूप में बड़ी जीत हासिल की। निर्दलीय सांसद पप्पू यादव पर बिहार में संगठित अपराध के दर्जनों आरोप लगे. अभी भी उनके ऊपर 2024 के हलफनामे के मुताबिक 41 मामले पेंडिंग हैं. आज वो संसद भवन के अंदर भगवा कपड़े पहनकर अयोध्या में चढ़ावा चोरी की एक्टिंग कर रहे थे. जब उनके आपराधिक इतिहास के बारे में उनसे सवाल पूछा गया तो पप्पू यादव भड़क गए. इसे कहते हैं "उल्टा चोर कोतवाल को डांटे"...
पप्पू यादव (राजेश रंजन) का समाज और राजनीति के बीच का इतिहास एक विवादास्पद और जन-समर्थक छवि का मिश्रण रहा है। उन्होंने 1990 में एक निर्दलीय विधायक के रूप में शुरुआत की और छह बार लोकसभा सांसद रहे, जहाँ उन्हें एक ओर गरीबों के मसीहा और संकटमोचक के रूप में देखा गया, वहीं दूसरी ओर उनके शुरुआती करियर पर आपराधिक मुकदमों के आरोप भी रहे। [1, 2, 3, 4, 5] राजनीतिक और सामाजिक सफर शुरुआत (1990 का दशक): 1990 में सिंगेश्वर से निर्दलीय विधायक बने और 1991 में पहली बार पूर्णिया से सांसद चुने गए। [1, 2] विवाद और कानूनी मामले: उनके शुरुआती राजनीतिक सफर में कई आपराधिक और हत्या के आरोप जुड़े, जिसमें 1998 में सीपीआई (एम) नेता अजीत सरकार की हत्या का चर्चित मामला भी शामिल था, हालांकि बाद में अदालत ने उन्हें इस मामले में बरी कर दिया। [1, 2] जनता के बीच छवि: बिहार के कोसी और सीमांचल क्षेत्र में आपदा, बाढ़, या कोरोना महामारी के दौरान उन्होंने जमीन पर उतरकर लोगों की मदद की, जिससे उन्हें "गरीबों का मसीहा" या "रॉबिनहुड" की छवि मिली। [1, 2, 3] दल-बदल और हालिया स्थिति: राष्ट्रीय जनता दल (RJD) से जुड़ने और निकाले जाने के बाद उन्होंने अपनी पार्टी बनाई और बाद में 2024 के आम चुनाव में पूर्णिया से निर्दलीय सांसद के रूप में बड़ी जीत हासिल की। निर्दलीय सांसद पप्पू यादव पर बिहार में संगठित अपराध के दर्जनों आरोप लगे. अभी भी उनके ऊपर 2024 के हलफनामे के मुताबिक 41 मामले पेंडिंग हैं. आज वो संसद भवन के अंदर भगवा कपड़े पहनकर अयोध्या में चढ़ावा चोरी की एक्टिंग कर रहे थे. जब उनके आपराधिक इतिहास के बारे में उनसे सवाल पूछा गया तो पप्पू यादव भड़क गए. इसे कहते हैं "उल्टा चोर कोतवाल को डांटे"...
- अयोध्या में राम मंदिर चंदा चोरी होने के कारण पप्पू यादव शिकायत पत्र लेखन बैठे हुएहैं एक बार सुबह पप्पू यादव बिहार1
- दुद्धी में चालाक ठग फरार, आवास के नाम पर वृद्धा की चांदी की हसुली गायब दुद्धी (सोनभद्र)। कस्बा स्थित डीआर होटल के सामने पुल के पास रविवार दोपहर लगभग साढ़े 12 बजे 65 वर्षीय इंजोरा देवी पत्नी बुधराम निवासी ग्राम बबनडीहा म्योरपुर के साथ ठगी की घटना सामने आई है। महिला ने थाना दुद्धी में तहरीर दी है कि एक अज्ञात व्यक्ति उनके घर गया और कहा कि उन्हें ग्रामीण आवास का पत्र मिल चुका है या नहीं। घरवालों ने मना किया तो वह व्यक्ति खुद को अधिकारी बताकर इंजोरा देवी का फोटो लेने के लिए बुलाया और आधार कार्ड अपडेट कराने के बहाने दुद्धी लेकर आया। पुल के पास मौजूद होटल डीआर पैलेस के सामने महिला के पास मौजूद बच्ची सहित एक अन्य महिला भी थी। शिकायत के मुताबिक अज्ञात व्यक्ति ने कहा कि अधिकारी के पास फोटो खिंचवाते समय चांदी का मोटा हसुली पहनना ठीक नहीं होगा, वरना आवास रद्द हो सकता है। इसके बाद उसने जबरन महिला की चांदी की हसुली अपने मोटरसाइकिल की डिग्गी में डाल दी और कहा कि वह आधार कार्ड लेकर आता है। फिर वह मौके से फरार हो गया। इंजोरा देवी के विरोध के बावजूद आरोपी ने हसुली ले ली। पीड़िता ने डायल 112 पर संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन कॉल कनेक्ट नहीं हो सकी। स्थानीय लोगों की सलाह पर वह थाना दुद्धी पहुंची और घटना की तहरीर दी। समाचार लिखे जाने तक पुलिस ने तहरीर मिलने व कार्रवाई की पुष्टि नहीं की है। दिनदहाड़े हुई इस घटना से क्षेत्र में रोष व्याप्त है।2
- बोलबम सेवा समिति के सम्मानित सदस्यों को किया गया सम्मानित, नागेश्वर नाथ मंदिर शिवा पार्क रेणुकूट सोनभद्र1
- भीम आर्मी के जिला अध्यक्ष श्री जगजीवन राम ने नए थाना प्रभारी श्री विक्रांत कुमार उपाध्याय से शिष्टाचार मुलाकात की और अंबेडकर विवाद से अवगत कराया मनिका, लातेहार:-भीम आर्मी के जिला अध्यक्ष श्री जगजीवन राम के नेतृत्व में, लातेहार जिला प्रभारी श्यामलाल मोची,मनिका प्रखंड अध्यक्ष राहुल कुमार रवि तथा भीम आर्मी के कई सदस्य मनिका थाना प्रभारी श्री विक्रांत कुमार उपाध्याय से शिष्टाचार मुलाकात कर,मनिका प्रखंड मुख्यालय के पीछे पश्चिम दिशा की ओर अंबेडकर चौक में स्थापित बाबा साहब भीमराव अंबेडकर की आदमकद प्रतिमा को क्षतिग्रस्त करने का मामला से अवगत कराया और निष्पक्ष जांच कर दोषियों में कार्रवाई करने की मांग की|थाना प्रभारी श्री विक्रांत कुमार उपाध्याय ने भी आश्वासन दिया कि मामले की छानबीन कर अवश्य दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी1
- भगवा शस्त्र धर्म कर विरोध करना पपू यादव जी को, पाड़ा भारी, साधु बोल रहे हैं l मट जाने की करो तैयारी l साधु-संतों ने पप्पू यादव के आवास (और उनकी पत्नी सांसद रंजीत रंजन के आवास) के बाहर इसलिए प्रदर्शन और धरना दिया, क्योंकि पप्पू यादव ने संसद परिसर में अयोध्या राम मंदिर के चंदे और चढ़ावे में कथित हेराफेरी के मुद्दे पर साधु (पुजारी) का वेश बदलकर एक प्रतीकात्मक नाटक किया था। [1, 2, 3, 4] साधु-संतों का यह विरोध प्रदर्शन निम्नलिखित कारणों से हुआ: सनातन धर्म और भगवा वस्त्र का अपमान: संतों का आरोप है कि सांसद पप्पू यादव ने संसद भवन के सामने साधु या पुजारी का ढोंग रचकर और दानपात्र को लेकर छीना-झपटी करके भगवा वस्त्र और संत समाज का अपमान किया है। [1, 2] धार्मिक भावनाओं को ठेस: साधु-संतों और विभिन्न हिंदू संगठनों का मानना है कि इस तरह के राजनीतिक ड्रामे से सनातन धर्म मानने वाले लोगों की भावनाओं को ठेस पहुंची है। [1] संसद की गरिमा का उल्लंघन: संतों ने संसद परिसर में इस प्रकार के अभद्र प्रदर्शन की निंदा की है और लोकसभा स्पीकर से पप्पू यादव की संसद सदस्यता रद्द करने व कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।1
- ब्रेकिंग न्यूज़ | सोनभद्र इंसानियत की मिसाल: सड़क हादसे में घायल को तड़पता देख डीएम और एसपी ने तत्काल रुकवाया काफिला, समय रहते पहुंचाया अस्पताल ब्रेकिंग न्यूज़ | सोनभद्र इंसानियत की मिसाल: सड़क हादसे में घायल को तड़पता देख डीएम और एसपी ने तत्काल रुकवाया काफिला, समय रहते पहुंचाया अस्पताल दुद्धी सम्पूर्ण समाधान दिवस में जाते समय गुरमुरा के पास सड़क हादसे में घायल व्यक्ति को देखकर तत्काल रुकवाया काफिला। घायल का हालचाल लेने के बाद स्कॉर्ट वाहन से तत्काल भिजवाया अस्पताल। घायल को बेहतर और समय पर इलाज मिले, इसके लिए संबंधित अधिकारियों को दिए आवश्यक निर्देश। त्वरित कार्रवाई से घायल को समय रहते उपलब्ध कराई चिकित्सीय सहायता। डीएम और एसपी की संवेदनशीलता एवं मानवीय पहल की मौके पर मौजूद लोगों ने की जमकर सराहना। घटना के दौरान मौके पर कानून एवं शांति व्यवस्था पूरी तरह रही सामान्य।1