सरकारी नौकरी भले ही हर किसी की किस्मत में नहीं होती, लेकिन मेहनत ही हर इंसान की असली पहचान होती है। चाहे कोई दफ्तर में बैठकर काम करे या फिर चिलचिलाती धूप में हथौड़ा चलाकर अपने परिवार का पेट पाले, मेहनत करने वाला हर व्यक्ति सम्मान का हकदार है क्योंकि समाज में हर काम की अपनी एक गरिमा होती है। इसी कड़ी मेहनत और सेवा के दम पर मध्य प्रदेश के श्योपुर का प्रसिद्ध 'बल्लू टी स्टॉल' आज सोशल मीडिया पर लाखों-करोड़ों लोगों तक अपनी पहचान बना चुका है और लोगों का यही प्यार व आशीर्वाद उनकी सबसे बड़ी ताकत बन गया है। बल्लू टी स्टॉल को अब तक भले ही कोई बड़ा सम्मान या उपहार नहीं मिला है, लेकिन उन्हें पूरा विश्वास है कि उनकी ईमानदारी, मेहनत और सेवा का फल उन्हें एक दिन ज़रूर मिलेगा। उन्होंने इस मुकाम तक पहुंचाने और उनके काम को सराहने के लिए सभी लोगों के प्यार, सहयोग और भाईचारे के लिए दिल से आभार व्यक्त किया है।
सरकारी नौकरी भले ही हर किसी की किस्मत में नहीं होती, लेकिन मेहनत ही हर इंसान की असली पहचान होती है। चाहे कोई दफ्तर में बैठकर काम करे या फिर चिलचिलाती धूप में हथौड़ा चलाकर अपने परिवार का पेट पाले, मेहनत करने वाला हर व्यक्ति सम्मान का हकदार है क्योंकि समाज में हर काम की अपनी एक गरिमा होती है। इसी कड़ी मेहनत और सेवा के दम पर मध्य प्रदेश के श्योपुर का प्रसिद्ध 'बल्लू टी स्टॉल' आज सोशल मीडिया पर लाखों-करोड़ों लोगों तक अपनी पहचान बना चुका है और लोगों का यही प्यार व आशीर्वाद उनकी सबसे बड़ी ताकत बन गया है। बल्लू टी स्टॉल को अब तक भले ही कोई बड़ा सम्मान या उपहार नहीं मिला है, लेकिन उन्हें पूरा विश्वास है कि उनकी ईमानदारी, मेहनत और सेवा का फल उन्हें एक दिन ज़रूर मिलेगा। उन्होंने इस मुकाम तक पहुंचाने और उनके काम को सराहने के लिए सभी लोगों के प्यार, सहयोग और भाईचारे के लिए दिल से आभार व्यक्त किया है।
- सरकारी नौकरी हर किसी की किस्मत में नहीं होती, लेकिन मेहनत ही हर इंसान की असली पहचान होती है। श्योपुर के प्रसिद्ध बल्लू टी स्टॉल का मानना है कि चाहे कोई दफ्तर में काम करे या धूप में हथौड़ा चलाकर अपने परिवार का पेट भरे, मेहनत करने वाला हर इंसान सम्मान का हकदार है और समाज में हर काम की अपनी गरिमा होती है। इसी कड़ी मेहनत, सेवा भाव और भाईचारे के दम पर मध्य प्रदेश के श्योपुर का यह टी स्टॉल आज सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है और देश-विदेश के लाखों-करोड़ों लोगों तक अपनी पहुँच बना चुका है। लोगों का प्यार और आशीर्वाद ही इस टी स्टॉल की सबसे बड़ी ताकत है। हालांकि, इन्हें अब तक कोई बड़ा सम्मान या उपहार नहीं मिला है, लेकिन इन्हें पूरा विश्वास है कि उनकी ईमानदारी, मेहनत और समाजसेवा का फल एक दिन ज़रूर मिलेगा। बल्लू टी स्टॉल ने इस मुकाम पर पहुँचाने के लिए अपने सभी शुभचिंतकों और सहयोगियों का दिल से धन्यवाद किया है।1
- मुरैना जिले के सबलगढ़ में बिना किसी रजिस्ट्रेशन और जरूरी सुविधाओं के प्राइवेट कोचिंगों का अवैध संचालन धड़ल्ले से किया जा रहा है। इन कोचिंग सेंटरों में सुरक्षा के नाम पर भारी लापरवाही बरती जा रही है, जहाँ न तो अग्निशमन यंत्रों की कोई व्यवस्था है और न ही यहाँ पढ़ने वाले छात्रों के पास आई कार्ड मौजूद हैं। इस मामले में सबसे बड़ी लापरवाही प्रशासन की ओर से सामने आ रही है, जहाँ सबलगढ़ बीओपीएल दंडोतिया के द्वारा आज तक इन अवैध प्राइवेट कोचिंग संचालकों के खिलाफ कोई भी कार्रवाई नहीं की गई है। इस निष्क्रियता को देखते हुए आशंका जताई जा रही है कि शायद शिक्षा विभाग के सबलगढ़ के वरिष्ठ अधिकारियों से मिलकर ही इन अवैध कोचिंगों का बेधड़क संचालन किया जा रहा है।1
- श्योपुर के मेला रंगमंच पर मध्य प्रदेश शासन के जनसंपर्क और संस्कृति विभाग के तत्वावधान में "सुरमयी श्योपुर – सावन संध्या" कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। इस सांस्कृतिक संध्या में लोकगीत, लोकनृत्य और मधुर संगीत की मनमोहक प्रस्तुतियों ने उपस्थित दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया। इस कार्यक्रम में कलेक्टर सुश्री शीला दाहिमा गरिमामयी रूप से उपस्थित रहीं, जिन्होंने कलाकारों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि ऐसे सांस्कृतिक आयोजन प्रदेश की लोक संस्कृति और परंपराओं को सहेजने व उनके संरक्षण का एक बेहद महत्वपूर्ण माध्यम हैं। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को बढ़ावा देना और आमजन को कला व संस्कृति से जोड़ना था। सावन की इस सुरीली संध्या का आनंद लेने के लिए बड़ी संख्या में शहरवासी और कला प्रेमी पहुंचे थे, जिससे पूरा मेला रंगमंच तालियों की गूंज से गूंजता रहा। कलाकारों ने लोक संस्कृति के विभिन्न आकर्षक रंगों से सजी प्रस्तुतियों से दर्शकों को पूरी तरह मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम के समापन पर सभी कलाकारों को सम्मानित किया गया और उपस्थित नागरिकों का आभार व्यक्त किया गया।1
- धौलपुर के सरमथुरा में हैंड कटिंग मशीन श्रमिकों ने एसडीएम को ज्ञापन सौंपा है।1
- धौलपुर जिले के सरमथुरा स्थित पीएम श्री राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय में छात्राओं के हितार्थ अग्रवाल समाज द्वारा एक वाटर कूलर भेंट किया गया है। यह वाटर कूलर समाजसेवी सुरेश जिंदल द्वारा प्रदान किया गया है, जिसे सरमथुरा अग्रवाल समाज के ब्लॉक अध्यक्ष संजय अग्रवाल के सान्निध्य में विद्यालय को सौंपा गया। इस अवसर पर विद्यालय पहुँचे समाजसेवी सुरेश जिंदल, ब्रजमोहन जिंदल, ब्रजेश जिंदल और जगमोहन गर्ग का विद्यालय परिवार द्वारा माल्यार्पण और पगड़ी पहनाकर आत्मीय स्वागत एवं अभिनंदन किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए ब्लॉक अध्यक्ष संजय अग्रवाल ने छात्राओं को लक्ष्मी स्वरूपा बताते हुए उन्हें शिक्षा के माध्यम से आत्मनिर्भर और संस्कारवान बनने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि बालिकाओं की शिक्षा और उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए समाज सदैव प्रतिबद्ध है और उन्होंने आगे भी विद्यालय के विकास कार्यों में हर संभव सहयोग देने का आश्वासन दिया। कार्यक्रम के अंत में विद्यालय के प्रधानाचार्य रमेश मीणा ने अग्रवाल समाज, संजय अग्रवाल, समाजसेवी सुरेश जिंदल और उनके सहयोगियों का हार्दिक आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर विद्यालय के कार्मिक भगवान दास, रंजीत मीना, अमृत लाल, मोहन सिकरवार, नवनीत प्रिय त्रिपाठी सहित समस्त विद्यालय परिवार ने इस पुनीत कार्य के लिए भामाशाहों का सम्मान और आभार प्रकट किया।3
- धौलपुर के सरमथुरा में अग्रवाल समाज के भामाशाहों ने राजकीय पीएम श्री बालिका विद्यालय में पढ़ने वाली छात्राओं के लिए वाटर कूलर लगवाया है। इस वाटर कूलर का उद्घाटन अग्रवाल समाज के अध्यक्ष संजय अग्रवाल ने किया।1
- सवाई माधोपुर के खंडार में बदहाल शिक्षा व्यवस्था को लेकर गुस्साए ग्रामीणों ने स्कूल पर ताला जड़ दिया है। यहाँ स्कूल में पढ़ाई कर रहे 300 विद्यार्थियों पर सिर्फ 5 शिक्षक ही तैनात हैं, जिससे ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। शिक्षकों की इस भारी कमी से नाराज होकर ग्रामीणों ने अब सीधे शिक्षा विभाग के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।1
- सरकारी नौकरी हर किसी की किस्मत में नहीं होती, लेकिन मेहनत ही हर इंसान की असली पहचान होती है। चाहे कोई दफ्तर में बैठकर काम करे या धूप में हथौड़ा चलाकर अपने परिवार का पेट पाले, मेहनत करने वाला हर व्यक्ति सम्मान का हकदार है और समाज में हर काम की अपनी गरिमा होती है। इसी मेहनत और सेवा के दम पर मध्य प्रदेश के श्योपुर का प्रसिद्ध 'बल्लू टी स्टॉल' आज सोशल मीडिया पर लाखों-करोड़ों लोगों तक अपनी पहुँच बना रहा है, जहाँ लोगों का प्यार और आशीर्वाद ही उनकी सबसे बड़ी ताकत बनकर उभरा है। बल्लू टी स्टॉल को अब तक कोई बड़ा सम्मान या उपहार तो नहीं मिला है, लेकिन उन्हें पूरा विश्वास है कि उनकी ईमानदारी, कड़ी मेहनत और सेवा का फल उन्हें एक दिन ज़रूर मिलेगा। उन्होंने इस मुकाम तक पहुँचाने और अपना सहयोग देने के लिए सभी लोगों का दिल से आभार और धन्यवाद व्यक्त किया है।1