राष्ट्रपति की उपस्थिति में नालंदा विश्वविद्यालय का द्वितीय दीक्षांत समारोह कल; वैश्विक विद्यार्थियों की उपलब्धियों का उत्सव.... राजगीर, नालंदा, बिहार (30 मार्च, 2026): नालंदा विश्वविद्यालय अपने द्वितीय दीक्षांत समारोह के लिए पूर्णतः तैयार है, जो कल विश्वविद्यालय परिसर में भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु की उपस्थिति में आयोजित होगा। इस वर्ष के दीक्षांत समारोह में 31 देशों के कुल 617 विद्यार्थियों को आमंत्रित किया गया है। इस ऐतिहासिक दिन का केंद्रबिंदु विश्वविद्यालय के विद्यार्थी हैं, जिनकी उपलब्धियाँ ज्ञान, नवाचार और वैश्विक दृष्टि के संगम को दर्शाती हैं। एमबीए (सस्टेनेबल डेवलपमेंट एंड मैनेजमेंट, 2022–24) के छात्र सौरभ कुमार सिन्हा, जो वर्तमान में ओएनजीसी में जियोसाइंटिस्ट के रूप में कार्यरत हैं, ने कहा, “मैं भारत के पहले जियोथर्मल वेल ड्रिलिंग प्रोजेक्ट पर कार्य कर रहा हूँ। नालंदा में प्राप्त शिक्षा ने मेरे प्रोफेशनल करियर को नई दिशा दी है।” स्कूल ऑफ इकोलॉजी एंड एनवायरनमेंट स्टडीज (2020–22) की पूर्व छात्रा सुश्री स्निग्धा, जो वर्तमान में जापान में एनवायर्नमेंटल टॉक्सिकोलॉजी में पीएचडी कर रही हैं, ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा, “राष्ट्रपति द्वारा सम्मानित होना मेरे लिए अत्यंत गर्व और विशेष अवसर है। नालंदा लौटकर इस उपलब्धि का हिस्सा बनना भावुक और प्रेरणादायक अनुभव है।” कश्मीर से आने वाली और स्कूल ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज (2020–22) की पूर्व छात्रा सुश्री सीरत, जो वर्तमान में ओएनजीसी इंडिया के साथ कार्यरत हैं, ने कहा, “नालंदा का हिस्सा होना मेरे लिए गर्व का विषय है। दीक्षांत समारोह में सम्मिलित होना मेरे जीवन के महत्वपूर्ण क्षणों में से एक है।” दीक्षांत समारोह के अवसर पर नव-निर्मित ‘विश्वमित्रालय’ सभागार का उद्घाटन भी किया जाएगा, जो विश्वविद्यालय के शैक्षणिक और सांस्कृतिक आयोजनों के लिए एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में स्थापित होगा। साथ ही, बिहार संग्रहालय के सहयोग से बौद्ध विरासत पर आधारित एक विशेष प्रदर्शनी भी प्रस्तुत की जाएगी, जो नालंदा की ऐतिहासिक और वैश्विक धरोहर को सजीव रूप में प्रदर्शित करेगी। नालंदा विश्वविद्यालय का द्वितीय दीक्षांत समारोह 2026 शिक्षा, संस्कृति और वैश्विक संवाद के संगम का एक भव्य प्रतीक बनने जा रहा है, जहाँ परंपरा और आधुनिकता का अद्वितीय समन्वय देखने को मिलेगा।
राष्ट्रपति की उपस्थिति में नालंदा विश्वविद्यालय का द्वितीय दीक्षांत समारोह कल; वैश्विक विद्यार्थियों की उपलब्धियों का उत्सव.... राजगीर, नालंदा, बिहार (30 मार्च, 2026): नालंदा विश्वविद्यालय अपने द्वितीय दीक्षांत समारोह के लिए पूर्णतः तैयार है, जो कल विश्वविद्यालय परिसर में भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु की उपस्थिति में आयोजित होगा। इस वर्ष के दीक्षांत समारोह में 31 देशों के कुल 617 विद्यार्थियों को आमंत्रित किया गया है। इस ऐतिहासिक दिन का केंद्रबिंदु विश्वविद्यालय के विद्यार्थी हैं, जिनकी उपलब्धियाँ ज्ञान, नवाचार और वैश्विक दृष्टि के संगम को दर्शाती हैं। एमबीए (सस्टेनेबल डेवलपमेंट एंड मैनेजमेंट, 2022–24) के छात्र सौरभ कुमार सिन्हा, जो वर्तमान में ओएनजीसी में जियोसाइंटिस्ट के रूप में कार्यरत हैं, ने कहा,
“मैं भारत के पहले जियोथर्मल वेल ड्रिलिंग प्रोजेक्ट पर कार्य कर रहा हूँ। नालंदा में प्राप्त शिक्षा ने मेरे प्रोफेशनल करियर को नई दिशा दी है।” स्कूल ऑफ इकोलॉजी एंड एनवायरनमेंट स्टडीज (2020–22) की पूर्व छात्रा सुश्री स्निग्धा, जो वर्तमान में जापान में एनवायर्नमेंटल टॉक्सिकोलॉजी में पीएचडी कर रही हैं, ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा, “राष्ट्रपति द्वारा सम्मानित होना मेरे लिए अत्यंत गर्व और विशेष अवसर है। नालंदा लौटकर इस उपलब्धि का हिस्सा बनना भावुक और प्रेरणादायक अनुभव है।” कश्मीर से आने वाली और स्कूल ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज (2020–22) की पूर्व छात्रा सुश्री सीरत, जो वर्तमान में ओएनजीसी इंडिया के साथ कार्यरत हैं, ने कहा, “नालंदा का हिस्सा होना मेरे
लिए गर्व का विषय है। दीक्षांत समारोह में सम्मिलित होना मेरे जीवन के महत्वपूर्ण क्षणों में से एक है।” दीक्षांत समारोह के अवसर पर नव-निर्मित ‘विश्वमित्रालय’ सभागार का उद्घाटन भी किया जाएगा, जो विश्वविद्यालय के शैक्षणिक और सांस्कृतिक आयोजनों के लिए एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में स्थापित होगा। साथ ही, बिहार संग्रहालय के सहयोग से बौद्ध विरासत पर आधारित एक विशेष प्रदर्शनी भी प्रस्तुत की जाएगी, जो नालंदा की ऐतिहासिक और वैश्विक धरोहर को सजीव रूप में प्रदर्शित करेगी। नालंदा विश्वविद्यालय का द्वितीय दीक्षांत समारोह 2026 शिक्षा, संस्कृति और वैश्विक संवाद के संगम का एक भव्य प्रतीक बनने जा रहा है, जहाँ परंपरा और आधुनिकता का अद्वितीय समन्वय देखने को मिलेगा।
- Ahsan Academy के Annual Function 2025–2026 के अवसर पर मिल्लत कॉलोनी, छज्जू मोहल्ला में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत पवित्र कुरआन की तिलावत से की गई, जिससे पूरे माहौल में एक आध्यात्मिक वातावरण बन गया। इस अवसर पर अकादमी के छात्रों द्वारा विभिन्न प्रकार की शानदार प्रस्तुतियाँ दी गईं, जिनमें क़िरात (Qirat), भाषण (Speech), नात (Naat), एक्शन परफॉर्मेंस (Action Performance) तथा अन्य प्रतियोगिताएँ शामिल रहीं।1
- बिहार - Nitish Kumar के कार्यक्रम के दौरान अचानक माहौल गर्म हो गया। कुछ छात्रों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए नारेबाजी शुरू कर दी। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और सुरक्षा व्यवस्था भी सख्त करनी पड़ी।1
- बिहार शरीफ बड़ी दरगाह1
- "अहिंसा परमो धर्मो एवं "जियो और जीने दो" के सिद्धांतों पर चलने वाले भगवान महावीर की 2625 वीं जयंती को लेकर नालंदा जिला के कुंडलपुर में रथ यात्रा निकाली गई... जिसमें भारत के कई जगह से आए श्रद्धालु भक्तिमय अंदाज में नाचते गाते नजर आए....3
- मत मारो भाई मर जाएगा1
- 94 लाख जमीन के नाम पर ठगने का खुला राज.. नालंदा1
- Post by Laddu.kumar1
- बिहार शरीफ - बिहार विधान परिषद से Nitish Kumar के इस्तीफे के बाद भावुक माहौल देखने को मिला। इस दौरान Ashok Choudhary फफक-फफक कर रोते नजर आए। घटना के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है और समर्थकों में भी भावनात्मक माहौल है। 😢1