खगड़िया जिले के गोगरी प्रखंड अंतर्गत रामपुर ग्राम कचहरी के सरपंच मो. नूर आलम ने मानवता और सामाजिक सेवा की अनूठी मिसाल पेश की है। उन्होंने सोमवार की देर रात बेगूसराय स्थित मीरा नर्सिंग होम पहुंचकर एक 55 वर्षीय वृद्ध के किडनी ऑपरेशन के लिए आवश्यक रक्तदान किया। मरीज मो. अंसार आलम, जो रामपुर पंचायत के वार्ड संख्या-08 के निवासी हैं, वहां भर्ती थे और ऑपरेशन से पहले डॉक्टरों ने उनके लिए दो यूनिट रक्त की आवश्यकता बताई थी। दूरभाष पर सूचना मिलते ही सरपंच बिना किसी देरी के अपने साथियों के साथ अस्पताल पहुंचे और जांच के बाद एक यूनिट रक्तदान किया। इस पुनीत कार्य में वार्ड सदस्य प्रतिनिधि मो. तनवीर आलम ने भी दूसरी यूनिट रक्तदान कर मरीज की मदद की, जिसके बाद ऑपरेशन की प्रक्रिया आगे बढ़ सकी। रक्तदान के बाद चिकित्सकों ने सरपंच मो. नूर आलम को तीन दिनों तक आराम करने की सलाह दी है। इस पर सरपंच ने कहा कि जरूरतमंद की सहायता करना हर सक्षम व्यक्ति का नैतिक दायित्व है और यदि उनके रक्तदान से किसी की जान बचती है, तो इससे बड़ी खुशी उनके लिए कोई नहीं हो सकती। सरपंच के इस सराहनीय कदम की क्षेत्र में व्यापक प्रशंसा हो रही है। सोशल मीडिया और फोन के माध्यम से ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों एवं उनके समर्थकों ने उन्हें बधाई दी है और इसे समाज के लिए एक प्रेरणादायक कदम बताया है। उधर, मरीज मो. अंसार आलम के परिजनों ने भी सरपंच मो. नूर आलम और वार्ड सदस्य प्रतिनिधि मो. तनवीर आलम का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि समय पर रक्त मिलने से उनके परिवार को बड़ी राहत मिली है।
खगड़िया जिले के गोगरी प्रखंड अंतर्गत रामपुर ग्राम कचहरी के सरपंच मो. नूर आलम ने मानवता और सामाजिक सेवा की अनूठी मिसाल पेश की है। उन्होंने सोमवार की देर रात बेगूसराय स्थित मीरा नर्सिंग होम पहुंचकर एक 55 वर्षीय वृद्ध के किडनी ऑपरेशन के लिए आवश्यक रक्तदान किया। मरीज मो. अंसार आलम, जो रामपुर पंचायत के वार्ड संख्या-08 के निवासी हैं, वहां भर्ती थे और ऑपरेशन से पहले डॉक्टरों ने उनके लिए दो यूनिट रक्त की आवश्यकता बताई थी। दूरभाष पर सूचना मिलते ही सरपंच बिना किसी देरी के अपने साथियों के साथ अस्पताल पहुंचे और जांच के बाद एक यूनिट रक्तदान किया। इस पुनीत कार्य में वार्ड सदस्य प्रतिनिधि मो. तनवीर आलम ने भी दूसरी यूनिट रक्तदान कर मरीज की मदद की, जिसके बाद ऑपरेशन की प्रक्रिया आगे बढ़ सकी। रक्तदान के बाद चिकित्सकों ने सरपंच मो. नूर आलम को तीन दिनों तक आराम करने की सलाह दी है। इस पर सरपंच ने कहा कि जरूरतमंद की सहायता करना हर सक्षम व्यक्ति का नैतिक दायित्व है और यदि उनके रक्तदान से किसी की जान बचती है, तो इससे बड़ी खुशी उनके लिए कोई नहीं हो सकती। सरपंच के इस सराहनीय कदम की क्षेत्र में व्यापक प्रशंसा हो रही है। सोशल मीडिया और फोन के माध्यम से ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों एवं उनके समर्थकों ने उन्हें बधाई दी है और इसे समाज के लिए एक प्रेरणादायक कदम बताया है। उधर, मरीज मो. अंसार आलम के परिजनों ने भी सरपंच मो. नूर आलम और वार्ड सदस्य प्रतिनिधि मो. तनवीर आलम का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि समय पर रक्त मिलने से उनके परिवार को बड़ी राहत मिली है।
- बिहार विधानसभा के मानसून सत्र के दूसरे दिन मंगलवार को खगड़िया में स्वीकृत मेडिकल कॉलेज के निर्माण का मुद्दा एक बार फिर गूंजा। सदर विधायक बबलू कुमार मंडल ने विधानसभा में इस महत्वपूर्ण विषय को उठाते हुए मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य जल्द से जल्द शुरू कराने की मांग की। उन्होंने सदन का ध्यान आकर्षित करते हुए कहा कि मेडिकल कॉलेज के लिए संसारपुर में जमीन चिह्नित कर संबंधित विभाग को भेजी जा चुकी है, लेकिन इसके बावजूद अब तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है। निर्माण में हो रही इस देरी का सीधा असर जिले की स्वास्थ्य सेवाओं पर पड़ रहा है। विधायक ने खगड़िया की विशिष्ट भौगोलिक स्थिति का हवाला देते हुए बताया कि यह जिला सात नदियों से घिरा हुआ है। सुदूर ग्रामीण और दियारा क्षेत्रों के मरीजों को जिला मुख्यालय स्थित सदर अस्पताल पहुंचने में ही काफी कठिनाई होती है। ऐसे में गंभीर स्थिति या दुर्घटना के शिकार मरीजों को पटना, भागलपुर या अन्य बड़े शहरों में रेफर करना पड़ता है, जिससे मरीजों और उनके परिजनों की परेशानी कई गुना बढ़ जाती है। खासकर आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए बाहर जाकर इलाज कराना बेहद मुश्किल हो जाता है और समय पर चिकित्सा न मिलने से संकट खड़ा हो जाता है। उन्होंने आगे कहा कि सड़क और रेल मार्ग से बेहतर कनेक्टिविटी होने के कारण खगड़िया का यह मेडिकल कॉलेज सहरसा, मधेपुरा, दरभंगा, बेगूसराय, भागलपुर और मुंगेर जैसे पड़ोसी जिलों के मरीजों के लिए भी बेहद लाभकारी साबित होगा। इसके निर्माण से जहां अन्य सरकारी अस्पतालों पर मरीजों का दबाव कम होगा, वहीं फरकिया क्षेत्र में चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में नई क्रांति आएगी। इससे स्थानीय युवाओं को शिक्षा और रोजगार के नए अवसर मिलेंगे। विधायक ने सरकार और संबंधित विभाग से आग्रह किया कि इस वर्षों पुरानी मांग को पूरा करने के लिए संसारपुर में प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज के निर्माण की प्रक्रिया को तेज कर जल्द काम शुरू कराया जाए।1
- खगड़िया के गोगरी अनुमंडलीय अस्पताल में मंगलवार को मातृत्व सुरक्षा योजना के तहत एएनसी जांच शिविर का आयोजन किया गया। सुबह 10:00 बजे से शाम 3:00 बजे तक चले इस शिविर में कुल 103 गर्भवती महिलाओं की विस्तृत स्वास्थ्य जांच की गई। यह पूरा आयोजन प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर चंद्र प्रकाश के नेतृत्व और डॉक्टर चंद्रभानु कुमार चौधरी एवं महिला डॉक्टर शोभा रानी की देखरेख में संपन्न हुआ। शिविर के दौरान महिलाओं का ब्लड प्रेशर, ब्लड ग्रुप, हीमोग्लोबिन, ब्लड शुगर, एचआईवी, अल्ट्रासाउंड और सीबीसी टेस्ट किया गया। इसके साथ ही उनकी लंबाई और वजन भी मापा गया। डॉक्टरों ने गर्भवती महिलाओं को स्वास्थ्य से जुड़े महत्वपूर्ण सुझाव दिए और गर्भावस्था के दौरान हीमोग्लोबिन का स्तर सामान्य बनाए रखने पर विशेष जोर दिया। महिलाओं को फल और चुकंदर जैसे आहार के साथ-साथ पत्तेदार हरी सब्जियां, साग और ओआरएस के घोल का सेवन करने की सलाह दी गई। इस जांच अभियान में डॉक्टर विजय कुमार, महिला डॉक्टर शोभा रानी, टेक्नीशियन सुधीर पाठक, मोहम्मद साबिर और आशीष रंजन ने सहयोग दिया। इसके अतिरिक्त, शिविर में एएनएम संगीता कुमारी, रीता कुमारी, रजनी कुमारी, रंजू कुमारी, रिंकू कुमारी सहित कई आशा कार्यकर्ता और ममता भी उपस्थित रहीं।1
- बिहार विधानसभा में एक बार फिर खगड़िया मेडिकल कॉलेज का मुद्दा गूंजा है। सदर विधायक बबलू कुमार मंडल ने सरकार से संसारपुर में प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य जल्द से जल्द शुरू कराने की मांग उठाई है। विधायक का कहना है कि मेडिकल कॉलेज का निर्माण होने से खगड़िया सहित आसपास के जिलों के लाखों लोगों को बेहतर इलाज की सुविधा मिलेगी। इसके साथ ही, क्षेत्र के युवाओं को चिकित्सा शिक्षा प्राप्त करने और रोजगार के नए अवसर भी उपलब्ध होंगे।1
- बिहार के मुंगेर में मधु हत्याकांड का बड़ा खुलासा हुआ है, जहां आत्महत्या की रची गई कहानी बिल्कुल झूठी निकली है। इस मामले में यह साफ हो गया है कि मधु के दारोगा पति ने ही अपनी सर्विस पिस्टल से गोली मारकर उसकी हत्या की थी।1
- खगड़िया के चौथम प्रखंड प्रमुख प्रतिनिधि चंदन कुमार सिंह का जन्मदिन काफी धूमधाम के साथ मनाया गया।1
- लखीसराय जिले के चानन प्रखंड अंतर्गत संग्रामपुर पंचायत स्थित जीविका भवन परिसर में मंगलवार 20 जुलाई को सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य विभिन्न सरकारी योजनाओं से जुड़ी समस्याओं का त्वरित समाधान करना और आम लोगों को एक ही स्थान पर विभागीय सेवाएं उपलब्ध कराना था। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों को अंगवस्त्र एवं बुके देकर स्वागत करते हुए किया गया। प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं नोडल पदाधिकारी श्रवण कुमार पाण्डेय के नेतृत्व में आयोजित इस शिविर में विभिन्न विभागों के स्टॉल लगाए गए। इनमें राजस्व, सामाजिक सुरक्षा, आपूर्ति, कृषि, विद्युत, मनरेगा, ग्रामीण आवास, स्वच्छता, समाज कल्याण एवं कल्याण विभाग शामिल थे। शिविर के दौरान उपस्थित अधिकारियों ने लोगों को जन्म प्रमाण पत्र, वंशावली प्रमाण पत्र और मृत्यु प्रमाण पत्र सौंपे। शिविर में अंचल अधिकारी रवि प्रसाद पासवान, प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी अंजली कुमारी, प्रखंड कृषि पदाधिकारी योगेश कुमार, बाल विकास परियोजना पदाधिकारी विभा कुमारी, प्रखंड कल्याण पदाधिकारी गौतम कुमार, मनरेगा के कनीय अभियंता मनीष कुमार, ग्रामीण आवास पर्यवेक्षक पंकज कुमार, स्वच्छता विभाग के प्रखंड समन्वयक मनीष कुमार, कृषि समन्वयक संदीप कुमार, विद्युत विभाग के कनीय अभियंता रवि कुमार तथा शिविर प्रभारी योगेश कुमार मौजूद रहे। इसके अलावा संग्रामपुर पंचायत के मुखिया दीपक सिंह, पंचायत समिति निरंजन पासवान, विकास भंडारी, प्रताप पासवान और स्वच्छता पर्यवेक्षक सचिन कुमार समेत अन्य लोग भी कार्यक्रम में शामिल हुए। अधिकारियों ने ग्रामीणों की शिकायतें सुनकर कई आवेदनों का मौके पर ही निष्पादन किया और शेष मामलों के शीघ्र समाधान का भरोसा दिया। साथ ही, लोगों से सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी लेकर अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की गई।1
- बिहार के खगड़िया जिले में बहुत मेहनत करके मोम, चाय और बर्गर बनाने का काम करने वाले एक शख्स का काम-धंधा नहीं चल रहा है। दिन-रात कड़ा परिश्रम करने के बावजूद काम-धाम नहीं चलने की वजह से वह बेहद परेशान है और सच में हमेशा चिंता में डूबा रहता है।1
- खगड़िया के गोगरी नगर परिषद क्षेत्र के वार्ड संख्या 34 स्थित ठाकुरबाड़ी परिसर में मंगलवार को दोपहर दो बजे तक एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। इस विशेष शिविर का उद्घाटन नगर परिषद की कार्यपालक पदाधिकारी सोनी कुमारी एवं सभापति रंजीता कुमारी निषाद ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर तथा फीता काटकर किया। इस शिविर में विभिन्न सरकारी विभागों के कुल 14 स्टॉल लगाए गए थे, जहाँ आम लोगों की समस्याओं को सुना गया और कई मामलों का मौके पर ही निष्पादन किया गया। नागरिकों ने उपस्थित अधिकारियों के समक्ष भूमि, नगर परिषद, सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास समेत अन्य विभागों से संबंधित अपनी समस्याएं रखीं। इस अवसर पर भूमि संबंधी विभाग के अधिकारी, नगर परिषद के अधिकारी, महिला एवं बाल विकास परियोजना की महिला पर्यवेक्षक नूतन कुमारी एवं तारा कुमारी सहित विभिन्न विभागों के कर्मी उपस्थित रहे। अधिकारियों का कहना है कि ऐसे सहयोग शिविरों का मुख्य उद्देश्य आम लोगों को एक ही स्थान पर विभिन्न सरकारी सेवाओं का लाभ उपलब्ध कराना तथा उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करना है।4