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कुरुक्षेत्र में सरपंच गिरफ्तारः फर्जी मार्कशीट से लड़ा था चुनाव, सुप्रीम कोर्ट में डाली याचिका हई डिसमिस
Dharamvir Singh
कुरुक्षेत्र में सरपंच गिरफ्तारः फर्जी मार्कशीट से लड़ा था चुनाव, सुप्रीम कोर्ट में डाली याचिका हई डिसमिस
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- रालोद में रहने पर घुटन महसूस हो रही थी: राव केसर सलीम आजाद समाज पार्टी में शामिल हुए, चंद्रशेखर आजाद को बताया एकमात्र संघर्षशील नेता सहारनपुर से राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) के पूर्व जिला अध्यक्ष राव केसर सलीम ने गुरुवार को अपनी खामोशी तोड़ते हुए आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) की सदस्यता ग्रहण कर ली। गांधी पार्क स्थित रोटरी सभागार में आयोजित कार्यक्रम में आजाद समाज पार्टी के जिला अध्यक्ष सचिन खुराना ने उन्हें पार्टी की सदस्यता दिलाई। इस मौके पर राव केसर सलीम ने कहा कि रालोद में रहते हुए अब उन्हें घुटन महसूस होने लगी थी, क्योंकि पार्टी अपने मूल सिद्धांतों से भटक चुकी है। राव केसर सलीम ने नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद की जमकर सराहना करते हुए कहा कि मौजूदा समय में वही ऐसे एकमात्र नेता हैं, जो सड़क से लेकर संसद तक आम जनता और सर्व समाज की आवाज को मजबूती से उठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि चंद्रशेखर आजाद संघर्ष, सिद्धांत और सामाजिक न्याय की राजनीति का प्रतीक हैं। रालोद पर गंभीर आरोप लगाते हुए राव केसर सलीम ने कहा कि पिछले डेढ़ वर्षों में पार्टी ने पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह और संविधान निर्माता बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की विचारधारा को पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया है। भाजपा से गठबंधन के बाद रालोद को एमएलसी, दो सांसद और आठ विधायक जैसे कई पद मिले, लेकिन इनमें अल्पसंख्यक समाज को कोई प्रतिनिधित्व नहीं दिया गया। इससे साफ है कि पार्टी केवल सत्ता प्राप्ति तक सीमित रह गई है और मजदूरों, किसानों व सर्व समाज के मुद्दों की उपेक्षा हो रही है। उन्होंने बताया कि साथियों के साथ लंबा विचार-विमर्श करने के बाद 5 जनवरी को उन्होंने सांसद चंद्रशेखर आजाद के समक्ष आजाद समाज पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। राव केसर सलीम ने कहा कि आगामी 2026 के जिला पंचायत चुनाव और 2027 के विधानसभा चुनाव में आजाद समाज पार्टी “जिसकी जितनी हिस्सेदारी, उतनी उसकी भागीदारी” के सिद्धांत पर टिकट वितरण करेगी। कार्यक्रम में पार्टी जिला अध्यक्ष सचिन खुराना ने कहा कि लगातार विभिन्न वर्गों का आजाद समाज पार्टी से जुड़ना भविष्य के लिए सकारात्मक संकेत है। पार्टी सभी वर्गों को साथ लेकर आगे बढ़ने के लिए प्रतिबद्ध है। इस अवसर पर ननौता के पूर्व अध्यक्ष अफजल खान, राव शमीम, राव फरमान, असद सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता व पदाधिकारी उपस्थित रहे।2
- 💥 कालाअंब में मजदूर युवकों से मारपीट और एक युवक की मौत मामले में बढ़ रहा जनआक्रोश 😡😡 👉 नारायणगढ़ में वीरवार को जन आक्रोश रैली निकालकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई। 👉 सिरमौर जिला इकाई सीटू, हिमाचल किसान सभा और जनवादी महिला मोर्चा ने कहा कि सिरमौर के तीन मजदूर युवकों के साथ अमानवीय मारपीट और लखनपाल की हत्या ने मानवता को शर्मसार कर दिया है। 👉 सीटू और सहयोगी संगठनों ने इसे सुनियोजित साजिश बताते हुए अन्य आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी, SC/ST एक्ट के तहत मामला दर्ज करने और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग की है। ✊ न्याय की लड़ाई जारी रहेगी। #KalaAmb #Sirmaur #JusticeForLakhnpal #MigrantWorkers #WorkersRights #StopViolence #CITU #SCSTAct #LawAndJustice #HimachalNews #LabourRights #CrimeNews1
- थाना रामपुर के ग्राम छौना में दिल दहला देने वाली सनसनी खोज हत्या से मचा हड़कंप...........1
- सहारनपुर में रोडवेज डिपो बना ‘तालिबानी सजा’ का अखाड़ा, बस की हल्की रगड़ पर बाप–बेटों को घसीटकर पीटा, गेट बंद कर की गई बेरहमी, वीडियो वायरल* *रिपोर्ट- तारिक़ सिद्दीक़ी* सहारनपुर में रोडवेज कर्मचारियों की दबंगई एक बार फिर सवालों के घेरे में है। थाना फतेहपुर क्षेत्र के छुटमलपुर रोडवेज डिपो में जो हुआ, उसने कानून-व्यवस्था और सरकारी कर्मचारियों की जवाबदेही पर बड़ा प्रश्नचिह्न लगा दिया है। आरोप है कि बस की कार में मामूली साइड लगने का विरोध करना एक परिवार को इतना महंगा पड़ा कि बाप और उसके दो बेटों को सरेआम घसीटकर डिपो परिसर में ले जाया गया, गेट बंद किया गया और फिर जमकर पिटाई की गई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसने प्रशासन की नींद उड़ा दी है। मिली जानकारी के अनुसार छुटमलपुर निवासी सोनू सैनी अपने बेटों हर्ष सैनी और मुकुल सैनी के साथ पंजाबी मार्केट में खरीदारी करने आए थे। उन्होंने शनिदेव मंदिर के पास कार खड़ी की थी। इसी दौरान एक रोडवेज बस ने उनकी कार में साइड मार दी। सोनू सैनी ने जब इसका विरोध किया तो मामला शांत होने के बजाय भड़क उठा। आरोप है कि बस चालक और परिचालक आगबबूला हो गए और मौके पर ही गाली-गलौज शुरू कर दी। यहीं से विवाद ने खतरनाक मोड़ ले लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक रोडवेज कर्मचारियों ने सोनू सैनी और उनके दोनों बेटों को जबरन खींचते हुए रोडवेज डिपो के अंदर ले जाया। डिपो का गेट बंद कर दिया गया और फिर तीनों के साथ लाठी-घूंसे और लातों से बेरहमी से मारपीट की गई। डिपो कुछ देर के लिए किसी जेल या निजी सजा-घर में तब्दील हो गया, जहां कानून नहीं बल्कि कर्मचारियों की ताकत चलती दिखी। शोर-शराबा सुनकर आसपास के बाजार से लोग बड़ी संख्या में रोडवेज डिपो पहुंचे। काफी मशक्कत के बाद लोगों ने गेट खुलवाया और किसी तरह तीनों को रोडवेज कर्मचारियों के चंगुल से छुड़ाया। घायल अवस्था में सोनू सैनी और उनके बेटों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र फतेहपुर में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार जारी है। घटना के बाद व्यापारी नेता विकास गुप्ता, संदीप रोहिला, पूर्व प्रधान कर्म सिंह सैनी, दीपक भोरवाल समेत कई लोग अस्पताल पहुंचे और रोडवेज कर्मचारियों की इस हरकत पर तीखा आक्रोश जताया। व्यापारियों का आरोप है कि रोडवेज कर्मचारी आए दिन बसों को सड़क पर खड़ा कर अतिक्रमण करते हैं और जब कोई आम नागरिक इसका विरोध करता है तो ये लोग मारपीट पर उतर आते हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि दोषी रोडवेज कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। इस बीच किसी ने पूरी घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिया, जो तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में रोडवेज डिपो के अंदर की कथित गुंडागर्दी साफ नजर आ रही है, जिससे विभाग और पुलिस दोनों की किरकिरी हो रही है। पीड़ित पक्ष की ओर से थाना फतेहपुर में रोडवेज कर्मचारियों के खिलाफ तहरीर दी गई है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और वीडियो के आधार पर कार्रवाई होगी।2
- तिरंगे में लिपटे कर्तव्यनिष्ठ इंस्पेक्टर शकील अंसारी को अंतिम सलाम, गार्ड ऑफ ऑनर के साथ नम आंखों से विदाई देवबन्द/सहारनपुर देवबंद के लाल आरपीएफ इंस्पेक्टर शकील अंसारी के निधन से क्षेत्र शोक में डूबा है। पूरे राजकीय सम्मान के साथ तिरंगे में लिपटे उनके पार्थिव शरीर को आरपीएफ जवानों ने गार्ड ऑफ ऑनर दिया। अंतिम विदाई के दौरान हजारों लोग मौजूद रहे, हर आंख नम थी। कर्तव्यनिष्ठ, ईमानदार और अनुशासित अधिकारी के रूप में याद किए गए शकील अंसारी को ‘शहीद अमर रहें’ के नारों के साथ श्रद्धांजलि दी गई। क्षेत्रवासियों ने दिवंगत आत्मा की शांति और परिवार को संबल की प्रार्थना की। रिपोर्ट : जाहिद अंसारी1