ललितपुर में गोविंद सागर बांध की तलहटी स्थित मुक्ति धाम तक जाने वाले मार्गों की स्थिति अत्यंत खराब हो गई है। इस क्षेत्र में प्रतिदिन सैकड़ों बच्चे कुंड में स्नान करने आते हैं और बड़ी संख्या में नागरिक सुबह की सैर के लिए पहुंचते हैं। इसके अलावा पुलिस, सेना एवं अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की शारीरिक तैयारी करने वाले युवा भी नियमित रूप से यहां दौड़ और अभ्यास करते हैं। मार्गों पर कीचड़ और जलभराव के कारण सबसे ज्यादा परेशानी अंतिम संस्कार में आने वाले लोगों को उठानी पड़ रही है। अर्थी ले जाने और अंतिम यात्रा में शामिल होने वाले लोगों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है, जबकि बरसात के मौसम में फिसलने और दुर्घटना की आशंका और भी बढ़ जाती है। जनभावनाओं और जनहित को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन एवं संबंधित विभाग से मुक्ति धाम तक जाने वाले मार्गों का शीघ्र निर्माण या मरम्मत कराने की मांग की गई है। इसके साथ ही जल निकासी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने की अपील की गई है ताकि अंतिम संस्कार के लिए आने वाले लोगों सहित सभी नागरिकों को सुगम और सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सके।
ललितपुर में गोविंद सागर बांध की तलहटी स्थित मुक्ति धाम तक जाने वाले मार्गों की स्थिति अत्यंत खराब हो गई है। इस क्षेत्र में प्रतिदिन सैकड़ों बच्चे कुंड में स्नान करने आते हैं और बड़ी संख्या में नागरिक सुबह की सैर के लिए पहुंचते हैं। इसके अलावा पुलिस, सेना एवं अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की शारीरिक तैयारी करने वाले युवा भी नियमित रूप से यहां दौड़ और अभ्यास करते हैं। मार्गों पर कीचड़ और जलभराव के कारण सबसे ज्यादा परेशानी अंतिम संस्कार में आने वाले लोगों को उठानी पड़ रही है। अर्थी ले जाने और अंतिम यात्रा
में शामिल होने वाले लोगों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है, जबकि बरसात के मौसम में फिसलने और दुर्घटना की आशंका और भी बढ़ जाती है। जनभावनाओं और जनहित को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन एवं संबंधित विभाग से मुक्ति धाम तक जाने वाले मार्गों का शीघ्र निर्माण या मरम्मत कराने की मांग की गई है। इसके साथ ही जल निकासी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने की अपील की गई है ताकि अंतिम संस्कार के लिए आने वाले लोगों सहित सभी नागरिकों को सुगम और सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सके।
- पुलिस के रवैये और कार्रवाई को 'गुंडा राज' करार देते हुए इसे पुराने इतिहास के जलियांवाला बाग हत्याकांड जैसा खौफनाक बताया गया है। इसमें सीधा आरोप लगाया गया है कि पुलिस के भेष में दरअसल बीजेपी के गुंडे मौजूद हैं। देश को ऐसे चोरों से बचाने की जोरदार अपील करते हुए इस व्यवस्था और पुलिसिया तंत्र के खिलाफ तीखा आक्रोश जाहिर किया गया है।3
- उत्तर प्रदेश के ललितपुर में क्षेत्र के युवा छात्रों ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार और NEET पेपर लीक के मुद्दे को लेकर आवाज उठाई है। स्थानीय छात्रों द्वारा NEET पेपर लीक मामले को लेकर विरोध जताने और प्रोटेस्ट करने की मांग की जा रही है, साथ ही पूरी शिक्षा व्यवस्था में सुधार लाने पर जोर दिया गया है।1
- उत्तर प्रदेश के ललितपुर में जंतर-मंतर पर छात्रों के साथ हुए लाठीचार्ज के विरोध में विद्यार्थियों ने कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन किया। इस दौरान बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं सबसे पहले कंपनी बाग पार्क में एकत्रित हुए। पार्क से छात्र बेहद शांतिपूर्ण तरीके से कलेक्ट्रेट परिसर तक पहुंचे। कलेक्ट्रेट परिसर में पहुंचकर सभी विद्यार्थियों ने शांतिपूर्ण ढंग से प्रशासन के सामने अपनी बात रखी।1
- ललितपुर के बिरधा ब्लॉक में राष्ट्रीय बजरंग दल की नवीन कार्यकारिणी का गठन किया गया है।1
- ललितपुर के मड़ावरा थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम लिधौरा में मंगलवार रात एक युवक पर उसके ही चचेरे भाई द्वारा लाठी से जानलेवा हमला करने का मामला सामने आया है। 32 वर्षीय पीड़ित प्रतिपाल, पुत्र चऊदे अहिरवार, अपने मोहल्ले में स्थित कोमल की दुकान पर बीड़ी खरीदने गए थे। इसी दौरान किसी बात से क्षुब्ध उनके चचेरे भाई ने पीछे से आकर उन पर लाठी से ताबड़तोड़ वार कर दिया। हमले के कारण प्रतिपाल वहीं बेसुध होकर गिर पड़े और आरोपी मौके से फरार हो गया। घटना की जानकारी मिलते ही प्रतिपाल की पत्नी रजनी ने डायल 112 पर कॉल करके पुलिस को सूचना दी और 108 एंबुलेंस की मदद से अपने बेसुध पति को उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचीं। अस्पताल में होश आने पर घायल प्रतिपाल ने बताया कि उनकी किसी से कोई पुरानी रंजिश नहीं है और उन पर अकारण ही यह हमला किया गया है। मड़ावरा पुलिस ने मामले का संज्ञान लेकर जांच शुरू कर दी है। प्रभारी निरीक्षक मनोज मिश्रा के अनुसार मामले की गहनता से जांच की जा रही है और जल्द ही वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।2