नीट पेपर लीक मामले में कांग्रेस जनता पार्टी के धरने और सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल के बाद पूरे देश में हलचल मच गई। जंतर मंतर पर बड़ी संख्या में लोग एकत्रित होने लगे। सरकार के विरोध में प्रदर्शन तेज़ हुआ और आखिरकार शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग मान ली गई। इस फैसले के बाद देशभर में जश्न का माहौल बन गया। दिल्ली के मंगोलपुरी में भी इसी तरह से जश्न मनाया गया। आम आदमी पार्टी ने इस जीत पर मंगोलपुरी में एक रैली निकाली। रैली में शामिल लोगों ने सरकार के इस कदम का स्वागत किया और छात्रों की आवाज को बुलंद करने के लिए एकजुटता दिखाई। जंतर मंतर पर हुए प्रदर्शन में लाठियां भी बरसीं, लेकिन लोगों का हौसला नहीं डिगा। सोनम वांगचुक के समर्थन में लोगों ने भूख हड़ताल भी की, जो इस आंदोलन का महत्वपूर्ण हिस्सा बन गई। शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग लंबे समय से चल रही थी और छात्रों तथा उनके समर्थकों ने इस मांग को लेकर सड़कों पर उतरना जारी रखा। आखिरकार, सरकार को झुकना पड़ा और मंत्री के इस्तीफे की मांग मान ली गई। इस घटना ने एक बार फिर से छात्र आंदोलन की ताकत को उजागर कर दिया और दिल्ली की राजनीति में हलचल मचा दी।
नीट पेपर लीक मामले में कांग्रेस जनता पार्टी के धरने और सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल के बाद पूरे देश में हलचल मच गई। जंतर मंतर पर बड़ी संख्या में लोग एकत्रित होने लगे। सरकार के विरोध में प्रदर्शन तेज़ हुआ और आखिरकार शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग मान ली गई। इस फैसले के बाद देशभर में जश्न का माहौल बन गया। दिल्ली के मंगोलपुरी में भी इसी तरह से जश्न मनाया गया। आम आदमी पार्टी ने इस जीत पर मंगोलपुरी में एक रैली निकाली। रैली में शामिल लोगों ने सरकार के इस कदम का स्वागत किया और छात्रों की आवाज को बुलंद करने के लिए एकजुटता दिखाई। जंतर मंतर पर हुए प्रदर्शन में लाठियां भी बरसीं, लेकिन लोगों का हौसला नहीं डिगा। सोनम वांगचुक के समर्थन में लोगों ने भूख हड़ताल भी की, जो इस आंदोलन का महत्वपूर्ण हिस्सा बन गई। शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग लंबे समय से चल रही थी और छात्रों तथा उनके समर्थकों ने इस मांग को लेकर सड़कों पर उतरना जारी रखा। आखिरकार, सरकार को झुकना पड़ा और मंत्री के इस्तीफे की मांग मान ली गई। इस घटना ने एक बार फिर से छात्र आंदोलन की ताकत को उजागर कर दिया और दिल्ली की राजनीति में हलचल मचा दी।
- दिल्ली के गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल से छुट्टी मिलने के कुछ ही समय बाद, प्रसिद्ध एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक राजघाट पहुँच गए। सोनम वांगचुक का राजघाट जाना उनके स्वास्थ्य और गतिविधियों पर ध्यान खींचता है। इस घटना ने उनके समर्थकों और प्रशंसकों में उत्सुकता बढ़ा दी है कि वे अब क्या करने वाले हैं।1
- समाजसेवी हर्ष छिकारा ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर एक बड़ी प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के आईटी सेल के कई बड़े खुलासे किए। हर्ष छिकारा ने आरोप लगाया कि भाजपा का आईटी सेल गलत सूचनाएं फैलाने और सोशल मीडिया पर दुष्प्रचार करने में शामिल है। उन्होंने कहा कि वे इस मामले में सबूत इकट्ठा कर रहे हैं और जल्द ही इसे सार्वजनिक करेंगे। हर्ष छिकारा ने यह भी कहा कि वे युवाओं की आवाज उठाने के लिए इस लड़ाई में शामिल हैं। उन्होंने भाजपा आईटी सेल की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए और कहा कि यह लोकतंत्र के लिए खतरनाक है। छिकारा ने कहा कि वे इस मामले को उजागर करने के लिए हर संभव प्रयास करेंगे। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद सोशल मीडिया पर #HarshChikara और #DelhiProtest ट्रेंड करने लगा। कई युवाओं और समाजसेवियों ने हर्ष छिकारा के समर्थन में आवाज उठाई। भाजपा की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।1
- तेलंगाना के हैदराबाद से बड़ी संख्या में पत्रकार दिल्ली के जंतर मंतर पहुंचे और भारत सरकार से अपनी मुख्य मांगे रखीं। पत्रकारों का यह समूह अपनी मांगों को लेकर सरकार का ध्यान आकर्षित करना चाहता है। इस समूह में शामिल पत्रकारों ने केंद्र सरकार से कुछ महत्वपूर्ण मांगे रखीं, हालांकि स्रोत में यह नहीं बताया गया है कि ये मांगे क्या हैं। पत्रकारों का यह प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा और उन्होंने अपनी बात रखने के लिए जंतर मंतर को मंच के तौर पर चुना।1
- देश के युवाओं ने एकजुट होकर आवाज़ उठाई और नतीजा यह हुआ कि धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफ़ा देना पड़ा। अब E20 के मुद्दे पर भी हमें एक होकर आवाज़ उठानी होगी। इस शनिवार को 'नेशनल टाउनहॉल अगेंस्ट E20' आयोजित किया जा रहा है, जिसमें शामिल होकर आप E20 पर अपनी बात रख सकते हैं। आप इसमें ऑनलाइन भी शामिल हो सकते हैं। आप सभी का आमंत्रण है। जैसा कि पहले देखा गया, युवाओं की एकजुटता और आवाज़ का असर होता है। धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफ़ा इसी का नतीजा है। अब E20 के मुद्दे पर भी हमें उसी तरह एकजुट होकर आवाज़ उठानी होगी।1
- अगर आप सच्चे देशवासी हैं तो बीजेकेएस ज्वाइन करें और इस अभियान का हिस्सा बनिए। इसके लिए आपको केवल एक वॉट्सऐप मैसेज भेजना है जिसमें लिखा हो 'बीजेकेएस ज्वाइन likhe'। यह मैसेज भेजकर आप इस अभियान से जुड़ सकते हैं। यह आह्वान जयहिन्द के साथ किया गया है। यह अभियान मध्य दिल्ली के करोल बाग क्षेत्र में विशेष रूप से प्रचारित किया जा रहा है।1
- उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कांवड़ यात्रा के दौरान समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा है। सीएम योगी ने कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान सुरक्षा और व्यवस्था को लेकर समाजवादी पार्टी की सरकार ने कोई ध्यान नहीं दिया था। उन्होंने कहा कि पहले की सरकारों में कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को कई दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। योगी आदित्यनाथ ने दावा किया कि उनकी सरकार ने कांवड़ यात्रा को सुरक्षित और सुगम बनाने के लिए कई कदम उठाए हैं। उन्होंने कहा कि इस साल कांवड़ यात्रा के दौरान सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। सीएम योगी ने आगे कहा कि कांवड़ यात्रा एक धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन है, जिसे हर सरकार को गंभीरता से लेना चाहिए। उन्होंने समाजवादी पार्टी पर आरोप लगाया कि उनकी सरकार ने कांवड़ यात्रा को लेकर उदासीन रवैया अपनाया था। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उनकी सरकार धार्मिक आयोजनों को पूरी गंभीरता से लेती है और श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करती है।1
- दिल्ली में कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा समेत विपक्ष के सांसदों ने संसद के मकर द्वार पर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया है। प्रदर्शन कर रहे सांसद जंतर-मंतर पर CJP के नेतृत्व में हुए छात्रों के प्रदर्शन के दौरान 20 जुलाई को घटी घटना को लेकर हमलावर हैं। वे इस मामले में सीधे तौर पर केंद्रीय गृह मंत्री की जवाबदेही तय करने और उनकी जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।1
- डॉ एपीजे अब्दुल कलाम जी की पुण्यतिथि पर जगत न्यूज़ 24 परिवार ने उन्हें कोटि-कोटि प्रणाम करते हुए नमन किया है।1
- दिल्ली के अनेकल में एक प्राइवेट कंपनी की चार बसों में भीषण आग लग गई। इस हादसे में सभी बसें पूरी तरह जलकर खाक हो गईं। गनीमत रही कि इस घटना में कोई जानमाल का नुकसान नहीं हुआ। हादसे के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है और जांच जारी है।1