मध्य प्रदेश में शिक्षा का अधिकार (आरटीई) अधिनियम के तहत निजी विद्यालयों में नि:शुल्क प्रवेश के लिए तीसरे चरण की ऑनलाइन लॉटरी प्रक्रिया सफलतापूर्वक संपन्न हो गई है। राज्य शिक्षा केंद्र के संचालक हरजिंदर सिंह द्वारा ऑनलाइन बटन क्लिक कर शुरू की गई इस लॉटरी प्रक्रिया के जरिए कुल 7,630 बच्चों को उनके पसंदीदा निजी स्कूलों में नि:शुल्क प्रवेश आवंटित किया गया है। इस तीसरे चरण में उन बच्चों को शामिल किया गया था, जिन्हें पहले और दूसरे चरण की लॉटरी में अपनी पसंद का विद्यालय आवंटित नहीं हो सका था। रिक्त सीटों के आधार पर अभिभावकों को दोबारा स्कूलों की वरीयता भरने का अवसर दिया गया था, जिसके बाद कंप्यूटर आधारित पारदर्शी ऑनलाइन प्रक्रिया से सीटों का यह आवंटन पूरा किया गया। तीसरे चरण के तहत प्रवेश पाने वाले कुल 7,630 बच्चों में से नर्सरी कक्षा में 4,695 बच्चे, केजी-1 में 2,042 बच्चे और कक्षा-1 में 893 बच्चे शामिल हैं। राज्य शिक्षा केंद्र के अनुसार, शैक्षणिक सत्र 2026-27 में आरटीई के तहत दस्तावेज सत्यापन के बाद कुल 1,80,875 बच्चे पात्र पाए गए थे। इनमें से पहले चरण में 1.06 लाख से अधिक, दूसरे चरण में 11,485 और अब तीसरे चरण में 7,630 बच्चों को प्रवेश मिला है, जिससे इस वर्ष आरटीई के तहत अब तक 1.25 लाख से अधिक बच्चों को निजी स्कूलों में नि:शुल्क शिक्षा पाने का अवसर मिल चुका है। लॉटरी में चयनित बच्चों के अभिभावक आरटीई पोर्टल से अपना आवंटन पत्र डाउनलोड कर सकते हैं, जिसकी सूचना पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एसएमएस के जरिए भी भेजी जा रही है। चयनित विद्यार्थियों को 11 जुलाई से 20 जुलाई 2026 के बीच संबंधित विद्यालय में जाकर अपनी प्रवेश प्रक्रिया अनिवार्य रूप से पूरी करनी होगी। इन विद्यार्थियों की पूरी फीस का भुगतान शासन द्वारा नियमानुसार सीधे संबंधित निजी विद्यालयों के बैंक खाते में ऑनलाइन ट्रांसफर किया जाएगा। इस अवसर पर राज्य शिक्षा केंद्र के संचालक हरजिंदर सिंह ने चयनित विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और तकनीक आधारित बनाने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग तथा मध्यप्रदेश स्टेट इलेक्ट्रॉनिक्स डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (एमपीएसईडीसी) की टीम की सराहना की है।
मध्य प्रदेश में शिक्षा का अधिकार (आरटीई) अधिनियम के तहत निजी विद्यालयों में नि:शुल्क प्रवेश के लिए तीसरे चरण की ऑनलाइन लॉटरी प्रक्रिया सफलतापूर्वक संपन्न हो गई है। राज्य शिक्षा केंद्र के संचालक हरजिंदर सिंह द्वारा ऑनलाइन बटन क्लिक कर शुरू की गई इस लॉटरी प्रक्रिया के जरिए कुल 7,630 बच्चों को उनके पसंदीदा निजी स्कूलों में नि:शुल्क प्रवेश आवंटित किया गया है। इस तीसरे चरण में उन बच्चों को शामिल किया गया था, जिन्हें पहले और दूसरे चरण की लॉटरी में अपनी पसंद का विद्यालय आवंटित नहीं हो सका था। रिक्त सीटों के आधार पर अभिभावकों को दोबारा स्कूलों की वरीयता भरने का अवसर दिया गया था, जिसके बाद कंप्यूटर आधारित पारदर्शी ऑनलाइन प्रक्रिया से सीटों का यह आवंटन पूरा किया गया। तीसरे चरण के तहत प्रवेश पाने वाले कुल 7,630 बच्चों में से नर्सरी कक्षा में 4,695 बच्चे, केजी-1 में 2,042 बच्चे और कक्षा-1 में 893 बच्चे शामिल हैं। राज्य शिक्षा केंद्र के अनुसार, शैक्षणिक सत्र 2026-27 में आरटीई के तहत दस्तावेज सत्यापन के बाद कुल 1,80,875 बच्चे पात्र पाए गए थे। इनमें से पहले चरण में 1.06 लाख से अधिक, दूसरे चरण में 11,485 और अब तीसरे चरण में 7,630 बच्चों को प्रवेश मिला है, जिससे इस वर्ष आरटीई के तहत अब तक 1.25 लाख से अधिक बच्चों को निजी स्कूलों में नि:शुल्क शिक्षा पाने का अवसर मिल चुका है। लॉटरी में चयनित बच्चों के अभिभावक आरटीई पोर्टल से अपना आवंटन पत्र डाउनलोड कर सकते हैं, जिसकी सूचना पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एसएमएस के जरिए भी भेजी जा रही है। चयनित विद्यार्थियों को 11 जुलाई से 20 जुलाई 2026 के बीच संबंधित विद्यालय में जाकर अपनी प्रवेश प्रक्रिया अनिवार्य रूप से पूरी करनी होगी। इन विद्यार्थियों की पूरी फीस का भुगतान शासन द्वारा नियमानुसार सीधे संबंधित निजी विद्यालयों के बैंक खाते में ऑनलाइन ट्रांसफर किया जाएगा। इस अवसर पर राज्य शिक्षा केंद्र के संचालक हरजिंदर सिंह ने चयनित विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और तकनीक आधारित बनाने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग तथा मध्यप्रदेश स्टेट इलेक्ट्रॉनिक्स डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (एमपीएसईडीसी) की टीम की सराहना की है।
- नर्मदापुरम के ग्राम पंचायत डोलरिया में पत्रकार गजेंद्र राजपूत के घर में उस समय हड़कंप मच गया, जब चूहों का शिकार करते हुए एक अत्यंत विषैला इंडियन कोबरा घर के अंदर घुस गया। चूहों का शिकार करने के बाद करीब 4 से 5 फीट लंबा यह कोबरा घर के एक कोने में छिपकर बैठ गया था। घर की एक महिला जब सफाई कर रही थीं, तब उनकी नजर सांप पर पड़ी और उन्होंने घबराकर परिवार के सदस्यों को सूचित किया। इसके बाद गजेंद्र राजपूत ने तुरंत सर्प मित्र अभय चौरे को इसकी सूचना दी। वन परिक्षेत्र अधिकारी अभिषेक शर्मा के निर्देश और सर्प विशेषज्ञ अभिजीत यादव के मार्गदर्शन में सर्प मित्र अभय चौरे, मोहित मेहरा, सूरज अहिरवार और पूनम अहिरवार ने मौके पर पहुंचकर सावधानीपूर्वक रेस्क्यू अभियान चलाया और कोबरा को सुरक्षित पकड़ लिया। रेस्क्यू के बाद कोबरा को वन विभाग के दिशा-निर्देशों के अनुसार सुरक्षित रूप से वन क्षेत्र में छोड़ दिया गया है। सर्प मित्रों ने बताया कि इंडियन कोबरा का न्यूरोटॉक्सिक विष मनुष्य के तंत्रिका तंत्र पर सीधा प्रभाव डालता है, इसलिए ऐसे जहरीले सांपों से हमेशा दूरी बनाए रखनी चाहिए और उन्हें खुद पकड़ने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने नागरिकों से अपील की है कि घर या आसपास सांप दिखने पर घबराएं नहीं और न ही उसे मारें, बल्कि तुरंत वन विभाग या सर्प मित्रों को इसकी सूचना दें।4
- नर्मदापुरम के पवारखेड़ा स्थित सांदीपनि विद्यालय में "युवा सृजन संवाद" कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें कक्षा 11वीं और 12वीं के लगभग 100 विद्यार्थियों से सीधा संवाद स्थापित किया गया। पुलिस मुख्यालय, भोपाल के निर्देशानुसार और नर्मदापुरम के पुलिस अधीक्षक श्री साईंकृष्णा एस. थोटा एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अभिषेक राजन के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को उनके संवैधानिक अधिकारों, नागरिक कर्तव्यों और कानून की मूलभूत अवधारणाओं के प्रति जागरूक करना था। इस संवाद कार्यक्रम में मास्टर ट्रेनर व उप पुलिस अधीक्षक (यातायात) श्री संतोष मिश्रा, निरीक्षक श्रीमती राखी मौर्य, विद्यालय के प्राचार्य श्री संदीपन नीखर, व्यायाम निर्देशक श्री राजेंद्र प्रसाद नामदेव और व्याख्याता डॉ. संगीता सूर्यवंशी मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को संविधान द्वारा प्रदत्त शिक्षा, समानता और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता जैसे अधिकारों के बारे में जानकारी दी गई। इसके साथ ही दूसरों के अधिकारों का सम्मान करने और कानून का पालन करने के कर्तव्यों पर बल दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि दूसरों के अधिकारों का उल्लंघन करना दंडनीय अपराध की श्रेणी में आता है। संवाद के दौरान वर्तमान डिजिटल युग में मोबाइल, इंटरनेट और सोशल मीडिया के बढ़ते प्रभावों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। विशेषज्ञों ने तकनीकी संसाधनों के अत्यधिक उपयोग से होने वाली शारीरिक, मानसिक व व्यवहारगत समस्याओं जैसे चिड़चिड़ापन, सामाजिक गतिविधियों से दूरी, आक्रामक व्यवहार और एकाग्रता की कमी के बारे में आगाह किया। सुरक्षित इंटरनेट उपयोग, साइबर सुरक्षा और ऑनलाइन ठगी से बचाव के तरीकों की जानकारी देते हुए राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 भी साझा किया गया। कार्यक्रम के आगामी चरण में विद्यार्थियों को पुलिस की कार्यप्रणाली से प्रत्यक्ष रूप से अवगत कराने के लिए पुलिस थाना और पुलिस कंट्रोल रूम का भ्रमण कराया जाएगा। इस दौरान विद्यार्थी शिकायत प्राप्ति से लेकर वैधानिक कार्रवाई की पूरी प्रक्रिया, आपातकालीन सेवा डायल-112 की त्वरित प्रतिक्रिया प्रणाली और "सेफ सिटी" योजना के तहत सीसीटीवी कैमरों से होने वाली आधुनिक निगरानी प्रणाली को करीब से समझ सकेंगे। नर्मदापुरम पुलिस ने सभी शिक्षकों और अभिभावकों से अपील की है कि वे बच्चों को सुरक्षित व जिम्मेदार डिजिटल वातावरण प्रदान करने में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं।1
- नर्मदापुरम की कोतवाली पुलिस ने महज़ 72 घंटे के भीतर ₹11 लाख की चोरी का पर्दाफाश करने में सफलता हासिल की है। वारदात को उस वक्त अंजाम दिया गया जब फरियादी जयपुर गए हुए थे और उनके जाते ही उनके ही ड्राइवर ने पूरे घर को साफ कर दिया था। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी ड्राइवर और चोरी का माल खरीदने वाले व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया है। इनके पास से 8 कंप्यूटर, 8 लैपटॉप और अन्य कीमती सामान बरामद कर लिया गया है। पुलिस टीम की इस त्वरित और सफल कार्रवाई पर एसपी ने ₹10,000 के इनाम की घोषणा की है।1
- नर्मदापुरम के सोहागपुर में सनफ्लावर स्कूल ऑफ़ एक्सीलेंस के संचालक श्री संदीप साहू जी के अनुज स्व. श्री कुलदीप साहू जी की बिटिया कृषवी साहू का प्रथम जन्मोत्सव अनोखे अंदाज में मनाया गया। शोभापुर रोड पिपरिया स्थित हनुमान मंदिर में इस पावन अवसर पर विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। जन्मोत्सव की खुशियां यहीं सीमित नहीं रहीं, इसके बाद साहू परिवार सीधे राम रहीम रोटी बैंक पहुँचा। यहाँ परिवार ने बेघर, बेसहारा और जरूरतमंद भाई-बहनों के साथ-साथ नर्मदा परिक्रमावासियों को भी बड़े ही प्रेमपूर्वक भोजन कराया। मंदिर में भंडारा और दूसरी ओर रोटी बैंक में सेवा के इस पुनीत अवसर पर श्री दीपक साहू जी एवं श्री नितिन साहू जी भी मौजूद रहे। राम रहीम रोटी बैंक समिति ने इस सेवा कार्य के लिए पूरे साहू परिवार का हृदय से धन्यवाद किया है। समिति ने प्रभु से प्रार्थना की है कि बिटिया कृषवी दीर्घायु हो, हमेशा स्वस्थ रहे और उसके जीवन में खुशियों की बरसात होती रहे।1
- रायसेन में किसान इन दिनों कई गंभीर समस्याओं से घिरे हुए हैं। राकेश जैन की रिपोर्ट के अनुसार, यहाँ लगे स्मार्ट मीटर करंट मार रहे हैं, जिससे लोगों की परेशानी बढ़ गई है। इसके साथ ही, किसान खाद की भारी किल्लत से भी जूझ रहे हैं, जिससे उन्हें खाद के लिए परेशान होना पड़ रहा है। वहीं दूसरी ओर, कम वर्षा होने के कारण किसानों की चिंताएं और अधिक बढ़ गई हैं।1
- मध्यप्रदेश में मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना के तहत पात्र महिलाओं के बैंक खातों में योजना की 38वीं किस्त 12 जुलाई 2026 को ट्रांसफर की जाएगी। इस योजना के तहत सभी पात्र महिलाओं को सीधे उनके बैंक खाते में ₹1500 की वित्तीय सहायता राशि भेजी जाएगी। इस किस्त का अंतरण दोपहर ठीक 2:00 बजे किया जाएगा। इस बार योजना के किस्त अंतरण के मुख्य कार्यक्रम का आयोजन भिंड जिले के लहार में रखा गया है। किस्त जारी करने के साथ ही वहां 56 विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया जाएगा।1
- नर्मदापुरम जिले के माखननगर (बाबई) के बागरातवा में स्थित हजरत गौरी शाह बादशाह की मजार में तोड़फोड़ करने वाले आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने कबूला कि शराब के लिए पैसे नहीं मिलने पर उसने इस वारदात को अंजाम दिया। आरोपी ने मजार में तोड़फोड़ करने के साथ ही वहां रखी सामग्री को नुकसान पहुंचाया और बैटरी चोरी करने का भी प्रयास किया था। इस मामले को लेकर 5 जुलाई को सेमरी हरचंद निवासी सलीम शाह ने माखननगर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने मजार की रेलिंग तोड़ दी है और चादर व कुरान शरीफ सहित अन्य सामग्री को इधर-उधर फेंक दिया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक साईकृष्णा एस. थोटा (IPS), अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अभिषेक राजन और एसडीओपी सोहागपुर संजू चौहान के मार्गदर्शन में एक पुलिस टीम का गठन किया गया था। पुलिस टीम ने जांच के दौरान टांडा मोहल्ला माखननगर निवासी 35 वर्षीय अमजद उर्फ गोंगा (पिता नियामत अली) को हिरासत में लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। पुलिस के अनुसार, आरोपी शराब पीने का आदी है और आर्थिक स्थिति खराब होने के कारण मजार में पैसे तलाश रहा था। वहां पैसे नहीं मिलने पर उसने गुस्से में रेलिंग तोड़ दी और सामग्री को नुकसान पहुंचाया। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। आरोपी के खिलाफ पहले से ही 24 अपराध दर्ज हैं। इस पूरी कार्रवाई में एसडीओपी संजू चौहान और थाना प्रभारी कंचन सिंह ठाकुर सहित पुलिस टीम की मुख्य भूमिका रही।1