Shuru
Apke Nagar Ki App…
डोडहर गांव में लाखों की चोरी की घटना से हड़कंप मच गया है। चोरों ने लाखों रुपये के सोने-चांदी के जेवरात और 60 हजार रुपये नकद लेकर फरार हो गए।
Nitesh Kumar
डोडहर गांव में लाखों की चोरी की घटना से हड़कंप मच गया है। चोरों ने लाखों रुपये के सोने-चांदी के जेवरात और 60 हजार रुपये नकद लेकर फरार हो गए।
More news from Mahuli and nearby areas
- सोनभद्र के दुद्धी स्थित सरकारी अस्पताल से एक घायल व्यक्ति को निजी अस्पताल ले जाने और फिर बाइक से उसका शव वापस सरकारी अस्पताल में छोड़ जाने के एक गंभीर मामले का उच्चाधिकारियों ने संज्ञान लिया है। इस घटना के बाद, दुद्धी में एसीएमओ ने मामले की जांच की। जांच पूरी होने पर, एसीएमओ ने स्थानीय थाने में एक तहरीर दी है और इस पूरे प्रकरण पर कड़ी कार्यवाही की मांग की है।1
- सोनभद्र जनपद के विकास खंड दुद्धी अंतर्गत ग्राम पंचायत सलेयाडीह से जनहित से जुड़ी एक सकारात्मक खबर सामने आई है। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि अभिषेक सिंह उर्फ किंशू सिंह की पहल और प्रयासों से ग्राम पंचायत सलेयाडीह को हाईमास्ट लाइट की सौगात मिली है, जिससे स्थानीय लोगों को जल्द ही बेहतर रोशनी और सुरक्षा की सुविधा मिलने वाली है। विधान मंडल क्षेत्र विकास निधि योजना के तहत ग्राम सलेयाडीह के कोन मोड़ मार्ग से सटे विंढमगंज उप स्वास्थ्य केंद्र के बाउंड्री परिसर के अंदर 12.50 मीटर ऊंची यह हाईमास्ट लाइट स्थापित की जा रही है, जो पूरे क्षेत्र में बेहतर रोशनी सुनिश्चित करेगी और आमजन को काफी सुविधा प्रदान करेगी। बताया गया है कि इस महत्वपूर्ण विकास कार्य को धरातल पर लाने में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि अभिषेक सिंह उर्फ किंशू सिंह की सक्रिय भूमिका रही है, और उनके जनहित के प्रति समर्पण के कारण ही यह सुविधा ग्राम पंचायत को प्राप्त हुई है। इस योजना को मा. सदस्य विधान परिषद मिर्जापुर-सोनभद्र श्यामनारायण सिंह उर्फ विनीत सिंह के सहयोग एवं प्रयासों से स्वीकृति मिली है, जबकि जिला पंचायत सोनभद्र कार्यदायी संस्था के रूप में इस कार्य का संचालन कर रही है। स्थानीय ग्रामीणों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा है कि हाईमास्ट लाइट लगने से रात के समय स्वास्थ्य केंद्र आने वाले मरीजों, राहगीरों, विद्यार्थियों और आसपास के निवासियों को काफी लाभ मिलेगा। यह कदम क्षेत्र में अंधेरे की समस्या को दूर करेगा और सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत बनाएगा। ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान प्रतिनिधि अभिषेक सिंह उर्फ किंशू सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया और उम्मीद जताई कि यह कार्य गांव के विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्हें भरोसा है कि भविष्य में भी इसी प्रकार की विकास योजनाएं गांव तक पहुंचती रहेंगी और सलेयाडीह विकास की नई ऊंचाइयों को छू सकेगा। फिलहाल, सलेयाडीह में विकास की यह नई रोशनी ग्रामीणों के चेहरों पर खुशी और उम्मीद की चमक लेकर आई है।3
- कांग्रेस ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) पर करारा हमला बोलते हुए उसकी फंडिंग को लेकर शिकंजा कसने का आरोप लगाया है। इस हमले के साथ ही यह गंभीर सवाल भी उठाया गया है कि संघ प्रमुख मोहन भागवत इस फंडिंग विवाद से आखिर कब तक बच पाएंगे।1
- सोनभद्र में किसान नौजवान संघर्ष मोर्चा ने किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर कलेक्ट्रेट पर जोरदार प्रदर्शन किया और प्रशासन को एक ज्ञापन सौंपा। यह प्रदर्शन किसानों के मुद्दों पर अपनी गहरी चिंता और असंतोष व्यक्त करने के लिए किया गया। मोर्चा ने अपने प्रदर्शन के दौरान डीजल वितरण से जुड़े नियमों में खामियों, खाद संकट, फार्मर रजिस्ट्री में मौजूद समस्याओं और धधरौल डैम क्षेत्र के छोटे दुकानदारों से संबंधित मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। इन सभी मुद्दों को किसानों की गंभीर समस्याएं बताते हुए तत्काल समाधान की मांग की गई। किसान नौजवान संघर्ष मोर्चा के संयोजक संदीप मिश्रा ने इस संबंध में अपनी बात रखी। किसानों ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि उनकी इन समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो वे आने वाले समय में एक बड़ा आंदोलन शुरू करने के लिए मजबूर होंगे।1
- मंगलवार को चिनिया थाना क्षेत्र के सुदूरवर्ती गांव परशुखाड़ में थाना प्रभारी बीकू कुमार रजक के नेतृत्व में पुलिस द्वारा एक व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाया गया। इस अभियान का उद्देश्य ग्रामीणों को विभिन्न सामाजिक बुराइयों और अपराधों के प्रति जागरूक करना था। कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों को सड़क सुरक्षा नियमों, नशा मुक्ति, डायल-112 की उपयोगिता, डायन-भूत जैसी अंधविश्वासी कुरीतियों से बचाव, महिलाओं एवं बच्चों के विरुद्ध होने वाले अपराधों की रोकथाम तथा बाल विवाह निषेध कानून की विस्तार से जानकारी दी गई। थाना प्रभारी बीकू कुमार रजक ने ग्रामीणों से अपील करते हुए कहा कि समाज में फैली कुरीतियों और अपराधों के खिलाफ जागरूकता ही सबसे बड़ा हथियार है। उन्होंने लोगों से किसी भी आपात स्थिति या अपराध की सूचना तत्काल डायल-112 पर देने का आग्रह किया। साथ ही, नशे से दूर रहने और बाल विवाह जैसी सामाजिक बुराइयों को जड़ से समाप्त करने में प्रशासन का सहयोग करने का आह्वान किया। इस जन-जागरूकता अभियान में बड़ी संख्या में ग्रामीण महिला-पुरुष और थाना के सशस्त्र बल के जवान उपस्थित रहे। ग्रामीणों ने पुलिस की इस पहल की सराहना करते हुए मांग की कि ऐसे कार्यक्रमों को गांव-गांव तक पहुंचाया जाए।1
- गढ़वा जिले के कल्याणपुर में स्थित एक चिकित्सा केंद्र सभी बीमारियों के इलाज का दावा करता है, जिसके चलते यह अपनी स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। इस केंद्र पर दूर-दूर से मरीज अपनी स्वास्थ्य समस्याओं के समाधान के लिए पहुंचते हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, यहाँ मरीजों को बेहतर परामर्श और उपचार की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है।1
- सूरजपुर जिले के रामपुर क्षेत्र में रेवटी चौकी के अंतर्गत सतीश पटेल और गगन देवांगन नामक दो व्यक्तियों पर गंभीर आरोप लगे हैं। आरोप है कि इन्होंने दो युवकों के साथ जबरदस्ती मारपीट की और उनसे ₹30,000 लूट लिए। बताया गया है कि युवकों के मना करने पर उन्हें लाठी और डंडों से खूब पीटा गया, और इस पूरी वारदात का वीडियो भी बनाया गया। घटना के समय मौके पर 10 से ज़्यादा लोग मौजूद थे। आरोप है कि रामपुर में ठगी और लूटपाट का कार्य चल रहा है, जहां गरीबों को जबरदस्ती फंसाकर उनसे वसूली की जाती है और गांव में अनैतिक कार्य भी चलाए जा रहे हैं। इस बड़ी ख़बर के सामने आने के बाद रेवटी चौकी के अंतर्गत चलने वाले इन कामों को रोकने और मारपीट के शिकार हुए लड़कों को इंसाफ दिलाने में सहयोग की मांग की गई है।1
- सोनभद्र के दुद्धी क्षेत्र में एक घायल आदिवासी युवक की मौत ने स्वास्थ्य सेवाओं और निजी अस्पतालों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मृतक के परिजनों ने आरोप लगाया है कि दुद्धी के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में भर्ती रामविचार नामक युवक को बेहतर इलाज का झांसा देकर एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ कुछ ही घंटों बाद उसकी मौत हो गई। परिजनों के अनुसार, कोन थाना क्षेत्र के ग्राम निगाई बोकराखाड़ी निवासी रामविचार पुत्र भोला सिंह गौड़ को रविवार देर रात लगभग 2:11 बजे घायल अवस्था में सीएचसी दुद्धी में भर्ती कराया गया था, जहाँ उनके रिश्तेदार तिलक राज गोंड भी मौजूद थे। परिजनों का आरोप है कि इसी दौरान एक निजी अस्पताल से जुड़े कुछ लोग सीएचसी पहुंचे और युवक की हालत गंभीर बताते हुए उसे बेहतर उपचार के लिए अपने अस्पताल ले जाने को कहा। आरोप है कि परिजनों को विश्वास में लेकर घायल युवक को निजी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ सोमवार सुबह उन्हें उसकी मौत की जानकारी मिली। परिजनों ने यह भी आरोप लगाया है कि मौत के बाद युवक को दोबारा सीएचसी दुद्धी लाकर छोड़ दिया गया। इस घटना से परिवार और स्थानीय लोगों में गहरा आक्रोश है। हालांकि, इन आरोपों की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, और मामले की सच्चाई जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। यदि ये आरोप सही पाए जाते हैं, तो यह चिकित्सा नैतिकता, मरीजों की सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं की जवाबदेही से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रश्न उठाएगा। स्थानीय लोगों और परिजनों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, उनका कहना है कि गरीब और आदिवासी परिवारों को स्वास्थ्य सेवाओं के नाम पर किसी प्रकार की लापरवाही का सामना नहीं करना चाहिए। प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की ओर से जांच की मांग उठ रही है, जिसकी रिपोर्ट आने के बाद ही पूरे प्रकरण की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी।1